मध्य प्रदेश के रीवा जिले में एक सड़क हादसे में दो दिगंबर जैन साध्वियों की मरण समाधि होने से सकल दिगंबर जैन समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इसी विरोध में सोमवार सुबह गुरसराय में बड़ी संख्या में जैन समाज के लोगों ने मौन जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। यह जुलूस गुरसराय स्थित दिगंबर जैन मंदिर से सुबह करीब 8 बजे प्रारंभ हुआ, जिसमें महिलाएं, पुरुष और बच्चे शामिल थे, और बाजार, मोदी चौराहा तथा कटरा तिराहा होते हुए पुनः जैन मंदिर पर समाप्त हुआ। जैन समाज के लोगों ने बताया कि रीवा जिले में जैन साध्वियां पद विहार कर रही थीं, तभी एक ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मरण समाधि हो गई। इस घटना के विरोध में देशभर में जैन समाज द्वारा मौन जुलूस और प्रदर्शन किए जा रहे हैं, और गुरसराय का प्रदर्शन इसी कड़ी का हिस्सा था। गुरसराय में समाज के सदस्यों ने एसडीएम सुनील कुमार को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से जैन साधु-साध्वियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष प्रोटोकॉल बनाए जाने की पुरजोर मांग की गई है।
मध्य प्रदेश के रीवा जिले में एक सड़क हादसे में दो दिगंबर जैन साध्वियों की मरण समाधि होने से सकल दिगंबर जैन समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इसी विरोध में सोमवार सुबह गुरसराय में बड़ी संख्या में जैन समाज के लोगों ने मौन जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। यह जुलूस गुरसराय स्थित दिगंबर जैन मंदिर से सुबह करीब 8 बजे प्रारंभ हुआ, जिसमें महिलाएं, पुरुष और बच्चे शामिल थे, और बाजार, मोदी चौराहा तथा कटरा तिराहा होते हुए पुनः जैन मंदिर पर समाप्त हुआ। जैन समाज के लोगों ने बताया कि रीवा जिले में जैन साध्वियां पद विहार कर रही थीं, तभी एक ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मरण समाधि हो गई। इस घटना के विरोध में देशभर में जैन समाज द्वारा मौन जुलूस और प्रदर्शन किए जा रहे हैं, और गुरसराय का प्रदर्शन इसी कड़ी का हिस्सा था। गुरसराय में समाज के सदस्यों ने एसडीएम सुनील कुमार को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से जैन साधु-साध्वियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष प्रोटोकॉल बनाए जाने की पुरजोर मांग की गई है।
- झांसी जिले की टहरौली तहसील के गुरसराय ब्लॉक और फतेहपुर थाना क्षेत्र में स्थित लहचूरा गाँव के तुर्का लहचूरा से प्रधान प्रदीप कुमार दीक्षित का उल्लेख किया गया है। इसी तुर्का लहचूरा से रिंकू लक्ष्कार का भी नाम सामने आया है।1
- मध्य प्रदेश के रीवा जिले में एक सड़क हादसे में दो दिगंबर जैन साध्वियों की मरण समाधि होने से सकल दिगंबर जैन समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इसी विरोध में सोमवार सुबह गुरसराय में बड़ी संख्या में जैन समाज के लोगों ने मौन जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। यह जुलूस गुरसराय स्थित दिगंबर जैन मंदिर से सुबह करीब 8 बजे प्रारंभ हुआ, जिसमें महिलाएं, पुरुष और बच्चे शामिल थे, और बाजार, मोदी चौराहा तथा कटरा तिराहा होते हुए पुनः जैन मंदिर पर समाप्त हुआ। जैन समाज के लोगों ने बताया कि रीवा जिले में जैन साध्वियां पद विहार कर रही थीं, तभी एक ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मरण समाधि हो गई। इस घटना के विरोध में देशभर में जैन समाज द्वारा मौन जुलूस और प्रदर्शन किए जा रहे हैं, और गुरसराय का प्रदर्शन इसी कड़ी का हिस्सा था। गुरसराय में समाज के सदस्यों ने एसडीएम सुनील कुमार को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से जैन साधु-साध्वियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष प्रोटोकॉल बनाए जाने की पुरजोर मांग की गई है।1
