औंटा में CRPF कैंप के पास हंगामा, ग्रामीणों और जवानों में झड़प, कई घायल रिपोर्ट : विक्रांत कुमार औंटा में CRPF कैंप के पास हंगामा, ग्रामीणों और जवानों में झड़प, कई घायल मोकामा: हाथीदह थाना क्षेत्र के औंटा गांव स्थित सीआरपीएफ कैंप के पास होली के दौरान असामाजिक तत्वों की हरकत के कारण बुधवार को माहौल तनावपूर्ण हो गया। जानकारी के अनुसार, मंगलवार को मोकामा घाट स्थित सीआरपीएफ कैंप के जवान इलाके का भ्रमण कर रहे थे। इसी दौरान कैंप के पास चार युवक नशा करते हुए महिलाओं और बच्चियों के साथ अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज कर रहे थे। सीआरपीएफ के जवानों ने युवकों को वहां से हटाने की कोशिश की, जिस पर उन्होंने जवानों के साथ भी दुर्व्यवहार किया। इसकी सूचना जवानों ने कंट्रोल रूम को दी, जिसके बाद कुछ युवकों के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई। बुधवार को जब सीआरपीएफ कैंप में होली मनाई जा रही थी, उसी दौरान करीब 20 से 25 ग्रामीण महिला-पुरुष कैंप पहुंचकर सीआरपीएफ के उप महानिरीक्षक से शिकायत करना चाहते थे। हालांकि उनसे मुलाकात नहीं हो सकी और वे वापस लौटने लगे। इसी बीच कुछ असामाजिक तत्वों ने कैंप गेट पर तैनात जवानों के साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि उपद्रवियों ने पेट्रोल बम जैसे पदार्थ कैंप की ओर फेंके और पत्थरबाजी भी की। स्थिति बिगड़ने पर सीआरपीएफ जवानों ने उपद्रवियों को खदेड़ दिया, जिसके बाद भगदड़ और झड़प की स्थिति बन गई। इस घटना में दो महिलाएं, एक पुरुष और सीआरपीएफ के दो जवान घायल हो गए। घटना की सूचना मिलने पर सीआरपीएफ बिहार सेक्टर के आईजी राज कुमार, सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत और बाढ़ डीएसपी आनंद कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराया। सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत ने बताया कि जवानों से गाली-गलौज और मारपीट कर भाग रहे एक नशेड़ी युवक का मोबाइल फोन घटनास्थल पर गिर गया था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। मोबाइल के आधार पर आरोपी की पहचान की जा रही है। वहीं हाथीदह थाना पुलिस सूखा नशा करने वाले संदिग्ध युवकों की तलाश में जुटी हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कुछ युवक जानबूझकर ग्रामीणों और सीआरपीएफ जवानों के बीच टकराव की स्थिति पैदा करना चाहते थे ताकि वे खुद बच निकलें।
औंटा में CRPF कैंप के पास हंगामा, ग्रामीणों और जवानों में झड़प, कई घायल रिपोर्ट : विक्रांत कुमार औंटा में CRPF कैंप के पास हंगामा, ग्रामीणों और जवानों में झड़प, कई घायल मोकामा: हाथीदह थाना क्षेत्र के औंटा गांव स्थित सीआरपीएफ कैंप के पास होली के दौरान असामाजिक तत्वों की हरकत के कारण बुधवार को माहौल तनावपूर्ण हो गया। जानकारी के अनुसार, मंगलवार को मोकामा घाट स्थित सीआरपीएफ कैंप के जवान इलाके का भ्रमण कर रहे थे। इसी दौरान कैंप के पास चार युवक नशा करते हुए महिलाओं और बच्चियों के साथ अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज कर रहे थे। सीआरपीएफ के जवानों ने युवकों को वहां से हटाने की कोशिश की, जिस पर उन्होंने जवानों के साथ भी दुर्व्यवहार किया। इसकी सूचना जवानों ने कंट्रोल रूम को दी, जिसके बाद कुछ युवकों के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई। बुधवार को जब सीआरपीएफ कैंप में होली मनाई जा रही थी, उसी दौरान करीब 20 से 25 ग्रामीण महिला-पुरुष कैंप पहुंचकर सीआरपीएफ के उप महानिरीक्षक से शिकायत करना चाहते