रायगढ़ के पुसौर स्थित ग्राम पुटकापुरी के निवासी रामदास महंत लगभग 100 दिनों बाद अपने घर सकुशल लौट आए हैं। घर वापसी के बाद उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह से सौजन्य भेंट की, जहाँ एसएसपी ने उनके स्वास्थ्य का हाल जाना और उन्हें घर पर रहकर अपना ध्यान रखने की सलाह दी। एसएसपी ने रामदास को भरोसा दिलाया कि किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर वे बिना संकोच पुलिस और प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं। इस दौरान नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा और थाना प्रभारी पुसौर हर्षवर्धन सिंह बैस भी उपस्थित थे। एसएसपी ने थाना प्रभारी को निर्देशित किया कि वे समय-समय पर रामदास और उनके परिवार का कुशलक्षेम जानते रहें और आवश्यकता पड़ने पर हरसंभव मदद करें। रामदास महंत मानसिक रूप से अस्वस्थ होने के कारण करीब 100 दिन पहले घर से चले गए थे, जिनका कोई पता नहीं चल पा रहा था। सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली कि वे राजस्थान के सिरोही जिले में हैं। इस सूचना के बाद कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी और एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिला प्रशासन और पुलिस ने त्वरित कार्यवाही की। पुसौर थाना प्रभारी ने राजस्थान के मानव सेवा आश्रम से संपर्क कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की। जिला प्रशासन ने उनकी वापसी के लिए यात्रा की पूरी व्यवस्था, आर्थिक सहायता और रेल आरक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई। इस पूरी प्रक्रिया में सांसद राधेश्याम राठिया का भी महत्वपूर्ण सहयोग रहा। 30 जून 2026 को रामदास महंत राजस्थान से अपने गांव पहुंचे, जहां परिवार और ग्रामीणों ने भावुक होकर उनका स्वागत किया।
रायगढ़ के पुसौर स्थित ग्राम पुटकापुरी के निवासी रामदास महंत लगभग 100 दिनों बाद अपने घर सकुशल लौट आए हैं। घर वापसी के बाद उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह से सौजन्य भेंट की, जहाँ एसएसपी ने उनके स्वास्थ्य का हाल जाना और उन्हें घर पर रहकर अपना ध्यान रखने की सलाह दी। एसएसपी ने रामदास को भरोसा दिलाया कि किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर वे बिना संकोच पुलिस और प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं। इस दौरान नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा और थाना प्रभारी पुसौर हर्षवर्धन सिंह बैस भी उपस्थित थे। एसएसपी ने थाना प्रभारी को निर्देशित किया कि वे समय-समय पर रामदास और उनके परिवार का कुशलक्षेम जानते रहें और आवश्यकता पड़ने पर हरसंभव मदद करें। रामदास महंत मानसिक रूप से अस्वस्थ होने के कारण करीब 100 दिन पहले घर से चले गए थे, जिनका कोई पता नहीं चल पा रहा था। सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली कि वे राजस्थान के सिरोही जिले में हैं। इस सूचना के बाद कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी और एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिला प्रशासन और पुलिस ने त्वरित कार्यवाही की। पुसौर थाना प्रभारी ने राजस्थान के मानव सेवा आश्रम से संपर्क कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की। जिला प्रशासन ने उनकी वापसी के लिए यात्रा की पूरी व्यवस्था, आर्थिक सहायता और रेल आरक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई। इस पूरी प्रक्रिया में सांसद राधेश्याम राठिया का भी महत्वपूर्ण सहयोग रहा। 30 जून 2026 को रामदास महंत राजस्थान से अपने गांव पहुंचे, जहां परिवार और ग्रामीणों ने भावुक होकर उनका स्वागत किया।
- रायगढ़ के पुसौर स्थित ग्राम पुटकापुरी के निवासी रामदास महंत लगभग 100 दिनों बाद अपने घर सकुशल लौट आए हैं। घर वापसी के बाद उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह से सौजन्य भेंट की, जहाँ एसएसपी ने उनके स्वास्थ्य का हाल जाना और उन्हें घर पर रहकर अपना ध्यान रखने की सलाह दी। एसएसपी ने रामदास को भरोसा दिलाया कि किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर वे बिना संकोच पुलिस और प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं। इस दौरान नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा और थाना प्रभारी पुसौर हर्षवर्धन सिंह बैस भी उपस्थित थे। एसएसपी ने थाना प्रभारी को निर्देशित किया कि वे समय-समय पर रामदास और