एटा चौराहा ओवरब्रिज पर ईंटों से भरा ट्रैक्टर पलटा, बड़ा हादसा टला, पुलिस और NHAI टीम मौके पर पहुँची शिकोहाबाद में सोमवार रात नेशनल हाईवे पर एटा चौराहा ओवरब्रिज पर ईंटों से भरा एक ट्रैक्टर-ट्रॉला पलट गया। इस घटना में ओवरब्रिज की रेलिंग क्षतिग्रस्त हो गई, हालांकि एक बड़ा हादसा टल गया। पुलिस और नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) की टीम बचाव कार्य में जुट गईं। घटना की सूचना मिलते ही शिकोहाबाद थानाध्यक्ष अनुज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। बताया गया दो क्रेनें मंगाई गईं जिसके बाद पलटे हुए ट्रैक्टर-ट्रॉला को हटाया जा सका। एटा चौराहा पर पुलिस ने वाहनों और बैरिकेड्स लगाकर राहगीरों की सुरक्षा सुनिश्चित की और यातायात को नियंत्रित किया। थानाध्यक्ष अनुज कुमार ने बताया कि ओवरब्रिज पर ट्रैक्टर-ट्रॉला पलटने के बाद पुलिस ने तुरंत यातायात को सुरक्षित मार्ग से निकालना शुरू कर दिया था।
एटा चौराहा ओवरब्रिज पर ईंटों से भरा ट्रैक्टर पलटा, बड़ा हादसा टला, पुलिस और NHAI टीम मौके पर पहुँची शिकोहाबाद में सोमवार रात नेशनल हाईवे पर एटा चौराहा ओवरब्रिज पर ईंटों से भरा एक ट्रैक्टर-ट्रॉला पलट गया। इस घटना में ओवरब्रिज की रेलिंग क्षतिग्रस्त हो गई, हालांकि एक बड़ा हादसा टल गया। पुलिस और नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) की टीम बचाव कार्य में जुट गईं। घटना की सूचना मिलते ही शिकोहाबाद थानाध्यक्ष अनुज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। बताया गया दो क्रेनें मंगाई गईं जिसके बाद पलटे हुए ट्रैक्टर-ट्रॉला को हटाया जा सका। एटा चौराहा पर पुलिस ने वाहनों और बैरिकेड्स लगाकर राहगीरों की सुरक्षा सुनिश्चित की और यातायात को नियंत्रित किया। थानाध्यक्ष अनुज कुमार ने बताया कि ओवरब्रिज पर ट्रैक्टर-ट्रॉला पलटने के बाद पुलिस ने तुरंत यातायात को सुरक्षित मार्ग से निकालना शुरू कर दिया था।
- सैफई मेडिकल कॉलेज में 108 एंबुलेंस का दुरुपयोग! मरीजों की जीवनरेखा बनी ‘प्राइवेट टैक्सी’, वीडियो वायरल... सैफई/इटावा। प्रदेश सरकार द्वारा आपातकालीन सेवाओं के लिए चलाई जा रही 108 एंबुलेंस सेवा पर उस समय गंभीर सवाल खड़े हो गए, जब सैफई मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वीडियो में मरीजों की जान बचाने के लिए तैनात सरकारी एंबुलेंस को आम सवारियाँ ढोते हुए देखा जा सकता है। बताया जा रहा है कि यह मामला बीती रात का है। वायरल वीडियो में स्पष्ट दिखाई दे रहा है कि 108 नंबर की एंबुलेंस में मरीजों की जगह आम लोग सवार हैं। सूत्रों के अनुसार, एंबुलेंस कर्मचारी इन सवारियों को फफूंद की ओर छोड़ने जा रहे थे। इसी दौरान किसी जागरूक व्यक्ति ने जब इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो बनाना शुरू किया, तो एंबुलेंस के अंदर बैठी सवारियाँ घबराकर आनन-फानन में उतरकर बाहर खड़ी हो गईं। यह दृश्य अपने आप में सरकारी व्यवस्था की पोल खोलने के लिए काफी है। नियमों के मुताबिक 108 एंबुलेंस सेवा का उपयोग केवल आपातकालीन स्थिति में मरीजों को अस्पताल तक पहुँचाने के लिए किया जाता है। इसका निजी वाहन की तरह इस्तेमाल करना न सिर्फ नियमों का खुला उल्लंघन है, बल्कि यह मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ भी है। इस घटना के सामने आने के बाद कई गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं— क्या आपातकालीन सेवाओं के लिए आवंटित सरकारी ईंधन और संसाधनों का दुरुपयोग किया जा रहा है? यदि उसी समय किसी गंभीर मरीज को एंबुलेंस की आवश्यकता पड़ जाती, तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेता? क्या मेडिकल कॉलेज प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग इस लापरवाही पर कोई ठोस और सख्त कार्रवाई करेगा? स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि ऐसे मामलों पर समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो आपातकालीन सेवाओं पर आम जनता का भरोसा डगमगा जाएगा। अब निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि वह इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ क्या कदम उठाए जाते हैं। जब मरीजों की सेवा के लिए बनी एंबुलेंस सवारी ढोने लगे, तो व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है। रिपोर्ट -सुशील कान्त चौधरी1
- बाराबंकी के सिरौलीगौसपुर में आयोजित हनुमत विराट महायज्ञ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कड़ा संदेश दिया। सीएम योगी ने कहा कि कयामत का सपना देखने वालों को समझ लेना चाहिए कि बाबरी ढांचे का पुनर्निर्माण कभी संभव नहीं है। कार्यक्रम के दौरान लोधेश्वर महादेव कॉरिडोर, औद्योगिक पार्क, विकास प्राधिकरण और SCR में शामिल करने जैसी बड़ी घोषणाएं भी की गईं। मुख्यमंत्री ने सामूहिक विवाह में शामिल होकर नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद भी दिया।1
- बाराबंकी के सिरौलीगौसपुर में आयोजित हनुमत विराट महायज्ञ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कड़ा संदेश दिया। सीएम योगी ने कहा कि कयामत का सपना देखने वालों को समझ लेना चाहिए कि बाबरी ढांचे का पुनर्निर्माण कभी संभव नहीं है। कार्यक्रम के दौरान लोधेश्वर महादेव कॉरिडोर, औद्योगिक पार्क, विकास प्राधिकरण और SCR में शामिल करने जैसी बड़ी घोषणाएं भी की गईं। मुख्यमंत्री ने सामूहिक विवाह में शामिल होकर नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद भी दिया।1
- मैनपुरी सुदिती ग्लोबल एकेडमी, मैनपुरी में विद्यार्थियों की वैज्ञानिक प्रतिभा, रचनात्मक सोच और नवाचार क्षमता का भव्य प्रदर्शन “इंद्रधनुष-विज्ञान के रंग विज्ञान प्रदर्शनी” के माध्यम से किया गया। यह प्रदर्शनी न केवल विज्ञान विषय की समझ को दर्शाने वाला मंच बनी, बल्कि विद्यार्थियों में अनुसंधान, प्रयोग और समाधान आधारित सोच को प्रोत्साहित करने का एक सशक्त माध्यम भी सिद्ध हुई। कार्यक्रम के शुभारंभ में ज्ञान विज्ञान की अधिष्ठात्री देवी मां सरस्वती के चलचित्र के समक्ष मुख्य अतिथि डॉ. असीम चंदेल, डीन, राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज, विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. राम मोहन, प्रबंध निदेशक डॉ. लव मोहन ने दीप प्रज्वलन किया। मुख्य अतिथि डॉ. असीम चंदेल ने अपने प्रेरणादायी संबोधन में कहा, “आज के विद्यार्थी ही कल के वैज्ञानिक, अभियंता और नवप्रवर्तक हैं। इस प्रकार की विज्ञान प्रदर्शनी बच्चों में प्रयोगात्मक सोच, समस्या समाधान और आत्मविश्वास विकसित करती है। यहाँ प्रदर्शित मॉडल यह दर्शाते हैं कि हमारे छात्र केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वास्तविक जीवन की समस्याओं