संत कबीर नगर में, जिला मजिस्ट्रेट आलोक कुमार और पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 की लिखित परीक्षा के विभिन्न केंद्रों का भ्रमणशील रहकर निरीक्षण किया। यह निरीक्षण परीक्षा के नकलविहीन, पारदर्शी और शुचितापूर्ण ढंग से संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया गया था। परीक्षा के पहले दिन, प्रथम पाली में, अधिकारीद्वय ने खलीलाबाद स्थित मौलाना आजाद इंटर कॉलेज, एचआर पीजी कॉलेज और पीएम श्री राजकीय कन्या इंटर कॉलेज जैसे परीक्षा केंद्रों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, बैठने की उचित व्यवस्था, शुद्ध पेयजल, शौचालय सुविधाओं और विद्युत आपूर्ति सहित अन्य सभी मूलभूत सुविधाओं का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों और केंद्र व्यवस्थापकों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने विभिन्न विभागों के कर्मचारियों और अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि वे शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ परीक्षा को सकुशल संपन्न कराने हेतु शासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें। उन्हें विशेष रूप से यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी न हो। जनपद के कुल 07 परीक्षा केंद्रों पर UPTET-2026 की परीक्षा शांतिपूर्ण और शुचितापूर्ण ढंग से संचालित हो रही है।
संत कबीर नगर में, जिला मजिस्ट्रेट आलोक कुमार और पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 की लिखित परीक्षा के विभिन्न केंद्रों का भ्रमणशील रहकर निरीक्षण किया। यह निरीक्षण परीक्षा के नकलविहीन, पारदर्शी और शुचितापूर्ण ढंग से संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया गया था। परीक्षा
के पहले दिन, प्रथम पाली में, अधिकारीद्वय ने खलीलाबाद स्थित मौलाना आजाद इंटर कॉलेज, एचआर पीजी कॉलेज और पीएम श्री राजकीय कन्या इंटर कॉलेज जैसे परीक्षा केंद्रों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, बैठने की उचित व्यवस्था, शुद्ध पेयजल, शौचालय सुविधाओं और विद्युत आपूर्ति सहित अन्य
सभी मूलभूत सुविधाओं का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों और केंद्र व्यवस्थापकों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने विभिन्न विभागों के कर्मचारियों और अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि वे शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ परीक्षा को सकुशल संपन्न कराने हेतु
शासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें। उन्हें विशेष रूप से यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी न हो। जनपद के कुल 07 परीक्षा केंद्रों पर UPTET-2026 की परीक्षा शांतिपूर्ण और शुचितापूर्ण ढंग से संचालित हो रही है।
- पुलिस महानिदेशक द्वारा चलाए जा रहे 'क्रैक साइबर क्राइम अभियान' के तहत, पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री संदीप कुमार मीणा के निर्देशन में जनपद में साइबर अपराधों की रोकथाम और पीड़ितों को त्वरित राहत देने के लिए लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में, थाना महुली पुलिस और साइबर हेल्प टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी के एक मामले में पीड़ित सेराज अहमद को ₹15,000/- की धनराशि सफलतापूर्वक वापस दिलाई है। घटना के विवरण के अनुसार, हरिहरपुर गांव, थाना महुली, संतकबीरनगर निवासी सेराज अहमद 30.06.2026 को फोन-पे के माध्यम से पैसे का ट्रांजेक्शन कर रहे थे, लेकिन मोबाइल नंबर गलत होने के कारण पैसा एक गलत खाते में चला गया। पीड़ित ने इसकी शिकायत 02.07.2026 को साइबर थाना महुली में की और पुलिस से सहायता मांगी। शिकायत प्राप्त होते ही, थाना महुली पुलिस और साइबर टीम ने मामले का संज्ञान लिया और संबंधित बैंकिंग तथा तकनीकी माध्यमों से तत्काल आवश्यक कार्यवाही शुरू की। निरंतर प्रयासों के परिणामस्वरूप, 02.07.2026 को ही पीड़ित के खाते में ₹15,000/- की धनराशि सफलतापूर्वक वापस करा दी गई। धनराशि वापस मिलने पर पीड़ित और उनके परिजनों ने संतकबीरनगर पुलिस के प्रति आभार व्यक्त किया। इस कार्यवाही को थाना प्रभारी महुली दुर्गेश पाण्डेय, साइबर प्रभारी महुली अनुज कुमार यादव, कांस्टेबल अंकित पटेल, कांस्टेबल सोनू यादव, कांस्टेबल मनोज यादव और महिला कांस्टेबल कमलेश कुमारी की टीम ने अंजाम दिया। जनपद पुलिस ने समस्त नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक, फोन कॉल, मैसेज या ऑनलाइन ऑफर पर बिना सत्यापन के विश्वास न करें। साथ ही, अपनी बैंकिंग जानकारी, ओटीपी, सीवीवी, पासवर्ड, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते आवश्यक कार्यवाही की जा सके।4
