मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित आंचलिक विज्ञान केन्द्र में विकसित अत्याधुनिक ‘अंतरिक्ष अन्वेषण दीर्घा’ का लोकार्पण मंगलवार, 14 जुलाई 2026 को सायं 5:30 बजे किया जाएगा। इसका लोकार्पण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा भारत सरकार के केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह शेखावत की उपस्थिति में किया जाएगा। इस विशेष अवसर पर भारत सरकार, मध्यप्रदेश शासन, राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद्, जिला प्रशासन भोपाल तथा विभिन्न वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक संस्थानों के वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहेंगे। राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद् (संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार) की इकाई आंचलिक विज्ञान केन्द्र, भोपाल द्वारा विकसित यह अत्याधुनिक दीर्घा विज्ञान के लोकप्रियकरण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार और अनुभवात्मक विज्ञान शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस दीर्घा का विकास नेहरू साइंस सेंटर, मुंबई के तकनीकी मार्गदर्शन एवं जिला प्रशासन भोपाल के सहयोग से किया गया है। इस दीर्घा में आधुनिक डिजिटल तकनीकों, इंटरैक्टिव प्रदर्शों एवं वैज्ञानिक प्रस्तुतियों के माध्यम से आगंतुकों को ब्रह्माण्ड, आधुनिक ब्रह्माण्ड विज्ञान, मानव अंतरिक्ष अन्वेषण और भारत की गौरवशाली अंतरिक्ष यात्रा से परिचित कराया जाएगा। इसमें भारतीय ज्ञान परंपरा के नासदीय सूक्त और शून्य की अवधारणा से लेकर आर्यभट्ट, चंद्रयान-1, मंगलयान, चंद्रयान-3 और गगनयान जैसे भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रमों की उपलब्धियों को आकर्षक व वैज्ञानिक ढंग से प्रदर्शित किया गया है। इसके अलावा आगंतुकों को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) का अनुभव, स्पेस वॉक, स्पेस फ्लाइट सिम्युलेटर, चंद्र एवं मंगल ग्रह की त्रि-आयामी सतहों का अवलोकन, रॉकेट विज्ञान और कक्षीय यांत्रिकी से जुड़े सहभागितापूर्ण प्रदर्श भी देखने को मिलेंगे। यह अत्याधुनिक दीर्घा विद्यार्थियों, शिक्षकों, शोधार्थियों, विज्ञान प्रेमियों और आम नागरिकों में विज्ञान, प्रौद्योगिकी, अभियांत्रिकी एवं गणित (STEM) के प्रति रुचि विकसित करने के साथ-साथ अनुसंधान, नवाचार और वैज्ञानिक सोच को प्रोत्साहित करेगी। साथ ही यह मध्य प्रदेश में विज्ञान आधारित पर्यटन, विज्ञान संचार तथा अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी आधारित नवाचार पारितंत्र को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित आंचलिक विज्ञान केन्द्र में विकसित अत्याधुनिक ‘अंतरिक्ष अन्वेषण दीर्घा’ का लोकार्पण मंगलवार, 14 जुलाई 2026 को सायं 5:30 बजे किया जाएगा। इसका लोकार्पण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा भारत सरकार के केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह शेखावत की उपस्थिति में किया जाएगा। इस विशेष अवसर पर भारत सरकार, मध्यप्रदेश शासन, राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद्, जिला प्रशासन भोपाल तथा विभिन्न वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक संस्थानों के वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहेंगे। राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद् (संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार) की इकाई आंचलिक विज्ञान केन्द्र, भोपाल द्वारा विकसित यह अत्याधुनिक दीर्घा विज्ञान के लोकप्रियकरण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार