दरभंगा में दिल दहला देने वाली वारदात, घर में अकेली 70 वर्षीय महिला की धारदार.. दरभंगा: जिले के जाले थाना क्षेत्र के बसंत गांव से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। घर में अकेली रह रही 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला पार्वती देवी की धारदार हथियार से निर्मम हत्या कर दी गई। वारदात के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और ग्रामीणों में भय का माहौल है। पार्वती देवी स्वर्गीय जीवछ राय की पत्नी थीं। उनके दो बेटे मिथलेश कुमार और अवधेश कुमार रोजगार के सिलसिले में गांव से बाहर रहते हैं, जबकि बेटी पुष्पा कुमारी शादीशुदा हैं। ऐसे में पार्वती देवी घर में अकेली रहती थीं। शनिवार की सुबह पड़ोस की रहने वाली सीता देवी जब पार्वती देवी के घर पहुंचीं और काफी आवाज देने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला, तो उन्होंने अंदर जाकर देखा। वहां पार्वती देवी मृत अवस्था में मिलीं। इसके बाद घटना की जानकारी पूरे गांव में फैल गई। बताया जा रहा है कि महिला के शरीर पर चाकू और धारदार हथियार से कई वार किए गए हैं। पेट और सीने पर गंभीर चोट के निशान मिले हैं। घटना किस वजह से और किसने अंजाम दिया, यह फिलहाल पुलिस जांच का विषय है। सूचना मिलते ही जाले थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को शव परिजनों को सौंप दिया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए सदर टू कमतौल के एसडीपीओ शुभेन्द्र कुमार सुमन और दरभंगा ग्रामीण एसपी साक्षी कुमारी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने जाले थानाध्यक्ष संदीप कुमार पाल को जल्द से जल्द मामले का उद्भेदन करने का निर्देश दिया है। हत्याकांड की जांच के लिए एफएसएल टीम, टेक्निकल सेल और डॉग स्क्वायड को लगाया गया है। एफएसएल की टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं, जबकि टेक्निकल टीम आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को खंगाल रही है। घर में अकेली बुजुर्ग महिला की बेरहमी से हत्या ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर 70 वर्षीय महिला को किसने और क्यों निशाना बनाया? क्या हत्या के पीछे लूट की मंशा थी या कोई पुराना विवाद? पुलिस इन तमाम बिंदुओं पर जांच कर रही है। फिलहाल पुलिस का दावा है कि हत्याकांड के हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है। अब देखना होगा कि दरभंगा पुलिस इस सनसनीखेज हत्याकांड की गुत्थी कब तक सुलझाती है और हत्यारे पुलिस की गिरफ्त में कब आते हैं
दरभंगा में दिल दहला देने वाली वारदात, घर में अकेली 70 वर्षीय महिला की धारदार.. दरभंगा: जिले के जाले थाना क्षेत्र के बसंत गांव से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। घर में अकेली रह रही 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला पार्वती देवी की धारदार हथियार से निर्मम हत्या कर दी गई। वारदात के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और ग्रामीणों में भय का माहौल है। पार्वती देवी स्वर्गीय जीवछ राय की पत्नी थीं। उनके दो बेटे मिथलेश कुमार और अवधेश कुमार रोजगार के सिलसिले में गांव से बाहर रहते हैं, जबकि बेटी पुष्पा कुमारी शादीशुदा हैं। ऐसे में पार्वती देवी घर में अकेली रहती थीं। शनिवार की सुबह पड़ोस की रहने वाली सीता देवी जब पार्वती देवी के घर पहुंचीं और काफी आवाज देने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला, तो उन्होंने अंदर जाकर देखा। वहां पार्वती देवी मृत अवस्था में मिलीं। इसके बाद घटना की जानकारी पूरे गांव में फैल गई। बताया जा रहा है कि महिला के शरीर पर चाकू और धारदार हथियार से कई वार किए गए हैं। पेट और सीने पर गंभीर चोट के निशान मिले हैं। घटना किस वजह से और किसने अंजाम दिया, यह फिलहाल पुलिस जांच का विषय है। सूचना