- संत कबीर नगर में, जिला मजिस्ट्रेट आलोक कुमार और पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 की लिखित परीक्षा के विभिन्न केंद्रों का भ्रमणशील रहकर निरीक्षण किया। यह निरीक्षण परीक्षा के नकलविहीन, पारदर्शी और शुचितापूर्ण ढंग से संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया गया था। परीक्षा के पहले दिन, प्रथम पाली में, अधिकारीद्वय ने खलीलाबाद स्थित मौलाना आजाद इंटर कॉलेज, एचआर पीजी कॉलेज और पीएम श्री राजकीय कन्या इंटर कॉलेज जैसे परीक्षा केंद्रों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, बैठने की उचित व्यवस्था, शुद्ध पेयजल, शौचालय सुविधाओं और विद्युत आपूर्ति सहित अन्य सभी मूलभूत सुविधाओं का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों और केंद्र व्यवस्थापकों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने विभिन्न विभागों के कर्मचारियों और अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि वे शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ परीक्षा को सकुशल संपन्न कराने हेतु शासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें। उन्हें विशेष रूप से यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी न हो। जनपद के कुल 07 परीक्षा केंद्रों पर UPTET-2026 की परीक्षा शांतिपूर्ण और शुचितापूर्ण ढंग से संचालित हो रही है।4
- होम्योपैथी के जनक डॉ. क्रिश्चियन फ्रेडरिक सैमुअल हैनिमैन, जो 1755 से 1843 तक जीवित रहे, एक जर्मन चिकित्सक थे। उनकी कहानी चिकित्सा जगत में एक महान खोज की गाथा है, जिसके माध्यम से उन्होंने गंभीर से गंभीर बीमारियों का इलाज मीठी होम्योपैथिक गोलियों से किया। हाल ही में, होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. कुलदीप वर्मा ने बच्चों को डॉ. हैनिमैन के जीवन के संघर्ष और उनके समर्पण के बारे में बताया, जिसके कारण वे आज पूरे विश्व में प्रसिद्ध हैं। डॉ. कुलदीप ने यह भी उल्लेख किया कि आजकल सभी लोग सभी प्रकार के रोगों के लिए होम्योपैथी में सफल इलाज पा रहे हैं। इस अवसर पर, डॉ. कुलदीप वर्मा ने डॉ. हैनिमैन को भावपूर्ण श्रद्धांजलि भी अर्पित की।1
- संतकबीरनगर के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान एसआर इंटरनेशनल एकेडमी में ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद नए शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ गुरुवार को पूरे उत्साह और उल्लास के साथ हुआ। पहले दिन विद्यालय पहुंचे विद्यार्थियों का तिलक लगाकर और पुष्पवर्षा के साथ आत्मीय स्वागत किया गया, जिससे परिसर में सुबह से ही बच्चों, अभिभावकों और शिक्षकों की खासी चहल-पहल देखने को मिली। इस कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के पूजन-अर्चन और संस्थान के संस्थापक स्वर्गीय पंडित सूर्य नारायण चतुर्वेदी को श्रद्धासुमन अर्पित कर की गई। सूर्या ग्रुप के चेयरमैन डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी, एसआर इंटरनेशनल एकेडमी के प्रबंध निदेशक राकेश चतुर्वेदी, सहायक प्रबंधक मनोज कुमार पांडेय, पीजी कॉलेज के प्राचार्य वेद प्रकाश पांडेय और प्रधानाचार्य दुर्गेश कुमार गोस्वामी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर नए शैक्षणिक सत्र की सफलता और विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर चेयरमैन डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी ने जोर दिया कि ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित यह संस्थान शिक्षा के क्षेत्र में लगातार नए आयाम स्थापित कर रहा है, जहाँ के विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। उन्होंने अनुशासन, कठिन परिश्रम और सकारात्मक सोच को सफलता का मूलमंत्र बताते हुए शिक्षकों से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर ध्यान देने और छात्रों से मनोयोग से