बंद स्ट्रीट लाइट, जर्जर सड़क और नशे का कारोबार... जनहित सेवा समिति ने उठाई आवाज पूरनपुर/पीलीभीत।क्षेत्र में लंबे समय से बनी गंभीर जनसमस्याओं को लेकर जनहित सेवा समिति ने अब प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। समिति के पदाधिकारी रूशान अहमद ने उप जिलाधिकारी पूरनपुर को छह सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर जनहित से जुड़े मुद्दों पर तत्काल और प्रभावी कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में क्षेत्र में खुलेआम बिक रहे मादक पदार्थों से लेकर जर्जर सड़कों, बंद स्ट्रीट लाइटों, झोलाछाप डॉक्टरों, प्रधानमंत्री आवास योजना और फर्जी तरीके से वाहनों पर ‘प्रेस’ लिखकर घूमने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई गई।रूशान अहमद ने कहा कि पूरनपुर क्षेत्र में स्मैक, नशीले इंजेक्शन, प्रतिबंधित कैप्सूल समेत अन्य मादक पदार्थों की बिक्री पर प्रभावी रोक नहीं लग पा रही है। नशे का यह कारोबार युवाओं के भविष्य को अंधकार में धकेल रहा है और अपराध को भी बढ़ावा दे रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि नशे के कारोबारियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र को नशे के जाल से मुक्त कराया जा सके।ज्ञापन में पूरनपुर-असम रोड स्थित सिरसा चौराहे पर बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। समिति ने कहा कि रात के समय चौराहा अंधेरे में डूबा रहता है, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी के साथ हादसे का खतरा बना रहता है। बंद स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त कराने की मांग की गई।समिति ने पूरनपुर ब्लॉक रोड की जर्जर हालत पर भी कड़ा आक्रोश जताया। बरसात में जलभराव के कारण सड़क पर आवागमन मुश्किल हो जाता है। समीप ही महिला अस्पताल होने के कारण मरीजों और गर्भवती महिलाओं को भी परेशानी उठानी पड़ती है। समिति ने सड़क की तत्काल मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण कराने की मांग की।इसके साथ ही बिना पंजीकरण और मानकों के विपरीत संचालित निजी अस्पतालों तथा झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग से अभियान चलाकर कार्रवाई की मांग की गई। समिति का आरोप है कि ऐसे संस्थानों की लापरवाही मरीजों की जिंदगी पर भारी पड़ सकती है।ज्ञापन में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) का पोर्टल पुनः खोलने की मांग करते हुए पात्र परिवारों को योजना का लाभ देने और अपात्रों के नाम सूची से हटाने की मांग की गई। वहीं फर्जी तरीके से वाहनों पर ‘प्रेस’ लिखकर घूमने वालों के खिलाफ भी अभियान चलाने की मांग उठाई गई।रूशान अहमद ने कहा कि ये केवल समिति की मांगें नहीं, बल्कि क्षेत्र की जनता की आवाज हैं। उन्होंने प्रशासन से चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि यदि जनसमस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया गया तो समिति जनता के साथ मिलकर लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को मजबूर होगी।
बंद स्ट्रीट लाइट, जर्जर सड़क और नशे का कारोबार... जनहित सेवा समिति ने उठाई आवाज पूरनपुर/पीलीभीत।क्षेत्र में लंबे समय से बनी गंभीर जनसमस्याओं को लेकर जनहित सेवा समिति ने अब प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। समिति के पदाधिकारी रूशान अहमद ने उप जिलाधिकारी पूरनपुर को छह सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर जनहित से जुड़े मुद्दों पर तत्काल और प्रभावी कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में क्षेत्र में खुलेआम बिक रहे मादक पदार्थों से लेकर जर्जर सड़कों, बंद स्ट्रीट लाइटों, झोलाछाप डॉक्टरों, प्रधानमंत्री आवास योजना और फर्जी तरीके से वाहनों पर ‘प्रेस’ लिखकर घूमने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई गई।