नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने संभाला पदभार। आपके क्षेत्र की हर नई खबर का अपडेट पाने के लिए har khabar wagad news update यु ट्यूब चैनल को सस्क्राइब करे। नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने संभाला पदभार डूंगरपुर। राज्य सरकार के निर्देशों के अनुपालना में नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने बुधवार को डूंगरपुर जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट डूंगरपुर का पदभार ग्रहण किया। पद भार ग्रहण करने के पश्चात मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना, जनजाति क्षेत्र की प्राथमिकताओं के अनुसार विकास कार्यों एवं योजनाओं को गति प्रदान करना, क्षेत्र की जरूरत के मुताबिक नवाचार करना, जिले में एनीमिया के चल रहें अभियान को गति प्रदान करना प्राथमिकता रहेंगी। इसके साथ ही डूंगरपुर जिला ने क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर पर अपना स्थान बनाया है, उसे बरकरार रखते हुए बेहतरीन कार्य किया जाएगा। इस अवसर पर निवर्तमान जिला कलक्टर अंकित कुमार सिंह ने उन्हें कार्यभार सौंपा। ज्ञातव्य है कि आईएएस देशलदान भारतीय प्रशासनिक सेवा 2018 बैच से है । इससे पूर्व वे अजमेर नगर निगम में आयुक्त के पद पर कार्यरत थे। वे डूंगरपुर के 67वें जिला कलक्टर होंगे। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर दिनेश चंद्र धाकड़, सहायक निदेशक जनसंपर्क छाया चौबीसा भी मौजूद रहें।
नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने संभाला पदभार। आपके क्षेत्र की हर नई खबर का अपडेट पाने के लिए har khabar wagad news update यु ट्यूब चैनल को सस्क्राइब करे। नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने संभाला पदभार डूंगरपुर। राज्य सरकार के निर्देशों के अनुपालना में नवनियुक्त जिला कलक्टर देशलदान ने बुधवार को डूंगरपुर जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट डूंगरपुर का पदभार ग्रहण किया। पद भार ग्रहण करने के पश्चात मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना, जनजाति क्षेत्र की प्राथमिकताओं के अनुसार विकास कार्यों एवं योजनाओं को गति प्रदान करना, क्षेत्र की जरूरत के मुताबिक नवाचार करना,
जिले में एनीमिया के चल रहें अभियान को गति प्रदान करना प्राथमिकता रहेंगी। इसके साथ ही डूंगरपुर जिला ने क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर पर अपना स्थान बनाया है, उसे बरकरार रखते हुए बेहतरीन कार्य किया जाएगा। इस अवसर पर निवर्तमान जिला कलक्टर अंकित कुमार सिंह ने उन्हें कार्यभार सौंपा। ज्ञातव्य है कि आईएएस देशलदान भारतीय प्रशासनिक सेवा 2018 बैच से है । इससे पूर्व वे अजमेर नगर निगम में आयुक्त के पद पर कार्यरत थे। वे डूंगरपुर के 67वें जिला कलक्टर होंगे। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर दिनेश चंद्र धाकड़, सहायक निदेशक जनसंपर्क छाया चौबीसा भी मौजूद रहें।
- Post by Pavan kumar Pargi1
- डूंगरपुर जिले के सागवाड़ा नगर पालिका में उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष आशीष गांधी और पूर्व नगर पालिका उपाध्यक्ष के पुत्र इरफान शेख के बीच विवाद बढ़ गया, जानकारी के अनुसार मामूली कहासुनी के चलते मामला इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों के बीच हाथापाई की नौबत आ गई, बताया जा रहा है कि आशीष गांधी कार्यकाल समाप्त होने के बाद नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी सोहील शेख के कार्यालय में मौजूद थे, इसी दौरान ठेकेदारी से जुड़े भुगतान के सिलसिले में इरफान शेख