अध्ययन करने का आह्वान किया। प्रबंध निदेशक राकेश चतुर्वेदी ने संस्थान के उद्देश्य को स्पष्ट करते हुए कहा कि इसका लक्ष्य केवल परीक्षा में अच्छे अंक दिलाना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को संस्कारवान, आत्मविश्वासी और जिम्मेदार नागरिक बनाना भी है। उन्होंने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए आधुनिक संसाधनों की कोई कमी न होने देने का आश्वासन दिया और अभिभावकों के सहयोग तथा शिक्षकों की मेहनत से उत्कृष्ट परिणाम मिलने की उम्मीद जताई। सहायक प्रबंधक मनोज कुमार पांडेय और प्रधानाचार्य दुर्गेश कुमार गोस्वामी ने नए सत्र में बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के प्रति विद्यालय परिवार की निष्ठा और समर्पण को दोहराया। उन्होंने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया अंतिम चरण में है और अभिभावकों से शीघ्र नामांकन कराकर नए सत्र का लाभ उठाने का आग्रह किया। पहले ही दिन विद्यालय में प्रवेश के लिए अभिभावकों और विद्यार्थियों की अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिली। इस भव्य आयोजन में पूर्व जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि रविंद्र यादव, वरिष्ठ शिक्षक हरिश्चंद्र यादव, प्रेम प्रकाश पांडेय, कृष्णा मिश्र, महेंद्र चौधरी, दिग्विजय यादव, धर्मेंद्र चौरसिया सहित विद्यालय परिवार के शिक्षक, कर्मचारी, अभिभावक और गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे।2
- भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी का संतकबीरनगर के खलीलाबाद आगमन विशेष चर्चा का विषय बन गया। उन्होंने जिले की एक सामान्य और कर्मठ भाजपा कार्यकर्ता साधना चौधरी के आवास पर पहुंचकर संगठन में कार्यकर्ताओं के प्रति सम्मान और अपनी आत्मीयता का परिचय दिया। इस खबर से क्षेत्र में उत्साह और खुशी का माहौल बन गया, जिसके बाद बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उनके स्वागत के लिए एकत्रित हुए। बताया गया कि साधना चौधरी के ससुर, स्वर्गीय लक्ष्मण चौधरी और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के बीच वर्षों पुराना संबंध रहा है। दोनों ही जनसंघ और भारतीय जनता पार्टी की विचारधारा से शुरुआत से जुड़े थे। अपने व्यस्त राजनीतिक कार्यक्रमों के बीच साधना चौधरी के आवास पर पहुंचकर पंकज चौधरी ने न केवल पुराने संबंधों का निर्वहन किया, बल्कि यह संदेश भी दिया कि भाजपा में पद से अधिक समर्पण और निष्ठा का महत्व है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को पार्टी की सबसे बड़ी ताकत बताया। इस दौरान, प्रदेश अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं से आत्मीय संवाद करते हुए संगठन को और अधिक मजबूत बनाने, जनसेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने तथा केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सफलता का आधार उसके समर्पित और निष्ठावान कार्यकर्ताओं की मेहनत और संघर्ष को बताया। इस अवसर पर साधना चौधरी और राजेंद्र चौधरी ने पंकज चौधरी को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इसके बाद, पंकज चौधरी सैंथवार मल्ल महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष गंगा सिंह के आवास पहुंचे, जहां उन्होंने उनकी माता जी के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया। यह पूरा दौरा एक बार फिर इस बात का सशक्त उदाहरण रहा कि भारतीय जनता पार्टी में एक सामान्य कार्यकर्ता को भी पूरा सम्मान और अपनापन मिलता है, तथा संगठन अपने कार्यकर्ताओं को परिवार की तरह मानता है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष नीतू सिंह, राजेंद्र चौधरी, अशोक चौधरी, मंटू चौधरी, अमरेंद्र चौधरी, साहुल चौधरी, जिला उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र मिश्रा, तत्कालीन सभासद दिलीप निराला, शैलेश राजभर, दिनेश सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- 2 जुलाई 2026 को 'आकाशवाणी' के नाम से एक संदेश जारी किया गया, जिसमें सभी लोगों की माताओं के श्री चरणों में प्रणाम करते हुए आज के दिन का कार्य प्रारंभ करने की बात कही गई।1
