पश्चिम चंपारण के बैरिया प्रखंड में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए पूर्व मंत्री सह स्थानीय विधायक नारायण प्रसाद ने पुजहा बांध से लेकर आसाराम पटखौली तक के तटबंध का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जल संसाधन विभाग के अभियंताओं को बाढ़ से पहले सभी आवश्यक तैयारियां पूरी करने और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया। विधायक ने कहा कि हर वर्ष बाढ़ आने पर क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए समय रहते तटबंधों की मरम्मत और सुरक्षा कार्य पूरे कर लिए जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की क्षति से बचा जा सके। निरीक्षण के दौरान विधायक ने बताया कि पुजहा-पटजीरवा क्षेत्र में नदी का दबाव बढ़ता दिखाई दे रहा है, जिस पर विभाग को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। इस मौके पर बाढ़ संघर्षात्मक जल संसाधन विभाग के अध्यक्ष, सहायक अभियंता, उप अभियंता, भाजपा कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। गौरतलब है कि बीते सप्ताह आसाराम पटखौली के ग्रामीणों ने तटबंध की मरम्मत की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था, जिसके बाद विधायक के इस निरीक्षण को ग्रामीणों की उसी मांग और आक्रोश से जोड़कर देखा जा रहा है।
पश्चिम चंपारण के बैरिया प्रखंड में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए पूर्व मंत्री सह स्थानीय विधायक नारायण प्रसाद ने पुजहा बांध से लेकर आसाराम पटखौली तक के तटबंध का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जल संसाधन विभाग के अभियंताओं को बाढ़ से पहले सभी आवश्यक तैयारियां पूरी करने और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया। विधायक ने कहा कि हर वर्ष बाढ़ आने पर क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए समय रहते तटबंधों की मरम्मत और सुरक्षा कार्य पूरे कर लिए जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की क्षति से बचा जा सके। निरीक्षण के दौरान विधायक ने बताया कि पुजहा-पटजीरवा क्षेत्र में नदी का दबाव बढ़ता दिखाई दे रहा है, जिस पर विभाग को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। इस मौके पर बाढ़ संघर्षात्मक जल संसाधन विभाग के अध्यक्ष, सहायक अभियंता, उप अभियंता, भाजपा कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। गौरतलब है कि बीते सप्ताह आसाराम पटखौली के ग्रामीणों ने तटबंध की मरम्मत की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था, जिसके बाद विधायक के इस निरीक्षण को ग्रामीणों की उसी मांग और आक्रोश से जोड़कर देखा जा रहा है।
- पश्चिम चंपारण के नौतन अंतर्गत जगदीशपुर बाजार स्थित दुर्गा मंदिर के सामने संचालित एक निजी बंगाली क्लिनिक में शनिवार को इलाज के दौरान एक 10 वर्षीय मासूम बच्ची की मौत हो गई। इस दुखद घटना के बाद आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने क्लिनिक परिसर में जमकर हंगामा किया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। मृत बच्ची की पहचान बसवरिया झखरा निवासी मधुसूदन सहनी की 10 वर्षीय पुत्री किरण कुमारी के रूप में हुई है। मृतका की मां अनिता देवी ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी को दांत में दर्द की शिकायत थी। इलाज के लिए क्लिनिक ले जाने पर डॉक्टर एस.के. मंडल ने बिना किसी समुचित जांच के उसे ड्रिप चढ़ा दी। उनका आरोप है कि ड्रिप चढ़ाने के कुछ ही देर बाद बच्ची की तबीयत अचानक बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया। घटना के बाद पीड़ित परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, घटना के बाद क्लिनिक संचालक के मौके से खिसक जाने की भी चर्चा है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से क्षेत्र में सक्रिय रूप से संचालित हो रहे कथित झोलाछाप चिकित्सकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, क्योंकि ऐसे क्लिनिकों में इलाज के दौरान आए दिन गरीब मरीजों की जान जोखिम में पड़ रही है।1
- बलिया के सुखपुरा में संत यतीनाथ मंदिर परिसर में रविवार को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की स्थानीय इकाई की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में लोकतंत्र सेनानी और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के पूर्व जिला मंत्री दीनानाथ सिंह को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की गई। वक्ताओं ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया और आपातकाल के दौरान उनके योगदान तथा जेल में बिताए गए 18 महीनों को याद किया। बैठक में यह भी बताया गया कि उन्होंने पार्टी की ओर से रूस की यात्रा भी की थी। इसी बैठक में पार्टी के पूर्व जिला मंत्री सत्य प्रकाश सिंह को भी याद किया गया और वक्ताओं ने उनके निधन को पार्टी के लिए अपूरणीय क्षति बताया। इस अवसर पर जिला मंत्री लक्ष्मण पांडेय, रामानंद गोंड, विप्लव सिंह, गुलामन राजभर, डॉ. बैजनाथ सिंह, डॉ. सीताराम, श्याम नारायण चौहान और आयुष सिंह मौजूद रहे। बैठक की अध्यक्षता पारसनाथ सिंह ने की और संचालन यमुना वर्मा द्वारा किया गया।1
