Shuru
Apke Nagar Ki App…
डेरा बाबा भैरूनाथ शिव मंदिर मुकलावा महाराज दिवाली नाथ जी
Radhe shyam
डेरा बाबा भैरूनाथ शिव मंदिर मुकलावा महाराज दिवाली नाथ जी
More news from Rajasthan and nearby areas
- धर्मसिंहवाला मनरेगा आंदोलन का सकारात्मक समाधान, प्रशासन से लिखित आश्वासन मिलने पर तीसरे दिन धरना समाप्त सादुलशहर । ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला में VB-G RAM G (मनरेगा) के तहत रोजगार उपलब्ध कराने की मांग को लेकर 03 अगस्त 2026 से चल रहा ग्रामीणों का शांतिपूर्ण अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन आज तीसरे दिन प्रशासन के साथ हुई वार्ता के बाद सफलतापूर्वक समाप्त हो गया। धरने के दौरान ग्रामीणों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने लिखित रूप में प्रमुख मांगों पर सहमति व्यक्त की। समझौते के अनुसार 06 अगस्त 2026 से चक 9-10 BNW में लगभग 68 श्रमिकों को कार्य उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त चक 13 BNW के दो कार्य तथा श्यामसिंहवाला का एक कार्य प्रशासनिक स्वीकृति के लिए भेजा जा चुका है, जिन पर अगस्त माह के दूसरे पखवाड़े में कार्य प्रारम्भ किए जाएंगे। साथ ही प्रशासन ने आश्वासन दिया कि 15 अगस्त 2026 के बाद आयोजित होने वाली ग्राम सभा में नए कार्यों के प्रस्ताव पारित कर प्रशासनिक स्वीकृति हेतु भेजे जाएंगे, ताकि ग्राम पंचायत के अधिक से अधिक जरूरतमंद श्रमिकों को मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध कराया जा सके। प्रशासन द्वारा दिए गए लिखित आश्वासन एवं प्रमुख मांगों को स्वीकार किए जाने के उपरांत ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला के ग्रामीणों ने आपसी सहमति से धरना-प्रदर्शन समाप्त करने का निर्णय लिया। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि यदि प्रशासन द्वारा निर्धारित समय-सीमा के अनुसार लिखित आश्वासन की पालना नहीं की जाती है, तो वे पुनः लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करने के लिए स्वतंत्र होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी संबंधित प्रशासन एवं विभाग की होगी। धरने में सुधीर गोस्वामी, सतपाल गोस्वामी, सुभाष गिरी, रशिल बिश्नोई, जसराम मेघवाल, संदीप दिलवरिया, संजय गोस्वामी, चेत सिंह, गुरप्रीत सिंह, सुभाष, वेद प्रकाश, सुखराम, भूराराम, खेतपाल, फुसाराम, रामप्रताप, हरचंद राम, आत्मा सिंह, साहब राम, कृष्ण लाल, चुन्नी राम, हरपाल सिंह, कृष्ण लाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि लिखित आश्वासन मिलने के बाद ही आंदोलन का सम्मानजनक समाधान स्वीकार किया गया है। ग्रामीणों ने कहा कि यह सकारात्मक परिणाम गांव की एकजुटता, शांतिपूर्ण संघर्ष और लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों की मांग का प्रतिफल है। उन्होंने प्रशासन द्वारा सकारात्मक पहल करने और समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने का स्वागत किया तथा विश्वास व्यक्त किया कि जल्द ही ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला के सभी जरूरतमंद श्रमिकों को मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध होगा। ग्रामीणों ने आंदोलन के दौरान सहयोग देने वाले प्रशासनिक अधिकारियों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं समस्त ग्रामवासियों का भी आभार व्यक्त किया और कहा कि यह संघर्ष किसी व्यक्ति विशेष के विरुद्ध नहीं, बल्कि गांव के श्रमिकों के रोजगार के अधिकार की लड़ाई थी, जिसका समाधान संवाद और आपसी सहमति से हुआ।ज4
- डेरा बाबा भैरूनाथ शिव मंदिर मुकलावा महाराज दिवाली नाथ जी1
