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पुलिस की नाक के नीचे चल रहा अवैध देह व्यापार का धंधा। लखीमपुर खीरी जिले में तेजी से पनप रहा देह व्यापार का काला धंधा। पुलिस की नाक के नीचे चल रहा अवैध देह व्यापार का धंधा। धंधे को बढ़ाने के लिए कई महिलाओं और लड़कियों को उतारा जा रहा इस देह व्यापार के दलदल में । शहर कोतवाली के महेवागंज पुलिस चौकी अंतर्गत कस्बे में चल रहा देह व्यापार धंधा। सूत्रों की माने तो शहर में कई अलग अलग हिस्सों में चोरी छुपे चल रहा है अवैध देहव्यापार का काला धंधा।।
Lakhimpur Post News
पुलिस की नाक के नीचे चल रहा अवैध देह व्यापार का धंधा। लखीमपुर खीरी जिले में तेजी से पनप रहा देह व्यापार का काला धंधा। पुलिस की नाक के नीचे चल रहा अवैध देह व्यापार का धंधा। धंधे को बढ़ाने के लिए कई महिलाओं और लड़कियों को उतारा जा रहा इस देह व्यापार के दलदल में । शहर कोतवाली के महेवागंज पुलिस चौकी अंतर्गत कस्बे में चल रहा देह व्यापार धंधा। सूत्रों की माने तो शहर में कई अलग अलग हिस्सों में चोरी छुपे चल रहा है अवैध देहव्यापार का काला धंधा।।
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- *"यह जो अमेरिका से डील हुई है, यह डील नहीं ढील हुई है।* हमारा पूरा बाजार उनके हाथ में दे दिया। ये डील नहीं वो ‘ढील’ है, जिससे भारतीय कृषि बर्बाद हो जाएगी। अमेरिका तो सरहद या घर क्या… रसोई की सीमा लांघकर थाली पर वार कर रहा है। आत्मनिर्भर का नारा देनेवाली भाजपा और उनके संगी-साथियों ने तो हर निवाला विदेशी बना दिया है। छुट्टा पशुओं से बचाव के बाड़े तो किसान बांध सकते हैं, लेकिन विदेशियों से बचाव का तार वो कैसे लगाएंगे? क्योंकि विदेशियों के तार भाजपाइयों से जुड़े हैं। - माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी1
- मोहम्मदी के बरबर रोड पर नले का पानी रोड पर आया लोग परेशान मोहम्मदी खीरी। जहां एक ओर नगरपालिका द्वारा स्वच्छ नगर पालिका का दावा किया जाता है वहीं बरवर रोड पर नाला चोक होने के चलते नाले का गंदा पानी नाले के ऊपर बह रहा है जिससे आसपास के दुकानदारों , राहगीरों , और स्कूली बच्ची को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है वहीं नाले का गंदा पानी कब्रिस्तान में बनी कब्रों में भर रहा है जब की आज सवेबरात आज के दिन सभी मुस्लिम तबके के लोग कब्रिस्तानों में जाके मरहूम के लिया दुआएं करते हैं लेकिन यहां जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ जान कर भी बने अंजान।1
- लखीमपुर खीरी जिले के मोहम्मदी के हालात बद से बत्तर, एक ओर जहाँ नगरपालिका स्वच्छ नगर पालिका होने का दावा कर रही है, वहीं बरवर रोड पर नाला चोक होने से गंदा पानी सड़क पर बह रहा है। इससे आसपास के दुकानदारों, राहगीरों और स्कूली बच्चों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थिति यह है कि नाले का दूषित पानी पास के कब्रिस्तान तक पहुँच गया है और कई कब्रों में भर चुका है। खास बात यह है कि आज शब-ए-बरात का मुकद्दस दिन है, जब मुस्लिम समुदाय के लोग कब्रिस्तान जाकर अपने मरहूमों के लिए दुआ करते हैं, लेकिन गंदगी के कारण लोगों में भारी नाराज़गी देखी जा रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ जानते हुए भी आंखें मूंदे हुए हैं और समस्या के समाधान को लेकर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।1
- मझ गई रेंज के चौखड़ा फार्म में हाथियों का कहर जारी, खून पसीना बहा कर बोई गई फसल को हाथियों ने रौंदा।1
