लोकेशन धनबाद झारखंड रिपोर्ट नीरज कुमार *बिना नंबर का मिनी हाइवा अवैध बालू के साथ जब्त। पुलिस की कार्रवाई जारी धनबाद। अवैध बालू के कारोबार पर रोक लगाने को लेकर बरवाअड्डा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए बिना नंबर प्लेट के महिंद्रा कंपनी के मिनी हाइवा को जब्त किया है। पुलिस ने वाहन को बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के जीटी रोड से पकड़ा। वाहन में बालू लदा हुआ था और जांच के दौरान चालक के पास बालू परिवहन से संबंधित परमिट और चालान समेत अन्य जरूरी कागजात नहीं मिले। पुलिस के अनुसार, वाहन को रोककर चालक से बालू से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, लेकिन वह किसी तरह का कागजात नहीं दिखा सका। जांच में वाहन पर नंबर प्लेट भी नहीं लगी मिली। इसके बाद पुलिस ने मिनी हाइवा को जब्त कर थाना परिसर में खड़ा करा दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई में जुटी है।
लोकेशन धनबाद झारखंड रिपोर्ट नीरज कुमार *बिना नंबर का मिनी हाइवा अवैध बालू के साथ जब्त। पुलिस की कार्रवाई जारी धनबाद। अवैध बालू के कारोबार पर रोक लगाने को लेकर बरवाअड्डा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए बिना नंबर प्लेट के महिंद्रा कंपनी के मिनी हाइवा को जब्त किया है। पुलिस ने वाहन को बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के जीटी रोड से पकड़ा। वाहन में बालू लदा हुआ था और जांच के दौरान चालक के पास बालू परिवहन से संबंधित परमिट और चालान समेत अन्य जरूरी कागजात नहीं मिले। पुलिस के अनुसार, वाहन को रोककर चालक से बालू से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, लेकिन वह किसी तरह का कागजात नहीं दिखा सका। जांच में वाहन पर नंबर प्लेट भी नहीं लगी मिली। इसके बाद पुलिस ने मिनी हाइवा को जब्त कर थाना परिसर में खड़ा करा दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई में जुटी है।
- लोकेशन धनबाद झारखंड रिपोर्ट नीरज कुमार *बिना नंबर का मिनी हाइवा अवैध बालू के साथ जब्त। पुलिस की कार्रवाई जारी धनबाद। अवैध बालू के कारोबार पर रोक लगाने को लेकर बरवाअड्डा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए बिना नंबर प्लेट के महिंद्रा कंपनी के मिनी हाइवा को जब्त किया है। पुलिस ने वाहन को बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के जीटी रोड से पकड़ा। वाहन में बालू लदा हुआ था और जांच के दौरान चालक के पास बालू परिवहन से संबंधित परमिट और चालान समेत अन्य जरूरी कागजात नहीं मिले। पुलिस के अनुसार, वाहन को रोककर चालक से बालू से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, लेकिन वह किसी तरह का कागजात नहीं दिखा सका। जांच में वाहन पर नंबर प्लेट भी नहीं लगी मिली। इसके बाद पुलिस ने मिनी हाइवा को जब्त कर थाना परिसर में खड़ा करा दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई में जुटी है।4
- धनबाद: अगस्त में घटे अपराध, एसएसपी ने लंबित मामलों को 1500 से नीचे लाने का तय किया लक्ष्य धनबाद में आयोजित अगस्त माह की अपराध समीक्षा बैठक में पुलिस की कार्रवाई के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। एसएसपी प्रभात कुमार ने बताया कि लगातार निगरानी, गश्त और अभियानों के कारण अगस्त में जिले में अपराध दर में गिरावट दर्ज की गई है। बैठक में यह भी सामने आया कि पुलिस ने दागी व्यक्तियों का दोबारा सत्यापन करने, फरार आरोपियों के खिलाफ अभियान तेज करने और चोरी व गृहभेदन की वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए थाना प्रभारियों को विशेष निर्देश दिए हैं। साथ ही सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यातायात नियमों का सख्ती से पालन कराने पर भी जोर दिया गया है।1
- धनबाद में भानु प्रताप शाही का इरफान अंसारी पर बड़ा हमला बोले- ‘बहुत मोटी चमड़ी के हैं इरफान’, CM हेमंत से शिक्षा मंत्री बनाने की मांग1
- धनबाद बैंकमोड़ में पुलिस जवान पर महिला को धक्का देने का आरोप, महिला घायल; लोगों ने जवान का पकड़ा कॉलर वीडियो वायरल1
