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सृष्टि रचना कैसे हुई? अधिक जानकारी के लिए देखिए Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel सृष्टि रचना कैसे हुई? अधिक जानकारी के लिए देखिए Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel
Prabhu lal Malviya
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More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- सृष्टि रचना कैसे हुई? अधिक जानकारी के लिए देखिए Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel सृष्टि रचना कैसे हुई? अधिक जानकारी के लिए देखिए Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel1
- जब संवेदनशील प्रशासन बना सहारा: कलेक्टर की पहल से दिव्यांग छात्र को मिली नई उड़ान 80वें स्वतंत्रता दिवस पर जिला कलेक्टर ने अपने आवास पर प्रदान की इलेक्ट्रिक व्हील चेयर, आत्मविश्वास और सम्मान से भर उठी मासूम मुस्कान झालावाड़ । यह केवल एक इलेक्ट्रिक व्हील चेयर मिलने की कहानी नहीं है, बल्कि एक संवेदनशील प्रशासन, मानवीय सोच और एक दिव्यांग बच्चे के जीवन में आए सकारात्मक बदलाव की प्रेरक गाथा है। कक्षा 7 में अध्ययनरत मांसपेशीय दुर्बलता (Muscular Dystrophy) से पीड़ित छात्र नक्शराज सिंह निवासी भंवरासा के लिए स्वतंत्रता दिवस का यह अवसर जीवनभर की याद बन गया, जब जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ ने उसे अपने आवास पर आयोजित एट होम कार्यक्रम में आमंत्रित कर विभिन्न गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति में इलेक्ट्रिक व्हील चेयर प्रदान की। नक्शराज सिंह की शारीरिक स्थिति ऐसी थी कि उसके लिए एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाना भी अत्यंत कठिन था। उसकी इस परेशानी को देखते हुए उसके परिजनों ने जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ से इलेक्ट्रिक व्हील चेयर उपलब्ध कराने का निवेदन किया। बच्चे की परिस्थिति को समझते हुए जिला कलेक्टर ने संवेदनशीलता और मानवता का परिचय देते हुए सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उप निदेशक गौरी शंकर मीणा को आवश्यक निर्देश दिए। विभाग द्वारा निरंतर प्रयास किए गए और अंततः विशेष योजना के तहत नक्शराज सिंह को इलेक्ट्रिक व्हील चेयर उपलब्ध कराई गई। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर जिला कलेक्टर ने उसे विशेष रूप से अपने आवास पर आमंत्रित किया, जहां आत्मीय वातावरण में यह व्हील चेयर उसे सौंपी गई। व्हील चेयर प्राप्त करते ही नक्शराज सिंह के चेहरे पर जो मुस्कान थी, वह केवल खुशी नहीं, बल्कि आत्मविश्वास की नई किरण थी। अब वह स्वयं एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाने में सक्षम हो गया है। उसकी आंखों में भविष्य के नए सपने और आत्मनिर्भर बनने का उत्साह साफ दिखाई दे रहा था। कार्यक्रम के दौरान राजस्थान लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष श्याम सुंदर शर्मा, पुलिस अधीक्षक अमित कुमार सहित अन्य अतिथियों ने नक्शराज सिंह का माला पहनाकर सम्मान किया और उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उपस्थित सभी लोगों ने इस भावनात्मक पल को संवेदनशील प्रशासन की एक प्रेरक मिसाल बताया। नक्शराज सिंह और उसके परिजनों ने जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहायता उनके लिए किसी वरदान से कम नहीं है। अब वह अपने दैनिक कार्यों और पढ़ाई में अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ सकेगा। यह घटना इस बात का सशक्त उदाहरण है कि जब प्रशासन केवल नियमों तक सीमित न रहकर संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण के साथ कार्य करता है, तो वह किसी जरूरतमंद के जीवन में वास्तविक परिवर्तन ला सकता है। स्वतंत्रता दिवस पर मिली यह सौगात नक्शराज सिंह के लिए केवल एक इलेक्ट्रिक व्हील चेयर नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता, सम्मान और नए जीवन विश्वास की शुरुआत है।1
