संवत्सरी महापर्व पर आत्मा के जागरण का संदेश आचार्य शिवमुनि जी ने कहा—देह नहीं, आत्मा को महत्व देकर मोक्ष का लक्ष्य बनाएं सूरत। आत्मज्ञानी सद्गुरुदेव आचार्य सम्राट डॉ. श्री शिवमुनि जी म.सा. के सान्निध्य में पर्युषण महापर्व के आठवें दिन संवत्सरी महापर्व श्रद्धा एवं तपस्या के साथ मनाया गया। श्रावक-श्राविकाओं ने अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर सामूहिक प्रतिक्रमण, उपवास, पौषध, प्रायश्चित एवं आलोचना के माध्यम से कर्मों की निर्जरा की। अवध संगरीला के बैंक्वेट हॉल में आयोजित विशाल धर्मसभा को संबोधित करते हुए आचार्य भगवन ने कहा कि पर्व वही है, जो जीवन को उत्साह और आनंद से भर दे। संवत्सरी महापर्व विशिष्ट रूप से आत्मावलोकन, आलोचना, प्रतिक्रमण और प्रायश्चित का पर्व है। उन्होंने कहा कि इस दिन अंतरहृदय से संकल्प करें कि मुझे इस संसार सागर से पार होकर मुक्त होना है। लक्ष्य निर्धारित करें कि मुझे सिद्ध बनना है। आचार्यश्री ने कहा कि मनुष्य की सबसे बड़ी भूल देह को ही सब कुछ मान लेना और आत्मा को भूल जाना है। साढ़े तीन हाथ की काया में आत्मा के महत्व को समझकर भीतर का होश जागृत रखना चाहिए। एकत्व भावना और आत्मा में रमण करने से वीतरागता की दिशा में आगे बढ़कर मोक्ष का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। प्रमुख मंत्री श्री शिरीष मुनि जी म.सा. ने संवत्सरी को क्षमापना एवं आत्मबोध का पर्व बताते हुए सभी जीवों से क्षमा मांगकर मन को हल्का करने का संदेश दिया। युवामनिषी श्री शुभम मुनि जी म.सा. ने अंतकृत दशांग सूत्र के आठवें वर्ग का विवेचन किया। श्री शमित मुनि जी म.सा. ने सूत्र का मूल वाचन किया। इस अवसर पर तपस्वियों का सम्मान किया गया तथा प्रभावना भी वितरित की गई।
संवत्सरी महापर्व पर आत्मा के जागरण का संदेश आचार्य शिवमुनि जी ने कहा—देह नहीं, आत्मा को महत्व देकर मोक्ष का लक्ष्य बनाएं सूरत। आत्मज्ञानी सद्गुरुदेव आचार्य सम्राट डॉ. श्री शिवमुनि जी म.सा. के सान्निध्य में पर्युषण महापर्व के आठवें दिन संवत्सरी महापर्व श्रद्धा एवं तपस्या के साथ मनाया गया। श्रावक-श्राविकाओं ने अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर सामूहिक प्रतिक्रमण, उपवास, पौषध, प्रायश्चित एवं आलोचना के माध्यम से कर्मों की निर्जरा की। अवध संगरीला के बैंक्वेट हॉल में आयोजित विशाल धर्मसभा को संबोधित करते हुए आचार्य भगवन ने कहा कि पर्व वही है, जो जीवन को उत्साह और आनंद से भर दे। संवत्सरी महापर्व विशिष्ट रूप से आत्मावलोकन, आलोचना, प्रतिक्रमण और प्रायश्चित का पर्व है। उन्होंने कहा कि इस दिन अंतरहृदय से संकल्प करें कि मुझे इस संसार सागर से पार होकर मुक्त होना है। लक्ष्य निर्धारित करें कि मुझे सिद्ध बनना है। आचार्यश्री ने कहा कि मनुष्य की सबसे बड़ी भूल देह को ही सब कुछ मान लेना और आत्मा को भूल जाना है। साढ़े तीन हाथ की काया में आत्मा के महत्व को समझकर भीतर का होश जागृत रखना चाहिए। एकत्व भावना और आत्मा में रमण करने से वीतरागता की दिशा में आगे बढ़कर मोक्ष का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। प्रमुख मंत्री श्री शिरीष मुनि जी म.सा. ने संवत्सरी को क्षमापना एवं आत्मबोध का पर्व बताते हुए सभी जीवों से क्षमा मांगकर मन को हल्का करने का संदेश दिया। युवामनिषी श्री शुभम मुनि जी म.सा. ने अंतकृत दशांग सूत्र के आठवें वर्ग का विवेचन किया। श्री शमित मुनि जी म.सा. ने सूत्र का मूल वाचन किया। इस अवसर पर तपस्वियों का सम्मान किया गया तथा प्रभावना भी वितरित की गई।
