पूर्वी चंपारण जिले के पकड़ीदयाल बड़ा बाजार में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब फर्जी PhonePe ऐप के माध्यम से भुगतान करने के आरोप लगने पर दुकानदारों ने दो युवकों को पकड़ लिया और उनकी पिटाई कर दी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ये दोनों युवक बाजार की कई दुकानों पर पहुंचे और किराना, मिठाई, कपड़ा तथा तेल मिल जैसी जगहों से सामान खरीदा। सामान का भुगतान करते समय उन्होंने अपने मोबाइल से PhonePe द्वारा पेमेंट करने का दावा किया और दुकानदारों को सफल ट्रांजैक्शन भी दिखाया। हालांकि, दुकानदारों के खातों में कोई राशि प्राप्त नहीं हुई और न ही दुकानों पर लगे साउंड बॉक्स (स्पीकर) से भुगतान की पुष्टि हुई। बार-बार पैसे न मिलने पर दुकानदारों को संदेह हुआ और उन्होंने युवकों को दोबारा ऑनलाइन भुगतान करने को कहा। कई प्रयासों के बावजूद जब किसी भी खाते में पैसे नहीं पहुंचे, तो व्यापारियों को विश्वास हो गया कि युवक किसी नकली या फर्जी पेमेंट ऐप का इस्तेमाल कर रहे थे। इसके बाद मौके पर बड़ी संख्या में दुकानदार और स्थानीय लोग जमा हो गए, जिन्होंने दोनों युवकों को पकड़ लिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि इस दौरान कुछ लोगों ने उनकी पिटाई भी की। मौजूद लोगों ने अपने मोबाइल फोन से इस घटना का वीडियो बनाया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। बाद में स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने हस्तक्षेप कर माहौल को शांत कराया। युवकों के परिजनों को बुलाया गया और समझाइश के बाद उन्हें उनके हवाले कर दिया गया। इस मामले की सूचना तत्काल पुलिस को नहीं दी गई और न ही किसी दुकानदार ने लिखित शिकायत दर्ज कराई। पकड़ीदयाल थानाध्यक्ष अभिषेक कुमार ने इस संबंध में बताया कि थाने को घटना की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि किसी पीड़ित दुकानदार द्वारा लिखित आवेदन दिया जाता है, तो मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद, बाजार के व्यापारियों ने ऑनलाइन भुगतान स्वीकार करते समय अधिक सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने दुकानदारों से कहा है कि केवल मोबाइल स्क्रीन पर दिखाए गए सफल ट्रांजैक्शन पर भरोसा न करें, बल्कि बैंक खाते या साउंड बॉक्स पर भुगतान की पुष्टि होने के बाद ही सामान ग्राहकों को सौंपें।
पूर्वी चंपारण जिले के पकड़ीदयाल बड़ा बाजार में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब फर्जी PhonePe ऐप के माध्यम से भुगतान करने के आरोप लगने पर दुकानदारों ने दो युवकों को पकड़ लिया और उनकी पिटाई कर दी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ये दोनों युवक बाजार की कई दुकानों पर पहुंचे और किराना, मिठाई, कपड़ा तथा तेल मिल जैसी जगहों से सामान खरीदा। सामान का भुगतान करते समय उन्होंने अपने मोबाइल से PhonePe द्वारा पेमेंट करने का दावा किया और दुकानदारों को सफल ट्रांजैक्शन भी दिखाया। हालांकि, दुकानदारों के खातों में कोई राशि प्राप्त नहीं हुई और न ही दुकानों पर लगे साउंड बॉक्स (स्पीकर) से भुगतान की पुष्टि हुई। बार-बार पैसे न मिलने पर दुकानदारों को संदेह हुआ और उन्होंने युवकों को दोबारा ऑनलाइन भुगतान करने को कहा। कई प्रयासों के बावजूद जब किसी भी खाते में पैसे नहीं पहुंचे, तो व्यापारियों को विश्वास हो गया कि युवक किसी नकली या फर्जी पेमेंट ऐप का इस्तेमाल कर रहे थे। इसके बाद मौके पर बड़ी संख्या में दुकानदार और स्थानीय लोग जमा हो गए, जिन्होंने दोनों युवकों को पकड़ लिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि इस दौरान कुछ लोगों ने उनकी पिटाई भी की। मौजूद लोगों ने अपने मोबाइल फोन से इस घटना का वीडियो बनाया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। बाद