भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम टेलर के धार आगमन पर उनके भव्य स्वागत समारोह के दौरान विवाद खड़ा हो गया। सोमवार को हुए इस कार्यक्रम में, शहर के जिला अस्पताल और दो बड़े निजी अस्पतालों के ठीक बाहर ज़ोरदार डीजे, ढोल-ताशे और स्वागत मंच लगाए गए, जिससे तेज़ ध्वनि प्रदूषण हुआ। शहीद चौक से भाजपा कार्यालय तक पूरे मार्ग को राजनीतिक रंग में रंग दिया गया था, जहाँ जगह-जगह स्वागत मंच बनाए गए, बड़े-बड़े बैनर-पोस्टर लगाए गए और फूल-मालाओं तथा नारों के बीच उनका अभिनंदन किया गया। इसी मार्ग पर स्थित अस्पतालों के बाहर तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया, जो मरीजों और उनके परिजनों की सुविधा को सीधे तौर पर प्रभावित करता है। इस घटना पर कांग्रेस के धार जिला प्रवक्ता अजय सिंह ठाकुर ने भाजपा पर निशाना साधा, इसे स्वागत कार्यक्रम के नाम पर "शक्ति प्रदर्शन" बताया। ठाकुर ने इस बात पर आपत्ति जताई कि जिस समय अस्पताल में मरीज उपचाररत थे और दिनभर मरीजों व उनके परिजनों का आना-जाना लगा रहता है, उस संवेदनशील क्षेत्र में तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया। उन्होंने जिला प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल उठाए, यह कहते हुए कि अस्पतालों के आसपास शांति बनाए रखना आवश्यक होता है, लेकिन इस स्वागत कार्यक्रम में इस संवेदनशीलता का बिल्कुल भी ध्यान नहीं रखा गया।
भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम टेलर के धार आगमन पर उनके भव्य स्वागत समारोह के दौरान विवाद खड़ा हो गया। सोमवार को हुए इस कार्यक्रम में, शहर के जिला अस्पताल और दो बड़े निजी अस्पतालों के ठीक बाहर ज़ोरदार डीजे, ढोल-ताशे और स्वागत मंच लगाए गए, जिससे तेज़ ध्वनि प्रदूषण हुआ। शहीद
चौक से भाजपा कार्यालय तक पूरे मार्ग को राजनीतिक रंग में रंग दिया गया था, जहाँ जगह-जगह स्वागत मंच बनाए गए, बड़े-बड़े बैनर-पोस्टर लगाए गए और फूल-मालाओं तथा नारों के बीच उनका अभिनंदन किया गया। इसी मार्ग पर स्थित अस्पतालों के बाहर तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया, जो मरीजों और उनके
परिजनों की सुविधा को सीधे तौर पर प्रभावित करता है। इस घटना पर कांग्रेस के धार जिला प्रवक्ता अजय सिंह ठाकुर ने भाजपा पर निशाना साधा, इसे स्वागत कार्यक्रम के नाम पर "शक्ति प्रदर्शन" बताया। ठाकुर ने इस बात पर आपत्ति जताई कि जिस समय अस्पताल में मरीज उपचाररत थे और दिनभर मरीजों व उनके
परिजनों का आना-जाना लगा रहता है, उस संवेदनशील क्षेत्र में तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया। उन्होंने जिला प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल उठाए, यह कहते हुए कि अस्पतालों के आसपास शांति बनाए रखना आवश्यक होता है, लेकिन इस स्वागत कार्यक्रम में इस संवेदनशीलता का बिल्कुल भी ध्यान नहीं रखा गया।
- देशभर में अपनी ओजस्वी और भक्तिमयी कथाओं के लिए प्रसिद्ध राष्ट्रीय कथावाचिका श्री वैष्णवी जी हाल ही में परिणय सूत्र में बंध गईं, जिससे बदनावर क्षेत्र के ग्राम बिड़वाल सहित पूरे धार्मिक जगत में हर्ष का माहौल छा गया। उनका विवाह आष्टा में आयोजित एक विवाह सम्मेलन में वैदिक सनातन पद्धति और धार्मिक विधि-विधान के साथ अत्यंत श्रद्धा व गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। जानकारी के अनुसार, श्री वैष्णवी जी का विवाह बदनावर तहसील के ग्राम बिड़वाल निवासी सुप्रसिद्ध कथावाचक श्री कैलाशचंद्र शर्मा के बड़े सुपुत्र कथावाचक आचार्य पंडित श्री राहुल शर्मा के साथ संपन्न हुआ है। इस शुभ अवसर पर संतजन, कथावाचक, धर्मप्रेमी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। वैदिक मंत्रोच्चार, हवन-पूजन एवं पारंपरिक रीति-रिवाजों के बीच नवदंपति ने सात फेरे लेकर