यमुनानगर के केसरी क्रिकेट अकादमी ग्राउंड में दिव्यांग क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ऑफ इंडिया (DCCBI) के तत्वावधान में आयोजित केसरी दिव्यांग टूर्नामेंट 2026 का 15 जून 2026 को सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में इंडिया बी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इंडिया ए को 8 विकेट से हराकर खिताब अपने नाम किया। फाइनल में, पहले बल्लेबाजी करते हुए इंडिया ए की टीम ने 16 ओवर में 10 विकेट खोकर 127 रन बनाए, जिसमें सैयद शाह अज़ीज़ ने 40, निशांत कुमार ने 15 और वेदांत गुप्ता ने 14 रन का योगदान दिया। इंडिया बी की ओर से राजकुमार गुर्जर ने 4 विकेट, वागीश त्रिपाठी ने 3 विकेट और हिमांशु कोली ने 2 विकेट लिए। लक्ष्य का पीछा करते हुए इंडिया बी ने केवल 8.2 ओवर में 2 विकेट खोकर 128 रन बनाकर मैच जीत लिया। गुलामदीन ने 42, बलराज सिंह ने 37 और लकी रावत ने 31 रन की तेज पारी खेली। इस टूर्नामेंट में राजकुमार गुर्जर को मैन ऑफ द मैच और गुलामदीन को मैन ऑफ द सीरीज तथा बेस्ट बैटर का पुरस्कार मिला, जबकि राजकुमार गुर्जर बेस्ट बॉलर भी चुने गए। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मोहित इशू (भाजपा नेता, यमुनानगर) उपस्थित रहे। उनके साथ प्रसिद्ध क्रिकेटर राजशेखर मलिक, फिटनेस मॉडल मालिया खुराना (पानीपत), ग़ज़ल खान (CEO, DCCBI) और पंकज चुघ मंडल खेल सह सचिव जगाधरी वर्कशॉप जैसे विशिष्ट अतिथि भी मौजूद थे, जिन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और विजेताओं को सम्मानित किया। युवा भाजपा नेता मोहित इशू ने दिव्यांग क्रिकेट खिलाड़ियों की प्रतिभा, समर्पण और खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में समान अवसर और समावेशिता को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आयोजन समिति को सफल टूर्नामेंट के लिए बधाई दी। उन्होंने यमुनानगर के युवाओं को इन खिलाड़ियों से प्रेरणा लेने, नशे और सामाजिक बुराइयों से दूर रहने और पढ़ाई के साथ-साथ खेलों पर ध्यान केंद्रित करने का संदेश दिया, ताकि वे मानसिक और शारीरिक रूप से फिट रह सकें। केसरी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, GSA स्पोर्ट्स वर्ल्ड और सभी सहयोगी संस्थाओं ने टूर्नामेंट के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस दौरान खिलाड़ियों ने शानदार खेल का प्रदर्शन कर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया और दिव्यांग क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता का परिचय दिया। इस अवसर पर एंजेल क्रिकेट अकादमी के कोच रजनीश कुमार, आयोजन समिति के सदस्यगण और सभी दिव्यांग खिलाड़ी मौजूद रहे।
यमुनानगर के केसरी क्रिकेट अकादमी ग्राउंड में दिव्यांग क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ऑफ इंडिया (DCCBI) के तत्वावधान में आयोजित केसरी दिव्यांग टूर्नामेंट 2026 का 15 जून 2026 को सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में इंडिया बी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इंडिया ए को 8 विकेट से हराकर खिताब अपने नाम किया। फाइनल में, पहले बल्लेबाजी करते हुए इंडिया ए की टीम ने 16 ओवर में 10 विकेट खोकर 127 रन बनाए, जिसमें सैयद शाह अज़ीज़ ने 40, निशांत कुमार ने 15 और वेदांत गुप्ता ने 14 रन का योगदान दिया। इंडिया बी की ओर
से राजकुमार गुर्जर ने 4 विकेट, वागीश त्रिपाठी ने 3 विकेट और हिमांशु कोली ने 2 विकेट लिए। लक्ष्य का पीछा करते हुए इंडिया बी ने केवल 8.2 ओवर में 2 विकेट खोकर 128 रन बनाकर मैच जीत लिया। गुलामदीन ने 42, बलराज सिंह ने 37 और लकी रावत ने 31 रन की तेज पारी खेली। इस टूर्नामेंट में राजकुमार गुर्जर को मैन ऑफ द मैच और गुलामदीन को मैन ऑफ द सीरीज तथा बेस्ट बैटर का पुरस्कार मिला, जबकि राजकुमार गुर्जर बेस्ट बॉलर भी चुने गए। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मोहित इशू (भाजपा नेता,
यमुनानगर) उपस्थित रहे। उनके साथ प्रसिद्ध क्रिकेटर राजशेखर मलिक, फिटनेस मॉडल मालिया खुराना (पानीपत), ग़ज़ल खान (CEO, DCCBI) और पंकज चुघ मंडल खेल सह सचिव जगाधरी वर्कशॉप जैसे विशिष्ट अतिथि भी मौजूद थे, जिन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और विजेताओं को सम्मानित किया। युवा भाजपा नेता मोहित इशू ने दिव्यांग क्रिकेट खिलाड़ियों की प्रतिभा, समर्पण और खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में समान अवसर और समावेशिता को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आयोजन समिति को सफल टूर्नामेंट के लिए बधाई दी। उन्होंने यमुनानगर के युवाओं
