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#रुपबास_के_भरतपुर_धौलपुर नेशनल हाईवे स्थित जरैला गांव पर किसान सेना ने महापंचायत कर,रुपबास उपखण्ड अधिकारी विष्णु बंसल को दिया ज्ञापन, किसानों की विभिन्न समस्याओं पर व शीघ्र निस्तारण को लेकर क्या बोले राष्ट्रीय अध्यक्ष अवनीत चौधरी, जानने के लिए/ देखें पूरी खबर।
लोहागढ़ न्यूज़ टाइम्स (सच ख़बर
#रुपबास_के_भरतपुर_धौलपुर नेशनल हाईवे स्थित जरैला गांव पर किसान सेना ने महापंचायत कर,रुपबास उपखण्ड अधिकारी विष्णु बंसल को दिया ज्ञापन, किसानों की विभिन्न समस्याओं पर व शीघ्र निस्तारण को लेकर क्या बोले राष्ट्रीय अध्यक्ष अवनीत चौधरी, जानने के लिए/ देखें पूरी खबर।
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- मित्रों आज दिनांक 9 अप्रैल 2026 को सुबह से ही नदबई का पूरा बाजार बंद है। बाजार में और गलियों में दुकान बंद है सन्नाटा छाया हुआ है। ऐसा लग रहा है जैसे नदबई का बाजार पुलिस छावनी बन गया है। नदबई में हर जगह पुलिस तैनात की गई है।1
- रुदावल। राजस्थान शिक्षक संघ (सियाराम) ने शिविरा पंचांग 2026-27 में ग्रीष्मावकाश और संस्था प्रधान के विवेकधीन अवकाशों में की गई कटौती के खिलाफ बिगुल बजा दिया है। संगठन के आह्वान पर बुधवार को प्रदेशव्यापी विरोध प्रदर्शन के तहत शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया। जिलाध्यक्ष कृष्णसिंह बैसला ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राजस्थान की भौगोलिक परिस्थितियां और जून की भीषण गर्मी किसी से छिपी नहीं है। ऐसे में जून माह में स्कूल खोलना न केवल शिक्षकों बल्कि विद्यार्थियों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय उत्सवों और स्थानीय आयोजनों में शत-प्रतिशत बालकों की भागीदारी रहती है, इसीलिए संस्था प्रधान को दो अवकाश घोषित करने का अधिकार दिया गया था। अधिकारियों द्वारा नियमों के विरुद्ध जाकर इसमें कटौती करना समझ से परे है। ब्लॉक अध्यक्ष नरेश गुर्जर ने कहा कि शिक्षा विभाग के इन गलत निर्णयों से सरकार की छवि धूमिल हो रही है। उन्होंने पूर्व की भांति 16 मई से 30 जून तक अवकाश यथावत रखने, दो दिनों के स्व-विवेकी अवकाश के अधिकार को पुनः बहाल करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि संगठन द्वारा 20 अप्रैल जिला स्तर पर जिला कलेक्टर को ज्ञापन दिया जाएगा। 18 मई को यदि मांगें पूरी नहीं हुईं, तो शिक्षा मंत्री के विधानसभा क्षेत्र रामगंजमंडी में प्रदेशभर के शिक्षक जुटेंगे और विशाल रैली निकालकर प्रदर्शन करेंगे। इस मौके पर ब्लॉक अध्यक्ष नरेश गुर्जर, सिरोजन गिरी, मुकेश गुर्जर, रघुदत्त झारकई, बृजेश धाकड़, रामप्रकाश गुर्जर, देवी सिंह, राकेश कुमार, पुष्पेंद्र खटाना आदि मौजूद रहे।1
- Post by डीग लाइव पत्रकार1