का वैज्ञानिक समाधान खोजने की क्षमता रखते हैं।” उन्होंने विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि आपके द्वारा बनाए गए मॉडल्स बहुत अच्छे हैं। आप अपने प्रोजेक्ट पर और काम करके पेटेंट कराएं। ये मॉडल आगे चलकर हमारे दैनिक जीवन की कई समस्याओं के समाधान भी बन सकते हैं। इसके साथ ही आप अपने प्रोजेक्ट्स के साथ भारत सरकार के स्टार्टअप इण्डिया कार्यक्रम के माध्यम में प्रतिभाग करें। आप हमारे राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज, मैनपुरी में भी अपने प्रोजेक्ट्स लेकर आ सकते हैं। हम आपके प्रोजेक्ट को शील्ड फंिडंग दिलाने में सहायता करेंगे। उन्होंने विद्यालय द्वारा विज्ञान को रोचक एवं व्यावहारिक ढंग से प्रस्तुत करने के प्रयासों की सराहना की और विद्यार्थियों को निरंतर प्रयोग और नवाचार के लिए प्रेरित किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. राम मोहन ने अपने वक्तव्य में कहा, “इंद्रधनुष-विज्ञान के रंग विज्ञान प्रदर्शनी हमारे शैक्षिक दर्शन को प्रतिबिंबित करती है, जहाँ शिक्षा केवल परीक्षा तक सीमित न होकर कौशल, सोच और चरित्र निर्माण का माध्यम बनती है। हमारे विद्यार्थी विज्ञान को समझते ही नहीं, बल्कि उसे समाजोपयोगी समाधान में बदलने का प्रयास करते हैं।” उन्होंने शिक्षकों के मार्गदर्शन और विद्यार्थियों की मेहनत की प्रशंसा करते हुए कहा कि विद्यालय भविष्य में भी ऐसे शैक्षिक आयोजनों के माध्यम से छात्रों को वैश्विक चुनौतियों के लिए तैयार करता रहेगा। विद्यालय के प्रबंध निदेशक डॉ. लव मोहन ने कहा, “सुदिती ग्लोबल एकेडमी का उद्देश्य केवल अकादमिक उत्कृष्टता नहीं, बल्कि नवाचार, नैतिक मूल्यों और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से युक्त नागरिकों का निर्माण करना है। इंद्रधनुष-विज्ञान के रंग विज्ञान प्रदर्शनी इस बात का प्रमाण है कि हमारे विद्यार्थी भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप सोच रहे हैं।” प्रदर्शनी में प्रस्तुत लगभग 60 माडल थे जो दर्शकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बने। विद्यार्थियों द्वारा तैयार चंद्रयान-3 मॉडल ने भारतीय अंतरिक्ष मिशन की सफल लैंडिंग प्रक्रिया को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया, जबकि भूकंप डिटेक्टर एवं आपदा प्रबंधन मॉडल के माध्यम से प्राकृतिक आपदाओं से होने वाली क्षति को कम करने के व्यावहारिक उपायों को प्रभावी ढंग से समझाया गया। इन प्रोजेक्ट्स ने यह स्पष्ट किया कि विद्यार्थी केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समसामयिक और सामाजिक समस्याओं के समाधान की दिशा में भी गंभीरता से सोच रहे हैं। पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास से जुड़े प्रोजेक्ट्स ने भी दर्शकों का ध्यान खींचा। हाइड्रोपोनिक खेती मॉडल के माध्यम से कम जल और सीमित भूमि में खेती की आधुनिक तकनीक को दर्शाया गया, वहीं नवीकरणीय ऊर्जा आधारित मॉडलोंकृजैसे सोलर कार, हाइड्रो इलेक्ट्रिसिटी, विंडमिल और वाटर व्हील ने हरित ऊर्जा का संदेश दिया। इसके अतिरिक्त मानव शरीर तंत्र के कार्यशील मॉडल हृदय, फेफड़े, तंत्रिका तंत्र एवं पाचन तंत्र और ऑटोमेशन व रोबोटिक्स से जुड़े फायर फाइटर रोबोट, सेंसर कार, ऑटोमैटिक स्ट्रीट लाइट एवं होम ऑटोमेशन जैसे प्रोजेक्ट्स ने आधुनिक विज्ञान