- पतरो नदी पर बालू माफियाओं का कब्जा! दिन-रात धड़ल्ले से दौड़ रहे ट्रैक्टर, प्रशासन की कार्रवाई पर उठे सवाल गिरिडीह। बेंगाबाद प्रखंड की ग्राम पंचायत गेनरो के साव टोला स्थित पतरो नदी से कथित तौर पर अवैध बालू तस्करी का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार यहां से दिन-रात ट्रैक्टरों के जरिए बालू का उठाव और परिवहन खुलेआम किया जा रहा है। स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, साव टोला के पास पतरो नदी से प्रतिदिन करीब 100 से 150 ट्रैक्टर बालू निकाले जाने का अनुमान है। यदि यह दावा सही है, तो बड़े पैमाने पर हो रहे बालू उठाव से नदी के प्राकृतिक स्वरूप के साथ-साथ आसपास की निजी जमीन पर भी गंभीर असर पड़ने की आशंका है। वहीं, बालू लदे ट्रैक्टरों की तेज रफ्तार भी स्थानीय लोगों के लिए चिंता का कारण बनी हुई है। लोगों का कहना है कि कई ट्रैक्टर चालक इतनी तेज गति से वाहन चलाते हैं कि कभी भी बड़ी सड़क दुर्घटना हो सकती है। लगातार हो रहे बालू उठाव से जहां पर्यावरण और नदी के अस्तित्व पर सवाल खड़े हो रहे हैं, वहीं सरकारी राजस्व को भी नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराने, बालू के उठाव की वैधता की जांच करने और अवैध परिवहन पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। अब देखना होगा कि पतरो नदी में कथित अवैध बालू तस्करी के इस मामले पर प्रशासन कब और कितनी सख्ती से कार्रवाई करता है।3
- जामताड़ा न्यूज:गणपति उत्सव को लेकर प्रशासन सख्त, शांति समिति की बैठक में बनी रणनीति। गणेश उत्सव को लेकर जामताड़ा में हाई अलर्ट, सुरक्षा और ट्रैफिक पर बड़ा मंथन।1
- छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राय ने सरकार पर साधा निशाना JSSC-JPSC परीक्षा घोटाले की सीबीआई जांच की मांग, भाजपा ने दिया धरना जामताड़ा JSSC-JPSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितता की सीबीआई जांच कराने और छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग को लेकर भाजपा ने शुक्रवार को जामताड़ा समाहरणालय गेट के समक्ष धरना-प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का नेतृत्व भाजपा जिलाध्यक्ष सुमित शरण ने किया। मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राय मौजूद रहे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग की। पत्रकारों से बातचीत में रविंद्र राय ने कहा कि राज्य सरकार अपने दलालों, एजेंटों और चुनिंदा लोगों को बचाने के लिए परीक्षा घोटालों की सीबीआई जांच नहीं कराना चाहती है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के भविष्य के साथ अन्याय हुआ है। जब विद्यार्थियों ने इसके खिलाफ लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाई तो उन पर लाठीचार्ज किया गया और झूठे मुकदमे दर्ज किए गए। उन्होंने कहा कि छात्रों पर दर्ज सभी मुकदमे वापस लिए जाने चाहिए और उनके खिलाफ हो रहे कथित अत्याचार को तत्काल बंद किया जाना चाहिए। राय ने छात्रों से आंदोलन से पीछे नहीं हटने की अपील करते हुए कहा कि भाजपा उनके साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने कहा कि जब तक छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए जाते और परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच नहीं होती, भाजपा आंदोलन जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि परीक्षा घोटाले की जांच सीबीआई से कराई जानी चाहिए, तभी मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई सुनिश्चित हो सकेगी।1
- 5-डे बैंकिंग और पीएलआई विसंगतियों को लेकर यूएफबीयू के आह्वान पर झारखंडभर में बैंककर्मी हड़ताल पर रहे ।धनबाद में 200 से अधिक शाखाएं बंद रहने के कारण लगभग 250 से 300 करोड़ रुपये का व्यवसाय प्रभावित हुआ। हीरापुर, बैंक मोड़ और सरायढेला समेत कई प्रमुख इलाकों में कर्मचारियों ने उग्र प्रदर्शन और नारेबाजी की। ग्राहकों की असुविधा से बचने के लिए एटीएम और ऑनलाइन बैंकिंग सेवाएं सुचारू रूप से चालू रखी गईं। केंद्र सरकार और बैंक प्रबंधन के साथ दो दिवसीय वार्ता विफल होने के बाद, यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के आह्वान पर शुक्रवार को धनबाद समेत पूरे झारखंड में बैंकिंग सेवाएं पूरी तरह ठप रहीं। आंदोलनकारियों का मुख्य आरोप है कि दो साल पहले हुए समझौते के बावजूद 5-डे बैंकिंग को अब तक लागू नहीं किया गया है, और केवल "मामला विचाराधीन है" का आश्वासन दिया जा रहा है। इसके अलावा, एलआईसी की तर्ज पर बैंकों में 5-डे बैंकिंग लागू करने और पीएलआई (परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव) की विसंगतियों को दूर करने की मांग की गई है। इस हड़ताल में एसबीआई, पीएनबी, बैंक ऑफ बड़ौदा और केनरा बैंक समेत सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की सात प्रमुख यूनियनें शामिल रहीं। यूनियनों ने चेतावनी दी है कि यदि मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो वे तीन दिवसीय और फिर अनिश्चितकालीन हड़ताल करने के लिए बाध्य होंगे।1