वहां पहुंचे थे, जहां बातचीत के दौरान विवाद हो गया और देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई, घटना के बाद इरफान शेख के गले पर हाथापाई के निशान और टी-शर्ट फटी हुई हालत में वे पुलिस थाना सागवाड़ा पहुंचे और कार्रवाई की मांग की, वहीं विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार आशीष गांधी ने भी इस मामले में थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई है, फिलहाल मामला पुलिस के संज्ञान में है और सागवाड़ा क्षेत्र में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है।1
- खोडनिया रहे चौरासी विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर रहे इस दौरान शोकाकुल कांग्रेस परिवारो से मिलकर संवेदना व्यक्त की, कांग्रेस नेता पूर्व जिला अध्यक्ष एआईसीसी सदस्य पूर्व राज्य मंत्री खोड़निया ने पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष मनोहरसिंह जी के स्वर्गीय पिता श्री, एवं शांतिलाल जी पाटीदार की धर्मपत्नी स्वर्गीय श्रीमती मातोश्री और नागेन्द्र सिंह पीठ के स्वर्गीय पिता श्री के निधन पर aicc सदस्य दिनेश जी खोड़निया पार्टी प्रत्याशी कैलाश जी रोत, आसपुर प्रत्याशी राकेश जी रोत, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष नरेंद्र जी, ब्लॉक अध्यक्ष गजेंद्र सिंह जी सागवाड़ा ,अध्यक्ष धीरज जी मेहता गलियाकोट, लोकेश जी पाटीदार ,नगर अध्यक्ष ललित जी पांचाल, पूर्व सेवादल अध्यक्ष गौतम जी पंड्या, जिला परिषद सदस्य हरीश अहारी, मंडल अध्यक्ष सुरेश दादा , प्रदेश पदाधिकारी अजीत सिंह,चोरासी से वरिष्ठ नेता कारीलाल जी सालेडा, समाज सेवी दिनेश चंद्र अहारी, प्रीतम ननोमा , संजय रोत , नरेश डोडियार रोहित पाटीदार, पुष्पेंद्र सिंह जी हितेश जी सिंगाड़ा मनोज जी पाटीदार सालमपुरा अंकित जी दर्जी गैंजि पिंटू जी कटारा वैंजा ने शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर संवेदना प्रकट की।4
- राजस्थान ब्रेकिंग न्यूज़ पब्लिक एप का यह। अंक आज ओसवाल समाज के भगवान महावीर जी के जन्म उत्सव पर जयंती पर उनके चरणों में समर्पित। आज दादाबाड़ी के आंगन में भगवान महावीर का जन्मोत्सव बहुत धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कोटा उत्तर के विधायक शांति धारीवाल थे। और अध्यक्ष का भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता और पूर्व खादी बोर्ड के बाईस चेयरमैन पंकज मेहता कर रहे थे। आज महान विभूतियों को दादावाड़ी की कार्य समिति के अध्यक्ष नरेंद्र लोडा और उपाध्यक्ष अनिल दक महामंत्री सुरेश कुमार अध्यक्ष हर्षवर्धन सिंह खजांची और उनकी कार्यकारिणी ने बहूमान किया सम्मान किया। और उन्हें साल श्री फल देकर प्रोत्साहित किया गया। देहदान तपस्या शिक्षा अन्य क्षेत्रों में उपलब्धि करने वालों को पुरस्कार से नवाजा गया। सबसे बड़ी सबसे गौरव की उपलब्धि आज उस बहन को सम्मानित किया गया। जो कोटा की माटी की रज है। माटी की बेटी है बहन है। और उसने शादी के बाद कठिन परिश्रम कर आरपीएससी की परीक्षा पास कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रदेश गुजरात में अपना मजिस्ट्रेट का सफर शुरू किया है। आज उस बहन टीना को भी समाज ने शाल श्रीफल प्रशंसा पत्र देकर बहुमान किया है। सम्मान किया है। समाज को उसे समय हल्का सा बुरा जरूर लगा। जब शांति धारीवाल ओसवाल समाज की भरी संसद में अपने दो शब्द आशीष वचन के भगवान महावीर स्वामी के बताएं पद माग के धर्मसंसद में माता और बहनों और तरुणाई को नहीं देकर चल दिए। वही अध्यक्ष श्री मंच से उदगार व्यक्त करते हुए पंकज मेहता ने आज सबसे महत्वपूर्ण समाज के लोगों से विनम्र अपील की है। कि जो लोग धनाढय समाज के भामाशाह धन-धन है। और जो लोग गरीबों की मार झेल रहे हैं। गरीबों की रेखा से नीचे हैं। उन पर भी समाज ध्यान दें उनके बच्चों को पढ़ाई बीमार होने पर दवाई आर्थिक तंगी होने पर उन्हें धंधा रोजगार देने के लिए या तो कोई फंड बनाएं जाये या एक-एक भामाशाह एक-एक गरीब परिवार को गोद ले ले। करतल ध्वनि से हजारों ओसवाल समाज के बुजुर्ग माता-पिता भाई बहनों ने कर्ततल ध्वनि से पंकज जी के प्रस्ताव का अनुमोदन किया।1