- RPRNEWSTV ना बिल, ना जानकारी… अचानक कटती बिजली! मथुरा में बवाल" "स्मार्ट मीटर बना सिरदर्द? मथुरा के गांवों में हंगामा" "मथुरा में स्मार्ट मीटर को लेकर बड़ा बवाल खड़ा हो गया है…" "टेक मेन बिजली घर पर ग्रामीणों ने जोरदार प्रदर्शन किया… आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद ना बिल आता है, ना बिजली का कोई हिसाब मिलता है…" "लोगों का कहना है कि अचानक बिजली काट दी जाती है, जिससे उन्हें भारी परेशानी हो रही है "ग्रामीणों ने साफ कहा—सरकार की ये मनमानी नहीं चलेगी… हमें वापस पुराने मीटर चाहिए "अब सवाल ये है—क्या सरकार जनता की मांग सुनेगी या बढ़ेगा ये आक्रोश? आप क्या सोचते हैं, कमेंट में जरूर बताएं…"1
- घर से लापता एक युवक का वीडियो सोशल मीडिया पर हुआ जमकर वायरस परिवारी जन परेशान1
- Post by Subhash Chand1
- नदबई (भरतपुर) में आज, 9 अप्रैल 2026 को बाजार बंद होने की मुख्य वजह एक स्थानीय धरना प्रदर्शन और विवाद बताया जा रहा है।1
- : उत्तर प्रदेश के जनपद मथुरा की छाता तहसील के अंतर्गत आने वाले ग्राम बटैनखुर्द में जमीन धोखाधड़ी का एक बड़ा मामला प्रकाश में आया है। ग्रामीणों ने वर्तमान ग्राम प्रधान पर मिलीभगत कर फर्जी दस्तावेज़ तैयार करने और उनके आधार पर अवैध तरीके से बैंक ऋण (Loan) लेने का गंभीर आरोप लगाया है। क्या है पूरा मामला? बटैनखुर्द के दर्जनों ग्रामीणों ने आज तहसील मुख्यालय पहुँचकर उप जिलाधिकारी (SDM) को एक शिकायती पत्र सौंपा। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम के खसरा संख्या 347 की भूमि, जिस पर वे पीढ़ी-दर-पीढ़ी काबिज हैं, उसे ग्राम प्रधान ने कागजों में हेरफेर कर अन्य लोगों के नाम दर्ज करा दिया है। शिकायत के अनुसार, ग्राम प्रधान ने कोरी समुदाय के कुछ व्यक्तियों (परशुराम, झम्मन, विजय, विजन, भगत सिंह और ठाकुर लाल) के नाम फर्जी 'घरौनी' तैयार करवाई। आरोप है कि इसके बाद इन फर्जी कागजातों के आधार पर सब-रजिस्ट्री कार्यालय छाता में 'दानपत्र' भी निष्पादित करा लिया गया। बैंक से ऋण लेने का भी आरोप पीड़ित ग्रामीणों का दावा है कि इस फर्जीवाड़े की हद यहीं तक नहीं रही। आरोपियों ने इन जाली दस्तावेजों का उपयोग कर बैंक से भारी-भरकम लोन भी स्वीकृत करा लिया है। ग्रामीणों ने पत्र में स्पष्ट किया है कि खसरा संख्या 347 की जमीन पर वर्तमान में श्रीमती ओमवती, बलवीर, भगवान सिंह, शांति, देवीसिंह, सुनील और राजेन्द्र आदि का कब्जा है और वहां उनके घरेलू सामान (लकड़ी, बुर्जी, बिटौरा) रखे हुए हैं। जांच और कार्रवाई की ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि: निर्मित की गई फर्जी घरौनी की तत्काल उच्चस्तरीय जांच हो। जालसाजी में शामिल ग्राम प्रधान और अन्य संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। बैंक से लिए गए अवैध ऋण की प्रक्रिया की भी समीक्षा की जाए। शिकायतकर्ताओं (देवी सिंह, सुनील, शीनू, हेमराज आदि) का कहना है कि यदि प्रशासन ने जल्द ही इस भू-माफिया तंत्र पर नकेल नहीं कसी, तो वे तहसील मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन करने के लिए विवश होंगे।4
- Post by Subhash Chand1