बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप लखनऊ सुपरफास्ट ख़बरे ब्यूरो चीफ़ सौरभ कौशल बलरामपुर, कौवापुर महाराजगंज तराई थाना क्षेत्र के कौवापुर नेवादापुर निवासी सन्तोष कुमार गुप्ता (पुत्र हनुमान) ने प्यारेगांव गुलरिहा निवासी प्रमोद कुमार यादव (पुत्र राज कुमार) पर जमीन के नाम पर लाखों रुपये की ठगी और धोखाधड़ी का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक बलरामपुर को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। कीमती जमीन दिखाकर दी सस्ती भूमि पीड़ित सन्तोष कुमार के अनुसार, आरोपी प्रमोद यादव ने उन्हें ग्राम भगवानपुर में कन्दैला मुख्य मार्ग (रोड) पर स्थित घाटा संख्या 172 की जमीन दिखाकर बैनामा का सौदा तय किया था। इसके लिए पीड़ित ने अपनी पत्नी के जेवर बेचकर और कर्ज लेकर ₹4,20,000 की रकम दी। हालांकि, रजिस्ट्री के दौरान चालाकी करते हुए मुख्य मार्ग की जमीन के बजाय रोड से 200 मीटर दूर स्थित सस्ती और चक मार्ग पर स्थित घाटा संख्या 155 का बैनामा कर दिया गया। कमर्शियल/आवासीय दर पर ₹86,000 का लगा जुर्माना पीड़ित ने बताया कि चौहद्दी में आसपास बने मकान और मुख्य मार्ग का उल्लेख किया गया था, लेकिन जांच के दौरान स्थल पर आवासीय/कमर्शियल दर लागू होने के कारण पीड़ित पर कोर्ट द्वारा ₹86,000 का जुर्माना (स्टाम्प पेनल्टी) लगा दिया गया। पीड़ित का कहना है कि जब तक वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं होगी, वे जुर्माना जमा नहीं करेंगे। इकरारनामा और ₹4.90 लाख का अन्य गबन इसके अलावा, आरोपी ने एक अन्य घाटा संख्या 571 (8 बीघा) का बैनामा कराने के लिए इकरारनामा किया और इकरारनामा राशि, निर्माण सामग्री, एवं अन्य खर्चों के नाम पर कुल मिलाकर ₹4,90,000 ऐंठ लिए। इस प्रकार पीड़ित से कुल ₹7,75,000 की धोखाधड़ी की गई है। रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी पूर्व में थाने पर हुए समझौते के अनुसार, आरोपी ने 1 महीने के भीतर रकम लौटाने या जमीन देने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब आरोपी बैनामा करने और पैसे वापस करने से साफ मुकर गया है। पीड़ित का आरोप है कि रुपये मांगने पर आरोपी गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दे रहा है। पुलिस से कार्रवाई की मांग पीड़ित सन्तोष कुमार गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि फर्जी शिकायतों का निस्तारण कर दोषी के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए तथा उनकी ठगी गई धनराशि ₹7,75,000 वापस दिलाई जाए।
बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप लखनऊ सुपरफास्ट ख़बरे ब्यूरो चीफ़ सौरभ कौशल बलरामपुर, कौवापुर महाराजगंज तराई थाना क्षेत्र के कौवापुर नेवादापुर निवासी सन्तोष कुमार गुप्ता (पुत्र हनुमान) ने प्यारेगांव गुलरिहा निवासी प्रमोद कुमार यादव (पुत्र राज कुमार) पर जमीन के नाम पर लाखों रुपये की ठगी और धोखाधड़ी का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक बलरामपुर को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। कीमती जमीन दिखाकर दी सस्ती भूमि पीड़ित सन्तोष कुमार के अनुसार, आरोपी प्रमोद यादव ने उन्हें ग्राम भगवानपुर में कन्दैला मुख्य मार्ग (रोड) पर स्थित घाटा संख्या 172 की जमीन दिखाकर बैनामा का सौदा तय किया था। इसके लिए पीड़ित ने अपनी पत्नी के जेवर बेचकर और कर्ज लेकर ₹4,20,000 की रकम दी। हालांकि, रजिस्ट्री के दौरान चालाकी करते हुए मुख्य मार्ग की जमीन के बजाय रोड से 200 मीटर दूर स्थित सस्ती और चक मार्ग पर स्थित घाटा संख्या 155 का बैनामा कर दिया गया। कमर्शियल/आवासीय दर पर ₹86,000 का लगा जुर्माना पीड़ित ने बताया कि चौहद्दी में आसपास बने मकान और मुख्य मार्ग का उल्लेख किया गया था, लेकिन जांच के दौरान स्थल पर आवासीय/कमर्शियल दर लागू होने के कारण पीड़ित पर कोर्ट द्वारा ₹86,000 का जुर्माना (स्टाम्प पेनल्टी) लगा दिया गया। पीड़ित का कहना है कि जब तक वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं होगी, वे जुर्माना जमा नहीं करेंगे। इकरारनामा और ₹4.90 लाख का अन्य गबन इसके अलावा, आरोपी ने एक अन्य घाटा संख्या 571 (8 बीघा) का बैनामा कराने के लिए इकरारनामा किया और इकरारनामा राशि, निर्माण सामग्री, एवं अन्य खर्चों के नाम पर कुल मिलाकर ₹4,90,000 ऐंठ लिए। इस प्रकार पीड़ित से कुल ₹7,75,000 की धोखाधड़ी