- राठ के नारायण गार्डन में 25 मई को दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत हुई। उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री रामकेस निषाद ने दीप प्रज्वलित कर इस कार्यक्रम का उद्घाटन किया, जिसकी अध्यक्षता जिला अध्यक्ष शकुंतला निषाद ने की। इस अवसर पर सदर विधायक डॉ मनोज प्रजापति, राठ विधायक मनीषा अनुरागी, जिला पंचायत अध्यक्ष जयंती राजपूत, उप सभापति ब्रजकिशोर गुप्ता और प्रशिक्षण कार्यक्रम के संयोजक अनिल यादव सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में लगभग 200 पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यक्रम के पहले दिन सात सत्रों का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न वक्ताओं ने संगठन के कार्यों, अनुशासन और देशभक्ति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण के दौरान देश की रक्षा के लिए महापुरुषों के बलिदान और राष्ट्रीय सुरक्षा के महत्व पर गहन चर्चा भी की गई। शामिल होने वाले पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में श्रीनिवास बुधौलिया, रामदुलारी चंद्रिका, राजपूत आराधना, अनीता राजपूत, अरविंद मुखिया, मनोज गुप्ता, महेंद्र शर्मा, विजय गुप्ता, सुनील पाठक और विजय पांडे सहित कई अन्य लोग प्रमुख रूप से उपस्थित थे। यह दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 26 मई को चार सत्रों के बाद संपन्न होगा।1
- भाई प्रतीक यादव की तेरहवीं के अवसर पर अखिलेश यादव कार्यक्रम में पहुँचे, जहाँ अपर्णा यादव ने उन्हें भोजन परोसा।1
- जालौन जिले के डकोर विकास खंड के टीकर और कुशमिलिया गांवों में भीषण आग लगने से कई परिवारों की जिंदगी पूरी तरह उजड़ गई है। आग इतनी भयावह थी कि देखते ही देखते घरों में रखा सारा सामान जलकर खाक हो गया, जिससे अब इन पीड़ित परिवारों के सामने खाने-पीने तक का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। बताया गया है कि शिवकुमार और उनका परिवार रात में अपने घर के अंदर सो रहा था, तभी मोहल्ले के लोगों ने घर से धुआं और आग की लपटें उठती देख शोर मचाकर उन्हें जगाया। हालांकि, परिवार के बाहर निकलने तक आग पूरे घर में बुरी तरह फैल चुकी थी। इस घटना की सूचना तुरंत फायर ब्रिगेड को दी गई, लेकिन जब तक दमकल की गाड़ी मौके पर पहुँचती, तब तक घरों में रखे कपड़े, बिस्तर, अनाज, घरेलू सामान और महत्वपूर्ण कागजात सहित सब कुछ जलकर राख हो चुका था। आग की इस त्रासदी ने कई परिवारों को पूरी तरह प्रभावित किया है, जिसके चलते वे अब खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं और भोजन के लिए भी दूसरों पर निर्भर हो गए हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल पीड़ित परिवारों को आर्थिक सहायता और आवश्यक राहत सामग्री उपलब्ध कराने की पुरजोर मांग की है।1
- कानपुर में मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) द्वारा गठित मेडिकल टीम ने अपनी संशोधित जांच रिपोर्ट पुलिस कमिश्नर को सौंप दी है। इस रिपोर्ट में पारस अस्पताल और कृष्णा अस्पताल पर इलाज में हुई अत्यधिक देरी को गंभीर लापरवाही माना गया है, जिसके परिणामस्वरूप पीड़ित का हाथ काटना पड़ा। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया है कि इन दोनों अस्पतालों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। वहीं, रिपोर्ट में आईटीबीपी और पुलिस के बीच किसी भी प्रकार के विवाद की बात से भी इनकार किया गया है।1
- झांसी जिले के टोड़ीफतेहपुर थाना क्षेत्र के बुढाई गाँव में 22 मई 2026 को 35 वर्षीय श्रीमती रजनी अहिरवार, पत्नी भूपत अहिरवार, की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। इस जघन्य वारदात के संबंध में टोड़ीफतेहपुर थाने में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा संख्या 54/2026, धारा 103 (1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया था। झांसी पुलिस ने इस मामले का सफलतापूर्वक अनावरण करते हुए अभियुक्त रक्षपाल बघेल को गिरफ्तार किया है। 43 वर्षीय रक्षपाल बघेल, जो बुढाई गाँव, थाना टोड़ीफतेहपुर, जनपद झांसी का निवासी है, को इस हत्याकांड के आरोप में पकड़ा गया है। अभियुक्त रक्षपाल की निशानदेही पर पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई आलाकत्ल कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली है। गिरफ्तारी और बरामदगी के बाद, अभियुक्त रक्षपाल को नियमानुसार माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।1
- हमारी सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह किसी भी व्यक्ति की आस्था, पूजा-पद्धति और धार्मिक स्वतंत्रता के खिलाफ नहीं है। हालाँकि, सरकार ने चेतावनी दी है कि नमाज़ के नाम पर कानून को अपने हाथ में लेने की अनुमति किसी को भी नहीं दी जाएगी। सरकार ने यह भी बताया है कि उत्तराखंड में नमाज़ केवल निर्धारित और उपयुक्त स्थानों पर ही पढ़ी जाएगी।1