और अनुभवात्मक विज्ञान शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस दीर्घा का विकास नेहरू साइंस सेंटर, मुंबई के तकनीकी मार्गदर्शन एवं जिला प्रशासन भोपाल के सहयोग से किया गया है। इस दीर्घा में आधुनिक डिजिटल तकनीकों, इंटरैक्टिव प्रदर्शों एवं वैज्ञानिक प्रस्तुतियों के माध्यम से आगंतुकों को ब्रह्माण्ड, आधुनिक ब्रह्माण्ड विज्ञान, मानव अंतरिक्ष अन्वेषण और भारत की गौरवशाली अंतरिक्ष यात्रा से परिचित कराया जाएगा। इसमें भारतीय ज्ञान परंपरा के नासदीय सूक्त और शून्य की अवधारणा से लेकर आर्यभट्ट, चंद्रयान-1, मंगलयान, चंद्रयान-3 और गगनयान जैसे भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रमों की उपलब्धियों को आकर्षक व वैज्ञानिक ढंग से प्रदर्शित किया गया है। इसके अलावा आगंतुकों को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) का अनुभव, स्पेस वॉक, स्पेस फ्लाइट सिम्युलेटर, चंद्र एवं मंगल ग्रह की त्रि-आयामी सतहों का अवलोकन, रॉकेट विज्ञान और कक्षीय यांत्रिकी से जुड़े सहभागितापूर्ण प्रदर्श भी देखने को मिलेंगे। यह अत्याधुनिक दीर्घा विद्यार्थियों, शिक्षकों, शोधार्थियों, विज्ञान प्रेमियों और आम नागरिकों में विज्ञान, प्रौद्योगिकी, अभियांत्रिकी एवं गणित (STEM) के प्रति रुचि विकसित करने के साथ-साथ अनुसंधान, नवाचार और वैज्ञानिक सोच को प्रोत्साहित करेगी। साथ ही यह मध्य प्रदेश में विज्ञान आधारित पर्यटन, विज्ञान संचार तथा अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी आधारित नवाचार पारितंत्र को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
- नीट परीक्षा का पेपर लीक होने और परीक्षाओं को मजाक बना दिए जाने के विरोध में मध्य प्रदेश कांग्रेस कल मंगलवार से इंदौर से भोपाल तक दो दिवसीय साइकिल रैली का आयोजन करने जा रही है। इस साइकिल यात्रा को लेकर युवाओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है और हजारों की संख्या में युवा साइकिल से भोपाल के लिए रवाना होंगे। इंदौर शहर कांग्रेस के अध्यक्ष चिंटू चौकसे के अनुसार, यह साइकिल यात्रा मंगलवार सुबह 8:00 बजे देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के आरएनटी मार्ग स्थित परिसर से शुरू होगी। यह यात्रा रीगल तिराहा, हाई कोर्ट तिराहा, मालवा मिल चौराहा, भमोरी, सयाजी होटल चौराहा और विजय नगर होते हुए शिप्रा की तरफ आगे बढ़ेगी। इस यात्रा का नेतृत्व मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी करेंगे, जिसमें शुरुआत से ही सैकड़ों की संख्या में युवा और कांग्रेस कार्यकर्ता अपनी साइकिलों के साथ शामिल होंगे। यात्रा के मार्ग में पड़ने वाले अलग-अलग नगरों और स्थानों पर युवाओं से संवाद किया जाएगा और भाजपा सरकार की गलत नीतियों को उजागर किया जाएगा। इस बड़े आयोजन के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं, जिसमें इंदौर जिला कांग्रेस, इंदौर शहर युवा कांग्रेस, भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन और महिला कांग्रेस के कार्यकर्ता भी रास्ते में अलग-अलग जगहों से जुड़कर अपना समर्थन देंगे।1