अपने दांपत्य जीवन की शुरुआत की। धार्मिक एवं सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने नवदंपति को शुभाशीष प्रदान करते हुए उनके सुखद एवं मंगलमय वैवाहिक जीवन की कामना की। इस विवाह समारोह में भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा की सुंदर झलक देखने को मिली, जिसे उपस्थित श्रद्धालुओं ने केवल दो व्यक्तियों का नहीं, बल्कि धर्म, संस्कार और सनातन संस्कृति के सुंदर मिलन का प्रतीक बताया। इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय कथावाचक ने भी नवदंपति को आशीर्वाद दिया।2
- भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम टेलर के धार आगमन पर उनके भव्य स्वागत समारोह के दौरान विवाद खड़ा हो गया। सोमवार को हुए इस कार्यक्रम में, शहर के जिला अस्पताल और दो बड़े निजी अस्पतालों के ठीक बाहर ज़ोरदार डीजे, ढोल-ताशे और स्वागत मंच लगाए गए, जिससे तेज़ ध्वनि प्रदूषण हुआ। शहीद चौक से भाजपा कार्यालय तक पूरे मार्ग को राजनीतिक रंग में रंग दिया गया था, जहाँ जगह-जगह स्वागत मंच बनाए गए, बड़े-बड़े बैनर-पोस्टर लगाए गए और फूल-मालाओं तथा नारों के बीच उनका अभिनंदन किया गया। इसी मार्ग पर स्थित अस्पतालों के बाहर तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया, जो मरीजों और उनके परिजनों की सुविधा को सीधे तौर पर प्रभावित करता है। इस घटना पर कांग्रेस के धार जिला प्रवक्ता अजय सिंह ठाकुर ने भाजपा पर निशाना साधा, इसे स्वागत कार्यक्रम के नाम पर "शक्ति प्रदर्शन" बताया। ठाकुर ने इस बात पर आपत्ति जताई कि जिस समय अस्पताल में मरीज उपचाररत थे और दिनभर मरीजों व उनके परिजनों का आना-जाना लगा रहता है, उस संवेदनशील क्षेत्र में तेज़ ध्वनि वाले उपकरणों का उपयोग किया गया। उन्होंने जिला प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल उठाए, यह कहते हुए कि अस्पतालों के आसपास शांति बनाए रखना आवश्यक होता है, लेकिन इस स्वागत कार्यक्रम में इस संवेदनशीलता का बिल्कुल भी ध्यान नहीं रखा गया।4
- Post by Shivay1
- सोमवती अमावस के पावन अवसर पर सुनिलेश्वर धाम में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जहां पूरे वातावरण में 'जय हो' के जयकारे गूंज उठे। इस जानकारी को अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाने के उद्देश्य से इसे लाइक, फॉलो और कमेंट कर साझा करने का निवेदन किया गया है।2
- ग्रामीणों ने एक पुलिया के निर्माणकार्य पर कड़ी आपत्ति जताई है। ग्रामीणों का स्पष्ट आरोप है कि इस निर्माणकार्य में शासन की राशि का दुरुपयोग किया जा रहा है।1
- इंदौर जिले के महू में एक शासकीय अस्पताल के डॉक्टर के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना महू के शासकीय हॉस्पिटल से जुड़ी है, जहाँ डॉक्टर के साथ मारपीट की गई।1
- 14 जून, 2026 को भील समाज की जिला स्तरीय ग्राम सभा की बैठक संपन्न हुई, जिसमें सर्वसम्मति से कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में यह सुनिश्चित किया गया कि सभी गाँवों में ग्राम स्तर की ग्राम सभाओं का गठन किया जाएगा। इन ग्राम सभाओं में प्रमुख सदस्य नियुक्त किए जाएंगे, जिनमें पटेल पूरे गाँव की जिम्मेदारी संभालेंगे, पुजारा समाज की पूजा पद्धति, परंपरा, संस्कृति और रीति-रिवाजों का कार्य देखेंगे, वारती ग्राम सभा में व्यवस्था बनाए रखने का काम करेंगे, दाहला निर्णायक की भूमिका में रहेंगे, और कोटवाल समाज को ग्राम सभा के लिए बुलावा देने का कार्य करेंगे। यह भी तय किया गया कि गाँवों में ग्राम सभा के निर्णय सर्वमान्य होंगे। ग्राम सभा में पातलपानी में लिए गए निर्णयों को भी दोहराया गया। इन निर्णयों में 'गांवगयडा' पर पूर्ण प्रतिबंध, डी.