की उपयोगिता को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। छात्र-छात्राओं ने पूरे आत्मविश्वास के साथ अपने मॉडलों की कार्यप्रणाली समझाई, जिसे अभिभावकों और अतिथियों ने सराहा। प्रदर्शनी में विज्ञान विभाग से दीपक उपाध्याय, आशुतोष द्विेदी, विपिन चतुर्वेदी, योगेश यादव, दीक्षा परमार, विजय लक्ष्मी, सपना भदौरिया, अंशुमन सिंह, आयुष पाण्डेय एवं सत्यम सिंघल का प्रमुख योगदान रहा। इंद्रधनुष-विज्ञान के रंग विज्ञान प्रदर्शनी विद्यार्थियों की प्रतिभा, शिक्षकों के मार्गदर्शन और विद्यालय प्रबंधन की दूरदर्शिता का सजीव उदाहरण बनी। यह आयोजन न केवल एक शैक्षिक गतिविधि रहा, बल्कि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नवाचार और आत्मविश्वास को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध हुआ।2
- मैनपुरी ब्रेकिंग न्यूज पत्रकार मोहित गुप्ता ब्यूरो चीफ जनपद मैनपुरी मैनपुरी से एक बड़ी खबर सामने आ रही है ।उत्तर प्रदेश के मैनपुरी ज़िले से सियासी बयानबाज़ी को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। अपनी जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष दीपक सिंह शाक्य के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने राज्यपाल को संबोधित ज़िलाधिकारी ऑफिस मौजूद आरो को ज्ञापन सौंपते हुए आरोप लगाया है कि एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान महंत राजूदास द्वारा अत्यंत आपत्तिजनक, भड़काऊ और धमकी भरे बयान दिए गए। ज्ञापन में कहा गया है कि 8 फरवरी 2026 को एक सार्वजनिक मंच से महंत राजूदास ने पूर्व मंत्री एवं अपनी जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य के विरुद्ध “जूते मारने” और “गोली मार देने” जैसे शब्दों का प्रयोग किया, जो न केवल असंवैधानिक है बल्कि समाज में हिंसा और अशांति फैलाने वाला बयान है। अपनी जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ अब्देश शाक्य काआरोप है कि इस तरह के बयान लोकतांत्रिक मूल्यों, संविधान और कानून व्यवस्था के खिलाफ हैं। ऐसे वक्तव्यों से समाज में नफरत, भय और अस्थिरता फैलती है, जिससे आम नागरिकों की सुरक्षा पर भी खतरा पैदा होता है। पार्टी ने प्रशासन से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की बयानबाज़ी पर रोक लग सके और प्रदेश में शांति एवं सद्भाव बना रहे। वहीं प्रशासन का कहना है कि ज्ञापन प्राप्त हो गया है और मामले की जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अब सवाल यह है कि क्या प्रशासन इस मामले में सख्त रुख अपनाएगा बाइट,, दीपक सिंह शाक्य मैनपुरी से पत्रकार मोहित गुप्ता की रिपोर्ट1
- “लोकसभा में गूंजा अखिलेश यादव का स्वर—ये बजट नहीं, जनता के साथ मज़ाक है” “बजट पर अखिलेश यादव का हमला, गरीब-किसान की आवाज़ बनी संसद” #AkhileshYadav #BudgetSession #Parliament #BudgetSpeech #LokSabha #OppositionVoice #SamajwadiParty #Budget2026 #KisanKiAwaaz #YuvaAurRozgar #SarkarSeSawal #जनता_के_सवाल1
