बारां जिले के शाहाबाद उपखंड मुख्यालय पर प्रधानमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया है। इस ज्ञापन में ग्रीनको कंपनी द्वारा शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे हाइड्रो पावर प्लांट के कार्य को जल्द से जल्द शुरू करने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि केंद्र सरकार ने शाहाबाद क्षेत्र के कॉलोनी और शाहपुर में विद्युत उत्पादन एवं पंप स्टोरेज के लिए ग्रीनको इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को पावर प्लांट लगाने की स्वीकृति दी है, जिससे हाइड्रो तकनीक से बिजली का उत्पादन होगा। कंपनी ने प्लांट की स्थापना के लिए जमीन खरीदने का काम शुरू कर दिया है और उसे वन विभाग से भी मंजूरी मिल चुकी है। कंपनी ने वन विभाग की डिमांड राशि भी जमा करा दी है। हालांकि, ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि कुछ असामाजिक तत्वों और क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा आमजन को भ्रमित किया जा रहा है और वे इस प्लांट को रोकने का प्रयास कर रहे हैं। इन बाहरी लोगों द्वारा विभिन्न सोशल मीडिया और समाचार पत्रों के माध्यम से वन भूमि के पेड़ कटने का हवाला देकर परियोजना का विरोध किया जा रहा है। इससे क्षेत्रवासियों और स्थानीय लोगों में रोष व्याप्त है। ज्ञापन में कहा गया है कि शाहाबाद क्षेत्र संपूर्ण राजस्थान का एक अति पिछड़ा क्षेत्र है जो पीजीवीटी में भी शामिल है, और इसे विकास, रोजगार तथा उत्थान के लिए उद्योगों की आवश्यकता है। केंद्र सरकार द्वारा इस कंपनी को शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित करने के निर्णय से पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। इस परियोजना के पूरा होने पर आदिवासी और गरीब क्षेत्र का विकास होगा, बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा, और भूमि का जलस्तर भी बढ़ेगा, जिससे कृषि एवं पेयजल की समस्या का समाधान होगा। इसके अलावा, जंगल हरा-भरा रहेगा, विकसित होगा और वन्यजीवों को भी पेयजल उपलब्ध होगा। अतः, ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा किए जा रहे विरोधाभास पर ध्यान न देते हुए, इस प्रोजेक्ट के कार्य को जल्द से जल्द प्रारंभ किया जाए ताकि क्षेत्र का विकास हो सके और रोजगार के अवसर उपलब्ध हों।
बारां जिले के शाहाबाद उपखंड मुख्यालय पर प्रधानमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया है। इस ज्ञापन में ग्रीनको कंपनी द्वारा शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे हाइड्रो पावर प्लांट के कार्य को जल्द से जल्द शुरू करने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि केंद्र सरकार ने शाहाबाद क्षेत्र के कॉलोनी और शाहपुर में विद्युत उत्पादन एवं पंप स्टोरेज के लिए ग्रीनको इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को पावर प्लांट लगाने की स्वीकृति दी है, जिससे हाइड्रो तकनीक से बिजली
का उत्पादन होगा। कंपनी ने प्लांट की स्थापना के लिए जमीन खरीदने का काम शुरू कर दिया है और उसे वन विभाग से भी मंजूरी मिल चुकी है। कंपनी ने वन विभाग की डिमांड राशि भी जमा करा दी है। हालांकि, ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि कुछ असामाजिक तत्वों और क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा आमजन को भ्रमित किया जा रहा है और वे इस प्लांट को रोकने का प्रयास कर रहे हैं। इन बाहरी लोगों द्वारा विभिन्न सोशल मीडिया और समाचार पत्रों
के माध्यम से वन भूमि के पेड़ कटने का हवाला देकर परियोजना का विरोध किया जा रहा है। इससे क्षेत्रवासियों और स्थानीय लोगों में रोष व्याप्त है। ज्ञापन में कहा गया है कि शाहाबाद क्षेत्र संपूर्ण राजस्थान का एक अति पिछड़ा क्षेत्र है जो पीजीवीटी में भी शामिल है, और इसे विकास, रोजगार तथा उत्थान के लिए उद्योगों की आवश्यकता है। केंद्र सरकार द्वारा इस कंपनी को शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित करने के निर्णय से पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। इस परियोजना के पूरा होने पर