- दुधवा रोड पर खाद्य सुरक्षा मानकों की उड़ रही धज्जियां, फूड विभाग फेर रहा नजरें पलियाकलां-खीरी। पलिया नगर के दुधवा रोड पर संचालित होटलों में मानक के विपरीत भोजन परोसे जाने का मामला लगातार सामने आ रहा है, लेकिन हैरत की बात यह है कि अब तक फूड विभाग की नजर इन पर नहीं पड़ी। नगर की प्रमुख सड़क पर दर्जनों होटल व ढाबे संचालित हो रहे हैं, जहां न तो साफ-सफाई का ध्यान रखा जा रहा है और न ही खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है। इन होटलों में घटिया गुणवत्ता का खाना परोसकर ग्राहकों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। इसके अलावा यहां आने वाले ग्राहकों से खुलेआम मनमाने ढंग से कीमत वसूली की जा रही है। यही हाल दुधवा रोड पर ग्राम वंशीनगर में स्थित महक फैमिली रेस्टोरेंट का है। यहां एक साधारण रोटी के 20 रुपये वसूले जा रहे हैं और वही रोटी मक्खन लगाकर 25 रुपये की दी जा रही है, जबकि अन्य होटलों पर मक्खन की एक टिक्की 15 रुपये की होती है, जो कम से कम चार रोटियों में लग जाती है। पलिया नगर के किसी भी होटल में इतना अधिक पैसा नहीं लिया जाता है। हर होटल में 10 रुपये की रोटी दी जाती है और मक्खन लगाकर वही 15 रुपये की होती है। पलिया में सबसे मसहूर और स्वादिष्ट खाना परोसने वाले मिलन होटल पर भी 10 रुपये की सादा और 15 रुपये की मक्खन रोटी दी जाती है और अरहर की हाफ दाल 60 रुपये की मिलती है, लेकिन महक फैमिली रेस्टोरेंट पर दाल भी 120, 150 रुपये में दी जाती है, जो प्योर अरहर की होती भी नहीं है। इसके अलावा एक क्वाटर चावल की कीमत 30 रुपये वसूली जा रही है, जबकि अन्य होटलों पर क्वाटर चावल की कीमत 15 रुपये होती है। कुल मिलाकर यहां पर खुलेआम जनता से लूट की जा रही है और फूड विभाग मौन साधे हुए है। बता दें कि दुधवा राष्ट्रीय उद्यान को जाने वाले इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों पर्यटक गुजरते हैं। बाहर से आने वाले पर्यटकों की मजबूरी का फायदा उठाकर होटल संचालक जमकर लूट कर रहे हैं। पर्यटक भी मजबूरी में महंगे दाम चुकाने को विवश हैं, क्योंकि आसपास वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है। सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार विभागों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। फूड विभाग की निष्क्रियता के चलते होटल संचालकों के हौसले बुलंद हैं और वे नियमों को ताक पर रखकर कारोबार कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों एवं सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि दुधवा रोड पर संचालित सभी होटलों की सघन जांच कराई जाए, खाद्य गुणवत्ता की जांच हो तथा मनमानी वसूली करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि पर्यटकों और आम लोगों को राहत मिल सके।1
- मैंने कहा था- 24 घंटे का समय दे रहा हूं... उत्तर प्रदेश के अंदर जिस भी सरकारी भूमि पर किसी भू-माफिया ने कब्जा किया है, उसको तत्काल छोड़ दे...1
- डिजिटल डकैती: लखीमपुर खीरी के कस्बा मोहम्मदी में 'बिना नंबर' की गाड़ी से आए शातिर ठग का तांडव, QR कोड के जाल में फंसाकर दुकानदार को सरेआम लूटा लखीमपुर खीरी (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के कस्बा मोहम्मदी से एक ऐसी सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने देश के डिजिटल ट्रांजैक्शन सुरक्षा कवच पर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं। जहाँ एक ओर भारत सरकार गाँव-गाँव तक 'डिजिटल इंडिया' का सपना साकार कर रही है, वहीं दूसरी ओर शातिर अपराधी अब तकनीक के जरिए ही गरीब व्यापारियों की खून-पसीने की कमाई पर 'डिजिटल डकैती' डाल रहे हैं। कस्बा कोतवाली का मामला: ₹15,000 की सरेआम 'लूट' घटना कस्बा मोहम्मदी कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गुरेला चौराहा (बरवर रोड) की है। यहाँ 'आकाश' नाम का एक युवक जनसेवा केंद्र चलाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता है। 