- रिपोर्टर अमित कौशिक मैनपुरी जनपद से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां किरतपुर कॉलोनी स्थित एक प्राइमरी स्कूल में पेट के कीड़े मारने की दवा (एल्बेंडाजोल) खाने से दो दर्जन से अधिक बच्चों की हालत बिगड़ गई। बच्चों को उल्टी और पेट दर्द की शिकायत के बाद आनन-फानन में जिला अस्पताल भर्ती कराया गया, जहां से गंभीर बच्चों को सैफई मेडिकल कॉलेज रेफर किया जा रहा है। मैनपुरी के किरतपुर कॉलोनी में आज उस वक्त हड़कंप मच गया जब प्राइमरी विद्यालय के बच्चों को पेट के कीड़े खत्म करने वाली दवा खिलाई गई। दवा खाने के कुछ ही देर बाद बच्चों ने पेट में तेज दर्द और उल्टी की शिकायत शुरू कर दी। देखते ही देखते करीब 24 से ज्यादा बच्चों की तबीयत खराब हो गई। परिजनों का गुस्सा और आरोप घटना की जानकारी मिलते ही बच्चों के परिजन स्कूल की ओर दौड़ पड़े। परिजनों का सीधा आरोप है कि स्कूल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के कारण बच्चों को गलत दवा दी गई या दवा देने की प्रक्रिया में चूक हुई। सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि दवा देते समय डॉक्टरों की कोई टीम मौके पर क्यों मौजूद नहीं थी? चिकित्सा विभाग की सफाई मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएमओ आरसी गुप्ता जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने स्थिति का जायजा लिया और बताया कि यह दवा साल में दो बार रूटीन के तहत दी जाती है। हालांकि, कुछ बच्चों की हालत बिगड़ने पर उन्हें बेहतर इलाज के लिए सैफई रेफर किया गया है। बाइट 1 ज्योति, छात्रा बाइट 2 रेखा, छात्रा बाइट 3 शिक्षक बाइट 4 -आरसी गुप्ता, सीएमओ मैनपुरी1
- मैनपुरी परिषदीय विद्यालय के बच्चों की हालत बिगड़ने के बाद जिलाधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे और बच्चों से की बात जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने जिला अस्पताल पहुंचे और कहां है कि जो भी बच्चों की हालत बिगड़ी है और वह उनको सभी को जिला अस्पताल के इमरजेंसी में भर्ती कराया गया और उनका उपचार भी शुरू कराया गया है किसी भी बच्चे की हालत नहीं ज्यादा सीरियस है जो बच्चे सीरियस थे उनका उपचार कर दिया गया है और इस दवा को लेकर भी जल्द ही जांच कराई जाएगी पूरे मामले की1
- भोगांव/मैनपुरी।नगर के मोहल्ला चौधरी में चोरों ने चोरी की घटना को अंजाम दिया है। चोरों ने एक फौजी के घर को निशाना बनाते हुए लाखों के जेवर और नकदी पर हाथ साफ कर दिया।पुलिस ने फोरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। पीड़ित गृहस्वामी किरन देवी ने बताया कि उसका पुत्र भारतीय सेना में जवान हैं। घर में वह अपनी बेटी के साथ अकेली रहती हैं। सोमवार की रात वह अपने नए मकान में ताला लगाकर पुराने घर में सोने चली गई थीं। जब सुबह उन्होंने वापस आकर देखा, तो घर के ताले टूटे हुए थे और सारा सामान अस्त-व्यस्त पड़ा था। पीड़ित महिला के अनुसार, चोरों ने घर की अलमारियों और बक्सों के ताले तोड़कर वहां रखे सोने-चांदी के कीमती आभूषण और लाखों रुपये की नकदी पार कर दी है। चोरी की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी प्रदीप कुमार पांडेय और कस्बा प्रभारी जयदीप सिंह ने पुलिस बल के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से उंगलियों के निशान और अन्य साक्ष्य जुटाए हैं ताकि चोरों तक पहुंचा जा सके। थाना प्रभारी प्रदीप कुमार पांडेय ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा। वहीं, नगर में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं को देखते हुए पुलिस को रात्रि गश्त बढ़ाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।2