कौशाम्बी: ऑपरेशन के बाद महिला की मौत, परिजनों व ग्रामीणों ने डॉक्टर पर शराब के नशे में सर्जरी करने का लगाया आरोप कौशाम्बी। मंझनपुर थाना क्षेत्र के दीवर कोतारी स्थित न्यू प्रीती हॉस्पिटल में ऑपरेशन के बाद एक महिला की मौत हो जाने से हड़कंप मच गया। मृतका की पहचान मुन्नी देवी पत्नी लवकेश कुमार, निवासी ससुरसेनी, थाना सराय अकिल के रूप में हुई है। घटना 18 जून 2026 की बताई जा रही है। मृतका के परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि महिला का ऑपरेशन लापरवाहीपूर्वक किया गया। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर ने शराब का सेवन किया था, जिसके चलते महिला की हालत बिगड़ गई। वहीं, क्षेत्र में यह भी चर्चा है कि ऑपरेशन किसी अप्रशिक्षित व्यक्ति द्वारा किए जाने के कारण महिला की स्थिति गंभीर हो गई थी। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। महिला की मौत के बाद परिजनों में आक्रोश फैल गया और अस्पताल परिसर में हंगामे की स्थिति बन गई। परिजनों ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस के अनुसार, पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और महिला की मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं, समाचार लिखे जाने तक अस्पताल प्रबंधन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था।
कौशाम्बी: ऑपरेशन के बाद महिला की मौत, परिजनों व ग्रामीणों ने डॉक्टर पर शराब के नशे में सर्जरी करने का लगाया आरोप कौशाम्बी। मंझनपुर थाना क्षेत्र के दीवर कोतारी स्थित न्यू प्रीती हॉस्पिटल में ऑपरेशन के बाद एक महिला की मौत हो जाने से हड़कंप मच गया। मृतका की पहचान मुन्नी देवी पत्नी लवकेश कुमार, निवासी ससुरसेनी, थाना सराय अकिल के रूप में हुई है। घटना 18 जून 2026 की बताई जा रही है। मृतका के परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि महिला का ऑपरेशन लापरवाहीपूर्वक किया
गया। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर ने शराब का सेवन किया था, जिसके चलते महिला की हालत बिगड़ गई। वहीं, क्षेत्र में यह भी चर्चा है कि ऑपरेशन किसी अप्रशिक्षित व्यक्ति द्वारा किए जाने के कारण महिला की स्थिति गंभीर हो गई थी। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। महिला की मौत के बाद परिजनों में आक्रोश फैल गया और अस्पताल परिसर में हंगामे की स्थिति बन गई। परिजनों ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति
को नियंत्रित किया। पुलिस के अनुसार, पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और महिला की मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं, समाचार लिखे जाने तक अस्पताल प्रबंधन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था।
- मोहर्रम पर्व को देखते हुए, क्षेत्राधिकारी कौशाम्बी ने थाना कौशाम्बी क्षेत्र के महत्वपूर्ण जुलूस मार्गों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ताजियादारों के साथ बातचीत भी की। साथ ही, संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च का आयोजन कर शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया।1
- कौशाम्बी के नेवादा ब्लॉक में स्थित तिलगोड़ी मिनी स्टेडियम में रविवार को 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का शुभारंभ प्रयागराज की मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल और ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि संदीप मिश्रा ने मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में दीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम के दौरान ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि संदीप मिश्रा ने मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल का पौधा भेंट कर उनका स्वागत किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संदीप मिश्रा ने योग को भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर बताया, जिससे नियमित अभ्यास द्वारा शरीर स्वस्थ, मन शांत और जीवन तनावमुक्त रहता है। उन्होंने उपस्थित सभी लोगों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी, परियोजना निदेशक ग्राम विकास, खंड विकास अधिकारी सुरेश राय, युवा कल्याण अधिकारी अभिषेक सिंह, एडीओ पंचायत जितेंद्र शुक्ला, एडीओ समाज कल्याण, एडीओ कोऑपरेटिव, एडीओ आईएसबी सहित कई अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने योगाभ्यास किया और स्वस्थ रहने का संकल्प लिया, जिसमें संदीप मिश्रा का नारा 'योग अपनाएं, निरोग जीवन पाएं' गूंजा।1
- राम गमन वन मार्ग पर पुल के चालू होने से कौशांबी और प्रयागराज जिले के बीच यात्रा करने वाले लोगों को बड़ी राहत मिली है। विशेष रूप से मूरतगंज और सिंह वीरपुर (लालगंज) के बीच आने-जाने वाले राहगीरों के लिए यह पुल एक महत्वपूर्ण सुविधा लेकर आया है। इस नई कनेक्टिविटी के कारण, 'कचहरी वर्ल्ड' को एक नई ऊर्जा का अनुभव हो रहा है, और इस क्षेत्र को अब एक विकासशील क्षेत्र के रूप में देखा जा रहा है।1
- मोहर्रम के अशरे की चौथी तारीख पर प्रयागराज में जगह-जगह अकीदत और गमगीन माहौल में मजलिसें आयोजित की गईं और जुलूस निकाले गए। शाहगंज पानदरीबा स्थित इमामबाड़ा सफदर अली बेग में चौथी मजलिस के बाद हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम के वफादार घोड़े ज़ुलजनाह की शबीह निकाली गई। इस अवसर पर सफेद चादर को लाल रंग से खून आलूदा कर उसपर गुलाब व चमेली के फूलों से सजाया गया। मिर्ज़ा चंगेज़ व मिर्ज़ा जहांगीर ने मर्सिया पढ़ा, जबकि मौलाना आमिरुर रिज़वी साहब क़िब्ला ने इमाम हुसैन और अन्य शहीदों की शहादत का ज़िक्र किया। अन्जुमन अब्बासिया के नौहाख्वानो डॉ अबरार, फ़ैज़ जाफरी, सादिक़ और हुसैन मेंहदी मोनू ने पुरदर्द नौहा पढ़ा। इसी क्रम में रानी मण्डी, चक ज़ीरो रोड, बख्शी बाज़ार, रानीमंडी, करैली करैलाबाग़, शाहगंज, दरियाबाद, रौशनबाग़ सहित अन्य मोहल्लों में चौथी मोहर्रम पर मजलिसें हुईं, जहाँ करबला के शहीदों को खेराजे अक़ीदत पेश की गई। दरियाबाद स्थित असग़र मंज़िल में हसन नक़वी द्वारा आयोजित अशरे की चौथी मजलिस को भी मौलाना सैय्यद आमिरुर रिज़वी ने खिताब किया और शबीहे ज़ुलजनाह की जियारत कराई गई। शादाब हुसैन की मार्मिक सवारी सुनकर लोगों की आंखें नम हो गईं, और अन्जुमन नक़विया रजिस्टर्ड ने नौहों व मातम से माहौल को ग़मगीन कर दिया। इस आयोजन में हसन नक़वी, रौनकों सफीपुरी, शफक़त अब्बास पाशा और सैय्यद मोहम्मद अस्करी सहित कई लोग शामिल रहे। दरियाबाद में इमामबाड़ा स्व. सैय्यद मुज़फ्फर हुसैन से चार मोहर्रम का क़दीमी जुलूस भी अक़ीदत व ऐहतेराम के साथ निकाला गया। यह जुलूस कमाल खां के टेकरे से होता हुआ मस्जिद इमाम ए रज़ा पर ठहरने के बाद दरगाह हज़रत अब्बास पर पहुंचकर सम्पन्न हुआ। जुलूस से पहले ज़ाकिरे अहलेबैत अशरफ अब्बास खां ने मजलिस को खिताब किया। इस जुलूस में अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार और अन्जुमन मोहाफिज़े अज़ा क़दीम के नौहाख्वानो ने पुरदर्द नौहा पढ़ते हुए शिरकत की, और हज़रत अली अकबर के ताबूत की शबीह व अलम भी साथ-साथ रहे। अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी के मुताबिक़, पांचवीं मोहर्रम शुक्रवार को भी कई कार्यक्रम होंगे। दिन में दो बजे पान दरीबा स्थित इमामबाड़ा सफदर अली बेग की पांचवीं मजलिस में अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया नौहा व मातम का नज़राना पेश करेगी। इससे पहले, दिन में 11 बजे चक ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन में मौलाना सैय्यद ज़मीर हैदर रिज़वी साहब क़िब्ला की तक़रीर के बाद अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया नौहा और मातम का पुरसा पेश करेगी। शाम पांच बजे सब्ज़ी मंडी स्थित हैदर अली क्रिकेटर के अज़ाखाने पर मजलिस के बाद अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार नौहा व मातम का नज़राना पेश करेगी। दरियाबाद पठनवल्ली स्थित इमामबाड़ा अबुल हसन, जहाँ ग़दर के समय से मजलिस क़ायम है, वहाँ अशरे की पांचवीं मजलिस शुक्रवार को रात्रि आठ बजे होगी, जिसे खतीब ए अहलेबैत रज़ा हसनैन एडवोकेट खिताब करेंगे। इस मजलिस के बाद शबीह ए ज़ुलजनाह निकाला जाएगा, और अन्जुमन हाशिमया के नौहाख्वानो के नौहों की प्रस्तुति के बाद अन्जुमन के सदस्यों द्वारा तेज़ धार की छूरीयों से लैस ज़ंजीरों का मातम भी किया जाएगा।1
- प्रयागराज जिले के कस्बा फूलपुर में तीसरी मोहर्रम की रात लगभग 9 बजे मुल्लाना से अलम का जुलूस निकाला गया। यह जुलूस कोहना मोहल्ला होते हुए कैथाना पहुंचा, जहां नौहाख्वानी और मातम किया गया। मातम के बाद जुलूस नई बस्ती पहुंचा, जहां से मिट्टी ली गई। इसके उपरांत, सभी मोहल्लों के परचम अपने-अपने स्थानों पर वापस पहुंचे और मिट्टी को इमाम चौक के बीच में रखकर फातेहा पढ़ी गई। मोहर्रमुल हराम इस्लामी इतिहास के उस दौर की याद दिलाता है जब कर्बला की धरती में इमाम हुसैन (अ.स.) और उनके साथियों पर मुश्किलों का दौर अधिक सख्त होना शुरू हो गया था। यज़ीदी फौज ने इमाम हुसैन (अ.स.) और उनके परिवार व साथियों को चारों ओर से घेर लिया था, जिससे कर्बला में हक़ और बातिल के बीच जंग की भूमिका तैयार हो रही थी। विशेषकर 3 मोहर्रम के दिन से ही कर्बला के मुसाफिरों की तकलीफें बढ़ने लगी थीं, लेकिन उन्होंने सत्य और न्याय के मार्ग से पीछे हटना स्वीकार नहीं किया। मोहर्रम का यह महीना हमें इमाम हुसैन (अ.स.) की कुर्बानी, सब्र, इंसाफ और इंसानियत की रक्षा के लिए दी गई महान शहादत का स्मरण कराता है। यह दिन संदेश देता है कि अत्याचार और अन्याय के सामने झुकने के बजाय सत्य का साथ देना चाहिए, और कर्बला की यह महान घटना आज भी पूरी मानवता के लिए सब्र, त्याग और इंसाफ की मिसाल बनी हुई है। जुलूस के दौरान, एसीपी विवेक कुमार यादव और सौरभ पांडेय अपनी पूरी फोर्स के साथ शांतिपूर्वक जुलूस को इमामचौक तक पहुंचाने के लिए मौजूद रहे। इस जुलूस में जलालत हुसैन उर्फ शेखू, बदरुल हसन जैदी, नज़म, अब्दुल्ला मेंहदी, सभासद प्रतिनिधि मो. अरशद दानिश, जमी, खुर्शीद अकबर, मुमताज अहमद, चन्द्रू, असीम, काशिफ, नवाज़, साहिल, शारिक, आमिर महफूज़, आसिफ, मो. फुरकान, अली, अजमी, आदिल, मुजम्मिल, शारिब, गुलरेज, आकिल, सलमान, सेबू, जैद, बिलाल, अख्तर, मुस्तकीम सहित बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। कस्बे में हवेली मुल्लाना में प्रतिदिन इमाम हुसैन की शहादत की याद में मजलिसों का आयोजन किया जा रहा है।1
- कौशाम्बी के कड़ा धाम स्थित कुबरी घाट पर अंतरराष्ट्रीय योग दिवस को बड़े उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया और योगाभ्यास किया। योग प्रशिक्षकों ने वहाँ मौजूद लोगों को विभिन्न योगासनों और प्राणायाम के बारे में विस्तृत जानकारी दी, साथ ही उनसे होने वाले लाभों के विषय में भी बताया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को योग के महत्व से अवगत कराया गया और उन्हें नियमित रूप से योग करने के लिए प्रेरित किया गया। वक्ताओं ने ज़ोर देकर कहा कि योग स्वस्थ जीवन का आधार है, जिसे अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाया जा सकता है। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों से योग को अपनाने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का आग्रह किया गया।1