की गई है। रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी पूर्व में थाने पर हुए समझौते के अनुसार, आरोपी ने 1 महीने के भीतर रकम लौटाने या जमीन देने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब आरोपी बैनामा करने और पैसे वापस करने से साफ मुकर गया है। पीड़ित का आरोप है कि रुपये मांगने पर आरोपी गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दे रहा है। पुलिस से कार्रवाई की मांग पीड़ित सन्तोष कुमार गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि फर्जी शिकायतों का निस्तारण कर दोषी के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए तथा उनकी ठगी गई धनराशि ₹7,75,000 वापस दिलाई जाए।
- बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप बलरामपुर: रोड की कीमती जमीन दिखाकर चक मार्ग की भूमि बेची, ₹7.75 लाख की धोखाधड़ी का आरोप लखनऊ सुपरफास्ट ख़बरे ब्यूरो चीफ़ सौरभ कौशल बलरामपुर, कौवापुर महाराजगंज तराई थाना क्षेत्र के कौवापुर नेवादापुर निवासी सन्तोष कुमार गुप्ता (पुत्र हनुमान) ने प्यारेगांव गुलरिहा निवासी प्रमोद कुमार यादव (पुत्र राज कुमार) पर जमीन के नाम पर लाखों रुपये की ठगी और धोखाधड़ी का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक बलरामपुर को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। कीमती जमीन दिखाकर दी सस्ती भूमि पीड़ित सन्तोष कुमार के अनुसार, आरोपी प्रमोद यादव ने उन्हें ग्राम भगवानपुर में कन्दैला मुख्य मार्ग (रोड) पर स्थित घाटा संख्या 172 की जमीन दिखाकर बैनामा का सौदा तय किया था। इसके लिए पीड़ित ने अपनी पत्नी के जेवर बेचकर और कर्ज लेकर ₹4,20,000 की रकम दी। हालांकि, रजिस्ट्री के दौरान चालाकी करते हुए मुख्य मार्ग की जमीन के बजाय रोड से 200 मीटर दूर स्थित सस्ती और चक मार्ग पर स्थित घाटा संख्या 155 का बैनामा कर दिया गया। कमर्शियल/आवासीय दर पर ₹86,000 का लगा जुर्माना पीड़ित ने बताया कि चौहद्दी में आसपास बने मकान और मुख्य मार्ग का उल्लेख किया गया था, लेकिन जांच के दौरान स्थल पर आवासीय/कमर्शियल दर लागू होने के कारण पीड़ित पर कोर्ट द्वारा ₹86,000 का जुर्माना (स्टाम्प पेनल्टी) लगा दिया गया। पीड़ित का कहना है कि जब तक वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं होगी, वे जुर्माना जमा नहीं करेंगे। इकरारनामा और ₹4.90 लाख का अन्य गबन इसके अलावा, आरोपी ने एक अन्य घाटा संख्या 571 (8 बीघा) का बैनामा कराने के लिए इकरारनामा किया और इकरारनामा राशि, निर्माण सामग्री, एवं अन्य खर्चों के नाम पर कुल मिलाकर ₹4,90,000 ऐंठ लिए। इस प्रकार पीड़ित से कुल ₹7,75,000 की धोखाधड़ी की गई है। रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी पूर्व में थाने पर हुए समझौते के अनुसार, आरोपी ने 1 महीने के भीतर रकम लौटाने या जमीन देने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब आरोपी बैनामा करने और पैसे वापस करने से साफ मुकर गया है। पीड़ित का आरोप है कि रुपये मांगने पर आरोपी गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दे रहा है। पुलिस से कार्रवाई की मांग पीड़ित सन्तोष कुमार गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि फर्जी शिकायतों का निस्तारण कर दोषी के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए तथा उनकी ठगी गई धनराशि ₹7,75,000 वापस दिलाई जाए।1
- पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बलरामपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई साइबर सेल/CEIR टीम ने 151 अदद गुमशुदा स्मार्टफोन किया बरामद अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये, पुलिस अधीक्षक ने मोबाइल स्वामियों को किए सुपुर्द बलरामपुर। जनपद के विभिन्न थानों से प्राप्त मोबाइल फोन गायब/गुम होने की शिकायतों के निस्तारण के लिए पुलिस अधीक्षक बलरामपुर श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह के निर्देश पर गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी का अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय एवं क्षेत्राधिकारी यातायात/साइबर पर्यवेक्षण अधिकारी श्री वीर शेन सिंह के निकट पर्यवेक्षण में जनपदीय साइबर सेल एवं थाना साइबर सेल/CEIR टीम ने भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल का उपयोग कर कुल 151 अदद स्मार्टफोन बरामद