*मीनी नंदिनी कृषक समृद्धि योजना* 1. वर्ष 2024-25 में उक्त योजना में जनपद चित्रकूट को 04 का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। 2. लाभार्थी का चयन ई-लाटरी के माध्यम से किया जायेगा। 3. 10 गाय की इकाई जिसमें साहीवाल, गिर, थारपारकर प्रजाति की गाय के परियोजना लागत 23.60 लाख का 50 प्रतिशत अधिकतम 11.80 लाख का अनुदान 02 चरणों में देय है। 4. लाभार्थी अंश 15 प्रतिशत, बैंक ऋण 35 प्रतिशत तथा इकाई लागत का अधिकतम 50 प्रतिशत अनुदान। 5. आधारभूत संरचना तैयार करने के उपरान्त प्रथम चरण का अनुदान (इकाई लागत का 25 प्रतिशत) 6. गाय कय के उपरान्त द्वितीय चरण का अनुदान (इकाई लागत का 25 प्रतिशत) 7. वर्ष 2024-25 के लक्ष्य के सापेक्ष 04 लाभार्थियों की प्रथम किश्त 25 प्रतिशत (590000 रूपये) लाभार्थियों के खाते में जा चुकी है। *मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना* 1. प्रदेश में स्वदेशी उन्नत नस्ल की गायों की संख्या में वृद्धि एवं नस्ल सुधार। 2. योजनान्तर्गत गिर, साहीवाल, हरियाना एवं थारपारकर नस्त की 02 गाय की लागत 2 लाख का अधिकतम 40 प्रतिशत अधिकतम 80000 अनुदान देय है। 3. लाभार्थी का चयन ई-लाटरी के माध्यम से किया जायेगा। 4. जनपद में वर्ष 2024-25 में 25 लक्ष्य के सापेक्ष 20 लाभार्थियों को 80000 अनुदान दिया जा चुका है। 5. जनपद में वर्ष 2025-26 में 28 लक्ष्य के सापेक्ष 22 लाभार्थियों को 80000 अनुदान दिया जा चुका है।
*मीनी नंदिनी कृषक समृद्धि योजना* 1. वर्ष 2024-25 में उक्त योजना में जनपद चित्रकूट को 04 का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। 2. लाभार्थी का चयन ई-लाटरी के माध्यम से किया जायेगा। 3. 10 गाय की इकाई जिसमें साहीवाल, गिर, थारपारकर प्रजाति की गाय के परियोजना लागत 23.60 लाख का 50 प्रतिशत अधिकतम 11.80 लाख का अनुदान 02 चरणों में देय है। 4. लाभार्थी अंश 15 प्रतिशत, बैंक ऋण 35 प्रतिशत तथा इकाई लागत का अधिकतम 50 प्रतिशत अनुदान। 5. आधारभूत संरचना तैयार करने के उपरान्त प्रथम चरण का अनुदान (इकाई लागत का 25 प्रतिशत) 6. गाय कय के उपरान्त द्वितीय चरण का अनुदान (इकाई लागत का 25 प्रतिशत) 7. वर्ष 2024-25 के लक्ष्य के सापेक्ष 04 लाभार्थियों की प्रथम किश्त 25 प्रतिशत (590000 रूपये) लाभार्थियों के खाते में जा चुकी है। *मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना* 1. प्रदेश में स्वदेशी उन्नत नस्ल की गायों की संख्या में वृद्धि एवं नस्ल सुधार। 2. योजनान्तर्गत गिर, साहीवाल, हरियाना एवं थारपारकर नस्त की 02 गाय की लागत 2 लाख का अधिकतम 40 प्रतिशत अधिकतम 80000 अनुदान देय है। 3. लाभार्थी का चयन ई-लाटरी के माध्यम से किया जायेगा। 4. जनपद में वर्ष 2024-25 में 25 लक्ष्य के सापेक्ष 20 लाभार्थियों को 80000 अनुदान दिया जा चुका है। 5. जनपद में वर्ष 2025-26 में 28 लक्ष्य के सापेक्ष 22 लाभार्थियों को 80000 अनुदान दिया जा चुका है।
- *जिलाधिकारी ने किया दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ (पराग डेयरी) का औचक निरीक्षण; व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के दिए निर्देश* दिनांक: 02 अप्रैल, 2026 जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग द्वारा आज दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड (पराग डेयरी) का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने दुग्ध प्रसंस्करण, संचयन और गुणवत्ता नियंत्रण मानकों का गहन अवलोकन किया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश निर्गत किए। जिलाधिकारी ने सर्वप्रथम प्रोसेसिंग हॉल का निरीक्षण किया। प्रधान प्रबंधक (दुग्ध) श्री शारदा प्रसाद ने अवगत कराया कि वर्तमान में लगभग 20-22 गांवों से प्रतिदिन लगभग 2200 लीटर दुग्ध की आवक हो रही है। उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों के अतिरिक्त बांदा जनपद के कुछ क्षेत्रों से भी दुग्ध प्राप्त किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने प्रधान प्रबंधक को उन सभी ग्राम पंचायतों की विस्तृत सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिए जहाँ से दुग्ध की आपूर्ति की जा रही है। साथ ही, प्लांट की भूमि के स्वामित्व के संबंध में जानकारी लेते हुए अभिलेखों की स्थिति स्पष्ट करने को कहा। दुग्ध खरीद रजिस्टर के अवलोकन के दौरान पाया गया कि निरीक्षण के दिन कुल 2230 लीटर दुग्ध प्राप्त हुआ। जिलाधिकारी ने गुणवत्ता परीक्षण प्रणाली की कार्यप्रणाली को समझा। प्रधान प्रबंधक ने बताया कि ग्राम पंचायतों में टेस्टिंग मशीनें स्थापित होने से फैट और मिलावट की जांच मौके पर ही संभव हो गई है। इसी सतर्कता के चलते मिलावट पाए जाने पर आज 40 लीटर दुग्ध रिजेक्ट किया गया। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि दुग्ध परीक्षण के मानकों का एक स्पष्ट चार्ट सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित किया जाए ताकि पशुपालकों में पारदर्शिता बनी रहे। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने संयंत्र के आधुनिकीकरण पर बल दिया। जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि जो बीएमसी और वाहन जर्जर अवस्था में हैं, उनके लिए तत्काल एक कमेटी गठित कर नियमानुसार नीलामी की कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। प्रधान प्रबंधक द्वारा भविष्य में शुद्ध पनीर, खोया और पैकिंग मशीनरी की आवश्यकता जताई गई ताकि उत्पादों को मार्केट में सीधे बेचा जा सके। जिलाधिकारी ने इन प्रस्तावों पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया। जिलाधिकारी ने संपूर्ण परिसर में उच्च स्तरीय स्वच्छता बनाए रखने के कड़े निर्देश दिए। भुगतान प्रक्रिया की समीक्षा करते हुए उन्होंने यह सुनिश्चित करने को कहा कि दुग्ध उत्पादकों को उनके देयकों का भुगतान साप्ताहिक आधार पर बिना किसी विलंब के किया जाए। उल्लेखनीय है कि गत वर्ष की तुलना में दुग्ध संकलन में महत्वपूर्ण वृद्धि दर्ज की गई है, जो पिछले वर्ष के 250 लीटर से बढ़कर इस वर्ष लगभग 1100 लीटर (औसत) तक पहुँच गई है। निरीक्षण के दौरान प्रधान प्रबंधक श्री शारदा प्रसाद, डेयरी इंचार्ज श्री छोटे लाल सिंह सहित अन्य विभागीय कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग ने बताया कि बुंदेलखंड क्षेत्रीय विकास निधि में शासन द्वारा सात करोड़ की स्वीकृति प्राप्त हुई है। बुंदेलखंड जिलांस में 27करोड की निधि प्राप्त हुई है एवं त्वरित आर्थिक विकास में 10 करोड़ की निधि प्राप्त हुई है। उन्होंने बताया कि माननीय जनप्रतिनिधियों द्वारा जो प्रस्ताव दिया गया था उसको कार्यदायी संस्थाओं के माध्यम से बनवाकर शासन को भेजा गया था जिसमें विशेष कर सड़कों से संबंधित संबंधित है । शासन द्वारा धनराशि प्राप्त होने पर जनपद के विकास के लिए नए आयाम प्रशस्त होंगे।1
- Post by Abhay TV News1
- Post by BHARAT PUBLIC NEWS1
- चित्रकूट को मिली करोड़ों की विकास निधि, सड़कों सहित कई परियोजनाओं को मिलेगी रफ्तार चित्रकूट से बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां जिले के विकास के लिए करोड़ों रुपये की निधि स्वीकृत की गई है। जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने जानकारी देते हुए बताया कि बुंदेलखंड क्षेत्रीय विकास निधि के अंतर्गत शासन द्वारा 7 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। इसके अलावा पूरे बुंदेलखंड के जिलों के लिए कुल 27 करोड़ रुपये की निधि प्राप्त हुई है, जबकि त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत 10 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि भी स्वीकृत की गई है। जिलाधिकारी ने बताया कि जनप्रतिनिधियों द्वारा दिए गए प्रस्तावों को कार्यदायी संस्थाओं के माध्यम से तैयार कर शासन को भेजा गया था, जिनमें प्रमुख रूप से सड़कों से संबंधित परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि शासन से धनराशि प्राप्त होने के बाद जनपद में विकास कार्यों को गति मिलेगी और नए आयाम स्थापित होंगे। (बाइट: जिलाधिकारी पुलकित गर्ग)1
- Post by संजय राणा पत्रकार चित्रकूट1
- Post by Prakash Pathak Satna1
- जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने बताया कि बुंदेलखंड क्षेत्रीय विकास निधि में शासन द्वारा सात करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। इसी तरह बुंदेलखंड के जिलों के लिए 27 करोड़ रुपये और त्वरित आर्थिक विकास के लिए 10 करोड़ रुपये की निधि प्राप्त हुई है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तावित कार्यों को कार्यदायी संस्थाओं के माध्यम से शासन को भेजा गया था, जिनमें मुख्य रूप से सड़कों का विकास है। शासन से धनराशि मिलने पर जनपद के विकास के नए आयाम खुलेंगे।1