बदायूँ में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने घोषणा की कि बदायूँ से लखनऊ के लिए नई रेल सेवा को स्वीकृति मिल गई है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा बदायूँ जनपद की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करने वाली एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा ने इस स्वीकृति पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने इस रेल सेवा के संचालन के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से लगातार संपर्क बनाए रखा और विभिन्न अवसरों पर जनपदवासियों की इस महत्वपूर्ण मांग को प्रमुखता से उठाया। उनके अथक प्रयासों के परिणामस्वरूप, अब गाड़ी संख्या 15312/15311 कासगंज-ऐशबाग (लखनऊ) एक्सप्रेस का संचालन होगा, जो प्रातः 5:25 बजे बदायूँ स्टेशन पहुंचेगी। इससे विद्यार्थियों, व्यापारियों, नौकरीपेशा लोगों, मरीजों एवं आम यात्रियों को राजधानी लखनऊ तक बेहतर आवागमन की सुविधा मिलेगी, जिससे उनका समय बचेगा, यात्रा सुगम होगी तथा क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को गति मिलेगी। वर्मा ने यह भी बताया कि उनके गृह नगर उझानी में भी इस ट्रेन के ठहराव की विशेष मांग स्वीकार कर ली गई है, जिससे हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। वर्मा ने इस निर्णय को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की देश के प्रत्येक क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और अंतिम व्यक्ति तक विकास सुनिश्चित करने की जनकल्याणकारी सोच और विकासवादी दृष्टिकोण का परिणाम बताया। उन्होंने रेलवे, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और आधारभूत संरचना के क्षेत्र में हुए ऐतिहासिक कार्यों का भी उल्लेख किया। अंत में, केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने बदायूँ की जनता की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय लाखों लोगों के लिए लाभकारी सिद्ध होगा और क्षेत्र के विकास को नई दिशा देगा। इस अवसर पर जिला महामंत्री एमपी सिंह राजपूत, जिला उपाध्यक्ष संदीप चौहान, जिला मंत्री विश्वजीत गुप्ता, जिला मीडिया प्रभारी अचल शर्मा और मीडिया के बंधु उपस्थित रहे।
बदायूँ में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने घोषणा की कि बदायूँ से लखनऊ के लिए नई रेल सेवा को स्वीकृति मिल गई है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा बदायूँ जनपद की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करने वाली एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा ने इस स्वीकृति पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने इस रेल सेवा के संचालन के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से लगातार संपर्क बनाए रखा और विभिन्न अवसरों पर जनपदवासियों की इस महत्वपूर्ण मांग को प्रमुखता से उठाया। उनके अथक प्रयासों के परिणामस्वरूप, अब गाड़ी संख्या 15312/15311 कासगंज-ऐशबाग (लखनऊ) एक्सप्रेस का संचालन होगा, जो प्रातः 5:25 बजे बदायूँ स्टेशन पहुंचेगी। इससे विद्यार्थियों, व्यापारियों, नौकरीपेशा लोगों, मरीजों एवं आम यात्रियों को राजधानी लखनऊ तक बेहतर आवागमन की सुविधा मिलेगी, जिससे उनका समय बचेगा, यात्रा सुगम होगी तथा क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को गति मिलेगी। वर्मा ने यह भी बताया कि उनके गृह नगर उझानी में भी इस ट्रेन के ठहराव की विशेष मांग स्वीकार कर ली गई है, जिससे हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। वर्मा ने इस निर्णय को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की देश के प्रत्येक क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और अंतिम व्यक्ति तक विकास सुनिश्चित करने की जनकल्याणकारी सोच और विकासवादी दृष्टिकोण का परिणाम बताया। उन्होंने रेलवे, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और आधारभूत संरचना के क्षेत्र में हुए ऐतिहासिक कार्यों का भी उल्लेख किया। अंत में, केंद्रीय राज्यमंत्री बी.एल. वर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने बदायूँ की जनता की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय लाखों लोगों के लिए लाभकारी सिद्ध होगा और क्षेत्र के विकास को नई दिशा देगा। इस अवसर पर जिला महामंत्री एमपी सिंह राजपूत, जिला उपाध्यक्ष संदीप चौहान, जिला मंत्री विश्वजीत गुप्ता, जिला मीडिया प्रभारी अचल शर्मा और मीडिया के बंधु उपस्थित रहे।
