शामली ज़िले के कैराना क्षेत्र के पावटी कलां गाँव में सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) के कार्यकर्ताओं ने पार्टी का स्थापना दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने पार्टी का झंडा फहराया और पार्टी की विचारधारा व उद्देश्यों को जन-जन तक पहुँचाने का संकल्प लिया। ग्राम पंचायत पावटी कलां में आयोजित इस कार्यक्रम में क्षेत्र के पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता एकत्रित हुए, जहाँ उन्होंने एक-दूसरे को स्थापना दिवस की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने पार्टी को मज़बूत बनाने तथा समाज के कमज़ोर एवं वंचित वर्गों की आवाज़ बुलंद करने का भी संकल्प लिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि एसडीपीआई भूख और ख़ौफ़ से आज़ादी के साथ-साथ जनहित से जुड़े मुद्दों पर लगातार काम कर रही है। उन्होंने पार्टी की संविधान एवं लोकतांत्रिक मूल्यों को मज़बूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई और आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का प्रण लिया। कार्यकर्ताओं ने पार्टी के विस्तार, युवाओं को पार्टी से जोड़ने और क्षेत्र की जनसमस्याओं को प्रमुखता से उठाने जैसे विषयों पर भी चर्चा की। पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें कार्यकर्ताओं में विशेष उत्साह देखने को मिला।
शामली ज़िले के कैराना क्षेत्र के पावटी कलां गाँव में सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) के कार्यकर्ताओं ने पार्टी का स्थापना दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने पार्टी का झंडा फहराया और पार्टी की विचारधारा व उद्देश्यों को जन-जन तक पहुँचाने का संकल्प लिया। ग्राम पंचायत पावटी कलां में आयोजित इस कार्यक्रम में क्षेत्र के पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता एकत्रित हुए, जहाँ उन्होंने एक-दूसरे को स्थापना दिवस की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने पार्टी को मज़बूत बनाने तथा समाज के कमज़ोर एवं वंचित वर्गों की आवाज़ बुलंद करने का भी संकल्प लिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि एसडीपीआई भूख और ख़ौफ़ से आज़ादी के साथ-साथ जनहित से जुड़े मुद्दों पर लगातार काम कर रही है। उन्होंने पार्टी की संविधान एवं लोकतांत्रिक मूल्यों को मज़बूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई और आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का प्रण लिया। कार्यकर्ताओं ने पार्टी के विस्तार, युवाओं को पार्टी से जोड़ने और क्षेत्र की जनसमस्याओं को प्रमुखता से उठाने जैसे विषयों पर भी चर्चा की। पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें कार्यकर्ताओं में विशेष उत्साह देखने को मिला।
- कनिना महेंद्रगढ़ के विधायक कवर सिंह यादव ने श्री कृष्णा गोशाला का निरीक्षण किया।1
- कांधला में स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली और कथित प्रताड़ना से तंग आकर एक महिला ने थाने के मुख्य गेट पर धरना दिया। न्याय की मांग को लेकर बैठी इस महिला ने विरोध का एक अनोखा तरीका अपनाते हुए थाने के सामने ही हनुमान चालीसा का पाठ शुरू कर दिया। इस घटना के बाद से पुलिस प्रशासन के रवैये पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। पीड़ित महिला का आरोप है कि पुलिस द्वारा उसे लगातार प्रताड़ित किया जा रहा है और उसकी शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। महिला के अनुसार, पुलिस ने उसके पति की रेहड़ी को हटवा दिया है, जो उनके परिवार के भरण-पोषण का एकमात्र आय का साधन है। महिला काफी देर तक थाने के गेट पर डटी रही और बाद में पुलिस द्वारा समझाने पर उसने अपना धरना समाप्त कर दिया। यह मामला कस्बे में चर्चा का विषय बना हुआ है।4
- शामली जनपद के कांधला में, पशु क्रूरता और अवैध पशु परिवहन से जुड़े एक मामले में कांधला पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे वांछित आरोपी धीरज पुत्र रामपाल को गिरफ्तार कर लिया है, जो कन्नौज जनपद के ग्राम रसूलाबाद, थाना बिश्नगढ़ का निवासी है। इस गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। यह मामला तब सामने आया था जब कुछ समय पूर्व थाना कांधला पुलिस ने दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर ग्राम एलम के निकट वाहन चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध ट्रक को रोका था। जांच के दौरान, पुलिस ने पाया कि ट्रक में पशुओं को अमानवीय और क्रूरतापूर्ण तरीके से ठूंस-ठूंस कर भरा गया था। पुलिस की कार्रवाई के समय ट्रक में मौजूद आरोपी वाहन को मौके पर छोड़कर फरार हो गए थे। इसके बाद, थाना कांधला में पशु क्रूरता अधिनियम और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस अधीक्षक शामली, एन.पी. सिंह के निर्देश पर चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत फरार आरोपियों की तलाश लगातार जारी थी, और इसी क्रम में कांधला पुलिस ने आरोपी धीरज को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, इस प्रकरण में शामिल एक अन्य आरोपी जियालाल को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि बाकी आरोपियों की तलाश अभी भी जारी है।1