- डूंगरपुर जिले के आसपुर थाना क्षेत्र के गोल गांव में बुधवार दोपहर 3 बजे एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां निर्माणाधीन भवन की छत गिरने से एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि ठेकेदार गंभीर रूप से घायल हो गया।आसपुर थाना क्षेत्र के गोल गांव में निर्माणाधीन भवन की छत अचानक भरभराकर गिर गई। हादसे के समय नीचे काम कर रहे मजदूर और ठेकेदार मलबे में दब गए। सूचना मिलते ही आसपुर पुलिस मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू करते हुए दोनों को मलबे से बाहर निकाला। घायलों को तुरंत आसपुर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मजदूर लक्ष्मण को मृत घोषित कर दिया। शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है। वहीं हादसे में गंभीर रूप से घायल ठेकेदार सूरजमल पुत्र टीकम मीणा निवासी विजयमाता खेड़ा को प्राथमिक उपचार के बाद डूंगरपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है। वीडियो निर्माणाधीन भवन गिरी छत व घायल ठेकेदार का अस्पताल चलता इलाज1
- कुशलगढ़ जिला बांसवाड़ा राजस्थान रिपोर्टर धर्मेन्द्र कुमार सोनी (सज्जनगढ़ तहसील में डीआईएलआरएमपी परियोजना के तहत भूमि अभिलेख सुधार का कार्य जारी) सज्जनगढ़। राजस्थान सरकार द्वारा संचालित डीआईएलआरएमपी (Digital India Land Records Modernization Programme) परियोजना के अंतर्गत खाता धारकों की जमीनों को त्रुटिरहित एवं पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से सज्जनगढ़ तहसील में सेटलमेंट का कार्य तेजी से किया जा रहा है। इसी क्रम में आज तहसीलदार श्री हरीश सोनी एवं अराहस कंपनी के मैनेजर श्री करतार सिंह ने गांव में पहुंचकर खाता धारकों को इस परियोजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने ग्रामीणों को भूमि अभिलेखों के सुधार, सत्यापन प्रक्रिया तथा इसके लाभों के बारे में समझाया और सभी से सहयोग करने की अपील की। साथ ही तहसीलदार द्वारा इस अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु प्रचार-प्रसार को हरी झंडी भी दी गई। इस दौरान भू-प्रबंध पटवारी रमेश माईड़ा, शांतिलाल, तारा एवं टीना भी मौजूद रहे। इस परियोजना के तहत भूमि अभिलेखों का सत्यापन, सुधार एवं डिजिटलीकरण किया जा रहा है, जिससे भविष्य में भूमि से संबंधित विवादों को कम किया जा सके और खाता धारकों को सही एवं अद्यतन जानकारी उपलब्ध हो सके।4
- राज्यसभा सांसद चुन्नीलाल गरासिया ने आज राज्यसभा में “धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान” पर अपनी बात रखते हुए देश के जनजातीय क्षेत्रों के समग्र विकास की आवश्यकता पर जोर दिया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि इस महत्वाकांक्षी अभियान की शुरुआत देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2 अक्टूबर 2024 को झारखंड के हजारीबाग से की गई थी। उन्होंने बताया कि लगभग 79 हजार 156 करोड़ रुपये के परिव्यय वाले इस अभियान के तहत देश के 30 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के 549 जिलों के 63 हजार से अधिक जनजाति बहुल गांवों को शामिल किया गया है, जिससे