कांग्रेस नेता एवं पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह उचाना ने राजीव गांधी कॉलेज में कार्यकर्ताओं से संवाद के बाद एक पत्रकार वार्ता में भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि आज अमेरिका भारतीय समुद्री जहाजों को निशाना बना रहा है, लेकिन भारत सरकार और प्रशासन में इतनी हिम्मत नहीं है कि वे खुलकर अमेरिका की निंदा कर सकें। बृजेंद्र सिंह के अनुसार, भारत ईरान पर दोष मढ़ रहा है, जो यह दर्शाता है कि पिछले 12 सालों में देश अंदर से कितना कमजोर हो चुका है और दुनिया के पटल पर उसकी कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने इसके लिए पिछले 12 साल में समाज में फैलाए गए 'जहर' और 'झूठे आंकड़ों' पर देश को गुमराह करने के निरंतर प्रयासों को जिम्मेदार ठहराया। पूर्व सांसद ने देश की चरमराती अर्थव्यवस्था पर भी चिंता जताई, यह कहते हुए कि भारत में किसी प्रकार का निवेश नहीं हो रहा; विदेशी अपना पैसा लेकर जा रहे हैं और घरेलू व्यवसायी भी निवेश नहीं कर रहे। उन्होंने रोजगार और कृषि सहित अन्य क्षेत्रों में परोसे जा रहे आंकड़ों को महज दिखावा बताया। बृजेंद्र सिंह ने कहा कि आज देश में जो हालात बन रहे हैं, उनसे लगता है कि लोकतंत्र और संविधान को बचाने के लिए आजादी की 'दूसरी लड़ाई' लड़नी पड़ेगी। उन्होंने राहुल गांधी को 'जन नेता' करार देते हुए कहा कि राहुल गांधी ने भाजपा का संतुलन बिगाड़ दिया है और उनके आह्वान पर पूरा विपक्ष एक छतरी के नीचे आ रहा है। उन्होंने 8 तारीख को 'दूसरी आजादी की लड़ाई' जैसे आह्वान का उल्लेख किया, जिसे सभी को अपनाना होगा। बृजेंद्र सिंह ने दिग्विजय चौटाला पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे बातें तो बड़ी-बड़ी करते हैं, लेकिन आज तक सरपंच का चुनाव भी नहीं जीत पाए हैं। उन्होंने कहा कि आदमी को अपनी क्षमता के अनुसार ही बात करनी चाहिए। उन्होंने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के पंजाब दौरे पर भी टिप्पणी की, कि पगड़ी पहनने से वोट नहीं मिलते, और उन्हें इसका जवाब आगामी चुनावों में मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी ने लोकतंत्र को बचाने और इलेक्टोरल रोल में चुनाव को खत्म होने से रोकने के लिए प्रशिक्षण दिया है, विशेषकर बिहार और पश्चिम बंगाल जैसी स्थितियाँ हरियाणा में न बनें। उन्होंने आगाह किया कि पूरी संस्थाओं पर RSS और भाजपा ने कब्जा कर लिया है, इसलिए निष्पक्ष चुनावों की उम्मीद एक भ्रम है, और आने वाले कई साल संघर्ष के रहेंगे।
कांग्रेस नेता एवं पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह उचाना ने राजीव गांधी कॉलेज में कार्यकर्ताओं से संवाद के बाद एक पत्रकार वार्ता में भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि आज अमेरिका भारतीय समुद्री जहाजों को निशाना बना रहा है, लेकिन भारत सरकार और प्रशासन में इतनी हिम्मत नहीं है कि वे खुलकर अमेरिका की निंदा कर सकें। बृजेंद्र सिंह के अनुसार, भारत ईरान पर दोष मढ़ रहा है, जो यह दर्शाता है कि पिछले 12 सालों में देश अंदर से कितना कमजोर हो चुका है और दुनिया के पटल पर उसकी कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने इसके लिए पिछले 12 साल में समाज में फैलाए गए 'जहर' और 'झूठे आंकड़ों' पर देश को गुमराह करने के निरंतर प्रयासों को जिम्मेदार ठहराया। पूर्व सांसद ने देश की चरमराती अर्थव्यवस्था पर भी चिंता जताई, यह कहते हुए कि भारत में किसी प्रकार का निवेश नहीं हो