में स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने हस्तक्षेप कर माहौल को शांत कराया। युवकों के परिजनों को बुलाया गया और समझाइश के बाद उन्हें उनके हवाले कर दिया गया। इस मामले की सूचना तत्काल पुलिस को नहीं दी गई और न ही किसी दुकानदार ने लिखित शिकायत दर्ज कराई। पकड़ीदयाल थानाध्यक्ष अभिषेक कुमार ने इस संबंध में बताया कि थाने को घटना की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि किसी पीड़ित दुकानदार द्वारा लिखित आवेदन दिया जाता है, तो मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद, बाजार के व्यापारियों ने ऑनलाइन भुगतान स्वीकार करते समय अधिक सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने दुकानदारों से कहा है कि केवल मोबाइल स्क्रीन पर दिखाए गए सफल ट्रांजैक्शन पर भरोसा न करें, बल्कि बैंक खाते या साउंड बॉक्स पर भुगतान की पुष्टि होने के बाद ही सामान ग्राहकों को सौंपें।
- खैरथल के इंजीनियर पॉइंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल में सोमवार को डॉक्टर्स डे और सीए डे का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विद्यालय ने अपने उन पूर्व छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया, जिन्होंने यहां से शिक्षा प्राप्त कर चिकित्सा, वाणिज्य और परमाणु विज्ञान के क्षेत्र में जिले व देश का नाम रोशन किया है। समारोह का मुख्य आकर्षण भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (BARC) मुंबई में वैज्ञानिक के पद पर चयनित हुईं विद्यालय की पूर्व छात्रा ख्याति खंडेलवाल रहीं। ख्याति खंडेलवाल के साथ-साथ डॉ. पारस मलिक, डॉ. यश खंडेलवाल, डॉ. धीरज कुमार, डॉ. संदीप सोनी और चार्टर्ड अकाउंटेंट रुचिका चौधरी को भी माल्यार्पण और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर ख्याति एवं यश खंडेलवाल के पिता इन्दर खंडेलवाल व उनकी माता सुषमा खंडेलवाल, तथा सीए रुचिका चौधरी के पिता ज्ञानी राम चौधरी का भी विशेष सम्मान किया गया। संस्थान के निदेशक आजाद चौधरी ने बताया कि हर वर्ष उनके विद्यालय से विद्यार्थी उचित शिक्षा एवं मार्गदर्शन प्राप्त कर IAS, IPS, डॉक्टर, इंजीनियर, साइंटिस्ट, RAS जैसे उच्च पदों पर पहुंचकर देश की सेवा कर रहे हैं। उन्होंने ख्याति का BARC जैसे विश्वस्तरीय संस्थान में चयन को गौरव का विषय बताया। सम्मानित अतिथियों ने विद्यार्थियों से संवाद कर अपने अनुभव साझा किए। ख्याति खंडेलवाल ने ई.पी. स्कूल में मिले शिक्षकों के मार्गदर्शन और मजबूत नींव को अपनी सफलता का श्रेय देते हुए कहा कि इसी के कारण वह आज देश के परमाणु कार्यक्रम का हिस्सा बन पाई हैं। रुचिका चौधरी ने ई.पी. विद्यालय की एक अनूठी परंपरा का उल्लेख किया, जहाँ बोर्ड एग्जाम के समय शिक्षक बच्चों के घर-घर जाकर उनके डाउट क्लियर कराते हैं, जिसे उन्होंने एक जबरदस्त परंपरा बताया जो बच्चों के कीमती समय का ध्यान रखती है। अन्य सभी वक्ताओं ने छात्रों को लक्ष्य निर्धारण कर कठिन परिश्रम करने की प्रेरणा दी। प्रधानाचार्य आचार्य राजेश कुमार ने सभी आगंतुक अतिथियों का आभार व्यक्त किया और कहा कि ये पूर्व छात्र ही विद्यालय की असली पूंजी हैं, जिनकी उपलब्धियां आने वाली पीढ़ियों का मार्गदर्शन करेंगी। उन्होंने सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।3
- मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा (HTET) की तैयारियों को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन और कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त, सभी उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इस बैठक से जुड़े।1