- एक भयावह आग की त्रासदी ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। घटनास्थल पर सबसे पहले पहुंचे डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने जो मंजर देखा, वह उन्हें भावुक कर गया। उन्होंने चारों ओर चीख-पुकार, जान बचाने की कोशिश में इधर-उधर भागते लोग और मासूम बच्चों की बेबसी देखी। इस दौरान डिप्टी सीएम पाठक लगातार राहत और बचाव कार्यों का जायजा लेते रहे और अधिकारियों को निर्देश देते रहे। हालांकि, जब वे मीडिया के सामने आए, तो दर्द और संवेदना का बांध टूट गया और उनकी आंखें नम हो गईं। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस हादसे की सूचना मिलते ही अलीगढ़ में अपना चल रहा कार्यक्रम बीच में ही छोड़ दिया। वे लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम को अधूरा छोड़कर तत्काल लखनऊ के लिए रवाना हो गए, ताकि राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी कर सकें। इस घटना को केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि एक ऐसी त्रासदी बताया गया है जिसने पूरे प्रदेश को शोक और पीड़ा में डुबो दिया है। ईश्वर से प्रार्थना की गई है कि वे दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोक संतप्त परिवारों को इस असहनीय दुःख को सहने की शक्ति दें।1
- बदायूं के सहसवान कोतवाली क्षेत्र के शिकारपुर गांव में अवैध खनन की सूचना मिलने पर पुलिस ने छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस को अवैध खनन में लिप्त एक जेसीबी मशीन और कई ट्रैक्टर-ट्रॉलियां मौके पर मिलीं। पुलिस को देखते ही तीन ट्रैक्टर-ट्रॉली चालक अपनी गाड़ियों सहित फरार हो गए, जिनकी तलाश पुलिस द्वारा की जा रही है। पुलिस को शिकारपुर गांव में हो रहे अवैध खनन की सूचना लगातार मिल रही थी, जिसके आधार पर आज पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से एक टीम गठित कर खनन स्थल पर छापा मारा। पुलिस ने मौके से एक ट्रैक्टर-ट्रॉली और एक जेसीबी मशीन को अपने कब्जे में लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। कोतवाली पुलिस की इस कार्रवाई से खनन माफियाओं में हड़कंप मच गया है।1
- बदायूं से श्री शिव शक्ति मानव सेवा समिति के पदाधिकारी शुक्रवार को 20वीं बार अमरनाथ यात्रा में भंडारे का आयोजन करने के लिए खाद्य सामग्री लेकर जम्मू-कश्मीर के लिए रवाना हो गए। शिव भक्तों को लालपुल से विदा किया गया। समिति विगत 19 वर्षों से प्रत्येक वर्ष जम्मू-कश्मीर के बालटाल दुमैल में अमरनाथ यात्रा के दौरान शिवभक्तों की निःशुल्क सेवा करती आ रही है। संस्था के प्रधान संजय पाराशरी और महासचिव डॉ. शम्स बदायूंनी ने संयुक्त रूप से बताया कि उनकी समिति दुमैल बालटाल (जम्मू-कश्मीर) में विशाल भंडारे का आयोजन कर श्रद्धालुओं के ठहरने और भोजन आदि की निःशुल्क व्यवस्था करती है। इस वर्ष भी, समिति अपने 20वें विशाल भंडारे का आयोजन करने के लिए लालपुल चौराहा, बदायूं से शिव भक्तों के साथ जम्मू-कश्मीर रवाना हुई है। संस्था अध्यक्ष तुषार पाराशरी ने जानकारी दी कि इस बार बाबा बर्फानी के दर्शन हेतु अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से प्रारंभ होकर 28 अगस्त 2026 तक बाबा भोलेनाथ के दर्शन के लिए जारी रहेगी। उनके भंडारे में ठहरने, विश्राम करने और भोजन आदि की निःशुल्क व्यवस्था रहती है, जहाँ सेवादार निस्वार्थ भाव से शिव भक्तों की सेवा करते हैं। महासचिव डॉ. शम्स बदायूंनी ने यह भी बताया कि हिमालय पर्वतमाला में 3,880 मीटर की ऊंचाई पर स्थित इस गुफा मंदिर की 57 दिन की तीर्थयात्रा में श्रद्धालुओं के लिए पूरी तरह सुरक्षित माहौल सुनिश्चित करने के लिए केंद्र और केंद्र शासित प्रदेश की एजेंसियां मिलकर काम करती हैं, जबकि समितियां भंडारे लगाकर श्रद्धालुओं की सेवा में तत्पर रहती हैं। तीर्थयात्री अनंतनाग जिले में पारंपरिक 48 किलोमीटर लंबे नुनवान-पहलगाम मार्ग और गांदरबल जिले में छोटे लेकिन अधिक ढलान वाले 14 किलोमीटर लंबे बालटाल मार्ग से यात्रा करेंगे। इस अवसर पर डॉ. शम्स बदायूंनी, तुषार पाराशरी, समीर पाराशरी, नम्रता शर्मा, रितु शर्मा और प्रवीण भाटिया सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।4