- सांवेर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम मकोड़िया में शिप्रा नदी पर जल संसाधन विभाग द्वारा करीब 2 करोड़ की लागत से बनाया गया स्टॉप डैम महज दो महीने भी नहीं टिक सका और पहली ही बारिश में बह गया। इस घटना के बाद भाजपा के 'विकास' की पोल खुल गई है। डैम के बह जाने के बाद मौके पर पहुंचे पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा और जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े ने भाजपा सरकार और स्थानीय मंत्री तुलसीराम सिलावट पर बेहद तीखा हमला बोला है। डैम का जायजा लेने पहुंचे पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने इसे भाजपाई भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा करार दिया है। उन्होंने सिंचाई मंत्री तुलसीराम सिलावट पर निशाना साधते हुए कहा कि अब उन्हें नैतिकता के आधार पर तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए। सज्जन वर्मा ने कहा कि यह सिर्फ एक स्टॉप डैम नहीं टूटा है, बल्कि मंत्री तुलसीराम सिलावट के भ्रष्ट विकास की हकीकत उजागर हुई है। 2 करोड़ की लागत से बना डैम पहली बारिश भी नहीं झेल पाया, तो इससे साफ पता चलता है कि निर्माण कार्य में किस स्तर का घटिया काम हुआ है। इस दौरान जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े ने भी आक्रामक रुख अपनाते हुए कहा कि सांवेर की जनता सालों से क्षेत्र में चल रहे भ्रष्टाचार के इस खेल को देख रही है। उन्होंने कहा कि आज जो डैम बह गया, वह सिलावट के दावों की पोल खोलने के लिए काफी है। कांग्रेस नेताओं ने एक सुर में आरोप लगाया कि इस पूरे क्षेत्र में करीब 10-11 ऐसे स्टॉप डैम बनाए गए हैं, जो सिर्फ कमीशनखोरी का जरिया हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा के इस 'भ्रष्ट तंत्र' को अब सांवेर की जनता और नहीं सहेगी। नेताओं ने मांग की है कि यदि मंत्रिमंडल का रि-शफल हुआ, तो सबसे पहले सिलावट की छुट्टी होनी चाहिए, क्योंकि उनके विभाग में चिराग तले अंधेरा है। इस निरीक्षण के दौरान जिला कांग्रेस के कोषाध्यक्ष हनी यादव, प्रमुख किसान नेता हंसराज मंडलोई और किसान नेता दिनेश पटेल भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।1
- जीआरपी ने चलती ट्रेनों में चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई अशोकनगर जिले के नरखेड़ निवासी आबिद खान की शिकायत के बाद शुरू हुई। आबिद खान ने शिकायत दर्ज कराई थी कि वह बीना-ग्वालियर पैसेंजर ट्रेन के जनरल कोच में यात्रा कर रहे थे, तभी अज्ञात बदमाशों ने उनके ट्रॉली बैग की चेन काटकर उसमें रखे सोने-चांदी के जेवर चोरी कर लिए थे। इस मामले की जांच के लिए जीआरपी गुना द्वारा एक विशेष टीम का गठन किया गया था। जांच के दौरान पुलिस ने सबसे पहले मुख्य आरोपी राजकुमार यादव को गिरफ्तार किया, जो उत्तर प्रदेश के एटा का रहने वाला है। मुख्य आरोपी की निशानदेही पर गिरोह के अन्य सदस्यों को भी दबोचा गया। इसके बाद पूछताछ में एक और चोरी का खुलासा हुआ, जिसके बाद दो और आरोपियों को पकड़ा गया। इस तरह पुलिस ने गिरोह के कुल 9 सदस्यों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। जीआरपी इंदौर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवेंद्र धुर्वे के अनुसार, यह शातिर गिरोह मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश सहित अन्य राज्यों में चलती ट्रेनों को अपना निशाना बनाता था। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही है, जिसमें पता चला है कि मुख्य सरगना राजकुमार यादव और एक अन्य आरोपी पर पहले से ही करीब 14 आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब ₹15 लाख मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात भी बरामद किए हैं।1
- सोशल मीडिया पर साझा की गई एक स्टोरी और बनाई गई रील को लेकर यह भावुक इच्छा जताई गई है कि काश यह हर घर की सच्चाई बन जाए। यदि यह कहानी और रील हर परिवार की हकीकत बन जाती है, तो देश में वृद्ध आश्रम की कोई आवश्यकता ही नहीं पड़ेगी। इसके साथ ही, दुनिया भर से 80 प्रतिशत केस भी गायब हो जाएंगे।1