- पानी की मांग को लेकर श्रीगंगानगर का अन्नदाता सड़कों पर उतर आया है। खेतों को समय पर सिंचाई का पानी मिले, यही किसानों की सबसे बड़ी मांग है। किसान का संघर्ष केवल उसकी फसल के लिए नहीं, बल्कि पूरे देश की खाद्य सुरक्षा के लिए है। #श्रीगंगानगर #किसान #पानी_की_मांग #सिंचाई_जल #अन्नदाता #Rajasthan #FarmersProtest #SaveFarmers #WaterCrisis #Irrigation #SSSNEWSSGNR #Ganganagar #FarmerVoice #Agriculture #WaterForFarmers पानी की मांग को लेकर श्रीगंगानगर का अन्नदाता सड़कों पर उतर आया है। खेतों को समय पर सिंचाई का पानी मिले, यही किसानों की सबसे बड़ी मांग है। किसान का संघर्ष केवल उसकी फसल के लिए नहीं, बल्कि पूरे देश की खाद्य सुरक्षा के लिए है। #श्रीगंगानगर #किसान #पानी_की_मांग #सिंचाई_जल #अन्नदाता #Rajasthan #FarmersProtest #SaveFarmers #WaterCrisis #Irrigation #SSSNEWSSGNR #Ganganagar #FarmerVoice #Agriculture #WaterForFarmers1
- स्कूली छात्राओं को सेल्फ डिफेंस का पाठ: खांडा फलसा में 7 दिवसीय महिला शक्ति कैंप शुरू स्कूली छात्राओं को सेल्फ डिफेंस का पाठ: खांडा फलसा में 7 दिवसीय महिला शक्ति कैंप शुरू *जोधपुर।* माननीय राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर के विशेष अभियान "ट्रांसफोरमेटिव ट्यूजडे" के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जोधपुर महानगर के सचिव श्री राकेश रामावत के निर्देश पर राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, खांडा फलसा में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर में छात्राओं को सेल्फ डिफेंस, गुड टच-बैड टच और नालसा व रालसा की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। इसी कड़ी में पुलिस आयुक्तालय जोधपुर एवं समर्पण मारवाड़ सेवा संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में 7 दिवसीय "महिला शक्ति आत्मरक्षा कैंप" का शुभारंभ भी हुआ। मुख्य अतिथि अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री राकेश रामावत ने सरस्वती वंदना व दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। पुलिस आयुक्तालय से शारदा पूनिया की टीम ने छात्राओं को सेल्फ डिफेंस व गुड टच-बैड टच का प्रशिक्षण दिया। इस अवसर पर प्रधानाचार्य अनीता व्यास, विजयलक्ष्मी अरोड़ा, संस्था अध्यक्ष कपिल अरोड़ा सहित स्कूल स्टाफ उपस्थित रहा।1
- हाउसिंग प्रोडक्ट के घरों में भरा बारिश का पानी कलेक्टर से मिलने पहुंचे जनप्रतिनिधि1
- धर्मसिंहवाला मनरेगा आंदोलन का सकारात्मक समाधान, प्रशासन से लिखित आश्वासन मिलने पर तीसरे दिन धरना समाप्त सादुलशहर, 5 अगस्त। ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला में VB-G RAM G (मनरेगा) के तहत रोजगार उपलब्ध कराने की मांग को लेकर 03 अगस्त 2026 से चल रहा ग्रामीणों का शांतिपूर्ण अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन आज तीसरे दिन प्रशासन के साथ हुई वार्ता के बाद सफलतापूर्वक समाप्त हो गया। धरने के दौरान ग्रामीणों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने लिखित रूप में प्रमुख मांगों पर सहमति व्यक्त की। समझौते के अनुसार 06 अगस्त 2026 से चक 9-10 BNW में लगभग 68 श्रमिकों को कार्य उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त चक 13 BNW के दो कार्य तथा श्यामसिंहवाला का एक कार्य प्रशासनिक स्वीकृति के लिए भेजा जा चुका है, जिन पर अगस्त माह के दूसरे पखवाड़े में कार्य प्रारम्भ किए जाएंगे। साथ ही प्रशासन ने आश्वासन दिया कि 15 अगस्त 2026 के बाद आयोजित होने वाली ग्राम सभा में नए कार्यों के प्रस्ताव पारित कर प्रशासनिक स्वीकृति हेतु भेजे जाएंगे, ताकि ग्राम पंचायत के अधिक से अधिक जरूरतमंद श्रमिकों को मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध कराया जा सके। प्रशासन द्वारा दिए गए लिखित आश्वासन एवं प्रमुख मांगों को स्वीकार किए जाने के उपरांत ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला के ग्रामीणों ने आपसी सहमति से धरना-प्रदर्शन समाप्त करने का निर्णय लिया। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि यदि प्रशासन द्वारा निर्धारित समय-सीमा के अनुसार लिखित आश्वासन की पालना नहीं की जाती है, तो वे पुनः लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करने के लिए स्वतंत्र होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी संबंधित प्रशासन एवं विभाग की होगी। धरने में सुधीर गोस्वामी, सतपाल गोस्वामी, सुभाष गिरी, रशिल बिश्नोई, जसराम मेघवाल, संदीप दिलवरिया, संजय गोस्वामी, चेत सिंह, गुरप्रीत सिंह, सुभाष, वेद प्रकाश, सुखराम, भूराराम, खेतपाल, फुसाराम, रामप्रताप, हरचंद राम, आत्मा सिंह, साहब राम, कृष्ण लाल, चुन्नी राम, हरपाल सिंह, कृष्ण लाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि लिखित आश्वासन मिलने के बाद ही आंदोलन का सम्मानजनक समाधान स्वीकार किया गया है। ग्रामीणों ने कहा कि यह सकारात्मक परिणाम गांव की एकजुटता, शांतिपूर्ण संघर्ष और लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों की मांग का प्रतिफल है। उन्होंने प्रशासन द्वारा सकारात्मक पहल करने और समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने का स्वागत किया तथा विश्वास व्यक्त किया कि जल्द ही ग्राम पंचायत धर्मसिंहवाला के सभी जरूरतमंद श्रमिकों को मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध होगा। ग्रामीणों ने आंदोलन के दौरान सहयोग देने वाले प्रशासनिक अधिकारियों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं समस्त ग्रामवासियों का भी आभार व्यक्त किया और कहा कि यह संघर्ष किसी व्यक्ति विशेष के विरुद्ध नहीं, बल्कि गांव के श्रमिकों के रोजगार के अधिकार की लड़ाई थी, जिसका समाधान संवाद और आपसी सहमति से हुआ।ज1
- बाल कारागृह में लोमहर्षक वारदात, बाल कैदियों ने गार्ड की हत्या की श्रीगंगानगर। शहर के कुंज विहार स्थित राजकीय संप्रेषण एवं किशोर गृह में लोमहर्षक घटना सामने आई। यहां बाल कैदियों ने मिलकर सुरक्षा गार्ड साहब राम डेलू पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। सिर पर गंभीर प्रहार किए जाने से गार्ड की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक सहित पुलिस का जाब्ता मौके पर पहुंचा और घटनास्थल का जायजा लिया। मृतक साहब राम डेलू अम्बे विहार निवासी एक्स-सर्विसमैन बताए जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, किशोर गृह में NDPS से जुड़े मामलों में 24 बाल कैदी निरुद्ध थे। आरोप है कि इनमें से कुछ बाल कैदियों ने गार्ड साहब राम डेलू पर हमला कर दिया और सिर पर कई वार किए। गंभीर चोटों के चलते उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। किशोर गृह में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि वारदात की पूरी घटना और हमले में शामिल बाल कैदियों की भूमिका स्पष्ट हो सके। पुलिस अधिकारियों द्वारा घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। घटना के बाद बाल कारागृह की सुरक्षा व्यवस्था और पूरी वारदात को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस जांच के बाद ही हमले की पूरी वजह और घटनाक्रम का खुलासा हो सकेगा।2