करीब 5 करोड़ जनजातीय नागरिकों के समग्र विकास का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। सांसद श्री गरासिया ने कहा कि 17 मंत्रालयों के समन्वित प्रयासों से 25 योजनाओं के माध्यम से सामाजिक अवसंरचना, स्वास्थ्य, शिक्षा एवं आजीविका के क्षेत्र में सुधार का प्रयास सराहनीय है। उन्होंने प्रधानमंत्री द्वारा 40 एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों के उद्घाटन एवं 25 नए विद्यालयों के शिलान्यास सहित “पीएम जन मन” योजना के अंतर्गत सड़कों, आंगनबाड़ी केंद्रों एवं छात्रावासों जैसी परियोजनाओं के शुभारंभ को जनजातीय विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक बताया। उन्होंने विशेष रूप से राजस्थान के जनजाति बहुल क्षेत्रों की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि राज्य के दक्षिणी जिलों—बांसवाड़ा, डूंगरपुर, उदयपुर, सलूम्बर एवं प्रतापगढ़—में निवासरत जनजातीय समुदायों को शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क संपर्क, पेयजल एवं रोजगार के बेहतर अवसरों की अत्यंत आवश्यकता है। सांसद श्री गरासिया ने सरकार से आग्रह किया कि “धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान” के अंतर्गत राजस्थान के इन जनजाति बहुल क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जाए तथा अधिक से अधिक विकास परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान कर उनके त्वरित एवं प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इससे राज्य के जनजातीय समाज को इस महत्वाकांक्षी योजना का पूर्ण लाभ प्राप्त होगा और उनके जीवन स्तर में व्यापक सुधार आएगा।1
- लोडेश्वर बांध क्षेत्र में ठेकेदारों पर ग्रामीणों ने लगाए गंभीर आरोप, कार्रवाई की मांग डूंगरपुर जिले के ओबरी थाना क्षेत्र अंतर्गत लोडेश्वर बांध इलाके में मछली ठेकेदारों के खिलाफ ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए प्रशासन से कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मटूवेट निवासी लक्ष्मण मीणा और कालू मीणा सहित कई ग्रामीणों ने शिकायत प्रस्तुत कर बताया कि डूंगरपुर निवासी तोसिन पठान और दिल्ली निवासी परवेश पठान, जो मत्स्य विभाग के तहत लोडेश्वर बांध पर ठेकेदार के रूप में कार्यरत हैं, क्षेत्र में भय और आतंक का माहौल बना रहे हैं। शिकायत के अनुसार लोडेश्वर, रंगथोर, गड़ा वेजणिया, बरबोदनिया, छः महूड़ी, मटूवेट और रातड़िया गांवों के किसान अपनी खातेदारी भूमि पर खेती करते हैं और फसल की देखरेख के लिए नियमित रूप से आते-जाते रहते हैं। इस दौरान आरोप है कि दोनों ठेकेदार ग्रामीणों के साथ अभद्र व्यवहार करते हैं, अश्लील गालियां देते हैं और महिलाओं के साथ भी दुर्व्यवहार करते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि ठेकेदार उन्हें बांध के पास आने से रोकते हैं और जान से मारने की धमकियां तक देते हैं। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि ठेकेदार पत्थरबाजी करते हैं और कहते हैं कि उन्होंने पुलिस को “खरीद लिया है”, जिससे ग्रामीणों में भारी भय का माहौल है। इस कारण किसान अपनी ही जमीन पर जाने से डर रहे हैं और खेती कार्य प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए और उन्हें तत्काल हटाकर किसी अन्य ठेकेदार को नियुक्त किया जाए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो सभी प्रभावित गांवों के लोग मिलकर बड़ा जन आंदोलन करेंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। फिलहाल इस मामले में प्रशासनिक स्तर पर क्या कार्रवाई होती है, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।1