जे. और बैंड-बाजा पर पूर्ण प्रतिबंध, तथा समाज में अंग्रेजी शराब पर पूर्ण प्रतिबंध शामिल है। इसके अतिरिक्त, शिक्षा एवं सामाजिक शिक्षा के प्रचार-प्रसार और नाबालिग बच्चों की मजदूरी पर प्रतिबंध लगाने का भी फैसला किया गया। सामाजिक संबंधों को लेकर भी महत्वपूर्ण नियम बनाए गए हैं, जैसे खून और दूध के रिश्तों में माता-पिता-दादी के गोत्र में शादी पर पूर्ण प्रतिबंध। शादियों में शेरवानी/कोट-पैंट पहनने पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है; शादी केवल 'मोड़ वागा' में ही होगी। लड़का-लड़की के भागने की स्थिति में दोनों पक्षों को आर्थिक दंडित किया जाएगा, जिसमें लड़की वालों से ₹51,000 और लड़के वालों से ₹81,000 का आर्थिक दंड लिया जाएगा। इसके साथ ही, ऐसे परिवारों का 2 साल के लिए परिवार, रिश्तेदारों और समाज में उठना-बैठना तथा 'रोटी-बेटी व्यवहार' बंद रहेगा। यह भी निर्णय लिया गया कि जो व्यक्ति इन सामाजिक विकास के नियमों को तोड़ेगा, उसे कार्यक्रम करने के दूसरे दिन ₹21,000 का आर्थिक दंड दिया जाएगा। जैसी गलती या अपराध किया जाएगा, नियमानुसार समाज में कुछ सालों के लिए उसका 'रोटी-बेटी व्यवहार' बंद कर दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी खुद की रहेगी। इस महत्वपूर्ण ग्राम सभा की बैठक में मांगीलाल पटेल, लक्छमण निनामा, अर्जुन बारिया, मेवाराम बरगट, प्रकाश भील आदिवासी, तोलाराम बरगट, जसवंत रतनलाल वसुनिया, योगेश भाभर, सुखराम पारगी, विजय वसुनिया, मोहन सुभाष परमार, पप्पू कोहली, रामस्वरूप चौहान, कालू भूरिया, राजेश कोहली, अमरशीह भाटिया, मांगीलाल पटेल, रामप्रसाद चौहान, धर्मेंद्र डावर, शिवम् परमार, राहुल सुमर, राकेश गिरवाल, लखन गिरवाल, राहुल गावड़, दीपक विजय जगदीश, अभिषेक आशीष रोहित विकास इंदर जैसे सैकड़ों सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- कानवन पुलिस को ग्राम कुशावदा में 09 जून 2026 को जमीन विवाद को लेकर पिस्टल से फायरिंग करने वाले दो आरोपियों को पकड़ने में सफलता मिली है। यह कार्रवाई फरियादी नाहरु पिता रजाक पटेल (35 वर्ष), निवासी ग्राम कुशावदा, की रिपोर्ट पर की गई, जिसमें उन्होंने बताया था कि रात करीब 10 बजे उनके घर के बाहर अज्ञात दो व्यक्तियों ने डराने की नीयत से राउंड फायर किए थे। फरियादी की रिपोर्ट के आधार पर, कानवन थाने में पुलिस ने धारा 125 बीएनएस, 25(1), और 27 आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर मामले की विवेचना शुरू की। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारुल वेलापुरकर और विजय डाबर, तथा एसडीओपी अरविंदसिंह तोमर के निर्देशन में निरीक्षक रविन्द्र कुमार बारिया और कानवन थाना टीम ने जांच की। फरियादी के संदेह और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर, पुलिस ने शरदचन्द्र पिता गोकुल प्रसाद शर्मा (35 वर्ष), निवासी ग्राम हटवाङा डाबरी, थाना नौगांव, जिला धार, और चिराग पिता महेश पाटीदार (34 वर्ष), निवासी ग्राम लबरावदा, थाना नौगांव, जिला धार, को गिरफ्तार कर पूछताछ की। आरोपियों ने खुलासा किया कि नाहरू पटेल ने उनसे कुशावदा स्थित 2 बीघा जमीन बेचने की बात की थी, लेकिन बाद में वही जमीन किसी दूसरे व्यक्ति को बेच दी गई। इसी बात से गुस्से में आकर दोनों आरोपियों ने रात में नाहरू पटेल के घर के बाहर एक देसी पिस्टल से राउंड फायर किए और मौके से फरार हो गए थे। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार करने के साथ ही घटना में इस्तेमाल की गई एक देसी पिस्टल (कीमत 20 हजार रुपये) और एक स्विफ्ट कार (कीमत 4 लाख रुपये) जब्त की है। इन आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी रविन्द्र कुमार बारिया, उनि कमल किशोर चौहान, सउनि मोहन जाट, प्रधान आरक्षक रामेन्द्रसिंह चौहान, आरक्षक नवीन राठौङ, आरक्षक भगवती चौहान, आरक्षक संजय शिवहरे, और साइबर सैल धार की टीम की सराहनीय भूमिका रही।1