रूशान अहमद ने कहा कि पूरनपुर क्षेत्र में स्मैक, नशीले इंजेक्शन, प्रतिबंधित कैप्सूल समेत अन्य मादक पदार्थों की बिक्री पर प्रभावी रोक नहीं लग पा रही है। नशे का यह कारोबार युवाओं के भविष्य को अंधकार में धकेल रहा है और अपराध को भी बढ़ावा दे रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि नशे के कारोबारियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र को नशे के जाल से मुक्त कराया जा सके।ज्ञापन में पूरनपुर-असम रोड स्थित सिरसा चौराहे पर बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। समिति ने कहा कि रात के समय चौराहा अंधेरे में डूबा रहता है, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी के साथ हादसे का खतरा बना रहता है। बंद स्ट्रीट लाइटों को तत्काल दुरुस्त कराने की मांग की गई।समिति ने पूरनपुर ब्लॉक रोड की जर्जर हालत पर भी कड़ा आक्रोश जताया। बरसात में जलभराव के कारण सड़क पर आवागमन मुश्किल हो जाता है। समीप ही महिला अस्पताल होने के कारण मरीजों और गर्भवती महिलाओं को भी परेशानी उठानी पड़ती है। समिति ने सड़क की तत्काल मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण कराने की मांग की।इसके साथ ही बिना पंजीकरण और मानकों के विपरीत संचालित निजी अस्पतालों तथा झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग से अभियान चलाकर कार्रवाई की मांग की गई। समिति का आरोप है कि ऐसे संस्थानों की लापरवाही मरीजों की जिंदगी पर भारी पड़ सकती है।ज्ञापन में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) का पोर्टल पुनः खोलने की मांग करते हुए पात्र परिवारों को योजना का लाभ देने और अपात्रों के नाम सूची से हटाने की मांग की गई। वहीं फर्जी तरीके से वाहनों पर ‘प्रेस’ लिखकर घूमने वालों के खिलाफ भी अभियान चलाने की मांग उठाई गई।रूशान अहमद ने कहा कि ये केवल समिति की मांगें नहीं, बल्कि क्षेत्र की जनता की आवाज हैं। उन्होंने प्रशासन से चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि यदि जनसमस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया गया तो समिति जनता के साथ मिलकर लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को मजबूर होगी।
- Puranpur: व्यापारियों की बैठक में शेरपुर रोड फ्लाइओवर को लेकर उठी माँग, 11 मीटर की जगह 8 मीटर चौड़ाई करने पर जोर। उत्तर प्रदेश के पूरनपुर में शेरपुर रोड पर प्रस्तावित फ्लाइओवर के निर्माण को लेकर स्थानीय व्यापारियों ने बैठक की। बैठक में व्यापारियों ने केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र प्रसाद को ज्ञापन सौंपकर फ्लाइओवर की चौड़ाई 11 मीटर से घटाकर 8 मीटर करने की मांग की है। इस दौरान हंसराज गुलाटी और व्यापार मंडल की नई टीम का स्वागत भी किया गया।1
- पति-पत्नी के कलह का खौफनाक अंत, घर-जमाई बनकर रह रहे पति का पत्नी ने घोंटा गला, आरोपी महिला गिरफ्तार पति-पत्नी के कलह का खौफनाक अंत, घर-जमाई बनकर रह रहे पति का पत्नी ने घोंटा गला, आरोपी महिला गिरफ्तार माधोटांडा (पीलीभीत)। ससुराल में रह रहे पति और पत्नी के बीच का विवाद इस कदर बढ़ा कि एक हंसता-खेलता परिवार पल भर में उजाड़ गया। थाना माधोटांडा क्षेत्र के लोहरपुरी गांव में पारिवारिक क्लेश के चलते पत्नी ने ही अपने पति की गला दबाकर बेरहमी से हत्या कर दी। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की छानबीन शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, चितरपुर गांव निवासी उमाशंकर पुत्र श्री कृष्णा पिछले कुछ समय से अपने गांव के बजाय अपनी ससुराल लोहरपुरी में 'घर-जमाई' के रूप में रह रहा था। बीती रात संदिग्ध परिस्थितियों में ससुराल के ही घर में उमाशंकर का शव मिला। पुलिस की शुरुआती जांच और पूछताछ में यह बात सामने आई है कि पति-पत्नी के बीच आपस में गहरा विवाद हुआ था, जिसके बाद पत्नी ममता उर्फ सीमा ने पति का गला दबाकर उसे मौत के घाट उतार दिया। स्थानीय