मिलते ही जाले थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को शव परिजनों को सौंप दिया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए सदर टू कमतौल के एसडीपीओ शुभेन्द्र कुमार सुमन और दरभंगा ग्रामीण एसपी साक्षी कुमारी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने जाले थानाध्यक्ष संदीप कुमार पाल को जल्द से जल्द मामले का उद्भेदन करने का निर्देश दिया है। हत्याकांड की जांच के लिए एफएसएल टीम, टेक्निकल सेल और डॉग स्क्वायड को लगाया गया है। एफएसएल की टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं, जबकि टेक्निकल टीम आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को खंगाल रही है। घर में अकेली बुजुर्ग महिला की बेरहमी से हत्या ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर 70 वर्षीय महिला को किसने और क्यों निशाना बनाया? क्या हत्या के पीछे लूट की मंशा थी या कोई पुराना विवाद? पुलिस इन तमाम बिंदुओं पर जांच कर रही है। फिलहाल पुलिस का दावा है कि हत्याकांड के हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है। अब देखना होगा कि दरभंगा पुलिस इस सनसनीखेज हत्याकांड की गुत्थी कब तक सुलझाती है और हत्यारे पुलिस की गिरफ्त में कब आते हैं
- बिहार का एक मात्र नेता जो आपदा बिपदा मे समाज के साथ खड़ा हो वह है पप्पू यादब पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पटना छेत्र मे बाढ़ आ गया है गरीबो का सहारा बने है फिर से पप्पू यादब1
- नि:शुल्क मल्टीस्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर में 400 से अधिक मरीजों का हुआ मुफ्त इलाज *समस्तीपुर, दिनांक: 06.09.2026 (रविवार)* आज जितवारपुर चौथ (फरपुरा), आटा मिल के निकट स्टडी सेंटर-1 पर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी एलुमनी एसोसिएशन, समस्तीपुर द्वारा नि:शुल्क मल्टीस्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक लगभग 5 घंटे तक चला, जिसमें 400 से अधिक मरीजों की नि:शुल्क जांच, परामर्श एवं दवा वितरण किया गया। शिविर में मौजूद विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम (नाम पद के साथ): --- 1. *डॉ. पवन कुमार - नेत्र रोग विशेषज्ञ* 2. *डॉ. दिलनवाज़ - दंत रोग विशेषज्ञ* 3. *डॉ. पूनम कुशवाहा - स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ* 4. *डॉ. काशीनाथ सिंह - जनरल एवं लेप्रोस्कोपिक सर्जन* 5. *डॉ. डी.के. शर्मा - हड्डी रोग विशेषज्ञ* 6. *डॉ. डी.के. सिंह - जनरल फिजिशियन* 7. *डॉ. एस.ए. आलम - न्यूरो साइकियाट्रिस्ट (मनोचिकित्सक)* 8. *डॉ. सैयद मेराज इमाम - नाक, कान, गला रोग विशेषज्ञ* 9. *डॉ. अकबर - त्वचा रोग विशेषज्ञ* 10. *डॉ. एन.के. शर्मा - मूत्र एवं लेप्रोस्कोपिक सर्जन* 11. *डॉ. नागमनी - शिशु रोग विशेषज्ञ* 12. *डॉ. मो. फहद - बी.यू.एम.एस., एम.डी.* 13. *डॉ. शशि - हड्डी रोग विशेषज्ञ* इस अवसर पर समस्तीपुर विकास मंच के संयोजक राकेश कुमार ठाकुर ने शिविर का जायजा लिया और आयोजक सह मनोचिकित्सक डॉ. एस.ए. आलम को बधाई दी। उन्होंने कहा - _"स्वास्थ्य शिविर लगाकर गरीबों का मुफ्त उपचार करना मानवता का प्रतीक है। यह कार्य बहुत ही सराहनीय, प्रशंसनीय और अनुकरणीय है।"_ *भवदीय*: --- अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी एलुमनी एसोसिएशन, समस्तीपुर नि:शुल्क मल्टीस्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर में 400 से अधिक मरीजों का हुआ मुफ्त इलाज *समस्तीपुर, दिनांक: 06.09.2026 (रविवार)* आज जितवारपुर चौथ (फरपुरा), आटा मिल के निकट स्टडी सेंटर-1 पर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी एलुमनी एसोसिएशन, समस्तीपुर द्वारा नि:शुल्क मल्टीस्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक लगभग 5 घंटे तक चला, जिसमें 400 से अधिक मरीजों की नि:शुल्क जांच, परामर्श एवं दवा वितरण किया गया। शिविर में मौजूद विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम (नाम पद के साथ): --- 1. *डॉ. पवन कुमार - नेत्र रोग विशेषज्ञ* 2. *डॉ. दिलनवाज़ - दंत रोग विशेषज्ञ* 3. *डॉ. पूनम कुशवाहा - स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ* 4. *डॉ. काशीनाथ सिंह - जनरल एवं लेप्रोस्कोपिक सर्जन* 5. *डॉ. डी.