जालौन कोतवाली क्षेत्र में शुक्रवार देर रात पुलिस और एक शातिर बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में बदमाश के पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया। जानकारी के अनुसार, एसओजी, सर्विलांस टीम और जालौन कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम देर रात जालौन-कोंच मार्ग पर ग्राम लोना जाने वाले रास्ते के पास संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर एक संदिग्ध युवक को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाब में पुलिस द्वारा आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा और पुलिस ने उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान चुर्खी निवासी कमलेश के पुत्र छोटेलाल उर्फ लादेन के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, दो जिंदा कारतूस और दो खोखा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी के खिलाफ पूर्व से भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं और उसके आपराधिक इतिहास की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। मुठभेड़ की सूचना पर अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है।
जालौन कोतवाली क्षेत्र में शुक्रवार देर रात पुलिस और एक शातिर बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में बदमाश के पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया। जानकारी के अनुसार, एसओजी, सर्विलांस टीम और जालौन कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम देर रात जालौन-कोंच मार्ग पर ग्राम लोना जाने वाले रास्ते के पास संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर एक संदिग्ध युवक को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाब में पुलिस द्वारा आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा और पुलिस ने उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान चुर्खी निवासी कमलेश के पुत्र छोटेलाल उर्फ लादेन के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, दो जिंदा कारतूस और दो खोखा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी के खिलाफ पूर्व से भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं और उसके आपराधिक इतिहास की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। मुठभेड़ की सूचना पर अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है।
- जालौन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे एक अभियान के तहत देर रात लौना-पावर हाउस उदोतपुरा मार्ग पर पुलिस और एक कुख्यात बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ में चुर्खी निवासी छोटेलाल उर्फ लादेन नामक बदमाश के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, घेराबंदी के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके जवाब में की गई कार्रवाई में उसे गोली लगी। पुलिस ने घायल बदमाश के कब्जे से एक अवैध तमंचा, कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। बताया गया है कि इस आरोपी पर कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। घटना की सूचना मिलने पर एएसपी डॉ. ईशान सोनी और सीओ शैलेंद्र बाजपेई ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया। घायल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है, और पुलिस इस मामले में अग्रिम कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।1
- जालौन नगर के पक्का तालाब पर शुक्रवार शाम करीब 6:30 बजे उपजिलाधिकारी एवं संयुक्त मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही ने इंजीनियरों, जेई और नगर पालिका अधिकारियों के साथ औचक निरीक्षण किया, जिससे मौके पर हलचल बढ़ गई। उन्होंने पक्का तालाब पार्क में कराए गए कार्यों की बारीकी से समीक्षा की और जहाँ-जहाँ कमियाँ मिलीं, वहाँ अधिकारियों को तुरंत सुधार के निर्देश दिए। एसडीएम रिंकू सिंह राही ने पक्का तालाब को नगर का सबसे सुंदर और आदर्श पर्यटन स्थल बनाने की अपनी मंशा जताई, यह कहते हुए कि 'आदर्श तालाब केवल नाम का नहीं, बल्कि वास्तविकता में आदर्श दिखाई देना चाहिए'। उन्होंने स्पष्ट किया कि आने वाले समय में यह तालाब जालौन की पहचान बनेगा और इसके विकास में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान कुछ कार्यों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने अधिकारियों से जवाब तलब किया, जिस पर नगर पालिका अधिकारियों ने कमियों