- अतरौली में पशुओं के लिए चारा कूटते समय एक दर्दनाक हादसा हो गया। थ्रेसर मशीन में फंसने से एक व्यक्ति के दोनों पैर कट गए, जिससे मौके पर ही उसकी दर्दनाक मौत हो गई।1
- शामली जनपद के बिडोली सादात गांव में मोहर्रम की पांचवी तारीख, रविवार को, नवासे रसूल हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम और उनके फ़रज़न्द हज़रत अली अकबर अलैहिस्सलाम की शहादत की याद में एक मातमी जलूस निकाला गया। इस गमगीन जलूस में अलम, ताबूत और ज़ुलजना भी बरामद किए गए, जिनकी सभी सोगवारों ने ज़ियारत की। यह जलूस पूर्व प्रधान फ़ज़ल अली उर्फ अच्छू मिया की कोठी से शुरू होकर गांव की गलियों से गुज़रा और वापस कोठी दरगाह पर आकर समाप्त हुआ। जलूस में शामिल बूढ़े-बुजुर्ग और अन्य सोगवार सीनाज़नी करते हुए नज़र आए। सलीम शाह, खुर्रम, सय्यद कमर अब्बास, मोहर्रम अली, मोहम्मद अली सहित कई लोगों ने सबील-ए-कर्बला का इंतज़ाम किया। इस दौरान मीठा शर्बत, खाना और चाय का वितरण भी किया गया। ग्राम बिडोली के वर्तमान प्रधान कपिल कुमार ने जलूस के रास्ते की सफाई और निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था कराई, वहीं स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह अलर्ट रहा। जलूस से पहले एक मजलिस का आगाज़ किया गया, जिसे मौलाना मोहम्मद वसीम (बहराइच) ने खिताब फ़रमाया। उन्होंने मज़लूमों और लाचारों की मदद करने को नेक काम बताया और दुनिया में अच्छे काम करके नेक बनने का संदेश दिया। मौलाना ने भाईचारे का पैगाम देते हुए कहा कि यही दीन-ए-इस्लाम है। उन्होंने नवासे रसूल हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम के फ़रज़न्द हज़रत अली अकबर अलैहिस्सलाम के मसाएब बयान किए और बताया कि कर्बला वालों ने दीन-ए-इस्लाम पर कुर्बानियां पेश की हैं। उन्होंने ज़ोर दिया कि मोहम्मद आले मोहम्मद के घराने वालों ने कर्बला के मैदान में शहीद होकर यह साबित कर दिया कि दीन-ए-इस्लाम ज़िंदा है। मौलाना के मसाएब बयान करते रहने के दौरान सोगवार रोते रहे। इसके बाद मातमी जलूस निकाला गया, जिसमें वसी हैदर, गुड्डू मिया, अली रज़ा, शौकीन हुसैन, हाशिम शाह और मोहम्मद ज़ैदी जैसे नोहे खानों ने नोहे पढ़े। पूर्व प्रधान फ़ज़ल अली उर्फ अच्छू मिया ने बताया कि मोहर्रम का यह महीना गम का महीना है, जिसमें नवासे रसूल और उनके खानदान वालों ने कर्बला के मैदान में दीन-ए-इस्लाम पर कुर्बानी देकर उसे बचाया था। उन्होंने बताया कि इस माह में कर्बला वालों पर ज़ुल्म हुआ था और यह जलूस हर साल उन्हीं कर्बला वालों की याद में निकाला जाता है। इस अवसर पर सय्यद वसी हैदर, शौकीन हुसैन, हाशिम शाह, नफीश शाह, सय्यद कमर अब्बास, डॉक्टर बाक़र ज़ैदी, हुसैन अली, बाकिर शाह, हुसैन अब्बास, हसन रज़ा, बाक़र ज़ैदी, सज्जाद मेहदी, मंसूर शाह, कादिर अली, गुड्डू गाज़ीपुर, फूलमिया, शाकिर अली, लियाकत शाह, अज़ीम शाह, फ़राज़ मेहदी, डॉक्टर रजी बाक़र ज़ैदी, मन्नन मिया, अल्लन मिया, ओवेस अली, जावेद अली, मोहसिन अली, काज़िम अली, असगर मेहदी, मोहर्रम अली, कमर रज़ा ज़ैदी, ज़िंदा शाह, हामिद शाह, तस्लीम शाह, खालिद शाह, ज़िया मेहदी, इकबाल हैदर, आगाज़ रज़ा, ज़ाकिर शाह, मेहताब मेहदी, गुलाम अली, आफताब मेहदी, फूल मिया और गुड्डू ज़ैदी सहित कई लोग उपस्थित रहे।3
- शामली के कांधला थाना के ठीक सामने एक महिला अपनी 10 वर्षीय बेटी के साथ धरने पर बैठ गई। यह महिला अपनी रेडी (ठेला/स्टॉल) हटाए जाने से नाराज़ थी, जिसके विरोध में उसने यह कदम उठाया। धरने के दौरान महिला ने हनुमान चालीसा का पाठ किया और पत्तों पर 'राम-राम' भी लिखा।1
- पुलिस ने ₹60 लाख की धोखाधड़ी के मामले का पर्दाफ़ाश करते हुए तीन शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है। इन ठगों पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप है, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ने में सफलता हासिल की।1
- पलवल में छोटे बच्चों ने योग किया और इसके माध्यम से एक बड़ा और महत्वपूर्ण संदेश दिया है। यह जानकारी टुडे24 न्यूज़ के हवाले से सामने आई है।1