के. शर्मा - हड्डी रोग विशेषज्ञ* 6. *डॉ. डी.के. सिंह - जनरल फिजिशियन* 7. *डॉ. एस.ए. आलम - न्यूरो साइकियाट्रिस्ट (मनोचिकित्सक)* 8. *डॉ. सैयद मेराज इमाम - नाक, कान, गला रोग विशेषज्ञ* 9. *डॉ. अकबर - त्वचा रोग विशेषज्ञ* 10. *डॉ. एन.के. शर्मा - मूत्र एवं लेप्रोस्कोपिक सर्जन* 11. *डॉ. नागमनी - शिशु रोग विशेषज्ञ* 12. *डॉ. मो. फहद - बी.यू.एम.एस., एम.डी.* 13. *डॉ. शशि - हड्डी रोग विशेषज्ञ* इस अवसर पर समस्तीपुर विकास मंच के संयोजक राकेश कुमार ठाकुर ने शिविर का जायजा लिया और आयोजक सह मनोचिकित्सक डॉ. एस.ए. आलम को बधाई दी। उन्होंने कहा - _"स्वास्थ्य शिविर लगाकर गरीबों का मुफ्त उपचार करना मानवता का प्रतीक है। यह कार्य बहुत ही सराहनीय, प्रशंसनीय और अनुकरणीय है।"_ *भवदीय*: --- अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी एलुमनी एसोसिएशन, समस्तीपुर1
- गंगा नदी का विकराल रूप अब लोगों के लिए बड़ी बन गया है मुसीबत गंगा नदी का विकराल रूप अब लोगों के लिए बड़ी बन गया है मुसीबत नमस्कार आप देख सुन रहें है जनक्रांति हिन्दी न्यूज़ बुलेटिन (web)समस्तीपुर, बिहार से राजेश कुमार वर्मा के साथ अनीश कुमार सिंह की रिपोर्ट विद्यापति प्रखंड और बछवाड़ा प्रखंड के कई इलाकों में बाढ़ का पानी घरों तक पहुंच चुका है। बाजिदपुर, बालकृष्णपुर मड़वा, शेरपुर, चमथा, दादूपुर और बिशनपुर समेत कई पंचायतों में जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है। लोगों के सामने आने-जाने की समस्या है, तो मवेशियों के चारे का भी संकट गहराता जा रहा है। हालांकि राहत के लिए प्रशासन सक्रिय है। अंचलाधिकारी कुमार हर्ष के निर्देश पर 11 जगहों पर सामुदायिक किचन शुरू किया गया है, जहां बाढ़ पीड़ितों को भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। अधिकारी और जनप्रतिनिधि लगातार प्रभावित गांवों का दौरा कर लोगों को हरसंभव मदद का भरोसा दिला रहे हैं। गंगा की लहरों ने बढ़ाई चिंता... अब सबकी नजर प्रशासन की राहत व्यवस्था पर है। कैमरामैन के साथ अनीश कुमार सिंह की रिपोर्ट, जनक्रांति हिंदी न्यूज़ बुलेटिन।1
- मिथिला की बेटी नेहा झा मॉडल नहीं शराब तस्कर, पूरा परिवार शराब तस्करी में संलिप्त दरभंगा के ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय से स्नातक करने वाली नेहा झा एसी बॉगी से दिल्ली से दरभंगा आने के क्रम में समस्तीपुर जीआरपी के हत्थे चढ़ीं। उसके आठ चमचमाती सूटकेस से भारी मात्रा में विदेशी ब्रांडेड शराब बरामद की गई। दरभंगा में बड़े बड़े डॉक्टरों के बीच शराब सप्लाई करने का किया खुलासा।1
- प्रभारी सचिव समस्तीपुर जिला ने हसनपुर-धमौन के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया भ्रमण एवं निरीक्षण, अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश समस्तीपुर से अरविंद कुमार की रिपोर्ट प्रभारी सचिव, समस्तीपुर जिला-सह-सचिव, भवन निर्माण विभाग, बिहार सरकार श्री प्रणव कुमार द्वारा आज हसनपुर-धमौन के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का भ्रमण एवं स्थलीय निरीक्षण किया गया। इस दौरान जिलाधिकारी, समस्तीपुर श्री रोशन कुशवाहा, अपर समाहर्ता, आपदा प्रबंधन श्री राजेश सिंह, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, थाना प्रभारी, बाढ़ प्रमंडल के पदाधिकारी तथा अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। निरीक्षण के दौरान प्रभारी सचिव द्वारा बाढ़ की वर्तमान