रहा; विदेशी अपना पैसा लेकर जा रहे हैं और घरेलू व्यवसायी भी निवेश नहीं कर रहे। उन्होंने रोजगार और कृषि सहित अन्य क्षेत्रों में परोसे जा रहे आंकड़ों को महज दिखावा बताया। बृजेंद्र सिंह ने कहा कि आज देश में जो हालात बन रहे हैं, उनसे लगता है कि लोकतंत्र और संविधान को बचाने के लिए आजादी की 'दूसरी लड़ाई' लड़नी पड़ेगी। उन्होंने राहुल गांधी को 'जन नेता' करार देते हुए कहा कि राहुल गांधी ने भाजपा का संतुलन बिगाड़ दिया है और उनके आह्वान पर पूरा विपक्ष एक छतरी के नीचे आ रहा है। उन्होंने 8 तारीख को 'दूसरी आजादी की लड़ाई' जैसे आह्वान का उल्लेख किया, जिसे सभी को अपनाना होगा। बृजेंद्र सिंह ने दिग्विजय चौटाला पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे बातें तो बड़ी-बड़ी करते हैं, लेकिन आज तक सरपंच का चुनाव भी नहीं जीत पाए हैं। उन्होंने कहा कि आदमी को अपनी क्षमता के अनुसार ही बात करनी चाहिए। उन्होंने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के पंजाब दौरे पर भी टिप्पणी की, कि पगड़ी पहनने से वोट नहीं मिलते, और उन्हें इसका जवाब आगामी चुनावों में मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी ने लोकतंत्र को बचाने और इलेक्टोरल रोल में चुनाव को खत्म होने से रोकने के लिए प्रशिक्षण दिया है, विशेषकर बिहार और पश्चिम बंगाल जैसी स्थितियाँ हरियाणा में न बनें। उन्होंने आगाह किया कि पूरी संस्थाओं पर RSS और भाजपा ने कब्जा कर लिया है, इसलिए निष्पक्ष चुनावों की उम्मीद एक भ्रम है, और आने वाले कई साल संघर्ष के रहेंगे।
- कांग्रेस नेता एवं पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह उचाना ने राजीव गांधी कॉलेज में कार्यकर्ताओं से संवाद के बाद एक पत्रकार वार्ता में भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि आज अमेरिका भारतीय समुद्री जहाजों को निशाना बना रहा है, लेकिन भारत सरकार और प्रशासन में इतनी हिम्मत नहीं है कि वे खुलकर अमेरिका की निंदा कर सकें। बृजेंद्र सिंह के अनुसार, भारत ईरान पर दोष मढ़ रहा है, जो यह दर्शाता है कि पिछले 12 सालों में देश अंदर से कितना कमजोर हो चुका है और दुनिया के पटल पर उसकी कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने इसके लिए पिछले 12 साल में समाज में फैलाए गए 'जहर' और 'झूठे आंकड़ों' पर देश को गुमराह करने के निरंतर प्रयासों को जिम्मेदार ठहराया। पूर्व सांसद ने देश की चरमराती अर्थव्यवस्था पर भी चिंता जताई, यह कहते हुए कि भारत में किसी प्रकार का निवेश नहीं हो रहा; विदेशी अपना पैसा लेकर जा रहे हैं और घरेलू व्यवसायी भी निवेश नहीं कर रहे। उन्होंने रोजगार और कृषि सहित अन्य क्षेत्रों में परोसे जा रहे आंकड़ों को महज दिखावा बताया। बृजेंद्र सिंह ने कहा कि आज देश में जो हालात बन रहे हैं, उनसे लगता है कि लोकतंत्र और संविधान को बचाने के लिए आजादी की 'दूसरी लड़ाई' लड़नी पड़ेगी। उन्होंने राहुल गांधी को 'जन नेता' करार देते हुए कहा कि राहुल गांधी ने भाजपा का संतुलन बिगाड़ दिया है और उनके आह्वान पर पूरा विपक्ष एक छतरी के नीचे आ रहा है। उन्होंने 8 तारीख को 'दूसरी आजादी की लड़ाई' जैसे आह्वान का उल्लेख किया, जिसे सभी को अपनाना होगा। बृजेंद्र सिंह ने दिग्विजय चौटाला पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे बातें तो बड़ी-बड़ी करते हैं, लेकिन आज तक सरपंच का चुनाव भी नहीं जीत पाए हैं। उन्होंने कहा कि आदमी को अपनी क्षमता के अनुसार ही बात करनी