- पुलिस महानिदेशक महोदय द्वारा चलाए जा रहे 'क्रैक साइबर क्राइम अभियान' के तहत, पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन में जनपद में साइबर अपराधों की रोकथाम और पीड़ितों को त्वरित राहत प्रदान करने के लिए प्रभावी कार्यवाही की जा रही है। इसी कड़ी में, थाना महुली पुलिस और साइबर हेल्प टीम ने त्वरित और प्रभावी प्रयास करते हुए साइबर ठगी के शिकार एक पीड़ित को ₹15,000 की धनराशि सफलतापूर्वक वापस कराई है। घटना का विवरण देते हुए बताया गया है कि संतकबीरनगर जनपद के थाना महुली अंतर्गत ग्राम हरिहरपुर निवासी सेराज अहमद पुत्र शरीफ अहमद ने 30.06.2026 को फोन-पे के माध्यम से पैसे का ट्रांजेक्शन करते समय गलत मोबाइल नंबर दर्ज कर दिया, जिससे ₹15,000 गलत खाते में चले गए। इस मामले की शिकायत पीड़ित द्वारा 02.07.2026 को साइबर थाना महुली में दर्ज कराई गई थी। शिकायत मिलने पर थाना महुली की साइबर हेल्प डेस्क टीम ने तुरंत संज्ञान लिया और संबंधित बैंकिंग तथा तकनीकी माध्यमों से आवश्यक कार्यवाही की। निरंतर प्रयासों के परिणामस्वरूप, आज दिनांक 02.07.2026 को पीड़ित के खाते में ₹15,000 की धनराशि सफलतापूर्वक वापस आ गई। धनराशि वापस मिलने पर पीड़ित और उनके परिजनों ने संतकबीरनगर पुलिस के प्रति आभार व्यक्त किया। इस कार्यवाही को अंजाम देने वाली टीम में थानाध्यक्ष श्री दुर्गेश पाण्डेय, साइबर हेल्प डेस्क प्रभारी उ0नि0 श्री अनुज कुमार यादव, का0 अंकित पटेल, का0 सोनू यादव, का0 मनोज यादव और म0का0 कमलेश कुमारी शामिल थे। जनपद पुलिस ने सभी नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक, फोन कॉल, मैसेज अथवा ऑनलाइन ऑफर पर बिना सत्यापन के विश्वास न करें। साथ ही, अपनी बैंकिंग जानकारी, ओटीपी, सीवीवी, पासवर्ड, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी गई है। साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करने या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने का आह्वान किया गया है, ताकि समय रहते आवश्यक कार्यवाही की जा सके।1
- संतकबीरनगर जनपद में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्रैक डाउन’ अभियान के तहत पुलिस ने एक नाबालिग किशोरी से दुष्कर्म, हत्या और साक्ष्य मिटाने के सनसनीखेज मामले का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। साक्ष्य बरामदगी के दौरान पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश करने पर पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपियों के पैर में गोली लग गई, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी मेंहदावल सर्वदवन सिंह के पर्यवेक्षण में, थानाध्यक्ष बेलहरकला हरिकेश भारती और एसओजी प्रभारी रजनीश राय के नेतृत्व में एक संयुक्त टीम ने मंगलवार तड़के मुहम्मद शरीफ उर्फ बगेदू और मोहम्मद आमिर उर्फ निरहू उर्फ पिल्ले, निवासी नगर पंचायत बेलहरकला, टोला पनभरा को बालूशासन पुल के पास से गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, इन गिरफ्तार आरोपियों को मृतका का मोबाइल और सिम बरामद कराने के लिए जंगल बेलहर स्थित कुशहरा-दरही मार्ग पर ले जाया गया था, जहाँ से वे भागने लगे। पुलिस द्वारा बार-बार रुकने की चेतावनी देने के बावजूद नहीं रुकने पर आवश्यक बल प्रयोग करते हुए फायरिंग की गई, जिसमें दोनों के पैर में गोली लगी और वे घायल हो गए। गौरतलब है कि 28 जून को मृतका की मां ने थाना बेलहरकला में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने बताया था कि उनकी 16 वर्षीय पुत्री लगभग 15 दिन पहले किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ चली गई थी और तीन दिन पूर्व ही घर लौटी थी। 28 जून की रात वह फिर घर से लापता हो गई और अगली सुबह उसकी लाश कब्रिस्तान के पास सागौन के पेड़ की टहनी से उसके ही दुपट्टे के सहारे संदिग्ध परिस्थितियों में मिली थी। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में इसे हत्या कर साक्ष्य मिटाने का प्रयास मानते हुए मुकदमा दर्ज किया था। पूछताछ में, दोनों आरोपियों ने किशोरी के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या करने की बात स्वीकार की है। पुलिस ने यह भी बताया कि इस मामले में अब दुष्कर्म, पॉक्सो और एससी/एसटी एक्ट की धाराएं बढ़ाई जा रही हैं। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने इस मामले के सफल अनावरण और गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये के नगद पुरस्कार की घोषणा की है।1