स्थिति, जलस्तर, प्रभावित आबादी, आवागमन, राहत एवं बचाव कार्य तथा आम लोगों को उपलब्ध कराई जा रही आवश्यक सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली गई। उन्होंने स्थल पर उपस्थित अधिकारियों से विभिन्न बिंदुओं पर जानकारी प्राप्त करते हुए प्रत्येक बिंदु पर आवश्यक एवं विस्तृत दिशा-निर्देश दिए। प्रभारी सचिव ने निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य पूरी तत्परता एवं संवेदनशीलता के साथ संचालित किए जाएं। प्रभावित लोगों को भोजन, पेयजल, दवा एवं अन्य आवश्यक सामग्री की उपलब्धता में किसी प्रकार की कठिनाई नहीं होनी चाहिए। निरीक्षण के दौरान नाव एवं नाविकों की उपलब्धता, गोताखोरों की तैनाती, सामुदायिक रसोई के संचालन, प्रभावित लोगों के सुरक्षित ठहराव, राहत सामग्री के वितरण तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यकता के अनुरूप अतिरिक्त संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। पशुपालन पदाधिकारी को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पशुओं के लिए पर्याप्त मात्रा में चारा की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा आवश्यकता के अनुसार प्रभावित पशुपालकों तक चारा पहुंचाने का निर्देश दिया गया। वहीं, सिविल सर्जन को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा आवश्यकता पड़ने पर मेडिकल टीम एवं स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया, ताकि बाढ़ प्रभावित लोगों को किसी प्रकार की स्वास्थ्य संबंधी परेशानी का सामना न करना पड़े। बाढ़ प्रमंडल के पदाधिकारियों को तटबंधों एवं अन्य संवेदनशील स्थलों पर सतत निगरानी रखने तथा कटाव अथवा किसी भी प्रकार की क्षति की स्थिति में तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। अनुमंडल एवं जिला स्तर पर सतत निगरानी प्रभारी सचिव द्वारा अनुमंडल पदाधिकारी को अनुमंडल स्तर पर कंट्रोल रूम के माध्यम से बाढ़ की स्थिति, जलस्तर, प्रभावित क्षेत्रों एवं राहत-बचाव कार्यों की सतत निगरानी सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही, जिला स्तर पर 24×7 कार्यरत जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (DEOC) के माध्यम से पूरे जिले में बाढ़ की स्थिति एवं राहत-बचाव कार्यों की सतत निगरानी एवं त्वरित समन्वय सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। किसी भी प्रकार की आपात स्थिति अथवा सूचना प्राप्त होने पर संबंधित विभागों एवं पदाधिकारियों के साथ तत्काल समन्वय स्थापित करते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। प्रभारी सचिव ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ पूरी तत्परता से कार्य करने तथा किसी भी आकस्मिक परिस्थिति से निपटने के लिए आवश्यक संसाधनों एवं मानव बल को तैयार अवस्था में रखने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी श्री रोशन कुशवाहा ने प्रभारी सचिव को जिले में बाढ़ की वर्तमान स्थिति तथा जिला प्रशासन द्वारा संचालित राहत एवं बचाव कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है तथा आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य संचालित किए जा रहे हैं। प्रभारी सचिव ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आम जनों की सुरक्षा एवं सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है। बाढ़ प्रभावित परिवारों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करते हुए उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाए तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि स्थल स्तर, अनुमंडल स्तर एवं जिला स्तर पर प्रभावी समन्वय एवं सतत निगरानी के साथ कार्य करते हुए बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखें और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें।1
