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नालंदा की धड़कन, आपकी स्क्रीन पर | अपना नालंदा दैनिक नालंदा जिले की हर छोटी-बड़ी खबर, सटीक और विश्वसनीय जानकारी के साथ पढ़िए अपना नालंदा दैनिक में। राजनीति, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, अपराध, सामाजिक गतिविधियाँ और जनहित से जुड़ी तमाम खबरें—सब कुछ एक ही मंच पर, डिजिटल माध्यम से।
Sanjay Kumar
नालंदा की धड़कन, आपकी स्क्रीन पर | अपना नालंदा दैनिक नालंदा जिले की हर छोटी-बड़ी खबर, सटीक और विश्वसनीय जानकारी के साथ पढ़िए अपना नालंदा दैनिक में। राजनीति, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, अपराध, सामाजिक गतिविधियाँ और जनहित से जुड़ी तमाम खबरें—सब कुछ एक ही मंच पर, डिजिटल माध्यम से।
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- केनन पंचायत में सचिव बहाली पर बवाल, मेरिट लिस्ट से पहले ही उठे सवाल, एंकर, नालंदा जिला अंतर्गत अस्थावां प्रखंड अंतर्गत कोनन पंचायत में सचिव पद की बहाली को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। मेघा सूची के आधार पर एक पद पर होने वाली इस बहाली के लिए कुल 14 अभ्यर्थियों का इंटरव्यू लिया गया है। बताया जा रहा है कि इंटरव्यू में जिस अभ्यर्थी के अधिक अंक होंगे, उसी का चयन किया जाएगा। लेकिन बहाली प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही विवाद खड़ा हो गया है। कुछ ग्रामीणों और अभ्यर्थियों का आरोप है कि सचिव पद के लिए आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 4 तारीख तय थी, लेकिन नियमों को ताक पर रखकर दो दिन बाद तक भी फॉर्म लिए गए। इससे पूरी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि पैक्स अध्यक्ष अखिलेश्वर प्रसाद ने अपने मनमाने तरीके से अपने चहेते लोगों के फॉर्म स्वीकार कराए। आरोप है कि पिछले दो-तीन दिनों तक अखिलेश्वर प्रसाद पैक्स अध्यक्ष का मोबाइल फोन स्विच ऑफ रहा, जिससे कई योग्य अभ्यर्थी न तो संपर्क कर पाए और न ही अपना आवेदन जमा कर सके। इस पूरे मामले को लेकर अभ्यर्थियों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। वहीं बताया गया है कि बहाली से जुड़ी मेघा सूची का परिणाम पैक्स गोदाम की दीवार पर चस्पा किया जाएगा। हालांकि, ग्रामीणों का कहना है कि जब पूरी प्रक्रिया ही संदेह के घेरे में है, तो परिणाम पर भरोसा कैसे किया जाए। अब सवाल यह उठता है कि क्या पंचायत सचिव की बहाली पारदर्शी तरीके से होगी या फिर यह प्रक्रिया पहले से तय लोगों के लिए ही की जा रही है। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।1
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