किए। बरामद किए गए स्मार्टफोन की अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये बताई गई है। दिनांक 16 सितंबर 2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय बलरामपुर में पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह द्वारा बरामद मोबाइल फोन उनके स्वामियों को सुपुर्द किए गए। मोबाइल फोन वापस मिलने पर उपस्थित नागरिकों एवं मोबाइल स्वामियों ने बलरामपुर पुलिस की साइबर सेल तथा साइबर/CEIR टीम की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। पुलिस के अनुसार इस पहल से गुमशुदा संपत्ति की बरामदगी के साथ आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने आमजन को विश्वास दिलाया कि गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी की प्रक्रिया आगे भी लगातार जारी रहेगी। बरामदगी 151 अदद स्मार्टफोन — अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये। जनता के लिए सुझाव पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने पर तत्काल अपने नजदीकी थाने में स्थापित साइबर सेल पर शिकायत दर्ज कराएं अथवा भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। बरामदगी करने वाली टीम 1. जनपदीय साइबर सेल/सर्विलांस सेल 2. समस्त थानों पर स्थापित साइबर सेल/हेल्प डेस्क एवं CEIR टीम पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बलरामपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई साइबर सेल/CEIR टीम ने 151 अदद गुमशुदा स्मार्टफोन किया बरामद अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये, पुलिस अधीक्षक ने मोबाइल स्वामियों को किए सुपुर्द बलरामपुर। जनपद के विभिन्न थानों से प्राप्त मोबाइल फोन गायब/गुम होने की शिकायतों के निस्तारण के लिए पुलिस अधीक्षक बलरामपुर श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह के निर्देश पर गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी का अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय एवं क्षेत्राधिकारी यातायात/साइबर पर्यवेक्षण अधिकारी श्री वीर शेन सिंह के निकट पर्यवेक्षण में जनपदीय साइबर सेल एवं थाना साइबर सेल/CEIR टीम ने भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल का उपयोग कर कुल 151 अदद स्मार्टफोन बरामद किए। बरामद किए गए स्मार्टफोन की अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये बताई गई है। दिनांक 16 सितंबर 2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय बलरामपुर में पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह द्वारा बरामद मोबाइल फोन उनके स्वामियों को सुपुर्द किए गए। मोबाइल फोन वापस मिलने पर उपस्थित नागरिकों एवं मोबाइल स्वामियों ने बलरामपुर पुलिस की साइबर सेल तथा साइबर/CEIR टीम की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। पुलिस के अनुसार इस पहल से गुमशुदा संपत्ति की बरामदगी के साथ आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने आमजन को विश्वास दिलाया कि गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी की प्रक्रिया आगे भी लगातार जारी रहेगी। बरामदगी 151 अदद स्मार्टफोन — अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये। जनता के लिए सुझाव पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने पर तत्काल अपने नजदीकी थाने में स्थापित साइबर सेल पर शिकायत दर्ज कराएं अथवा भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। बरामदगी करने वाली टीम 1. जनपदीय साइबर सेल/सर्विलांस सेल 2. समस्त थानों पर स्थापित साइबर सेल/हेल्प डेस्क एवं CEIR टीम1
- पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बलरामपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई साइबर सेल/CEIR टीम ने 151 अदद गुमशुदा स्मार्टफोन किया बरामद अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये, पुलिस अधीक्षक ने मोबाइल स्वामियों को किए सुपुर्द बलरामपुर। जनपद के विभिन्न थानों से प्राप्त मोबाइल फोन गायब/गुम होने की शिकायतों के निस्तारण के लिए पुलिस अधीक्षक बलरामपुर श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह के निर्देश पर गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी का अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय एवं क्षेत्राधिकारी यातायात/साइबर पर्यवेक्षण