- itna pyar Shriman HD movie juz hai to kya hota to the uski photo bhejo kya Chetna geet do number ka Mal hai na hai to aap 😁😹 hai 😄 hai na 😝 ka hello na ho to aap 😁 ho raha hdhsushs hai uska bhi nahin hai ki koi baat nahi sakte ho jayegi ki online income ka bolo na ho to1
- आगर मालवा में पत्रकारों ने निकाली भव्य तिरंगा यात्रा. देश भक्ति गीतो पर झुमते नाचते निकले पत्रकार। आगर मालवा मध्यप्रदेश- स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिले के पत्रकारों द्वारा आज देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश देते हुए भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा का शुभारंभ गांधी उपवन स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया गया। इसके बाद पत्रकारों की तिरंगा यात्रा गांधी उपवन से प्रारंभ होकर छावनी नाका, छावनी झंडा चौक, नाना बाजार, गोपाल मंदिर, सरकारवाड़ा एवं अस्पताल चौराहा होते हुए विजय स्तंभ पहुंची। यहां राष्ट्रगान के साथ तिरंगा यात्रा का समापन किया गया। यात्रा के दौरान जिलेभर के पत्रकार हाथों में तिरंगा लेकर देशभक्ति के गीतों पर उत्साह के साथ नाचते-झूमते नजर आए। पूरे मार्ग में देशभक्ति का माहौल बना रहा। पत्रकारों ने तिरंगे के सम्मान और राष्ट्रप्रेम का संदेश देते हुए नागरिकों में देशभक्ति की भावना जागृत करने का प्रयास किया। भव्य तिरंगा यात्रा में पत्रकारों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली। यात्रा के दौरान भारत माता की जय और देशभक्ति के नारों से वातावरण गूंज उठा।3
- घर के बाहर खड़ी कार के पहिये निकाल ले गए चोर, सीसीटीवी खंगाल रही पुलिस।1
- *राज्यपाल पहुंचे जोशी जी के निवास पर पत्रकार शरद जोशी जी के निधन पर की पुष्प श्रद्धांजलि अर्पित मध्यप्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के पूर्व मुख्य कार्यकारी अध्यक्ष वरिष्ठ पत्रकार साथी शरद जोशी जी के निधन पर उनकी पवित्र आत्मा की शांति पर पुष्प अर्पित करने हेतु पहुंचे कर्नाटक के राज्यपाल माननीय थावरचंद जी गेहलोत रविवार की शाम को निवास स्थान पर आदरणीय शरद जी जोशी के निवास पर शोक संवेदना देने के लिए पहुंचे उनके साथ उनके पुत्र आलोट के पुर्व विधायक जितेंद्र गेहलोत, विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष मनोहर पोरवाल, डाक्टर इश्वर बोराना थे जहां पर उन्होंने उनके बेटो व परिजनों से चर्चा की इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार ऋषि कुमार जी शर्मा, भेरुलाल टाक भी उपस्थित थे। में पत्रकार मनोज कुमार माली सुसनेर नगर से1
- 22 साल का चेतन कोहली और 692 वीडियो! नंदूरबार केस में बड़ा खुलासा नंदूरबार चेतन कोहली केस में पुलिस जांच के दौरान कई बड़े डिजिटल सबूत सामने आने की जानकारी सामने आई है। 