थे। हालांकि उनसे मुलाकात नहीं हो सकी और वे वापस लौटने लगे। इसी बीच कुछ असामाजिक तत्वों ने कैंप गेट पर तैनात जवानों के साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि उपद्रवियों ने पेट्रोल बम जैसे पदार्थ कैंप की ओर फेंके और पत्थरबाजी भी की। स्थिति बिगड़ने पर सीआरपीएफ जवानों ने उपद्रवियों को खदेड़ दिया, जिसके बाद भगदड़ और झड़प की स्थिति बन गई। इस घटना में दो महिलाएं, एक पुरुष और सीआरपीएफ के दो जवान घायल हो गए। घटना की सूचना मिलने पर सीआरपीएफ बिहार सेक्टर के आईजी राज कुमार, सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत और बाढ़ डीएसपी आनंद कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराया। सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत ने बताया कि जवानों से गाली-गलौज और मारपीट कर भाग रहे एक नशेड़ी युवक का मोबाइल फोन घटनास्थल पर गिर गया था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। मोबाइल के आधार पर आरोपी की पहचान की जा रही है। वहीं हाथीदह थाना पुलिस सूखा नशा करने वाले संदिग्ध युवकों की तलाश में जुटी हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कुछ युवक जानबूझकर ग्रामीणों और सीआरपीएफ जवानों के बीच टकराव की स्थिति पैदा करना चाहते थे ताकि वे खुद बच निकलें।
- रिपोर्ट : विक्रांत कुमार औंटा में CRPF कैंप के पास हंगामा, ग्रामीणों और जवानों में झड़प, कई घायल मोकामा: हाथीदह थाना क्षेत्र के औंटा गांव स्थित सीआरपीएफ कैंप के पास होली के दौरान असामाजिक तत्वों की हरकत के कारण बुधवार को माहौल तनावपूर्ण हो गया। जानकारी के अनुसार, मंगलवार को मोकामा घाट स्थित सीआरपीएफ कैंप के जवान इलाके का भ्रमण कर रहे थे। इसी दौरान कैंप के पास चार युवक नशा करते हुए महिलाओं और बच्चियों के साथ अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज कर रहे थे। सीआरपीएफ के जवानों ने युवकों को वहां से हटाने की कोशिश की, जिस पर उन्होंने जवानों के साथ भी दुर्व्यवहार किया। इसकी सूचना जवानों ने कंट्रोल रूम को दी, जिसके बाद कुछ युवकों के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई। बुधवार को जब सीआरपीएफ कैंप में होली मनाई जा रही थी, उसी दौरान करीब 20 से 25 ग्रामीण महिला-पुरुष कैंप पहुंचकर सीआरपीएफ के उप महानिरीक्षक से शिकायत करना चाहते थे। हालांकि उनसे मुलाकात नहीं हो सकी और वे वापस लौटने लगे। इसी बीच कुछ असामाजिक तत्वों ने कैंप गेट पर तैनात जवानों के साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि उपद्रवियों ने पेट्रोल बम जैसे पदार्थ कैंप की ओर फेंके और पत्थरबाजी भी की। स्थिति बिगड़ने पर सीआरपीएफ जवानों ने उपद्रवियों को खदेड़ दिया, जिसके बाद भगदड़ और झड़प की स्थिति बन गई। इस घटना में दो महिलाएं, एक पुरुष और सीआरपीएफ के दो जवान घायल हो गए। घटना की सूचना मिलने पर सीआरपीएफ बिहार सेक्टर के आईजी राज कुमार, सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत और बाढ़ डीएसपी आनंद कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराया। सीआरपीएफ डीआईजी रविंद्र भगत ने बताया कि जवानों से गाली-गलौज और मारपीट कर भाग रहे एक नशेड़ी युवक का मोबाइल फोन घटनास्थल पर गिर गया था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। मोबाइल के आधार पर आरोपी की पहचान की जा रही है। वहीं हाथीदह थाना पुलिस सूखा नशा करने वाले संदिग्ध युवकों की तलाश में जुटी हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कुछ युवक जानबूझकर ग्रामीणों और सीआरपीएफ जवानों के बीच टकराव की स्थिति पैदा करना चाहते थे ताकि वे खुद बच निकलें।1