उनके परिवार का कुशलक्षेम जानते रहें और आवश्यकता पड़ने पर हरसंभव मदद करें। रामदास महंत मानसिक रूप से अस्वस्थ होने के कारण करीब 100 दिन पहले घर से चले गए थे, जिनका कोई पता नहीं चल पा रहा था। सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली कि वे राजस्थान के सिरोही जिले में हैं। इस सूचना के बाद कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी और एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिला प्रशासन और पुलिस ने त्वरित कार्यवाही की। पुसौर थाना प्रभारी ने राजस्थान के मानव सेवा आश्रम से संपर्क कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की। जिला प्रशासन ने उनकी वापसी के लिए यात्रा की पूरी व्यवस्था, आर्थिक सहायता और रेल आरक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई। इस पूरी प्रक्रिया में सांसद राधेश्याम राठिया का भी महत्वपूर्ण सहयोग रहा। 30 जून 2026 को रामदास महंत राजस्थान से अपने गांव पहुंचे, जहां परिवार और ग्रामीणों ने भावुक होकर उनका स्वागत किया।1
- सरगुजा जिले के अंबिकापुर में अजरदीप सोनवानी के डीजे सॉन्ग 'गोरिया बिहार वाली मौसी' को लेकर चर्चा देखी जा रही है। यह गाना स्थानीय स्तर पर लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है।4
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दमन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने देशवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले 11 वर्षों में भारत ने विकास, सुशासन और जनकल्याण के क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि केंद्र सरकार का मुख्य लक्ष्य योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना है, जिसके तहत गरीब, किसान, युवा और महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। दमन की इन परियोजनाओं को क्षेत्र के आर्थिक विकास, पर्यटन, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के लिए महत्वपूर्ण बताया गया है, जो विकसित भारत के निर्माण में सहायक होंगी। अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने देश की आर्थिक प्रगति पर प्रकाश डालते हुए डिजिटल इंडिया, मेक इन इंडिया, स्टार्टअप इंडिया और आत्मनिर्भर भारत जैसे अभियानों को भारत की नई पहचान बताया। उन्होंने कहा कि सरकार ने करोड़ों लोगों को पक्के घर, स्वच्छ पेयजल, बिजली, गैस कनेक्शन और मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की हैं। नारी शक्ति को विकास की मुख्य ताकत बताते हुए उन्होंने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण पर बल दिया, जबकि युवाओं के लिए नई शिक्षा नीति और कौशल विकास कार्यक्रमों को अवसर पैदा करने वाला बताया। वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को दोहराते हुए उन्होंने 140 करोड़ नागरिकों के सामूहिक प्रयास का आह्वान किया, ताकि भारत विश्व की अग्रणी शक्तियों में शामिल हो सके।1
- छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के उदयपुर में मौसम में स्पष्ट बदलाव देखा जा रहा है। स्थानीय स्तर पर मौसम के मिजाज को लेकर यह स्थिति बनी है कि अब आसमान के पूरी तरह साफ होने के कारण अगले कुछ दिनों तक बारिश की संभावना नहीं है। धूप का असर बढ़ गया है और फिलहाल क्षेत्र में बारिश के आसार पूरी तरह खत्म हो गए हैं।1
- अजदीप सोनवानी के डीजे गानों के संदर्भ में यह टिप्पणी की गई है कि यदि इसमें रुचि नहीं है, तो इसे नहीं सुना जाना चाहिए।3
- सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र के सोनतराई चौक में गुरुवार रात लगभग 9 बजे एक ट्रेलर और हाईवा के बीच जोरदार टक्कर हो गई। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रेलर में तत्काल आग लग गई, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस हादसे में तीन लोग झुलस गए, जिन्हें तुरंत उपचार के लिए सीतापुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए, प्राथमिक उपचार के बाद घायलों को अंबिकापुर अस्पताल रेफर कर दिया गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने साहस का परिचय देते हुए कड़ी मशक्कत के बाद ट्रेलर में लगी आग पर काबू पाया। सूचना मिलने पर पुलिस और संबंधित विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। फिलहाल, दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है, वहीं घायलों की पहचान और आग से हुए नुकसान का आकलन भी किया जा रहा है।1