अधिकारी श्री वीर शेन सिंह के निकट पर्यवेक्षण में जनपदीय साइबर सेल एवं थाना साइबर सेल/CEIR टीम ने भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल का उपयोग कर कुल 151 अदद स्मार्टफोन बरामद किए। बरामद किए गए स्मार्टफोन की अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये बताई गई है। दिनांक 16 सितंबर 2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय बलरामपुर में पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह द्वारा बरामद मोबाइल फोन उनके स्वामियों को सुपुर्द किए गए। मोबाइल फोन वापस मिलने पर उपस्थित नागरिकों एवं मोबाइल स्वामियों ने बलरामपुर पुलिस की साइबर सेल तथा साइबर/CEIR टीम की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। पुलिस के अनुसार इस पहल से गुमशुदा संपत्ति की बरामदगी के साथ आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने आमजन को विश्वास दिलाया कि गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी की प्रक्रिया आगे भी लगातार जारी रहेगी। बरामदगी 151 अदद स्मार्टफोन — अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये। जनता के लिए सुझाव पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने पर तत्काल अपने नजदीकी थाने में स्थापित साइबर सेल पर शिकायत दर्ज कराएं अथवा भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। बरामदगी करने वाली टीम 1. जनपदीय साइबर सेल/सर्विलांस सेल 2. समस्त थानों पर स्थापित साइबर सेल/हेल्प डेस्क एवं CEIR टीम पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बलरामपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई साइबर सेल/CEIR टीम ने 151 अदद गुमशुदा स्मार्टफोन किया बरामद अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये, पुलिस अधीक्षक ने मोबाइल स्वामियों को किए सुपुर्द बलरामपुर। जनपद के विभिन्न थानों से प्राप्त मोबाइल फोन गायब/गुम होने की शिकायतों के निस्तारण के लिए पुलिस अधीक्षक बलरामपुर श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह के निर्देश पर गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी का अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय एवं क्षेत्राधिकारी यातायात/साइबर पर्यवेक्षण अधिकारी श्री वीर शेन सिंह के निकट पर्यवेक्षण में जनपदीय साइबर सेल एवं थाना साइबर सेल/CEIR टीम ने भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल का उपयोग कर कुल 151 अदद स्मार्टफोन बरामद किए। बरामद किए गए स्मार्टफोन की अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये बताई गई है। दिनांक 16 सितंबर 2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय बलरामपुर में पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह द्वारा बरामद मोबाइल फोन उनके स्वामियों को सुपुर्द किए गए। मोबाइल फोन वापस मिलने पर उपस्थित नागरिकों एवं मोबाइल स्वामियों ने बलरामपुर पुलिस की साइबर सेल तथा साइबर/CEIR टीम की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। पुलिस के अनुसार इस पहल से गुमशुदा संपत्ति की बरामदगी के साथ आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। पुलिस अधीक्षक श्री मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने आमजन को विश्वास दिलाया कि गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी की प्रक्रिया आगे भी लगातार जारी रहेगी। बरामदगी 151 अदद स्मार्टफोन — अनुमानित कीमत करीब 30 से 35 लाख रुपये। जनता के लिए सुझाव पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने पर तत्काल अपने नजदीकी थाने में स्थापित साइबर सेल पर शिकायत दर्ज कराएं अथवा भारत सरकार द्वारा संचालित संचार सारथी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। बरामदगी करने वाली टीम 1. जनपदीय साइबर सेल/सर्विलांस सेल 2. समस्त थानों पर स्थापित साइबर सेल/हेल्प डेस्क एवं CEIR टीम4
- ब्रेकिंग न्यूज़ जनपद गोंडा देवीपाटन मंडल उत्तर प्रदेश मानसिकता न्यूज़ गोण्डा - लेखपाल पर गलत रिपोर्ट लगाने का आरोप। मौत से पहले पीड़ित ने वीडियो बनाकर किया वायरल।1
- फेसबुक पोस्ट पर बवाल! मुख्यमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक वीडियो, फेसबुक पोस्ट पर बवाल! मुख्यमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक वीडियो,1