आदिवासी और गरीब क्षेत्र का विकास होगा, बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा, और भूमि का जलस्तर भी बढ़ेगा, जिससे कृषि एवं पेयजल की समस्या का समाधान होगा। इसके अलावा, जंगल हरा-भरा रहेगा, विकसित होगा और वन्यजीवों को भी पेयजल उपलब्ध होगा। अतः, ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा किए जा रहे विरोधाभास पर ध्यान न देते हुए, इस प्रोजेक्ट के कार्य को जल्द से जल्द प्रारंभ किया जाए ताकि क्षेत्र का विकास हो सके और रोजगार के अवसर उपलब्ध हों।
- शाहबाद कस्बे में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर सुबह 8 बजे से दोपहर तक परिसर की गहन साफ-सफाई का अभियान चलाया गया। यह कार्रवाई जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा द्वारा जिले के समस्त अस्पतालों को परिसर के कोने-कोने की साफ-सफाई करने के निर्देशों के बाद की गई। इसी कड़ी में, शाहबाद अस्पताल के चिकित्सा अधिकारी भूपेंद्र मीणा ने सभी कर्मचारियों को एक दिन पूर्व ही ग्रुप के माध्यम से सुबह 8 बजे उपस्थित रहने के आदेश दिए थे। इन निर्देशों के पालन में सभी कर्मचारियों ने अपने-अपने कमरों और अस्पताल परिसर की स्वच्छता सुनिश्चित की। इस दौरान जनरल वार्ड, इमरजेंसी वार्ड, एक्स-रे रूम और ओपीडी के बाहरी परिसर की विशेष तौर पर सफाई की गई। इस साफ-सफाई अभियान में डॉक्टर प्रवीण गुर्जर, सुरेन्द्र भार्गव, रवि सोनी, मधु मेघवंशी, मीना, सुचित्रा मंडल, महावीर और अमन शर्मा सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।4
- झालरापाटन शहर में सीएनजी वाहनों की लगातार बढ़ती संख्या के कारण इन दिनों एकमात्र सीएनजी पंप पर वाहनों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। सीएनजी भरवाने के लिए कारों, ऑटो रिक्शा और अन्य वाहनों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ रहा है। यह स्थिति शाम के समय और अधिक गंभीर हो जाती है, जब बड़ी संख्या में वाहन चालक पंप पर पहुंचते हैं। शहर में केवल एक ही सीएनजी स्टेशन होने के कारण उपभोक्ताओं को समय और ईंधन दोनों की परेशानी झेलनी पड़ रही है, और कई बार वाहन चालकों को घंटों तक इंतजार करना पड़ता है। लोगों का कहना है कि शहर में सीएनजी वाहनों की संख्या तो बढ़ रही है, लेकिन सीएनजी स्टेशन की संख्या उसके अनुरूप नहीं बढ़ाई गई है, जिसके चलते जल्द ही अतिरिक्त सीएनजी पंप शुरू करने की आवश्यकता महसूस की जा रही है ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।2
- खानपुर मंडी में भीषण लापरवाही का मामला सामने आया है, जहाँ हजारों क्विंटल गेहूं बारिश में भीगकर सड़ गया है। इस घटना को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।1
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों के तहत, लोग अपने-अपने घरों पर कपालभाति प्राणायाम का अभ्यास कर रहे हैं।1
- रुद्र सेना की एक महत्वपूर्ण बैठक रविवार, 08 जून 2026 को झालावाड़ जिले के झालरापाटन क्षेत्र स्थित तीनधार के हिंगलाज माता मंदिर परिसर में सुबह 10 बजे संपन्न हुई। यह बैठक रुद्र सेना राजस्थान कार्यकारिणी सदस्य हितेश मीणा और जिला गौ रक्षा प्रमुख भारत सिंह मीणा के नेतृत्व में आयोजित की गई थी, जिसमें संगठन के अनेक कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन विस्तार पर चर्चा करना था। इसी दौरान कई नए कार्यकर्ताओं को रुद्र सेना से जोड़कर सदस्यता दिलाई गई, जिसमें तीनधार के रोहित को ग्राम अध्यक्ष, राहुल को उपाध्यक्ष और चंदिया खेड़ी के घनश्याम को ग्राम अध्यक्ष नियुक्त किया गया। कार्यक्रम में भोजन की व्यवस्था भी की गई थी। इस अवसर पर रुद्र सेना के राष्ट्रीय सचिव और गौ सेवक लक्ष्मण सिंह हिंदू ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बताया कि रुद्र सेना वर्तमान में 24 राज्यों में सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। उन्होंने ग्राम, तहसील और जिला स्तर तक संगठन को और अधिक मजबूत बनाने को लक्ष्य बताया। राष्ट्रीय सचिव ने सभी