03 फरवरी 2026 की दोपहर लगभग 3:20 बजे, एक अज्ञात व्यक्ति ग्राहक बनकर दुकान पर पहुँचा। उस समय दुकान पर ग्राहकों की काफी भीड़ थी, जिसका फायदा उठाकर ठग ने आकाश को अपनी बातों के जाल में फंसा लिया। अपराधी ने बड़ी ही मासूमियत से दो अलग-अलग QR कोड आकाश को दिए और उनसे पैसे ट्रांसफर करने का अनुरोध किया। आकाश ने जैसे ही मानवता और व्यापारिक धर्म निभाते हुए: * पहले QR कोड पर ₹10,000 भेजे। * दूसरे QR कोड पर ₹5,000 ट्रांसफर किए। जैसे ही कुल ₹15,000 का सफल ट्रांजैक्शन हुआ, वह शातिर अपराधी बिना नकद पैसे दिए, अपनी गाड़ी स्टार्ट कर आँखों से ओझल हो गया। अपराध का नया पैटर्न: बिना नंबर की गाड़ी और 'अदृश्य' अपराधी इस घटना ने नेशनल लेवल पर इसलिए चिंता बढ़ा दी है क्योंकि यह एक संगठित अपराध की ओर इशारा करती है। वारदात की सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि अपराधी जिस गाड़ी से आया था, उस पर कोई नंबर प्लेट नहीं थी। सीसीटीवी (CCTV) फुटेज में आरोपी की पूरी रिकॉर्डिंग तो कैद हुई है, लेकिन गाड़ी पर पहचान का कोई निशान न होने के कारण उसे पकड़ना पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती साबित हो रहा है। जनता के मन में उठते राष्ट्रीय स्तर के सवाल: * ट्रैफिक सुरक्षा पर सवाल: आखिर कस्बा कोतवाली और पुलिस की सघन चेकिंग के बावजूद 'बिना नंबर' की गाड़ियां सड़कों पर अपराध का सामान लेकर कैसे घूम रही हैं? * डिजिटल सुरक्षा का अभाव: क्या डिजिटल वॉलेट और बैंकिंग ऐप्स के पास ऐसा कोई सिस्टम नहीं है जो संदिग्ध QR कोड्स को तुरंत फ्लैग कर सके? * अपराधियों का मनोबल: क्या अब अपराधियों के मन से कानून का खौफ खत्म हो चुका है कि वे भरे बाजार में सीसीटीवी के सामने ठगी कर फरार हो रहे हैं? पीड़ित की गुहार: 'साहब, मेहनत की कमाई दिला दो' पीड़ित दुकानदार आकाश ने कोतवाली मोहम्मदी के प्रभारी निरीक्षक को तहरीर देकर न्याय की गुहार लगाई है। आकाश का कहना है कि डिजिटल इंडिया के इस दौर में अगर दुकानदार ही सुरक्षित नहीं रहेंगे, तो छोटे व्यापारी ऑनलाइन सेवाओं से किनारा करने लगेंगे। पीड़ित ने पुलिस को सीसीटीवी रिकॉर्डिंग सौंप दी है, जिसमें ठग की पूरी करतूत कैद है। सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव लखीमपुर खीरी के कस्बा मोहम्मदी की यह घटना देश भर के लाखों जनसेवा केंद्र संचालकों और दुकानदारों के लिए एक 'अलार्म कॉल' है। इस 'डिजिटल डकैती' ने साफ कर दिया है कि अपराधी अब हथियार लेकर नहीं, बल्कि तकनीक लेकर सड़क पर उतर रहे हैं। कस्बा मोहम्मदी पुलिस अब इस मामले की गहनता से जांच कर रही है, लेकिन सवाल वही है— क्या सीसीटीवी में कैद यह शातिर ठग पुलिस की गिरफ्त में आएगा? या फिर बिना नंबर की गाड़ी का सहारा लेकर वह कानून की आंखों में धूल झोंकता रहेगा?1
- लखीमपुर खीरी पुलिस की नाक के नीचे चल रहा अवैध देह व्यापार का धंधा। धंधे को बढ़ाने के लिए कई महिलाओं और लड़कियों को उतारा जा रहा इस देह व्यापार के दलदल में । शहर कोतवाली के महेवागंज पुलिस चौकी अंतर्गत कस्बे में चल रहा देह व्यापार धंधा। सूत्रों की माने तो शहर में कई अलग अलग हिस्सों में चोरी छुपे चल रहा है अवैध देहव्यापार का काला धंधा।।1
- लखीमपुर खीरी जिले के ढखेरवा में आयोजित तीन दिवसीय विराट कुश्ती प्रतियोगिता के पहले दिन ही दंगल मैदान दर्शकों से खचाखच भर गया। पारंपरिक अखाड़े में पहलवानों के दमखम और दांव-पेंच देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग पहुंचे। दंगल प्रतियोगिता का शुभारंभ लोकप्रिय ब्लॉक प्रमुख अमित वर्मा ने फीता काटकर किया। उद्घाटन अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि कुश्ती भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है और ऐसे आयोजनों से ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिलता है। पहले दिन कुल 18 पहलवानों के बीच जोरदार मुकाबले हुए, जिसमें 9 कुश्तियां संपन्न कराई गईं। इनमें से 7 कुश्तियों में पहलवानों ने शानदार दांव-पेंच के दम पर जीत दर्ज की, जबकि 2 कुश्तियां बराबरी पर छूटीं, जिससे दर्शकों का रोमांच चरम पर रहा। इस विराट कुश्ती प्रतियोगिता में पड़ोसी देश नेपाल सहित राजस्थान, अयोध्या, मध्य प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, चंबल, पंजाब, हरियाणा और बनारस से आए नामी पहलवानों ने प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता को देखने के लिए ढखेरवा चौराहा समेत आसपास के गांवों से हजारों दर्शक मौजूद रहे। पूरे क्षेत्र में मेले जैसा माहौल देखने को मिला।4