- पश्चिम चंपारण के बेतिया में आगामी 15 जुलाई को ऐतिहासिक नाटक 'फनिया वध' का मंचन किया जाएगा। जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी माननीय श्री राकेश कुमार ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि इस नाट्य प्रस्तुति का आयोजन गांधी सभागार बेतिया में किया जाएगा। यह ऐतिहासिक नाटक संगीत नाटक अकादमी, नई दिल्ली एवं कला, संस्कृति एवं युवा विभाग, बिहार सरकार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है।1
- सूरत में भारी बारिश और बाढ़ के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इस आपदा के कारण हुए विभिन्न हादसों में अब तक 43 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। कई इलाकों में जलभराव होने से व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इस संकट के बीच प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है।1
- पश्चिम चंपारण के बेतिया में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) कुमार गौतम ने ऐतिहासिक और आस्था के प्रमुख केंद्र सागर पोखरा मंदिर और उसके आसपास के इलाके का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मंदिर परिसर, आने-जाने वाले रास्तों और आसपास की गतिविधियों का बारीकी से जायजा लेते हुए तैनात पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। निरीक्षण के दौरान एसएसपी कुमार गौतम ने वहां मौजूद छात्रों और स्थानीय लोगों से संवाद किया और उन्हें सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि, व्यक्ति या वस्तु की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, क्योंकि पुलिस और जनता के बीच बेहतर तालमेल से ही अपराध पर नियंत्रण पाया जा सकता है। उन्होंने युवाओं से अफवाहों से बचने, सोशल मीडिया पर बिना जांचे-परखे कोई जानकारी साझा न करने तथा आपात स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करने को कहा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पश्चिम चंपारण पुलिस आम लोगों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सुरक्षा के मद्देनजर, पुलिस टीम ने मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था, पार्किंग, आवागमन के रास्तों और संवेदनशील स्थानों का गहन अवलोकन किया। अधिकारियों को नियमित गश्ती करने और असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखने का निर्देश दिया गया है। इस अवसर पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (सदर-1) समेत कई पुलिस अधिकारी और भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा, जिन्होंने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने की रणनीति पर चर्चा की।1
- पश्चिम चंपारण के पुलिस अधीक्षक कुमार गौतम ने शनिवार दोपहर को मझौलिया थाने का औचक निरीक्षण कर पुलिस व्यवस्था, लंबित मामलों, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। इस निरीक्षण के दौरान उन्होंने थाना परिसर की साफ-सफाई, अभिलेखों के रखरखाव, लंबित मामलों की प्रगति, गिरफ्तारी अभियान और अनुसंधान कार्यों का बारीकी से जायजा लिया। एसपी ने पुलिस अधिकारियों को फरार अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी, नियमित गश्त, प्रभावी वाहन जांच और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस कर्मियों को अनुशासित रहने, वर्दी में सजग व अपडेट रहने की नसीहत देते हुए कहा कि जनता की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और फरियादियों के साथ संवेदनशील व सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए। इसके अलावा, महोदीपुर में हुई हालिया बड़ी चोरी की घटना की समीक्षा करते हुए उन्होंने बताया कि मामले के खुलासे के लिए एक एसआईटी का गठन किया गया है। इस दौरान एसडीपीओ अजीत कुमार, इंस्पेक्टर मिथिलेश कुमार और थानाध्यक्ष अमर कुमार सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी भी मौजूद रहे।2
- पश्चिम चंपारण के बैरिया प्रखंड में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए पूर्व मंत्री सह स्थानीय विधायक नारायण प्रसाद ने पुजहा बांध से लेकर आसाराम पटखौली तक के तटबंध का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जल संसाधन विभाग के अभियंताओं को बाढ़ से पहले सभी आवश्यक तैयारियां पूरी करने और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया। विधायक ने कहा कि हर वर्ष बाढ़ आने पर क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए समय रहते तटबंधों की मरम्मत और सुरक्षा कार्य पूरे कर लिए जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की क्षति से बचा जा सके। निरीक्षण के दौरान विधायक ने बताया कि पुजहा-पटजीरवा क्षेत्र में नदी का दबाव बढ़ता दिखाई दे रहा है, जिस पर विभाग को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। इस मौके पर बाढ़ संघर्षात्मक जल संसाधन विभाग के अध्यक्ष, सहायक अभियंता, उप अभियंता, भाजपा कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। गौरतलब है कि बीते सप्ताह आसाराम पटखौली के ग्रामीणों ने तटबंध की मरम्मत की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था, जिसके बाद विधायक के इस निरीक्षण को ग्रामीणों की उसी मांग और आक्रोश से जोड़कर देखा जा रहा है।1
- बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के नौतन चकदहवा में बारिश के कारण जलजमाव हो गया है। इस समस्या पर किसी भी नेता का ध्यान बिल्कुल नहीं गया है। नेताओं की इस अनदेखी के कारण लोगों में भारी चिंता बनी हुई है और उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि आने वाले समय में क्षेत्र की क्या दशा होगी।1