एक मुकदमे में हार मिलने से बौखलाए राम छबीले ने दिनांक 12 मई 2026 को शाम 5 बजे बहराइच से 20 से 25 गुंडे बुलाए। इन गुंडों ने आते ही निर्दोष लोगों के घरों को गिराना शुरू कर दिया। महेश के भाई रमेश ने निहत्थे ही बहराइच से आए इन लोगों को समझाने की कोशिश की, जिस पर गुंडों ने कुल्हाड़ी और अन्य धारदार हथियारों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया। रमेश को खून से लथपथ शव अवस्था में देखकर वहाँ उपस्थित लोगों ने गुंडों को खदेड़ दिया, जिसके बाद रमेश का इलाज लखनऊ ड्रामा सेंटर से चल रहा है। इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि कानून ने निर्दोषों को दोषी ठहराया है, जबकि पूरी घटना को अंजाम देने वाले बहराइच के गुंडे आज भी सरेआम घूम रहे हैं। पोस्ट में 'इंसाफ नहीं हुआ, यही है अंधा कानून पैसे वालों का' कहते हुए, 'निष्पक्ष जांच व न्याय' की जोरदार मांग की गई है।
एक मुकदमे में हार मिलने से बौखलाए राम छबीले ने दिनांक 12 मई 2026 को शाम 5 बजे बहराइच से 20 से 25 गुंडे बुलाए। इन गुंडों ने आते ही निर्दोष लोगों के घरों को गिराना शुरू कर दिया। महेश के भाई रमेश ने निहत्थे ही बहराइच से आए इन लोगों को समझाने की कोशिश की, जिस पर गुंडों ने कुल्हाड़ी और अन्य धारदार हथियारों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया। रमेश को खून से लथपथ शव अवस्था में देखकर वहाँ उपस्थित लोगों ने गुंडों को खदेड़ दिया, जिसके बाद रमेश का इलाज लखनऊ ड्रामा सेंटर से चल रहा है। इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि कानून ने निर्दोषों को दोषी ठहराया है, जबकि पूरी घटना को अंजाम देने वाले बहराइच के गुंडे आज भी सरेआम घूम रहे हैं। पोस्ट में 'इंसाफ नहीं हुआ, यही है अंधा कानून पैसे वालों का' कहते हुए, 'निष्पक्ष जांच व न्याय' की जोरदार मांग की गई है।
- Pradeep Kumarजमुनहा, श्रावस्ती, उत्तर प्रदेशन्याय दो 🙏🙏 साल से आए2 hrs ago
- मटेरा मौजा लीला के ग्राम धर्मपुर में नालियों की बदहाली के कारण स्थानीय जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के चलते कई लोगों के घरों में पानी भर रहा है, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं। ग्रामीणों का कहना है कि काफी समय हो गया है, सालों से इस नाली की कोई मरम्मत नहीं हुई है, जिसके कारण यह गंभीर समस्या उत्पन्न हुई है। ग्रामीणों ने जब इस समस्या को लेकर मौजूदा प्रधान से शिकायत की, तो प्रधान ने यह कहते हुए काम कराने से इनकार कर दिया कि सरकार ने उन्हें इस काम के लिए न तो कोई पैसा दिया है और न ही नालियों का काम करने की इजाजत मिली है, इसलिए वे अपनी तरफ से काम कैसे कराएं। इस पर जनता ने आरोप लगाया है कि प्रधान ने उन्हें बेवकूफ बनाने का काम किया है। ग्रामीणों ने अधिकारियों से अनुरोध किया है कि इस मामले में कार्रवाई की जाए और जनता के लिए काम किया जाए, ताकि उन्हें इस परेशानी से निजात मिल सके।1
- बहराइच जिले की नानपारा तहसील के नगर पंचायत रूपईडीहा अंतर्गत बरथानवा वार्ड नंबर 9 में कथित 'विकास' की स्थिति पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षेत्र में सड़क और नाली की स्थिति इतनी खराब है कि यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा कि सड़क नाली पर बनी है या नाली सड़क पर। यह अव्यवस्था स्थानीय निवासियों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। इस समस्या को लेकर शिकायतें भी दर्ज कराई गई हैं, लेकिन शिकायत करने पर केवल इतना बताया गया कि काम हो जाएगा, यह नहीं बताया गया कि कब तक। इस अस्पष्ट आश्वासन और समाधान में हो रही देरी के कारण लोगों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। स्थानीय निवासियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि सड़क का निर्माण जल्द से जल्द नहीं कराया गया, तो वे अपनी शिकायत को लेकर जिला मजिस्ट्रेट (डीएम) से मुलाकात करेंगे और उन्हें ज्ञापन सौंपेंगे।1
- राजधानी लखनऊ के थाना पारा क्षेत्र में ससुराल पक्ष के विरुद्ध एक अभियोग पंजीकृत किया गया है। जानकारी के अनुसार, ससुराल पक्ष द्वारा पहले भी पीड़िता के विरुद्ध एक अभियोग दर्ज कराया गया था। इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच फिलहाल जारी है, और पुलिस द्वारा प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्यवाही की जाएगी। यह जानकारी पुलिस उपायुक्त पश्चिमी, कमलेश दीक्षित द्वारा दी गई है।1