चाहिए। उन्होंने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के पंजाब दौरे पर भी टिप्पणी की, कि पगड़ी पहनने से वोट नहीं मिलते, और उन्हें इसका जवाब आगामी चुनावों में मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी ने लोकतंत्र को बचाने और इलेक्टोरल रोल में चुनाव को खत्म होने से रोकने के लिए प्रशिक्षण दिया है, विशेषकर बिहार और पश्चिम बंगाल जैसी स्थितियाँ हरियाणा में न बनें। उन्होंने आगाह किया कि पूरी संस्थाओं पर RSS और भाजपा ने कब्जा कर लिया है, इसलिए निष्पक्ष चुनावों की उम्मीद एक भ्रम है, और आने वाले कई साल संघर्ष के रहेंगे।1
- कश्यप कंस्ट्रक्शन एक पेशेवर निर्माण कंपनी है जो उच्च गुणवत्ता वाली आवासीय और वाणिज्यिक परियोजनाओं को पूरा करने के लिए समर्पित है। यह कंपनी आधुनिक तकनीक, कुशल श्रम और अभिनव डिजाइन को मिलाकर यह सुनिश्चित करती है कि ग्राहकों के सपनों के स्थान वास्तविकता में बदल सकें।1
- जीवन की अप्रत्याशितता पर जोर देते हुए बताया गया है कि कोई नहीं जानता कब क्या हो जाए। यह घटना हरियाणा के कैथल के पास की है, जहाँ एक खौफनाक मंज़र सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ।1
- करनाल जिले के गाँव सालवन में नियर बाय सोसायटी के पास नाली के पानी की निकासी एक गंभीर समस्या बनी हुई है। ग्रामीणों ने इस मुद्दे को लेकर पिछले कई सालों से सरपंच जयबीर फौजी से कई बार संपर्क किया है, लेकिन उनकी ओर से इस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया है। ग्रामीणों का साफ कहना है कि यह कार्य सरपंच के बस का नहीं है, जिसके चलते उन्होंने उन अधिकारियों से इस मामले पर ध्यान देने की अपील की है जिनके अंतर्गत यह कार्य आता है, ताकि इस पुरानी समस्या का समाधान हो सके।1
- पानीपत जिले के नौल्था गाँव में 14 जून को गुजरात कंपनी के एरिया मैनेजर कप्तान जागलान की अध्यक्षता में एक किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। करनाल क्षेत्र के पानीपत टेरिटरी में हुई इस गोष्ठी में काफी संख्या में किसानों ने भाग लिया। इस अवसर पर, मैनेजर कप्तान जागलान ने गुजरात से आए कंपनी के प्रतिनिधि विकास, भिष्म और नरेंद्र का किसानों से परिचय करवाया। कंपनी की वरिष्ठ डॉक्टर विकास जी ने किसानों को खेतों में आने वाली मुख्य चुनौतियों और जीएसपी के माध्यम से उनके व्यावहारिक समाधानों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने जानकारी दी कि कंपनी ने किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एक नई दवाई विकसित की है, जिसका नाम 'आर्थर' और 'PCT-410' है। यह दवाई किसानों को अधिक से अधिक उपज दिलाने और उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में सहायक है। गोष्ठी में लगभग डेढ़ सौ किसानों ने भागीदारी निभाई। किसान अनिल कुमार ने अपने खेत में कंपनी के प्रोडक्ट के उपयोग का अनुभव साझा करते हुए बताया कि वे इसे हर फसल में प्रयोग करते हैं, जिससे उन्हें बड़ा लाभ होता है। इस कार्यक्रम के दौरान किसान प्रशिक्षण का भी आयोजन किया गया।3
- टोहाना विधानसभा क्षेत्र के अमानी गांव में हुए बस हादसे की जानकारी मिलते ही, एक व्यक्ति तत्काल घटनास्थल पर पहुंचा। वहां पहुंचकर उन्होंने राहत एवं बचाव कार्यों की गहन निगरानी की, ताकि हरसंभव मदद पहुंचाई जा सके। इस दौरान, हादसे में घायल हुए सभी व्यक्तियों को एम्बुलेंस के माध्यम से नागरिक अस्पताल टोहाना ले जाया गया, जहाँ उनके लिए तुरंत उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की गई।1