Shuru
Apke Nagar Ki App…
लापता बुजुर्ग की नहर किनारे मिली लाठी, पुलिस बैठी है हाथ पर हाथ धरे
सनसनी ऑफ़ इंडिया SANSANI
लापता बुजुर्ग की नहर किनारे मिली लाठी, पुलिस बैठी है हाथ पर हाथ धरे
More news from New Delhi and nearby areas
- दिल्ली की एक ऑटो ड्राइवर की समस्या हुई गाड़ी ठीक अपने मंजिल तक पहुंचा ड्राइवर ड्राइवर ने सभी ड्राइवर को बताया की क्या करना चाहिए1
- दिल्ली में दर्दनाक हादसा... मां की दुनिया था साहिल, घर की दीवारों पर हाथ से लिखे थे सपने, यूके जाने की थी तैयारी साहिल सिर्फ एक बेटा नहीं, अपनी 'सिंगल मदर' इन्ना माकन की पूरी दुनिया था. साहिल बीबीए (BBA) कर रहा था और उसका लक्ष्य था विदेश जाकर मास्टर्स करना. वह अपनी मां पर बोझ नहीं बनना चाहता था। नई दिल्ली (द्वारका): दिल्ली में द्वारका की सड़कों पर बिखरा वह खून सिर्फ एक हादसे का निशान नहीं, बल्कि एक मां के उन तमाम सपनों की आहुति है जिसे उसने 23 साल तक सींचा था. एक रईसजादे की रफ्तार और सोशल मीडिया पर रील बनाने की सनक ने 23 वर्षीय साहिल धनेश्रा की जिंदगी छीन ली.1
- Post by Hari Sakar1
- आज के क्रिकेट मैच से जुड़ी हुई ताजा खबर1
- मैक्रों और मोदी गेटवे ऑफ इंडिया पर, वीर सावरकर का क़िस्सा सुनाया मोदीजी ने, हरदीप पुरी किसे बचा रहे पूछा पवन खेड़ा ने, नेटफ्लिक्स हो, यूट्यूब हो, फेसबुक हो या व्हाट्सएप भारत के कानून का पालन करना ही पड़ेगा और शिवपाल का आरोप फॉर्म 7 सरकार ही छपवाकर बंटवा रही... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....1
- Post by सनसनी ऑफ़ इंडिया SANSANI1
- ननद का ज़्यादा दखल… क्या सीधे जेल? भाई-भाभी की ज़िंदगी में रोज़ का कलेश अगर हद पार कर जाए, तो मामला सिर्फ़ घर तक सीमित नहीं रहता। कानून भी बीच में आता है। लगातार मानसिक प्रताड़ना, धमकी, झूठे आरोप या घरेलू शांति भंग करना IPC की धाराओं और घरेलू हिंसा कानून के दायरे में आ सकता है। अगर ननद का हस्तक्षेप पति-पत्नी के रिश्ते को तोड़ने, डराने या नुकसान पहुँचाने की नीयत से हो—तो पुलिस केस, नोटिस और ज़मानत तक की नौबत आ सकती है। हालाँकि हर झगड़ा जेल नहीं पहुँचाता, लेकिन सबूत और गंभीरता बढ़े तो कानून सख़्त हो जाता है। घर का मामला कब बन जाता है कानूनी मामला—जानिए इस वीडियो में।1
- दिल्ली मे विगड़ती स्वास्थ्य विवस्था हॉस्पिटल मे दवाई नहीं है नल से गन्दा पानी आता है 1 साल मे हुआ दिल्ली का बुरा हाल दिल्ली के लोकल लोगो का कहना है1