- मध्य प्रदेश के इंदौर में धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ 'इस्तीफा दो' की मांग को लेकर पैदल यात्रा निकाली जाएगी। आगामी 14 जुलाई को इस पैदल यात्रा का आयोजन किया जाएगा, जिसके तहत कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया जाएगा।1
- देवेंद्र सोलंकी मित्र मंडल की ओर से प्रिय आशीष भाई को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएँ दी गई हैं। इस अवसर पर मित्र मंडल ने आशीष भाई के प्रति अपनी आत्मीयता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई संदेश प्रेषित किया है।1
- मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित आंचलिक विज्ञान केन्द्र में विकसित अत्याधुनिक ‘अंतरिक्ष अन्वेषण दीर्घा’ का लोकार्पण मंगलवार, 14 जुलाई 2026 को सायं 5:30 बजे किया जाएगा। इसका लोकार्पण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा भारत सरकार के केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह शेखावत की उपस्थिति में किया जाएगा। इस विशेष अवसर पर भारत सरकार, मध्यप्रदेश शासन, राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद्, जिला प्रशासन भोपाल तथा विभिन्न वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक संस्थानों के वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहेंगे। राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद् (संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार) की इकाई आंचलिक विज्ञान केन्द्र, भोपाल द्वारा विकसित यह अत्याधुनिक दीर्घा विज्ञान के लोकप्रियकरण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार और अनुभवात्मक विज्ञान शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस दीर्घा का विकास नेहरू साइंस सेंटर, मुंबई के तकनीकी मार्गदर्शन एवं जिला प्रशासन भोपाल के सहयोग से किया गया है। इस दीर्घा में आधुनिक डिजिटल तकनीकों, इंटरैक्टिव प्रदर्शों एवं वैज्ञानिक प्रस्तुतियों के माध्यम से आगंतुकों को ब्रह्माण्ड, आधुनिक ब्रह्माण्ड विज्ञान, मानव अंतरिक्ष अन्वेषण और भारत की गौरवशाली अंतरिक्ष यात्रा से परिचित कराया जाएगा। इसमें भारतीय ज्ञान परंपरा के नासदीय सूक्त और शून्य की अवधारणा से लेकर आर्यभट्ट, चंद्रयान-1, मंगलयान, चंद्रयान-3 और गगनयान जैसे भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रमों की उपलब्धियों को आकर्षक व वैज्ञानिक ढंग से प्रदर्शित किया गया है। इसके अलावा आगंतुकों को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) का अनुभव, स्पेस वॉक, स्पेस फ्लाइट सिम्युलेटर, चंद्र एवं मंगल ग्रह की त्रि-आयामी सतहों का अवलोकन, रॉकेट विज्ञान और कक्षीय यांत्रिकी से जुड़े सहभागितापूर्ण प्रदर्श भी देखने को मिलेंगे। यह अत्याधुनिक दीर्घा विद्यार्थियों, शिक्षकों, शोधार्थियों, विज्ञान प्रेमियों और आम नागरिकों में विज्ञान, प्रौद्योगिकी, अभियांत्रिकी एवं गणित (STEM) के प्रति रुचि विकसित करने के साथ-साथ अनुसंधान, नवाचार और वैज्ञानिक सोच को प्रोत्साहित करेगी। साथ ही यह मध्य प्रदेश में विज्ञान आधारित पर्यटन, विज्ञान संचार तथा अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी आधारित नवाचार पारितंत्र को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।1
- इंदौर के तेजाजी नगर थाना क्षेत्र की ग्वाला कॉलोनी में गौ माताओं की लगातार हो रही मौतों और सड़क हादसों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि कुछ डेयरी संचालक दूध निकालने के बाद गौ माताओं को खुले में सड़कों पर छोड़ देते हैं। इस लापरवाही के कारण आए दिन सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं और गौ माताओं की जान जा रही है।1