Shuru
Apke Nagar Ki App…
गोरखपुर के कौड़िया विकास खंड स्थित डीहाघाट ग्राम सभा में पानी निकासी के लिए इंजीनियरों द्वारा तैयार की गई 'आधुनिक नाली' और उनकी 'नई तकनीक' को लेकर सवाल उठ रहे हैं। यह मामला आज क्षेत्र में भारी चर्चा का विषय बना हुआ है। निर्माण कार्य की इस स्थिति को लेकर भ्रष्ट अधिकारियों पर सीधा निशाना साधा गया है और यह सवाल उठाया जा रहा है कि इस तरह के भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ क्या सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
तुलसी कुमार कश्यप
गोरखपुर के कौड़िया विकास खंड स्थित डीहाघाट ग्राम सभा में पानी निकासी के लिए इंजीनियरों द्वारा तैयार की गई 'आधुनिक नाली' और उनकी 'नई तकनीक' को लेकर सवाल उठ रहे हैं। यह मामला आज क्षेत्र में भारी चर्चा का विषय बना हुआ है। निर्माण कार्य की इस स्थिति को लेकर भ्रष्ट अधिकारियों पर सीधा निशाना साधा गया है और यह सवाल उठाया जा रहा है कि इस तरह के भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ क्या सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- गोरखपुर में 'पूर्वांचल गांधी' डॉ. संपूर्णानंद मल्ल अनशन पर बैठ गए हैं। उन्होंने वीसी (VC) पूनम टंडन पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं।1
- गोरखपुर नगर निगम के वार्ड संख्या 43, शाहपुर की भाजपा पार्षद ज्ञानती देवी का नामांकन और निर्वाचन निरस्त कर दिया गया है। एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट ने 23 जुलाई, गुरुवार को यह फैसला सुनाया है। याचिका में ज्ञानती देवी पर तथ्यों को छुपाने का आरोप लगाया गया था, जिसे कोर्ट ने सही माना है। फैसले की कॉपी जिला निर्वाचन अधिकारी नगरीय निकाय को भेज दी गई है। वर्ष 2023 के नगरीय निकाय चुनाव में वार्ड नंबर 43 की सीट महिला उम्मीदवार के लिए आरक्षित थी। पूर्व पार्षद चंद्रशेखर सिंह ने अपनी माता ज्ञानती देवी को भाजपा के टिकट पर इस सीट से चुनाव लड़ाया था। वहीं आम आदमी पार्टी के सिंबल पर चुनाव लड़ने वाली प्रत्याशी अर्चना शुक्ला ने ज्ञानती देवी के नामांकन और निर्वाचन को चुनौती देते हुए जिला जज के समक्ष याचिका दाखिल की थी। बाद में इस वाद को निस्तारण के लिए एडीजे कोर्ट स्थानांतरित किया गया था, जहाँ दोनों पक्षों की सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने अपना फैसला दिया। इस मामले में जिला निर्वाचन अधिकारी दीपक मीणा ने जानकारी दी कि वे अभी आदेश का अवलोकन नहीं कर सके हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोर्ट का जैसा भी आदेश होगा, उसी के अनुरूप आगे की कार्यवाही की जाएगी।1
- गोरखपुर विश्वविद्यालय द्वारा पूर्वांचल गांधी डॉक्टर संपूर्णानंद मल्ल को अयोग्य ठहराकर निष्कासित कर दिया गया है, जिसे पूरी तरीके से गलत और अमानवीय कृत्य माना जा रहा है। इस कार्रवाई के विरोध में पूर्वांचल गांधी ने ऐलान किया है कि यदि प्रोफेसर के पद पर उनकी बहाली नहीं की गई, तो वे अगस्त क्रांति के महीने में लखनऊ के राज भवन के सामने तिरंगा उठाकर इस अन्याय और नाइंसाफी के विरुद्ध प्रदर्शन करेंगे।1
- गोरखपुर के विश्वविद्यालय गेट पर अधिवक्ताओं ने काली पट्टी बांधकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है। अधिवक्ताओं ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के समर्थन में यह विरोध जताया है और छात्रों की माँगों के साथ खड़े रहने का ऐलान किया है।1
- संत कबीर नगर जनपद में महिला संबंधी अपराधों और गैंगस्टर एक्ट के मामलों के त्वरित निस्तारण को लेकर पुलिस अधीक्षक श्री संदीप कुमार मीना ने पुलिस कार्यालय में अर्दली रूम का आयोजन किया। इस दौरान उन्होंने लंबित व आंशिक विवेचनाओं की बिंदुवार समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। इस अर्दली रूम में क्षेत्राधिकारी धनघटा अभयनाथ मिश्रा, क्षेत्राधिकारी मेंहदावल सर्वदवन सिंह, क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद प्रियम राजशेखर पाण्डेय सहित जनपद के समस्त थाना प्रभारी, थानाध्यक्ष, उपनिरीक्षक, विवेचक, हेडमुहर्रिर और अपराध शाखा के संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे। समीक्षा के दौरान गैंगस्टर अधिनियम तथा महिला संबंधी गंभीर अपराधों—जैसे हत्या, दहेज हत्या, बलात्कार, अपहरण, शीलभंग, छेड़खानी एवं 105 बीएनएस व 109 बीएनएस की धाराओं से संबंधित विवेचनाओं में लापरवाही बरतने पर पुलिस अधीक्षक का कड़ा रुख देखने को मिला। उन्होंने 09 विवेचकों की प्रारंभिक जांच, 01 विवेचक से स्पष्टीकरण तथा 04 विवेचकों से विवेचनाएं थाना से अपराध शाखा को स्थानांतरित करने का आदेश दिया। विवेचकों को भविष्य में शिथिलता न बरतने की चेतावनी दी गई तथा साक्ष्यों के वैज्ञानिक संकलन और यक्ष ऐप, E-समन व S-ID प्रणाली जैसी आधुनिक तकनीकों के अधिकतम प्रयोग के निर्देश दिए गए। आगामी सावन पर्व के दृष्टिगत जनपद में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए समस्त थाना प्रभारियों को संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी, पैदल गश्त, निरोधात्मक कार्रवाई और असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखने का निर्देश दिया गया। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि महिला संबंधी अपराधों एवं संगठित अपराधों में त्वरित, निष्पक्ष व गुणवत्तापूर्ण विवेचना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।3
- गोरखपुर के कौड़िया विकास खंड स्थित डीहाघाट ग्राम सभा में पानी निकासी के लिए इंजीनियरों द्वारा तैयार की गई 'आधुनिक नाली' और उनकी 'नई तकनीक' को लेकर सवाल उठ रहे हैं। यह मामला आज क्षेत्र में भारी चर्चा का विषय बना हुआ है। निर्माण कार्य की इस स्थिति को लेकर भ्रष्ट अधिकारियों पर सीधा निशाना साधा गया है और यह सवाल उठाया जा रहा है कि इस तरह के भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ क्या सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।1
- संतकबीरनगर के SP संदीप कुमार मीना ने शुक्रवार की सुबह खलीलाबाद स्थित पुलिस लाइन के परेड ग्राउंड में साप्ताहिक परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सभी पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के समय तय मानकों के अनुसार वर्दी पहनने के निर्देश दिए। SP ने अनुशासित कार्यशैली अपनाने के साथ-साथ आमजन के साथ विनम्र, संवेदनशील और सम्मानजनक व्यवहार बनाए रखने पर विशेष बल दिया। इसके बाद उन्होंने स्वयं जवानों के साथ दौड़ लगाई और नियमित व्यायाम व फिटनेस का महत्व समझाया। उन्होंने टोलीवार ड्रिल का अभ्यास कराया और अनुशासन, समन्वय व एकरूपता बनाए रखते हुए सभी कर्मियों को शारीरिक और मानसिक रूप से active रहने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के उपरांत SP ने रिजर्व पुलिस लाइन परिसर का भ्रमण कर विभिन्न शाखाओं का जायजा लिया। उन्होंने मेस, गणना कार्यालय, शस्त्रागार, डायल-112 कार्यालय, यातायात कार्यालय और आर्मी बैरक का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परिसरों की साफ-सफाई, अभिलेखों के सही रख-रखाव और अन्य व्यवस्थाओं को देखा और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।1
- गोरखपुर में राप्ती नदी में मलाव निवासी 70 वर्षीय सर्राफा कारोबारी रामलाल वर्मा का शव उतराता मिलने से सनसनी फैल गई। रामलाल वर्मा बुधवार सुबह कौड़ीराम स्थित घर से कटरा मलांव में दुकान खोलने निकले थे, लेकिन देर शाम तक नहीं पहुंचे। अगले दिन बेलीपार थाना क्षेत्र के कनइल-कसिहार बंधे के पास नदी में उनका शव बरामद हुआ। घटनास्थल पर खून के निशान, चप्पल, शराब की खाली बोतलें और मृतक की गर्दन पर कट का निशान मिलने के बाद परिजनों ने हत्या की आशंका जताई थी। पुलिस ने महज कुछ ही घंटे में घटना का खुलासा करते हुए छात्र सहित दो लोगों को गिरफ्तार किया और एक बाल अपचारी को अभिरक्षा में लिया है। एसपी साउथ दिनेश पुरी ने बताया कि हत्या की साजिश 10वीं के 19 वर्षीय छात्र प्रिंस ने रची थी। प्रिंस ने कारोबारी से बाइक खरीदने के लिए ₹1 लाख उधार लिए थे। रुपये न लौटाने पड़ें, इसलिए उसने रामलाल वर्मा को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया। पुराना परिचय होने के कारण बुधवार सुबह कसिहार ऑटो स्टैंड से प्रिंस ने कारोबारी को दुकान छोड़ने के बहाने बाइक पर बैठा लिया। रास्ते में उसने अपने ममेरे भाई अंशू (18) को बैठाया और फिर दोनों उन्हें भगवान राम के दर्शन कराने के बहाने कनइल कसिहार बांध के पास मंदिर ले गए। मंदिर के पास प्रिंस का मौसेरा भाई दिव्यांश पांडेय और एक किशोर पहले से मौजूद थे। वहां पहुंचने पर अंशू ने कारोबारी के दोनों हाथ पीछे से पकड़ लिए और छात्र प्रिंस ने जेब से चाकू निकालकर उनकी गर्दन पर 6 वार कर दिए। कारोबारी के लहूलुहान होकर गिरने और मौत होने के बाद आरोपी शव को 500 मीटर तक घसीटकर राप्ती नदी में फेंककर फरार हो गए। पुलिस ने गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से वारदात में इस्तेमाल चाकू, बाइक, सोने के आभूषण और नगदी बरामद की है।1