कार्यकर्ताओं से समाज सेवा, गौ सेवा और हिंदू समाज के हित में निरंतर कार्य करने का आह्वान किया। बैठक का समापन संगठन को मजबूत बनाने और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय करने के साथ हुआ। इस दौरान जितेंद्र मीणा, शंकर शर्मा (सोशल मीडिया जिला अध्यक्ष), विजय सिंह (जिला संगठन मंत्री), शोभाराम मीणा, अरविंद मीणा (इकलेरा तहसील अध्यक्ष), गुलाब चंद (तहसील उपाध्यक्ष), बंशी लाल (प्रचार मंत्री), पवन गॉड (तहसील गौ रक्षा प्रमुख), विशाल सोनी (तहसील संगठन मंत्री) सहित कई अन्य प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। यह जानकारी मीडिया प्रभारी प्रिंस कुमावत ने दी।2
- चंद्रेसल मठ के महंत देवानंद महाराज की हत्या के विरोध में रामगंजमंडी में गुर्जर समाज सहित सर्वसमाज के लोगों ने एक बड़ी आक्रोश रैली निकाली। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करते हुए एसडीएम चारू शंकर को एक ज्ञापन सौंपा। यह उल्लेखनीय है कि इस मामले में तीन दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ अभी तक खाली हैं, जिससे लोगों में प्रशासन के प्रति गहरा रोष व्याप्त है।1
- श्योपुर जिले के जीवन ज्योति प्राइवेट हॉस्पिटल में डॉक्टरों की कथित लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है। यहां एक बुजुर्ग मरीज का कमर के नीचे टूटी हड्डी का ऑपरेशन होना था, लेकिन इलाज के दौरान ऐसी लापरवाही बरती गई कि मरीज का घुटने से लेकर पूरा पैर तक खराब हो गया। अब मरीज की हालत इतनी गंभीर हो चुकी है कि परिवार को मजबूरन उसे कोटा रेफर करना पड़ा। डॉक्टर की इस कथित लापरवाही के कारण गरीब परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।1
- बारां जिले के शाहाबाद उपखंड मुख्यालय पर प्रधानमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया है। इस ज्ञापन में ग्रीनको कंपनी द्वारा शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे हाइड्रो पावर प्लांट के कार्य को जल्द से जल्द शुरू करने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि केंद्र सरकार ने शाहाबाद क्षेत्र के कॉलोनी और शाहपुर में विद्युत उत्पादन एवं पंप स्टोरेज के लिए ग्रीनको इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को पावर प्लांट लगाने की स्वीकृति दी है, जिससे हाइड्रो तकनीक से बिजली का उत्पादन होगा। कंपनी ने प्लांट की स्थापना के लिए जमीन खरीदने का काम शुरू कर दिया है और उसे वन विभाग से भी मंजूरी मिल चुकी है। कंपनी ने वन विभाग की डिमांड राशि भी जमा करा दी है। हालांकि, ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि कुछ असामाजिक तत्वों और क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा आमजन को भ्रमित किया जा रहा है और वे इस प्लांट को रोकने का प्रयास कर रहे हैं। इन बाहरी लोगों द्वारा विभिन्न सोशल मीडिया और समाचार पत्रों के माध्यम से वन भूमि के पेड़ कटने का हवाला देकर परियोजना का विरोध किया जा रहा है। इससे क्षेत्रवासियों और स्थानीय लोगों में रोष व्याप्त है। ज्ञापन में कहा गया है कि शाहाबाद क्षेत्र संपूर्ण राजस्थान का एक अति पिछड़ा क्षेत्र है जो पीजीवीटी में भी शामिल है, और इसे विकास, रोजगार तथा उत्थान के लिए उद्योगों की आवश्यकता है। केंद्र सरकार द्वारा इस कंपनी को शाहाबाद क्षेत्र में स्थापित करने के निर्णय से पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। इस परियोजना के पूरा होने पर आदिवासी और गरीब क्षेत्र का विकास होगा, बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा, और भूमि का जलस्तर भी बढ़ेगा, जिससे कृषि एवं पेयजल की समस्या का समाधान होगा। इसके अलावा, जंगल हरा-भरा रहेगा, विकसित होगा और वन्यजीवों को भी पेयजल उपलब्ध होगा। अतः, ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि क्षेत्र के बाहर के लोगों द्वारा किए जा रहे विरोधाभास पर ध्यान न देते हुए, इस प्रोजेक्ट के कार्य को जल्द से जल्द प्रारंभ किया जाए ताकि क्षेत्र का विकास हो सके और रोजगार के अवसर उपलब्ध हों।4