नवादा जिले के युवा सामाजिक कार्यकर्ता बिल्लू चौधरी को एक हत्या के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजने के बाद उनके समर्थकों और समाज के लोगों में गहरी नाराजगी देखी जा रही है। समर्थकों का आरोप है कि जिस समय यह घटना हुई थी, बिल्लू चौधरी उस दौरान पहले से ही जेल में बंद थे। इसी वजह से वे इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग कर रहे हैं, ताकि सभी तथ्यों और साक्ष्यों को सामने लाकर सच्चाई उजागर की जा सके। समर्थकों ने नवादा के पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान से अपील की है कि वे इस मामले की निष्पक्ष जांच कराएं। उनकी मांग है कि अगर किसी निर्दोष व्यक्ति को फंसाने की कोशिश की गई है, तो इसकी भी जांच होनी चाहिए, और यदि कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए। जनता का कहना है कि न्याय पूरी तरह से निष्पक्ष होना चाहिए, जिससे सच्चाई सामने आ सके और कानून के प्रति लोगों का विश्वास बना रहे।
नवादा जिले के युवा सामाजिक कार्यकर्ता बिल्लू चौधरी को एक हत्या के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजने के बाद उनके समर्थकों और समाज के लोगों में गहरी नाराजगी देखी जा रही है। समर्थकों का आरोप है कि जिस समय यह घटना हुई थी, बिल्लू चौधरी उस दौरान पहले से ही जेल में बंद थे। इसी वजह से वे इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग कर रहे हैं, ताकि सभी तथ्यों और साक्ष्यों को सामने लाकर सच्चाई उजागर की जा सके। समर्थकों ने नवादा के पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान से अपील की है कि वे इस मामले की निष्पक्ष जांच कराएं। उनकी मांग है कि अगर किसी निर्दोष व्यक्ति को फंसाने की कोशिश की गई है, तो इसकी भी जांच होनी चाहिए, और यदि कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए। जनता का कहना है कि न्याय पूरी तरह से निष्पक्ष होना चाहिए, जिससे सच्चाई सामने आ सके और कानून के प्रति लोगों का विश्वास बना रहे।
- एक कार्यक्रम में, पूर्व सिविल सर्जन डॉ॰ विमल सिंह के हाथों 'छत्रपति शिवाजी सेवा संस्थान' द्वारा प्रशस्तिपत्र और मोमेंटो प्राप्त कर सम्मानित होने का अवसर मिला। यह सम्मान समाज सेवा और रक्तदान के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है, जिस पर उन्हें गर्व है। उन्होंने अब तक कई बार रक्तदान किया है और उनका मानना है कि रक्तदान किसी जरूरतमंद को जीवनदान देने का सबसे सरल और महान माध्यम है। रक्त की आवश्यकता किसी को भी, कभी भी पड़ सकती है, यही कारण है कि स्वस्थ व्यक्तियों को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए। सभी से विनम्र आग्रह किया गया है कि वे आगे आएं, रक्तदान करें और मानवता की सेवा में अपना महत्वपूर्ण योगदान दें, क्योंकि उनका एक यूनिट रक्त किसी की जिंदगी बचा सकता है।3
- नवादा सदर अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर जिला परिषद अध्यक्षा पुष्पा देवी ने अधिकारियों की क्लास लगाई है। अस्पताल की दयनीय और बदहाल स्थिति पर अध्यक्षा पुष्पा देवी ने गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए अपनी नाराजगी जताई, जिसके चलते अधिकारियों को जवाब देना पड़ा।1
- नवादा जिले के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर शुल्क कम करने की अपनी मांग रखी।1
- जन सुराज सुप्रीमो पीके सिंह ने एक सभा को संबोधित करते हुए लोगों पर तीखा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि लोगों ने अपने बच्चों का भविष्य मात्र दस हज़ार रुपए में बेच दिया है।1
- Post by पासवान जी Raj1
- नालंदा जिले के राजगीर में आयोजित मलमास मेले के दौरान, शाही स्नान के दूसरे दिन यातायात व्यवस्था को सुचारु रूप से बनाए रखने में नालंदा पुलिस की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। यातायात डीएसपी खुर्शीद आलम ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि मेले में आवागमन की पूरी व्यवस्था को व्यवस्थित रखने में नालंदा पुलिस की सक्रियता अहम साबित हुई है।1
- रात्रि भ्रमण के दौरान वारिसलीगंज रेलवे प्लेटफॉर्म पर एक व्यक्ति से मुलाकात हुई, जिसने अपना नाम संतोष मांझी बताया। बातचीत से पता चला कि संतोष मांझी के दो बच्चे हैं, उनकी पत्नी का 10 साल पहले निधन हो चुका है, और घर में उनका ध्यान रखने वाला कोई नहीं है। वे घूम-घूम कर मांगकर अपना गुजारा करते हैं। इस मुलाकात के दौरान, पुलिस ने संतोष मांझी से पूछा कि ₹500 मिलने पर वे कितने दिन घर पर आराम कर पाएंगे, जिसके जवाब में उन्होंने 10 दिन का समय बताया। इस पर, पुलिस ने उन्हें ₹500 दिए और निर्देश दिया कि वे 10 दिन तक घर पर आराम करें। साथ ही, उनसे कहा गया कि 10 दिन बाद वे थाना आएं, जहाँ उन्हें राशन उपलब्ध कराया जाएगा ताकि उन्हें मांगने की आवश्यकता न पड़े और वे आराम से घर में रह सकें। इस बातचीत के माध्यम से यह संदेश भी दिया गया कि बच्चों को अपने बुजुर्गों और अभिभावकों को प्यार देना चाहिए।1
- शनिवार, 30 मई 2026 को राष्ट्रीय लोक मोर्चा (रालोमो) नवादा जिला इकाई के जिला अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए नवादा शहर स्थित 3 नंबर बस स्टैंड के समीप मोर्या गार्डन में एक महत्वपूर्ण बैठक और चुनाव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले भर से पार्टी के क्रियाशील सदस्य, पंचायत अध्यक्ष, प्रखंड अध्यक्ष और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सक्रिय रूप से भाग लिया। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, सुबह 11 बजे जिला अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई। नामांकन के दौरान केवल विनय कुशवाहा का नाम सामने आया और किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया। परिणामस्वरूप, चुनाव पदाधिकारियों ने विनय कुशवाहा को निर्विरोध जिला अध्यक्ष घोषित कर दिया। उनके निर्विरोध निर्वाचन की घोषणा होते ही कार्यकर्ताओं में उत्साह की लहर दौड़ गई, और उपस्थित लोगों ने तालियों तथा नारों के साथ उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस अवसर पर पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक रणनीतियों पर भी विस्तार से चर्चा की। नव-निर्वाचित जिला अध्यक्ष विनय कुशवाहा ने अपने संबोधन में कहा कि वे पार्टी के सिद्धांतों और नीतियों के अनुरूप पूरी ईमानदारी व निष्ठा के साथ कार्य करेंगे। उन्होंने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने को अपनी प्राथमिकता बताया और कहा कि वे सभी कार्यकर्ताओं को साथ लेकर पार्टी को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे। उन्होंने पार्टी नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त करते हुए सौंपी गई जिम्मेदारी पर खरा उतरने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की देखरेख जिला संयोजक राजेन्द्र कुशवाहा ने की। इस महत्वपूर्ण आयोजन में पार्टी के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, पंचायत एवं प्रखंड स्तर के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। विनय कुशवाहा के निर्विरोध जिला अध्यक्ष चुने जाने पर उनके समर्थकों ने उन्हें बधाई दी और संगठन के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।3