- बिहार में प्यार का खौफनाक अंत सामने आया चार कंधे भी नसीब नहीं||1
- बेगूसराय में होली के दिन बवाल ! दो समुदायों में झड़प, स्वर्ण समाज के लोगों ने क्या कहा ? #बेगूसरा... मोरे1
- Post by RUBY JOURNALIST1
- चेवाड़ा प्रखंड के छठियारा पंचायत अंतर्गत सिझोड़ी गांव में बृहस्पतिवार की रात्रि लगभग 7:00 बजे होली के अवसर पर आंख पर पट्टी बांधकर मटका फोड़ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस अनोखे और पारंपरिक कार्यक्रम को देखने के लिए गांव में उत्साह का माहौल बना रहा। प्रतियोगिता में दर्जनों युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। प्रतिभागियों की आंखों पर पट्टी बांधकर मटका फोड़ने की चुनौती दी गई, जिसे लेकर लोगों में काफी उत्सुकता देखी गई। कई प्रतिभागियों ने मटका फोड़ने का प्रयास किया, जिससे वहां मौजूद ग्रामीणों में हंसी-खुशी और उत्साह का माहौल बना रहा। कार्यक्रम के अंत में सफल प्रतिभागियों को आयोजकों की ओर से पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। विजेताओं को सम्मानित किए जाने पर ग्रामीणों ने तालियां बजाकर उनका उत्साहवर्धन किया। मटका फोड़ कार्यक्रम के दौरान सिझोड़ी गांव के ग्रामीणों की अच्छी-खासी भीड़ मौजूद रही। लोग पूरे उत्साह के साथ कार्यक्रम का आनंद लेते नजर आए। आयोजन शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ और ग्रामीणों ने ऐसे कार्यक्रमों को आपसी भाईचारे और मनोरंजन का अच्छा माध्यम1
- Post by Focus Bihar News1
- बेगूसराय एसपी मनीष के निर्देश पर विभिन्न थाना क्षेत्र में गहन वाहन जांच अभियान चलाया गया. इस बात की जानकारी गुरुवार की शाम 5:00 बजे एसपी मनीष ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए दी. इस संबंध में SP ने बताया कि आमजनों में सुरक्षा एवं विश्वास कायम करने के उद्देश्य से जिले के विभिन्न थाना क्षेत्र में जिला पुलिस द्वारा सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया. एसपी ने कहा कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखना पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता है.1
- चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र के कपासी गांव में होली के दूसरे दिन बृहस्पतिवार की शाम लगभग 7:00 बजे मटका फोड़ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस पारंपरिक कार्यक्रम में गांव के युवाओं और बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम को लेकर गांव में उत्साह का माहौल देखा गया। मटका फोड़ प्रतियोगिता के दौरान प्रतिभागियों ने अपनी कला और उत्साह का प्रदर्शन किया। कई युवाओं ने मटका फोड़ने का प्रयास किया, जिसमें सफल होने वाले प्रतिभागियों को आयोजकों की ओर से पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। विजेताओं को पुरस्कार मिलने पर ग्रामीणों ने तालियां बजाकर उनका उत्साहवर्धन किया। कार्यक्रम के दौरान कपासी गांव के ग्रामीणों के साथ-साथ आसपास के लोगों की भी अच्छी-खासी भीड़ देखी गई। लोग पूरे उत्साह के साथ कार्यक्रम का आनंद लेते नजर आए। बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। आयोजकों ने बताया कि होली के अवसर पर हर वर्ष इस तरह के सांस्कृतिक और पारंपरिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है, ताकि गांव में आपसी भाईचारा और उत्साह बना रहे। कार्यक्रम शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।1