- डीग के पुलिस अधीक्षक शरण गोपीनाथ कांबले ने मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए सड़क दुर्घटना में घायल एक वृद्ध महिला को बिना एंबुलेंस का इंतजार किए अपनी सरकारी गाड़ी से तत्काल जिला अस्पताल पहुँचाया। यह घटना तब हुई जब शहर के अऊ गेट निवासी 70 वर्षीय वीरवती पत्नी रघुवीर भरतपुर रोड स्थित पुलिस लाइन के पास अपनी गाय को लेकर घर लौट रही थीं और एक तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर गईं। संयोगवश उसी समय उसी मार्ग से गुजर रहे पुलिस अधीक्षक कांबले ने दुर्घटना देखते ही अपनी गाड़ी रुकवाई और घायल वृद्धा को तत्काल अपनी सरकारी गाड़ी में बैठाकर अस्पताल ले गए। अस्पताल में भी वे उपचार शुरू होने तक मौजूद रहे और चिकित्सकों से घायल महिला के इलाज की जानकारी लेते रहे। उनकी तत्परता के कारण वृद्धा को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकी, जिससे उनकी स्थिति को संभालने में मदद मिली। पुलिस अधीक्षक की इस संवेदनशील और मानवीय पहल की स्थानीय लोगों ने खुले दिल से सराहना की, उनका कहना था कि यह घटना पुलिस के मानवीय और जनसेवा वाले चेहरे को भी उजागर करती है। यह भी बताया गया कि एसपी कांबले जनसेवा के तहत 84 कोस के तीर्थ यात्रियों की भी खुद सेवा करते नजर आए हैं।4
- जेलों में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए, 'परजगन गुर्जर' की जेल के अंदर हुई हत्या के लिए न्याय की पुरजोर मांग की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, चंबल के कुख्यात डाकू विष्णु ने परजगन गुर्जर की गला दबाकर हत्या कर दी है। इस वारदात के बाद यह तीखा सवाल उठाया जा रहा है कि यदि जेल के भीतर ही सुरक्षा सुनिश्चित नहीं की जा सकती, तो फिर ऐसी जेलों का क्या औचित्य है और ऐसे मामलों में न्याय कैसे मिलेगा।1
- ब्यावर से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार, लांबिया ग्राम में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल उठ गए हैं। गांव के कई घरों में नलों से गंदा, मटमैला और तेज बदबूदार पानी आने से ग्रामीणों में जबरदस्त आक्रोश है। इस दूषित पानी के कारण उनमें बीमारियों का भय बढ़ गया है, साथ ही स्वच्छ पेयजल के अभाव में उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यह पानी उपयोग योग्य नहीं है और उन्हें इसे नालियों में बहाना पड़ रहा है। ग्रामीण जेठाराम लिंबा ने बताया कि पिछले कई दिनों से उनके घर की पेयजल लाइन से मटमैला और बदबूदार पानी आ रहा है, जिसकी शिकायत जलदाय विभाग को देने के बावजूद अब तक कोई समाधान नहीं हुआ है। पीने योग्य न होने के कारण उनके परिवार को अन्य स्रोतों से पानी का इंतजाम करना पड़ रहा है। संवाददाता नेमदास वैष्णव ने भी मौके पर पानी का जायजा लिया, जो रंगीन और अत्यधिक बदबूदार था, जिसके पास थोड़ी देर खड़ा रहना भी मुश्किल था। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में लंबे समय से पेयजल संकट बना हुआ है और उन्हें मुंहमांगे दामों पर निजी टैंकरों से पानी मंगवाना पड़ रहा है। उनका यह भी कहना है कि जल जीवन मिशन और जलदाय विभाग द्वारा बिछाई गई पाइपलाइन में बार-बार लीकेज होने से पेयजल आपूर्ति लगातार प्रभावित होती रहती है। ग्रामीणों ने जल जीवन मिशन के तहत कई अधूरे कार्यों पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि पाइपलाइन बिछाने के लिए मुख्य मार्गों को खोदा गया था, लेकिन ठेकेदार ने सड़क की मरम्मत नहीं कराई, जिससे जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं। बरसात के मौसम में ये गड्ढे वाहन चालकों और बुजुर्गों के लिए दुर्घटना का कारण बन सकते हैं। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जलदाय विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि पेयजल पाइपलाइन की तकनीकी जांच करवाकर दूषित पानी की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, लीकेज को दूर किया जाए और अधूरे कार्यों को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। इस मामले में जलदाय विभाग के कनिष्ठ अभियंता ने बताया कि प्रथम दृष्टया ऐसा लगता है कि किसी उपभोक्ता के पुराने पेयजल कनेक्शन में लीकेज है, जिससे आपूर्ति के दौरान गंदा पानी मिल रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि विभाग जल्द ही संबंधित लीकेज को ठीक करके पेयजल आपूर्ति को सुचारु और स्वच्छ बनाएगा।1