- बहराइच में एक डेढ़ साल के मासूम बच्चे की निर्ममता से हत्या कर दी गई। जानकारी के अनुसार, किसी व्यक्ति द्वारा बच्चे को टॉफी दिलाने के बहाने ले जाया गया, जिसके बाद उसे कई बार जमीन पर पटक दिया गया। इस क्रूर कृत्य के कारण मासूम बच्चे की मौत हो गई।1
- भारतवर्ष में मुस्लिम धर्म के उन सभी लोगों की गहन जांच होनी चाहिए जो आतंकवादी प्रणालियों का अनुसरण करते हैं, उनकी कार्यप्रणाली पर चलते हैं, या आतंकवादियों द्वारा निर्देशित मार्ग पर चलने के लिए कट्टरता अपनाते हैं। ऐसे व्यक्तियों को देश से बाहर का रास्ता दिखाया जाना चाहिए, क्योंकि यह देश त्याग और तपस्वियों का है, सनातन धर्मियों का है, और आतंकवादियों का नहीं। इसी क्रम में, उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गाजियाबाद में हुए हत्याकांड के संबंध में किए गए एनकाउंटर के लिए पुलिस और सरकार को बारंबार धन्यवाद दिया गया है।1
- बहराइच के मटेरा विद्युत उपकेंद्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम गुरगुज पुरवा में पिछले 25 दिनों से बिजली आपूर्ति पूरी तरह से ठप है। विभागीय उदासीनता और अधिकारियों की लापरवाही के कारण पूरा गांव घने अंधेरे में डूबा हुआ है, जिससे ग्रामीणों का जीना मुहाल हो गया है। एक ओर जहाँ भीषण गर्मी लोगों को सता रही है, वहीं दूसरी ओर जंगल के किनारे बसे इस गांव पर जंगली जानवरों का खतरा लगातार मंडरा रहा है, जिसके चलते ग्रामीण पूरी रात डर और सहम के साए में गुजारने को मजबूर हैं। ग्रामीणों के अनुसार, लगभग 25 दिन पहले गांव का मुख्य विद्युत ट्रांसफार्मर जल गया था। उन्हें उम्मीद थी कि विभाग जल्द ही इसे बदलकर आपूर्ति बहाल करेगा, लेकिन तीन सप्ताह से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी बिजली विभाग ने गुरगुज पुरवा में बिजली व्यवस्था बहाल करने का कोई प्रयास नहीं किया, जिससे उनकी दैनिक जीवनचर्या पूरी तरह से पटरी से उतर गई है। गांव के निवासी मुन्नालाल, राजेश कुमार, संतोष और अनीश ने आक्रोश व्यक्त करते हुए बताया कि उन्होंने बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों को कई बार लिखित और मौखिक रूप से अपनी समस्या से अवगत कराया है। इसके बावजूद उन्हें केवल आश्वासन ही मिला है और जमीनी स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना है कि बिजली न होने से जहाँ रातें खौफनाक हो गई हैं, वहीं मोबाइल चार्जिंग से लेकर पानी तक के लिए उन्हें दर-दर भटकना पड़ रहा है। गुरगुज पुरवा गांव की भौगोलिक स्थिति जंगल के ठीक मुहाने पर होने के कारण बिजली गुल होने से रात के समय हिंसक जंगली जानवरों के गांव में घुसने का खतरा कई गुना बढ़ गया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही नया ट्रांसफार्मर लगाकर बिजली आपूर्ति शुरू नहीं की गई, तो वे विभागीय कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।3
- बहराइच जिले के नानपारा स्थित शंकरपुर ग्राम के धर्मपुर मौजा के लीलापारा में बारिश के कारण स्थानीय जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बताया गया है कि यहां की नालियों का काम या उनकी मरम्मत काफी सालों से नहीं हुई है, जिसके चलते बरसात होने पर स्थिति और बिगड़ जाती है। इस गंभीर समस्या से खासकर गरीब मजदूरों को विशेष रूप से कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। लोगों ने प्रशासन से इस मामले में तत्काल कार्रवाई करने, नालियों की मरम्मत का काम कराने और पानी की उचित निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।1
- एक मुकदमे में हार मिलने से बौखलाए राम छबीले ने दिनांक 12 मई 2026 को शाम 5 बजे बहराइच से 20 से 25 गुंडे बुलाए। इन गुंडों ने आते ही निर्दोष लोगों के घरों को गिराना शुरू कर दिया। महेश के भाई रमेश ने निहत्थे ही बहराइच से आए इन लोगों को समझाने की कोशिश की, जिस पर गुंडों ने कुल्हाड़ी और अन्य धारदार हथियारों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया। रमेश को खून से लथपथ शव अवस्था में देखकर वहाँ उपस्थित लोगों ने गुंडों को खदेड़ दिया, जिसके बाद रमेश का इलाज लखनऊ ड्रामा सेंटर से चल रहा है। इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि कानून ने निर्दोषों को दोषी ठहराया है, जबकि पूरी घटना को अंजाम देने वाले बहराइच के गुंडे आज भी सरेआम घूम रहे हैं। पोस्ट में 'इंसाफ नहीं हुआ, यही है अंधा कानून पैसे वालों का' कहते हुए, 'निष्पक्ष जांच व न्याय' की जोरदार मांग की गई है।4