को दूर करने और मरम्मत कार्य पूरा करने के लिए 15 दिन का समय मांगा तथा गुणवत्ता के साथ कार्य करने का आश्वासन दिया। एसडीएम ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी कि 'सरकार का पैसा जनता का पैसा है, इसका मतलब यह नहीं कि उसे लूट लिया जाए। विकास कार्यों में एक-एक रुपये का हिसाब होना चाहिए।' उन्होंने कहा कि यदि मरम्मत के बाद भी कोई कमी या अनियमितता पाई गई, तो संबंधित कार्यों और सामग्री की तकनीकी जांच कराई जाएगी। इस निरीक्षण के दौरान एसडीएम रिंकू सिंह राही केवल अधिकारी के रूप में नहीं, बल्कि एक जिम्मेदार जनसेवक के तौर पर नजर आए। उन्होंने देर शाम तक पार्क में मौजूद रहकर आम नागरिकों से संवाद किया, उनकी शिकायतें सुनीं और कई समस्याओं के समाधान के लिए मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। स्थानीय लोगों ने भी खुलकर अपनी बात रखी, जिसमें कई नागरिकों ने बताया कि अक्सर अधिकारियों के आने पर ही सफाई, पानी और अन्य व्यवस्थाएँ सक्रिय होती हैं; शुक्रवार को भी एसडीएम के पहुँचते ही जल छिड़काव के लिए नगर पालिका का टैंकर मौके पर पहुँच गया। उन्होंने पार्क की साफ-सफाई, प्रकाश, पेयजल, हरियाली सहित अन्य व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाते हुए उन्होंने नागरिकों से स्वच्छ भारत ऐप डाउनलोड करने और शिकायतें सीधे ऐप के माध्यम से दर्ज करने की अपील की, साथ ही भरोसा दिलाया कि यदि कहीं सुनवाई नहीं होती तो प्रशासन जनता की सेवा के लिए सदैव तत्पर रहेगा। निरीक्षण के दौरान जहाँ अधिकारी उनके निर्देशों को गंभीरता से नोट करते दिखे, वहीं बच्चे, बुजुर्ग और आम नागरिक उनसे बेझिझक अपनी बात कहते नजर आए। उनके इस सहज और संवेदनशील व्यवहार के कारण कई स्थानीय लोगों ने उन्हें 'जनता का सिंघम' कहकर संबोधित किया। विश्वसनीय सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, उपजिलाधिकारी एवं संयुक्त मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही अब प्रतिदिन शाम 6 बजे के बाद नगर के पक्का तालाब परिसर में पहुँचकर आम जनमानस से सीधे संवाद करेंगे, जहाँ नागरिक अपनी समस्याएँ, सुझाव और शिकायतें सीधे उनके समक्ष रख सकेंगे, जिससे जनसुनवाई और त्वरित समस्या समाधान की व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके। पक्का तालाब पर देर शाम तक चला यह निरीक्षण केवल एक औपचारिक दौरा नहीं था, बल्कि यह एक स्पष्ट संदेश था कि जालौन में विकास कार्य अब केवल फाइलों तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि उनकी गुणवत्ता भी प्रशासन की कसौटी पर परखी जाएगी। यदि सभी योजनाएँ सफलतापूर्वक लागू होती हैं, तो आने वाले समय में जालौन का पक्का तालाब वास्तव में एक आदर्श तालाब और आकर्षक पर्यटन स्थल के रूप में अपनी नई पहचान बनाएगा।2
- जालौन में एसडीएम आईएएस रिंकू सिंह राही मुरली मनोहर तालाब के निरीक्षण पर पहुँचे, जिसका उद्देश्य केवल औपचारिक जाँच नहीं बल्कि व्यवस्था की नब्ज टटोलना था। इस दौरान जहाँ भी कमियाँ दिखीं, वहाँ सुधार के लिए सख्त निर्देश दिए गए। उनका यह सख्त अंदाज चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि अधिकारी फाइलों से निकलकर मौके पर पहुँचे, जिससे विकास की रफ्तार और जवाबदेही दोनों बढ़ती दिख रही हैं। इस निरीक्षण को एक बड़े बदलाव की आहट माना जा रहा है। पोस्ट में कहा गया है कि जिस प्रकार तूफान आने से पहले हवाएँ अपना रुख बदलने लगती हैं, उसी प्रकार जब प्रशासनिक सख्ती मैदान में उतरती है तो लापरवाही खुद रास्ता बदल लेती है, जो एसडीएम रिंकू सिंह राही के इस कदम से स्पष्ट संदेश देता है।1
- जालौन में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं पर दर्ज मुकदमों को लेकर सियासी माहौल गरमा गया है। सांसद नारायण दास अहिरवार ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुलिस प्रशासन की इस कार्रवाई पर कड़ा एतराज जताया है, इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन करार दिया। उन्होंने बताया कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और जनसमस्याओं के विरोध में समाजवादी पार्टी द्वारा पूर्व सूचना देकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया गया था। सांसद अहिरवार ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद पुलिस ने सपा जिलाध्यक्ष समेत कई पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के खिलाफ मुकदमे दर्ज कर लिए, जो प्रशासन द्वारा विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास है। उन्होंने जानकारी दी कि पुलिस ने 50 लोगों को नामजद करते हुए करीब 200 अज्ञात व्यक्तियों पर भी मुकदमा दर्ज किया है, जिसे पूरी तरह अनुचित और दुर्भावनापूर्ण कार्रवाई बताया गया है। सांसद के अनुसार, जनता के मुद्दों को उठाना विपक्ष का संवैधानिक दायित्व है और शांतिपूर्ण विरोध को अपराध की तरह पेश करना लोकतंत्र के लिए चिंताजनक है। प्रेस वार्ता में मौजूद अन्य सपा नेताओं ने भी प्रशासनिक कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए इन मुकदमों को तत्काल वापस लेने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि निर्दोष कार्यकर्ताओं पर दर्ज ये मुकदमे वापस नहीं लिए जाते, तो समाजवादी पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से एक व्यापक आंदोलन शुरू करेगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।1
- जालौन के कोंच तहसील क्षेत्र के ग्राम पिरौना में सरकारी भूमि पर कथित अतिक्रमण और गंदगी फैलाने का गंभीर मामला सामने आया है। गांव निवासी रामदयाल पुत्र हरदास ने शुक्रवार को जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराकर प्रशासन से इस पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। शिकायत संख्या 40016526010369 के अनुसार, रामदयाल ने आरोप लगाया है कि उनके निवास के समीप रहने वाले राजेंद्र पुत्र लल्लू और कुछ अन्य लोग लगातार अपने घरों का कूड़ा, गोबर तथा अन्य अपशिष्ट पदार्थ एक खाली स्थान पर डाल रहे हैं। शिकायतकर्ता का कहना है कि इस गतिविधि से न केवल पूरे क्षेत्र में गंदगी फैल रही है, बल्कि संबंधित भूमि पर धीरे-धीरे कब्जा करने का प्रयास भी किया जा रहा है। रामदयाल ने अपने प्रार्थना पत्र में यह भी बताया कि उन्होंने कई बार संबंधित लोगों को सफाई बनाए रखने और कूड़ा-गोबर न डालने के लिए समझाने की कोशिश की, लेकिन उनकी बात नहीं मानी गई। आरोप है कि चेतावनी देने के बावजूद उक्त लोग उसी स्थान पर अपशिष्ट डालते रहे, जिससे स्थानीय निवासियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीड़ित ने जनसुनवाई पोर्टल के माध्यम से प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और जिन लोगों द्वारा कूड़ा-गोबर डालकर अतिक्रमण किया जा रहा है, उनके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई हो। यह शिकायत राजस्व एवं आपदा विभाग को भेजी गई है और इसे विभागीय संपत्ति अथवा भूमि पर अतिक्रमण से संबंधित श्रेणी में दर्ज किया गया है। शिकायत 12 जून 2026 को दर्ज की गई है। अब ग्रामीणों की निगाहें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हैं कि शिकायत की जांच कर दोषियों के विरुद्ध क्या कदम उठाए जाते हैं, क्योंकि ग्रामीणों का मानना है कि यदि समय रहते ऐसे मामलों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो गांवों में सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण और स्वच्छता संबंधी समस्याएं और अधिक गंभीर हो सकती हैं।1
- जालौन में SDM रिंकू सिंह राही ने नगर पालिका के अधिकारियों के साथ मिलकर शहर की सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने खुद नंगे पैर चलकर सड़कों और गलियों की स्थिति को परखा, ताकि यह देखा जा सके कि सफाई कैसी है। इस दौरान स्थानीय लोगों ने SDM को बताया कि उन्हें टहलने में दिक्कत होती है, क्योंकि सफाई का उचित प्रबंध नहीं है। साथ ही, नागरिकों ने यह भी शिकायत की कि शाम के समय यहां अराजकतत्व शराब का सेवन करते हैं, जिससे माहौल खराब होता है। इन शिकायतों के मद्देनजर, अराजकतत्वों की समस्या से निपटने के लिए पुलिस गश्त की बात कही गई।1
- जालौन जिले के जालौन नगर क्षेत्र में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही ने पक्का तालाब का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने वहाँ की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और स्थानीय लोगों के साथ संवाद स्थापित किया।2