22 वर्षीय चेतन कोहली की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसके मोबाइल और डिजिटल सामग्री की जांच शुरू की। रिपोर्ट के मुताबिक 692 वीडियो क्लिप्स, 1100 से ज्यादा तस्वीरें और 43 नई वीडियो क्लिप्स जांच का हिस्सा बनी हैं। पुलिस के मुताबिक, गुप्त सूचना मिलने के बाद नाकेबंदी की गई और भोने फाटा इलाके से आरोपी को गिरफ्तार किया गया। अब सबसे बड़ा सवाल है कि पुलिस तक यह गुप्त सूचना पहुंची कैसे और क्या इस मामले में आरोपी के अलावा किसी अन्य व्यक्ति या नेटवर्क की भूमिका भी सामने आती है? कोर्ट ने पुलिस कस्टडी को 6 दिन और बढ़ाया है। पुलिस डिजिटल सबूतों, संभावित पीड़ितों और मामले से जुड़ी अन्य कड़ियों की जांच कर रही है। इस वीडियो में जानिए: • चेतन कोहली कौन है? • पुलिस उस तक कैसे पहुंची? • गुप्त सूचना के बाद क्या हुआ? • 692 वीडियो और 1100+ तस्वीरों की जांच • 43 नई क्लिप्स का क्या मामला है? • पुलिस कस्टडी क्यों बढ़ाई गई? • क्या किसी अन्य व्यक्ति या नेटवर्क की भूमिका सामने आएगी? • जांच में आगे क्या हो सकता है? नोट: नाबालिगों से जुड़े मामले में उनकी पहचान और निजी जानकारी को जानबूझकर सार्वजनिक नहीं किया गया है। वीडियो में सामने आए आरोपों/जांच संबंधी दावों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया और आधिकारिक जांच से होगा।1
- खाटू श्याम बाबा के दर्शन के लिए निकला था पूरा परिवार… लेकिन रास्ते में मौत उनका इंतजार कर रही थी। खाटू श्याम बाबा के दर्शन के लिए निकला था पूरा परिवार… लेकिन रास्ते में मौत उनका इंतजार कर रही थी। एक जोरदार टक्कर… कार के उड़े परखच्चे… और पलभर में चार जिंदगियां खत्म! रतलाम के मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेसवे पर हुए इस भीषण हादसे ने हर किसी को झकझोर दिया है। कार में सवार थे नौ लोग… लेकिन हादसे के बाद चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन साल की मासूम बच्ची और दस साल के बच्चे समेत पांच लोग गंभीर रूप से घायल हैं। सोचिए… जिस परिवार ने खाटू श्याम बाबा के दर्शन के लिए सफर शुरू किया था, उसी सफर में चार लोगों की जिंदगी हमेशा के लिए खत्म हो गई। हादसा देर रात करीब 11:30 से 12 बजे के बीच हुआ। उस वक्त हल्की बारिश भी हो रही थी। बताया जा रहा है कि मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेसवे पर एक ट्रक खराब होने के कारण सड़क पर खड़ा था। कार चालक ने ट्रक को ओवरटेक करने की कोशिश की… लेकिन अचानक कार का संतुलन बिगड़ा और कार सीधे खड़े ट्रक से जा भिड़ी। टक्कर इतनी भयानक थी कि कार घसीटते हुए आगे गई और फिर पलट गई। कार की हालत देखकर ही हादसे की भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता है। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंचा और कार में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू शुरू किया। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। चार लोगों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। वहीं पांच गंभीर घायलों को दो एंबुलेंस की मदद से तत्काल रतलाम मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। घायलों में दो मासूम बच्चे भी शामिल हैं। तीन साल की बच्ची… और दस साल का बच्चा। अस्पताल में दोनों समेत पांच घायलों का इलाज जारी है। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक हादसे में शामिल लोग झाबुआ के पारा क्षेत्र से थे और खाटू श्याम बाबा के दर्शन के लिए राजस्थान जा रहे थे। परिवार के लोग इंदौर और धार से भी जुड़े बताए जा रहे हैं। अब पुलिस हादसे की पूरी वजह की जांच कर रही है। लेकिन इस हादसे ने एक बड़ा सवाल जरूर खड़ा कर दिया है— अगर एक्सप्रेसवे पर ट्रक खराब होकर खड़ा था, तो क्या वहां पर्याप्त चेतावनी और सुरक्षा इंतजाम थे? क्योंकि एक तरफ परिवार बाबा के दर्शन के लिए निकला था… और दूसरी तरफ सड़क पर खड़ा एक ट्रक उनकी जिंदगी की सबसे दर्दनाक कहानी बन गया। खाटू श्याम के दर्शन की हसरत दिल में थी… लेकिन चार लोगों की मौत ने पूरे परिवार को मातम में डुबो दिया।1