- સુરતની પી.પી. સવાણી સ્કૂલના હોસ્ટેલમાં ફૂડ પોઈઝનિંગ મામલે ABVPનું ઉગ્ર આંદોલન, ફૂડ પોઈઝનિંગથી અનેક વિદ્યાર્થીઓ બીમાર પડતાં હોસ્પિટલમાં સારવાર અપાઈ હતી,1
- સુરતના પંડિત દિન દયાલ ઉપાધ્યાય ભાજપ કાર્યાલયથી વડનગરથી વારાણસી જનાર કળશ યાત્રાનો શુભારંભ કરાયૂ ભારતીય જનતા પાર્ટીના સુરત મહાનગર અધ્યક્ષ શ્રી પરેશ ભાઈ પટેલ મહામંત્રી શ્રી દુર્ગા પ્રસાદ પાંડેજી ભારતીય જનતા પાર્ટી દ્વારા યાત્રાનું પ્રસ્થાન કરવામા આવ્યું સુરતના પંડિત દિન દયાલ ઉપાધ્યાય ભાજપ કાર્યાલયથી વડનગરથી વારાણસી જનાર કળશ યાત્રાનો શુભારંભ કરાયૂ ભારતીય જનતા પાર્ટીના સુરત મહાનગર અધ્યક્ષ શ્રી પરેશ ભાઈ પટેલ મહામંત્રી શ્રી દુર્ગા પ્રસાદ પાંડેજી ભારતીય જનતા પાર્ટી દ્વારા યાત્રાનું પ્રસ્થાન કરવામા આવ્યું1
- ટ્રાફિક જામ હોવા છતા પુર ઝડપે વનવેમા જતા વાહન ચાલકો ને અંકુશ કરવા જરૂરી શહેર આખામા વિકાસ નુ કામ ચાલતુ હોય ટ્રાફિક જામ ની સમસ્યા રહેલી છે તેમ છતા જીવના જોખમ વાહન ચાલકો પુર ઝડપે વનવે મા વાહન હંકારતા જાવા મળે છે તેઓ પોતાનો જીવ જોખમ મા મુકે છે સાથે અન્ય વાહનચાલકો માટે પણ જોખમ ઉભુ કરે છે આવા લોકો ને સમજાવવા મુશ્કેલ છે એટલે આપણે આપણી સલામતી પહેલા કરવી.1
- 🩸 थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों के लिए रक्तदान शिविर शुरू सूरत में थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों की मदद के लिए एक सराहनीय पहल की गई है। सचिन पुलिस स्टेशन, सचिन GIDC पुलिस स्टेशन और एल.पी. सवाणी स्कूल, पालणपोर के संयुक्त आयोजन में रक्तदान शिविर शुरू किया गया है। इस अभियान का उद्देश्य थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों के लिए आवश्यक रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करना और उन्हें जीवन की नई उम्मीद देना है। आयोजकों की ओर से शहरवासियों से अपील की गई है कि इस नेक पहल में अधिक से अधिक लोग आगे आएं और रक्तदान कर मानवता का फर्ज निभाएं। आपके द्वारा किया गया रक्तदान किसी जरूरतमंद बच्चे के लिए जीवन की उम्मीद बन सकता है। तो आइए... आगे बढ़िए, रक्तदान कीजिए और किसी के जीवन को बचाने में अपना योगदान दीजिए। रक्तदान करें, जीवन बचाएं। 🩸❤️ R Republic News1
- सूरत-कडोदरा से राजस्थानी समाज के गौ माता मित्र मंडल एवं लाडली ग्रुप द्वारा बाबा रामदेवरा की भव्य पैदल यात्रा निकाली गई। यात्रा में करीब 800 श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया।1
- डिंडोली तलाव मछलियों के मरने की सूचना पर छठ पूजा मानव सेवा ट्रस्ट के प्रमुख गुलजारीलाल उपाध्याय ने कहा!1
- વાહન ચોરીના વણશોધાયેલ ગુનાનો ભેદ ગણતરીની કલાકોમાં ઉકેલી કાઢી આરોપીને ઝડપી પાડતી સલાબતપુરા પોલીસ ટીમ. વાહન ચોરીના વણશોધાયેલ ગુનાનો ભેદ ગણતરીની કલાકોમાં ઉકેલી કાઢી આરોપીને ઝડપી પાડતી1
- સુરત શહેર ઝોન-૭ ડીસીપી શ્રીમતી શેફાલી બારવાલ સાહેબે વૃદ્ધાશ્રમ ખાતે વડીલો સાથે જન્મદિવસની ઉજવણી કરી, તેમના આશીર્વાદ મેળવી ખુશીઓ વહેંચી1