- दरभंगा। जिले में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर अब पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं। मिथिला विकास संगठन के संस्थापक विकास फूल ने दरभंगा में बढ़ते अपराध को लेकर प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। विकास फूल ने कहा कि आए दिन हत्या, लूट, चोरी और अन्य आपराधिक घटनाएं सामने आ रही हैं। घटना के बाद पुलिस द्वारा जांच की बात कही जाती है, लेकिन जांच पूरी होने के बाद उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक क्यों नहीं की जाती? उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर किसी घटना की जांच में क्या निष्कर्ष निकला, दोषी कौन पाए गए और पुलिस ने उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की—इन तमाम सवालों का जवाब जनता के सामने क्यों नहीं रखा जाता? विकास फूल ने कहा कि सिर्फ घटना के बाद प्राथमिकी दर्ज करना और कुछ लोगों की गिरफ्तारी करना ही पर्याप्त नहीं है। अपराध पर प्रभावी नियंत्रण के लिए पुलिस की कार्रवाई और जांच की पारदर्शिता भी जरूरी है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि गंभीर आपराधिक मामलों की जांच की प्रगति और कार्रवाई की जानकारी समय-समय पर सार्वजनिक की जाए, ताकि आम लोगों का पुलिस-प्रशासन पर विश्वास बना रहे। गौरतलब है कि दरभंगा पुलिस की ओर से हाल में लंबित कांडों के शीघ्र निष्पादन और अपराध नियंत्रण को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं। विकास फूल ने कहा कि जनता को सिर्फ आश्वासन नहीं, बल्कि अपराध नियंत्रण के परिणाम दिखाई देने चाहिए।1
- बिहार मे बाढ़ का खतरा गंगा पुनपुन का रोद्र रूप पटना से मोकामा तक जालमग्न NH80 और NH31 पर आया बाढ़ का पानी1
- अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के द्वारा जनसम्पर्क यात्रा एवं समीक्षा बैठक राजद नेता जमशेद आदिल सोनू के आवास पर आयोजित! समस्तीपुर शहर के मथुरापुर मे राष्ट्रीय जनता दल अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के द्वारा जनसम्पर्क यात्रा एवं समीक्षा बैठक राजद नेता जमशेद आदिल सोनू के आवास पर आयोजित. बैठक में मुख्य रूप से अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह पूर्व केंद्रीय मंत्री मोहम्मद अली अशरफ फातमी मौजूद रहे। यह बैठक पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष एवं नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के निर्देश पर पूरे बिहार में चल रही अल्पसंख्यक जनसंपर्क यात्रा के तहत आयोजित की गई थी। बैठक में तय किया गया कि देश और बिहार में वर्तमान हालात में मुसलमानों के साथ जो भेदभाव और समस्याएं हो रही हैं, अल्पसंख्यक समाज की जो भी जमीनी समस्याएं हैं, उन सभी को सूचीबद्ध किया जाएगा। इन नेताओं ने कहा कि देश और बिहार की भाजपा सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है। इनक विफल नीतियों के कारण देश में नफरत का माहौल पैदा हो रहा है, सामाजिक सद्भाव घट रहा है। आज जरूरत है कौमी एकता, लोकतंत्र और संविधान को बचाने की। जिला स्तर से लेकर प्रखंड स्तर तक कार्यकर्ताओं से मिलकर उनकी समस्याओं का एक रिपोर्ट तैयार कर तेजस्वी यादव को सौंपा जाएगा, ताकि आने वाले समय में पार्टी उन मुद्दों को मजबूती से उठा सके। इस अवसर पर अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे। बाइट:अली अशरफ फातमी,अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ राष्ट्रीय अध्यक्ष सह पूर्व केंद्रीय मंत्री बाइट:राजद नेता,जमशेद आदिल1
- रात के अंधेरे में खाना बनाती वृद्ध महिला का गर्दन रेत कर पेट में चाकू से पांच बार हमला कर मौत के घाट उतरा Darpan24 News रात के अंधेरे में खाना बनाती वृद्ध महिला का गर्दन रेत कर पेट में चाकू से पांच बार हमला कर मौत के घाट उतरा Darpan24 News1