ग्रामीणों और सूत्रों के मुताबिक, आरोपी महिला ममता उर्फ सीमा ने उमाशंकर से पहले गुजरात के किसी व्यक्ति से कोर्ट मैरिज की थी। बाद में वह उमाशंकर के संपर्क में आई। पुलिस अब महिला के इस आपराधिक और व्यक्तिगत बैकग्राउंड की भी पड़ताल कर रही है, ताकि हत्या के असली कारणों का पता लगाया जा सके। इस दिल दहला देने वाली वारदात ने दो छोटे-छोटे मासूम बच्चों—विकास और गीता—को पूरी तरह अनाथ कर दिया है। पिता की हत्या और मां के जेल चले जाने के बाद दोनों मासूमों का रो-रोकर बुरा हाल है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रथम दृष्टया मामला पति-पत्नी के आपसी विवाद में गला दबाकर हत्या का लग रहा है। आरोपी पत्नी को हिरासत में लेकर विधिक कार्रवाई की जा रही है।1
- पीलीभीत: कंजा हरैया के विद्यालय में विधिक जागरूकता अभियान, पीलीभीत। गजरौला थाना क्षेत्र के कंजा हरैया स्थित संजय गांधी मेमोरियल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में विधिक जागरूकता अभियान के तहत विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महिला उपनिरीक्षक (एसआई) रीना ने विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं एवं उपस्थित महिलाओं को विभिन्न कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं की सुरक्षा, उनके संवैधानिक एवं कानूनी अधिकार, घरेलू हिंसा, साइबर अपराध, महिला हेल्पलाइन तथा कानून द्वारा उपलब्ध सुरक्षा उपायों के बारे में जागरूक किया। एसआई रीना ने कहा कि किसी भी प्रकार के उत्पीड़न, हिंसा या अपराध की स्थिति में महिलाएं और छात्राएं बिना किसी भय के पुलिस से संपर्क करें तथा सरकार द्वारा उपलब्ध हेल्पलाइन और कानूनी सहायता का लाभ उठाएं। उन्होंने छात्राओं से आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने, अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने और किसी भी घटना की तुरंत सूचना पुलिस को देने की अपील की। कार्यक्रम में मौजूद छात्राओं एवं महिलाओं ने भी कानूनी विषयों से जुड़े अपने सवाल पूछे, जिनका विस्तार से जवाब दिया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं एवं छात्राओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक बनाना तथा कानून के प्रति विश्वास बढ़ाना रहा।1
- जरूरत थी- नौजवान लड़कियों को जलील करने की उनको बेरहमी से पिटवाने की उन पर आंसू गोले दागने की,? पूंछता है भारत1
- Post by AASHIQ ALI1
- छात्रों पर लाठीचार्ज को लेकर पीएम मोदी से माफी की मांग तेज छात्र आंदोलन पर कार्रवाई को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेरा छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्षी नेताओं और छात्र संगठनों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस घटना पर माफी मांगने और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। वहीं, सरकार की ओर से इस संबंध में अभी तक प्रधानमंत्री द्वारा कोई आधिकारिक माफी या बयान जारी नहीं किया गया है। मामला राजनीतिक बहस का विषय बना हुआ है।1
- छात्राओं से कथित छेड़छाड़ के आरोप में दो युवक पकड़े गए, ग्रामीणों ने की पिटाई नैनीताल के सतौली गांव में हंगामा, पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया उत्तराखंड के नैनीताल जिले के सतौली गांव में छात्राओं से कथित छेड़छाड़ के आरोप में दो युवकों की ग्रामीणों ने पिटाई कर दी। बताया जा रहा है कि दोनों युवक उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद के रहने वाले हैं और काम की तलाश में क्षेत्र में आए थे। छात्राओं के शोर मचाने पर स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। कुछ युवक भाग निकले, जबकि दो को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। आरोप है कि महिलाओं और लड़कियों ने उनकी पिटाई की और चेहरे पर काला रंग भी पोत दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।1