- जालौन में उपजिलाधिकारी रिंकू सिंह राही ने शुक्रवार सुबह नगर में औचक निरीक्षण कर प्रशासनिक कार्यशैली की एक अनूठी मिसाल पेश की। सुबह करीब 7:30 से 8 बजे के बीच, एसडीएम ने नगर के प्रसिद्ध पक्का तालाब क्षेत्र का जायजा लिया और वहां की व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्थानीय निवासियों से सीधे संवाद कर नगर पालिका की डोर-टू-डोर कूड़ा संग्रहण व्यवस्था की जानकारी ली और पूछा कि क्या कूड़ा गाड़ी नियमित रूप से घरों से कूड़ा उठाती है। नागरिकों ने इस पर संतोषजनक प्रतिक्रिया देते हुए व्यवस्था को बेहतर बताया। इसके बाद, उपजिलाधिकारी ने पक्का तालाब के पास स्थित पार्क का पैदल भ्रमण किया। उन्होंने पार्क की साफ-सफाई, हरियाली और बच्चों के लिए लगाए गए झूलों की स्थिति का बारीकी से निरीक्षण किया। झूलों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए, उन्होंने स्वयं एक झूले पर बैठकर उसे जांचा, जो उनकी संवेदनशीलता को दर्शाता है। निरीक्षण के दौरान, एसडीएम ने पार्क में मौजूद एक नन्ही बच्ची सादिया से भी आत्मीयता से बातचीत की। उन्होंने सादिया और नई पीढ़ी के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश देते हुए मोबाइल फोन के सीमित उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने समझाया कि आजकल मोबाइल हमें कम और हम मोबाइल का ज्यादा उपयोग करते हैं, और बड़ी कंपनियां आकर्षक सामग्री से बच्चों व युवाओं को बांधे रखना चाहती हैं, जिससे मोबाइल की लत बढ़ती जा रही है। एसडीएम ने सादिया से नियमित रूप से पार्क आकर खेलकूद करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। उन्होंने सादिया से यह भी पूछा कि पार्क को और बेहतर बनाने के लिए उसकी क्या मांगें हैं, जिस पर सादिया ने फूलों की संख्या बढ़ाने और छोटे बच्चों के लिए अलग झूले लगाने का सुझाव दिया। सादिया ने बाद में खुशी व्यक्त करते हुए कहा, "मुझे सर से बात करके बहुत अच्छा लगा। मैंने उनसे नए झूलों की मांग की है। उन्होंने मुझे समझाया कि मोबाइल हमें एक जाल में फंसा सकता है, इसलिए उसका कम उपयोग करना चाहिए।" एसडीएम रिंकू सिंह राही की यह पहल, जिसमें उन्होंने सुबह-सुबह नगर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया, स्थानीय लोगों से सीधा संवाद स्थापित किया और बच्चों को सकारात्मक संदेश दिया, नगरवासियों के बीच चर्चा का विषय बनी रही। लोगों ने उनकी इस कार्यशैली को संवेदनशील और जनसरोकारों से जुड़ी प्रशासनिक कार्यप्रणाली का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।3
- जनपद जालौन के कालपी नगर में मंगलवार रात मुख्य बाजार टरननगंज में क्रेट के लेन-देन को लेकर शुरू हुआ एक मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बन गया। रात करीब साढ़े नौ बजे हुई इस वारदात में दो पक्षों के बीच जमकर लाठी-डंडे चले, जिसने बाजार को रणक्षेत्र में तब्दील कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मामूली कहासुनी के बाद स्थिति इतनी बेकाबू हो गई कि कुछ ही मिनटों में लाठी-डंडों से हमला शुरू हो गया। इस दौरान स्थानीय सब्जी विक्रेता नासिर को निशाना बनाते हुए कुछ लोगों ने एकजुट होकर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। अचानक हुई इस घटना से बाजार में मौजूद दुकानदारों और ग्राहकों में हड़कंप मच गया और वे अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। कई दुकानदारों ने तत्काल अपनी दुकानें बंद कर दीं, जबकि राहगीरों में भी भय का माहौल पैदा हो गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कई लोग एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला करते दिखाई दे रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने घायल नासिर को तत्काल उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा और बाजार में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर माहौल को शांत कराया। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है और वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर रही है। इस हिंसक वारदात के बाद स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों में भारी रोष देखने को मिल रहा है। उनका कहना है कि नगर के सबसे व्यस्त बाजार में सरेआम हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। लोगों ने यह चिंता भी व्यक्त की कि यदि समय रहते पुलिस नहीं पहुंचती तो घटना और भी गंभीर रूप ले सकती थी। कालपी के बीच बाजार में हुई इस सनसनीखेज घटना ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का सवाल है कि यदि सार्वजनिक स्थानों पर इस तरह खुलेआम दबंगई और हिंसा होती रही तो आम नागरिक और व्यापारी खुद को सुरक्षित कैसे महसूस करेंगे। फिलहाल, वायरल वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर पुलिस जांच जारी है, और सभी की निगाहें दोषियों पर होने वाली पुलिस कार्रवाई और बाजार में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठाए जाने वाले कदमों पर टिकी हैं। इस घटना ने पूरे कालपी क्षेत्र में दहशत और चर्चा का माहौल पैदा कर दिया है।2