- अलवर के मत्स्य औद्योगिक क्षेत्र (MIA) में हाल ही में एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें कर्मचारियों और युवाओं ने बड़ी संख्या में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस अवसर पर यह बात रेखांकित की गई कि रक्तदान केवल एक सामाजिक सेवा नहीं है, बल्कि यह मानवता की सबसे बड़ी मिसालों में से एक है। बताया गया कि एक व्यक्ति का छोटा-सा रक्तदान प्रयास किसी जरूरतमंद परिवार में फिर से खुशियाँ लौटा सकता है। आयोजकों ने स्वस्थ व्यक्तियों से नियमित रूप से रक्तदान करने और दूसरों को भी इस महत्वपूर्ण कार्य के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया।1
- पकड़ीदयाल थाना क्षेत्र के बड़कागांव हाई स्कूल के समीप भारतमाला सड़क पर हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में 38 वर्षीय शैल देवी की मौत हो गई। रामपुरवा निवासी शैल देवी अपने खेत को देखने के लिए जा रही थीं, तभी एक तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। इस टक्कर से वह गंभीर रूप से घायल हो गईं और स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल ले जाए जाने के बाद उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। हादसे के तुरंत बाद ग्रामीणों ने सक्रियता दिखाते हुए बाइक चालक को पकड़ लिया, जिसकी पहचान शिकारगंज थाना क्षेत्र के परेवा निवासी के रूप में हुई है। ग्रामीणों की सूचना पर पकड़ीदयाल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और चालक को हिरासत में लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी। मृतका के पति विश्वनाथ राम प्रदेश से बाहर मजदूरी करते हैं, और उनके परिवार में दो पुत्र और एक पुत्री हैं। इस हृदयविदारक घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक का माहौल व्याप्त है। पुलिस इस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है।1
- पूर्वी चंपारण के पकड़ीदयाल बड़ा बाजार में बुधवार को एक घटना सामने आई, जहाँ फर्जी PhonePe पेमेंट करने के आरोप में दो युवकों को दुकानदारों ने पकड़कर उनकी पिटाई कर दी। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। जानकारी के अनुसार, ये दोनों युवक किराना, मिठाई, कपड़ा और तेल मिल सहित कई दुकानों पर सामान खरीदने पहुँचे थे। उन्होंने भुगतान के लिए PhonePe से पेमेंट करने का दावा किया, लेकिन दुकानदारों के स्पीकर पर पैसे प्राप्त होने की कोई पुष्टि नहीं हुई। खाते में पैसा न पहुँचने पर दुकानदारों को शक हुआ। एक दुकानदार ने आसपास के अन्य व्यापारियों को बुलाया और युवकों से दोबारा ऑनलाइन भुगतान करने को कहा गया। जब फिर भी किसी दुकानदार के खाते में कोई राशि प्राप्त नहीं हुई, तो कई दुकानदारों ने अपने मोबाइल फोन से घटना का वीडियो बनाना शुरू कर दिया। मौके पर मौजूद दुकानदारों ने दोनों युवकों को पकड़ लिया और प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, उनकी पिटाई भी की गई। बाद में मामला शांत कराकर दोनों के घरवालों को बुलाया गया और उन्हें सौंप दिया गया। इस मामले पर पकड़ीदयाल थानाध्यक्ष अभिषेक कुमार ने बताया कि घटना की सूचना अभी तक थाने को नहीं दी गई है और न ही कोई लिखित शिकायत प्राप्त हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि शिकायत मिलती है तो मामले की जांच कर नियमानुसार विधि-सम्मत कार्रवाई की जाएगी।1