- डीएम ने ’’मां पाटेश्वरी शक्ति संवाद’’ कार्यक्रम के तहत सुनीं महिलाओं की समस्याएं महिलाओं को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण न्याय दिलाना ही हमारी प्राथमिकता-डीएम श्रावस्ती । आयुक्त देवीपाटन मण्डल, गोण्डा दुर्गा शक्ति नागपाल द्वारा की गई पहल के माध्यम से मण्डल के जनपदों में माह के प्रथम एवं तृतीय मंगलवार को ’’मां पाटेश्वरी शक्ति संवाद’’ जन-सुनवाई कार्यक्रम आयोजित कर महिलाओं की समस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण कराया जा रहा है। जिसके तहत आज जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग ने कलेक्ट्रेट स्थित अपने कार्यालय कक्ष में कई महिलाओं की समस्याएं सुनी। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आयी महिला फरियादियों ने अपनी समस्याओं से जिलाधिकारी को अवगत कराया। जिसमें पारिवारिक विवाद, भूमि विवाद एवं सरकार की अन्य योजनाओं से सम्बन्धित लाभ दिलाने हेतु प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। जिलाधिकारी ने एक-एक कर सभी की शिकायतों को गम्भीरता से सुना और उनके त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण हेतु संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया।जिलाधिकारी ने कहा कि महिलाओं को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण न्याय दिलाना ही हमारी प्राथमिकता है। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षित और संवेदनशील माहौल में अपनी बात रखने का अवसर देना तथा उनकी शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध समाधान कराना है। इससे दूर-दराज क्षेत्रों की महिलाओं को भी स्थानीय स्तर पर समस्याओं के समाधान की सुविधा मिलेगी।इसके अलावा जनता दर्शन में जिलाधिकारी को कुल 19 शिकायतें प्राप्त हुई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जन-सुनवाई में आने वाली शिकायतों का निस्तारण निर्धारित समय सीमा के अन्दर सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि आमजन की समस्याओं के निस्तारण में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि वे केवल कागजी खानापूर्ति न करें, बल्कि मौके पर जाकर शिकायतों का वास्तविक समाधान करें, ताकि शिकायतकर्ता को दोबारा उसी समस्या के लिए कार्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें।1
- जैसे कि आप लोग देख सकते हैं हमारे गांव में आज फिर भी बारिश हुई हमारे गांव के लड़के जबरदस्त डांस कर रहे हैं जैसे कि आप लोग देख सकते हैं हमारे गांव में आज फिर भी बारिश हुई हमारे गांव के लड़के जबरदस्त डांस कर रहे हैं1
- मुख्यमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट का मामला, पूर्व सपा विधायक के भाई साधू पासवान गिरफ्तार फेसबुक अकाउंट से आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करने का आरोप, कोतवाली देहात में मुकदमा दर्ज मुख्यमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट का मामला, पूर्व सपा विधायक के भाई साधू पासवान गिरफ्तार फेसबुक अकाउंट से आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करने का आरोप, कोतवाली देहात में मुकदमा दर्ज बलरामपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित तौर पर आपत्तिजनक एवं अशोभनीय वीडियो पोस्ट किए जाने के मामले में कोतवाली देहात पुलिस ने कार्रवाई करते हुए साधू पासवान को गिरफ्तार किया है। साधू पासवान पूर्व सपा विधायक जगराम पासवान के भाई बताए जा रहे हैं। पुलिस के मुताबिक, फेसबुक पर ‘साधू पासवान’ नाम से संचालित अकाउंट से मुख्यमंत्री के संबंध में आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट किए जाने की जानकारी सामने आई थी। सोशल मीडिया पर वायरल हुई पोस्ट का संज्ञान लेते हुए पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। प्रकरण में थाना कोतवाली देहात में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया। इसके बाद पुलिस ने आरोपी साधू पासवान को गिरफ्तार कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी। मामले की जानकारी देते हुए अपर पुलिस अधीक्षक बलरामपुर ने पुलिस कार्रवाई की पुष्टि की। पुलिस द्वारा सोशल मीडिया पोस्ट, अकाउंट और प्रकरण से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है। मामले में आगे की कार्रवाई साक्ष्यों और जांच के आधार पर की जाएगी।1