पत्रकार और भगवान श्रीराम पर आपत्तिजनक टिप्पणी का आरोप, आरोपी पर मुकदमा दर्ज सूरतगंज। तहसील क्षेत्र में पत्रकारों के सम्मान और धार्मिक आस्था से जुड़ा एक मामला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के तहसील अध्यक्ष राजबहादुर वर्मा की शिकायत पर मोहम्मदपुर खाला पुलिस ने बलराज सिंह उर्फ बल्लू नामक व्यक्ति के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपी पर फोन के माध्यम से पत्रकारों को अपमानित करने, अभद्र भाषा का प्रयोग करने तथा भगवान श्रीराम के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता के अनुसार आरोपी ने फोन वार्ता के दौरान पत्रकारों के प्रति बेहद अशोभनीय शब्दों का इस्तेमाल किया और हिंदू समाज की आस्था के केंद्र भगवान श्रीराम के प्रति भी अमर्यादित टिप्पणी की। मामले को गंभीर मानते हुए शिकायतकर्ता ने बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग पुलिस को उपलब्ध कराई है, जिसे जांच में अहम साक्ष्य माना जा रहा है।तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि आरोपी क्षेत्र में दबंग प्रवृत्ति का व्यक्ति बताया जाता है और कथित रूप से “खालसा ब्रिक फील्ड” नामक ईंट भट्ठे का संचालन करता है। आरोप है कि वह पूर्व में भी कई बार ब्राह्मण समाज एवं अन्य हिंदू समुदायों के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग कर चुका है, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी और रोष व्याप्त है। घटना के सामने आने के बाद ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के पदाधिकारियों एवं क्षेत्रीय पत्रकारों में भारी आक्रोश देखने को मिला। संगठन के सदस्यों ने आरोपी द्वारा कथित रूप से दी गई जान से मारने की धमकी को गंभीर बताते हुए प्रशासन से तत्काल सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों ने कहा कि यदि पत्रकारों को ही धमकाने और अपमानित करने का प्रयास किया जाएगा, तो यह लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर सीधा हमला माना जाएगा।मामले की गंभीरता को देखते हुए मोहम्मदपुर खाला पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच उपनिरीक्षक उपेन्द्र सिंह भदौरिया को सौंप दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों, ऑडियो रिकॉर्डिंग और अन्य तथ्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच की जा रही है तथा दोषी पाए जाने पर कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चाओं का माहौल बना हुआ है। सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और पत्रकारों को धमकाने जैसे मामलों में सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।
पत्रकार और भगवान श्रीराम पर आपत्तिजनक टिप्पणी का आरोप, आरोपी पर मुकदमा दर्ज सूरतगंज। तहसील क्षेत्र में पत्रकारों के सम्मान और धार्मिक आस्था से जुड़ा एक मामला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के तहसील अध्यक्ष राजबहादुर वर्मा की शिकायत पर मोहम्मदपुर खाला पुलिस ने बलराज सिंह उर्फ बल्लू नामक व्यक्ति के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपी पर फोन के माध्यम से पत्रकारों को अपमानित करने, अभद्र भाषा का प्रयोग करने तथा भगवान श्रीराम के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता के अनुसार आरोपी ने फोन वार्ता के दौरान पत्रकारों के प्रति बेहद अशोभनीय शब्दों का इस्तेमाल किया और हिंदू समाज की आस्था के केंद्र भगवान श्रीराम के प्रति भी अमर्यादित टिप्पणी की। मामले को गंभीर मानते हुए शिकायतकर्ता ने बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग पुलिस को उपलब्ध कराई है, जिसे जांच में अहम साक्ष्य माना जा रहा है।तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि आरोपी क्षेत्र में दबंग प्रवृत्ति का व्यक्ति बताया जाता है और कथित रूप से “खालसा ब्रिक फील्ड” नामक ईंट भट्ठे का संचालन करता है। आरोप है कि वह पूर्व में भी कई बार ब्राह्मण समाज एवं अन्य हिंदू समुदायों के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग कर चुका है, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी और रोष व्याप्त है। घटना के सामने आने के बाद ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के पदाधिकारियों एवं क्षेत्रीय पत्रकारों में भारी आक्रोश देखने को मिला। संगठन के सदस्यों ने आरोपी द्वारा कथित रूप से दी गई जान से मारने की धमकी को गंभीर बताते हुए प्रशासन से तत्काल सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों ने कहा कि यदि पत्रकारों को ही धमकाने और अपमानित करने का प्रयास किया जाएगा, तो यह लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर सीधा हमला माना जाएगा।