- पीडब्लूडी (PWD) द्वारा महज एक महीने पहले बनाए गए एक रोड की हालत बेहद खराब हो गई है।2
- मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और सकुशल ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से बदायूं के बिसौली में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। इसी क्रम में रविवार को कोतवाली में एक महत्वपूर्ण पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में कोतवाली क्षेत्र के विभिन्न इलाकों से आए धर्मगुरुओं, ताजियादारों, जनप्रतिनिधियों और संभ्रांत नागरिकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। बैठक के दौरान इंस्पेक्टर कमलेश मिश्रा ने सभी उपस्थित लोगों से मोहर्रम के पर्व को लेकर शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का पूरा सहयोग करने की अपील की। श्री मिश्रा ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि यह हम सभी की जिम्मेदारी है कि नगर की गंगा-जमुनी तहजीब को हर हाल में बनाए रखें और आपसी सामंजस्य का बेहतरीन परिचय दें। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी भी दी कि जो कोई भी त्यौहार में किसी भी प्रकार का खलल डालने की कोशिश करेगा, प्रशासन ऐसे तत्वों से पूरी सख्ती से निपटेगा। उन्होंने लोगों को यह भी हिदायत दी कि कोई भी व्यक्ति किसी भी सूरत में कानून को अपने हाथों में न ले। बैठक में चौकी इंचार्ज अमित चौहान, चौकी इंचार्ज सुभाष सिंह, दबतोरी चौकी इंचार्ज जितेंद्र कुमार, मदरसे के प्रिंसिपल मौलाना इफ्तेखार अशरफी, मौलाना अफलाक रजा उवैसी, हाफिज अब्दुल मुक्तदिर अहमद, मशहूद खां हमदम, नगर पालिका सभासद शफीक अहमद बाबू, प्रधान मुस्तरफ खां, सभासद मो. शाकिर अब्बासी, सय्यद मेहशर अली, मो. कमर अंसारी, अंजुमन फरोगे अजा के मुतावल्ली अब्बास रजा सहित अन्य गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।1
- आंवला विधानसभा क्षेत्र के कस्बा अलीगंज में आयोजित एक क्रिकेट टूर्नामेंट का शुभारंभ समाजवादी पार्टी के संभावित प्रत्याशी डॉ. जीराज यादव ने किया। उन्होंने फीता काटकर और राष्ट्रगान के साथ इस टूर्नामेंट का उद्घाटन किया, जिसके लिए क्रिकेट मैच कमेटी ने उन्हें मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवा और क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे। डॉ. जीराज यादव ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए खेलों को युवाओं के विकास और भाईचारे का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। उन्होंने जोर देकर कहा कि युवाओं को शिक्षा और खेल दोनों ही क्षेत्रों में लगातार आगे बढ़ने के लिए प्रयास करते रहना चाहिए। इसी दौरान, कार्यक्रम में मौजूद नौजवानों ने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में डॉ. जीराज यादव को समाजवादी पार्टी से टिकट दिए जाने के समर्थन में अपने हाथ उठाकर अपनी सहमति और समर्थन व्यक्त किया। इस आयोजन में समाजवादी पार्टी की नीतियों और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के संदेशों पर भी विस्तृत चर्चा की गई।1
- माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी ने कन्नौज के तिर्वा में आरोप लगाया है कि मर्यादा पुरुषोत्तम राम जी के लिए श्रद्धापूर्वक चढ़ावा चढ़ाने वाले लोगों के धन में बड़े पैमाने पर घोटाला हुआ है। उनके अनुसार, इस गंभीर मामले के सामने आने के बाद सरकार को विवश होकर एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन करना पड़ा है। हालांकि, श्री यादव ने इस SIT की जांच प्रक्रिया पर ही गहरा संदेह व्यक्त करते हुए सीधा सवाल उठाया कि "एसआईटी की एसआईटी कौन करेगा?" यह प्रश्न सरकार द्वारा गठित जांच टीम की निष्पक्षता और जवाबदेही पर महत्वपूर्ण सवाल खड़े करता है।1
- बदायूं कलेक्ट्रेट परिसर में उस समय जोरदार बवाल मच गया, जब एक महिला वकील से संबंधित एक वीडियो को लेकर वकीलों के दो गुट आपस में भिड़ गए। यह विवाद जल्द ही हिंसक रूप ले लिया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। इस झड़प में कम से कम दो वकील घायल हो गए। मामला इतना बढ़ा कि कलेक्ट्रेट से शुरू हुआ यह विवाद जिला अस्पताल तक जा पहुँचा, जहाँ घायलों को ले जाया गया।1