मामले की गंभीरता को देखते हुए मोहम्मदपुर खाला पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच उपनिरीक्षक उपेन्द्र सिंह भदौरिया को सौंप दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों, ऑडियो रिकॉर्डिंग और अन्य तथ्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच की जा रही है तथा दोषी पाए जाने पर कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चाओं का माहौल बना हुआ है। सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और पत्रकारों को धमकाने जैसे मामलों में सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।
- बौलिया त्रिमुहानी में चला प्रशासन का बुलडोजर: जीटी रोड से हटेगा अतिक्रमण, सड़क होगी जाममुक्त वाराणसी के बौलिया त्रिमुहानी स्थित जीटी रोड पर प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने की सूचना मिलते ही इलाके में हलचल तेज हो गई। बताया जा रहा है कि सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों और अस्थायी निर्माणों को हटाने की तैयारी पूरी कर ली गई है। अभियान का उद्देश्य जीटी रोड को जाममुक्त बनाना, यातायात व्यवस्था को सुचारु करना तथा आम लोगों को राहत पहुंचाना है।स्थानीय लोगों के अनुसार लंबे समय से सड़क किनारे फैले अतिक्रमण के कारण आए दिन जाम की समस्या उत्पन्न हो रही थी, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। प्रशासनिक टीम द्वारा मौके का निरीक्षण किए जाने के बाद कार्रवाई की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। सूचना मिलते ही दुकानदारों और आसपास के लोगों में हलचल देखी गई। कई लोगों ने स्वयं ही अपना सामान हटाना शुरू कर दिया, जबकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक मार्ग पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभियान के दौरान पुलिस बल और संबंधित विभागों की टीमें भी मौजूद रहेंगी ताकि व्यवस्था बनी रहे। स्थानीय नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि अतिक्रमण हटने के बाद जीटी रोड पर यातायात पहले की अपेक्षा अधिक सुगम होगा और क्षेत्र की सुंदरता भी बढ़ेगी।1
- लखनऊ के रज्जबगंज इलाके में जलकल और नगर निगम की लापरवाही से पेयजल लाइनों में नाली का गंदा पानी मिल रहा है। घरों में दूषित पानी पहुँचने से बीमारी फैलने का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोगों की बार-बार शिकायत के बावजूद अधिकारी अभी तक कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।1
- बाराबंकी के सहजनपुर में गैस न मिलने से नाराज एक युवक सड़क पर लेट गया, जिसका वीडियो वायरल हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और युवक को समझा-बुझाकर शांत कराया। पुलिस ने गैस एजेंसी से तत्काल सिलेंडर उपलब्ध करवाया, जिससे यातायात सामान्य हुआ और एक संभावित हादसा टल गया।1
- *अयोध्या डीआईजी ने फतेहपुर कोतवाली का औचक निरीक्षण किया पुलिस व्यवस्था और अभिलेख संवाददाता रवि रावत अयोध्या मंडल के डीआईजी सोमेन वर्मा ने फतेहपुर कोतवाली का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस व्यवस्था और अभिलेखों के रखरखाव की गहन समीक्षा की। डीआईजी के पहुंचने से पुलिस महकमे में हलचल मच गई। निरीक्षण के दौरान, डीआईजी ने कोतवाली परिसर में रखे विभिन्न रजिस्टरों और दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। इनमें ग्राम प्रहरी रजिस्टर, अपराध रजिस्टर, मालखाना रजिस्टर, रजिस्टर नंबर आठ, महिला अपराध संबंधी रजिस्टर, जनसूचना रजिस्टर, शस्त्र रजिस्टर, मुकदमा पंजीयन रजिस्टर, त्योहार रजिस्टर, मीडिया सेल, साइबर हिस्ट्रीशीटर एवं गुंडा रजिस्टर शामिल थे। उन्होंने अभिलेखों के अद्यतन रखरखाव, प्रविष्टियों की शुद्धता और दस्तावेजों के व्यवस्थित संधारण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। डीआईजी ने लंबित विवेचनाओं की भी समीक्षा की और संबंधित विवेचकों से प्रकरणों की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि लंबित मामलों का समयबद्ध और निष्पक्ष निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि पीड़ितों को त्वरित न्याय मिल सके। साथ ही, अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था और संवेदनशील मामलों में सतर्कता बरतने पर भी जोर दिया गया। निरीक्षण के दौरान, उन्होंने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को जनता के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने की हिदायत दी। डीआईजी ने शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने और थाने में आने वाले फरियादियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुलिस की कार्यशैली पारदर्शी और जनहितकारी होनी चाहिए, जिससे आमजन में विश्वास मजबूत हो सके।1
- भाजपा महिला मोर्चा का सांसद तनुज पुनिया के आवास पर प्रदर्शनः महिला आरक्षण बिल पास न होने पर कांग्रेस सांसद के खिलाफ नारेबाजी बाराबंकी के ओवरी स्थित कांग्रेस सांसद तनुज पुनिया के आवास पर भाजपा महिला मोर्चा ने जोरदार प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन संसद के विशेष सत्र में महिला आरक्षण विधेयक पारित न होने के विरोध में किया गया।इस विरोध प्रदर्शन में भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष रामेश्वरी त्रिवेदी, जिला पंचायत अध्यक्षा राजरानी रावत और सदर विधानसभा की पूर्व प्रत्याशी डॉ. राम कुमारी मौर्या सहित हजारों महिलाओं व अन्य पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया।सांसद आवास के समीप पहुंचते ही पुलिस ने बैरिकेडिंग लगा दी, जिसके बाद महिला मोर्चा के पदाधिकारी और महिलाएं वहीं रुक गईं। उन्होंने कांग्रेस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और महिला विधेयक बिल पास न होने की पूरी जिम्मेदारी विपक्ष पर डाली। धरना प्रदर्शन स्थल पर सीएसओ सहित भारी संख्या में महिला पुलिस बल और अन्य पुलिसकर्मी मौजूद रहे।इस धरना प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस सांसद तनुज पुनिया ने कहा कि कांग्रेस हमेशा महिला आरक्षण के पक्ष में रही है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह अचानक विशेष सत्र बुलाकर मनमाने तरीके से बिल पास करने की कोशिश कर रही थी।पुनिया ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस महिला आरक्षण विधेयक के खिलाफ नहीं है और हमेशा महिलाओं को आरक्षण देने की बात करती है। उन्होंने यह भी दावा किया कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में ही महिलाओं को सबसे अधिक आरक्षण दिया गया है।2
- *बौलिया त्रिमुहानी में चला प्रशासन का बुलडोजर: जीटी रोड से हटेगा अतिक्रमण, सड़क होगी जाममुक्त* वाराणसी के बौलिया त्रिमुहानी स्थित जीटी रोड पर प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने की सूचना मिलते ही इलाके में हलचल तेज हो गई। बताया जा रहा है कि सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों और अस्थायी निर्माणों को हटाने की तैयारी पूरी कर ली गई है। अभियान का उद्देश्य जीटी रोड को जाममुक्त बनाना, यातायात व्यवस्था को सुचारु करना तथा आम लोगों को राहत पहुंचाना है।स्थानीय लोगों के अनुसार लंबे समय से सड़क किनारे फैले अतिक्रमण के कारण आए दिन जाम की समस्या उत्पन्न हो रही थी, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। प्रशासनिक टीम द्वारा मौके का निरीक्षण किए जाने के बाद कार्रवाई की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। सूचना मिलते ही दुकानदारों और आसपास के लोगों में हलचल देखी गई। कई लोगों ने स्वयं ही अपना सामान हटाना शुरू कर दिया, जबकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक मार्ग पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभियान के दौरान पुलिस बल और संबंधित विभागों की टीमें भी मौजूद रहेंगी ताकि व्यवस्था बनी रहे। स्थानीय नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि अतिक्रमण हटने के बाद जीटी रोड पर यातायात पहले की अपेक्षा अधिक सुगम होगा और क्षेत्र की सुंदरता भी बढ़ेगी।1
- दबंगों ने चौकी इंचार्ज और सिपाही को पुलिस चौकी के अंदर पी*टा #Mirzapur# #BJP4ViksitBharat #यूपी_पुलिस #politicsnews UPNews viralnews ब्रेकिंग_न्यूज UttarPradeshGovernment BREAKING1
- बाराबंकी में पुलिस अधीक्षक ने उप निरीक्षकों/विवेचकों को टैबलेट वितरित किए। यह कदम कानून व्यवस्था को और मजबूत व आधुनिक बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है।1