को इन खिलाड़ियों से प्रेरणा लेने, नशे और सामाजिक बुराइयों से दूर रहने और पढ़ाई के साथ-साथ खेलों पर ध्यान केंद्रित करने का संदेश दिया, ताकि वे मानसिक और शारीरिक रूप से फिट रह सकें। केसरी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, GSA स्पोर्ट्स वर्ल्ड और सभी सहयोगी संस्थाओं ने टूर्नामेंट के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस दौरान खिलाड़ियों ने शानदार खेल का प्रदर्शन कर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया और दिव्यांग क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता का परिचय दिया। इस अवसर पर एंजेल क्रिकेट अकादमी के कोच रजनीश कुमार, आयोजन समिति के सदस्यगण और सभी दिव्यांग खिलाड़ी मौजूद रहे।
- गांधी नगर पुलिस ने शिव कॉलोनी में अचानक पहुँचकर 'ऑपरेशन मैदान 2' के तहत एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि नशा बेचने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।1
- हरियाणा के सरकारी अस्पतालों की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता जताई गई है, जहाँ यह बताया गया है कि या तो डॉक्टरों की भारी कमी है, या यदि डॉक्टर उपलब्ध भी हैं, तो उनकी उपस्थिति या कार्यप्रणाली की स्थिति संतोषजनक नहीं है। यह टिप्पणी राज्य के सरकारी अस्पतालों में व्याप्त समस्याओं की ओर इशारा करती है।1
- एंटी करप्शन फाउंडेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेंद्र अरोड़ा को प्रशासन द्वारा आज, 14 जून को करनाल स्थित न्यायालय में पेश किया गया। यह पेशी एक मामले से संबंधित कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई। इस दौरान कोर्ट में संबंधित अधिकारियों और कानूनी प्रतिनिधियों की उपस्थिति दर्ज की गई। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच और संबंधित कानूनी प्रक्रिया नियमानुसार जारी है। न्यायालय इस मामले की सुनवाई के बाद ही आगामी कार्रवाई के संबंध में कोई निर्णय लेगा। वहीं, न्यायालय में हुई कार्यवाही की विस्तृत जानकारी केवल आधिकारिक आदेश जारी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।1
- अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध दिवस के अवसर पर, नशा मुक्त हरियाणा अभियान के अंतर्गत यमुनानगर में एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक, यमुनानगर, श्री कमलदीप गोयल ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया।1
- यमुनानगर स्थित सिखों के महान योद्धा और खालसा राज के संस्थापक बाबा बंदा सिंह बहादुर की स्मृति से जुड़ा ऐतिहासिक लौहगढ़ गुरुद्वारा साहिब आज मूलभूत सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा है। इस स्थिति को लेकर सिख समाज में भारी रोष व्याप्त है। देश-विदेश से श्रद्धालु यहां माथा टेकने आते हैं, लेकिन बिजली, पानी, सड़क और प्रकाश व्यवस्था जैसी आवश्यक सुविधाओं की कमी के कारण उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। सिख इतिहास, संस्कृति और विरासत के इस महत्वपूर्ण केंद्र में आज भी बिजली, स्वच्छ पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। भारतीय किसान यूनियन के डायरेक्टर मनदीप रोड छप्पर ने बताया कि गुरुद्वारा साहिब में नियमित बिजली और पानी की पर्याप्त व्यवस्था न होने से श्रद्धालुओं को खासकर गर्मी में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। उनका कहना है कि यह स्थल केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि सिख इतिहास और शौर्य का प्रतीक है, जिसकी अनदेखी श्रद्धालुओं की भावनाओं को आहत कर रही है और प्रदेश की ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर भी सवाल उठा रही है। सिख समाज के प्रतिनिधियों ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, बिजली मंत्री और संबंधित विभागों से मांग की है कि लौहगढ़ गुरुद्वारा साहिब को धार्मिक पर्यटन और ऐतिहासिक विरासत स्थल के रूप में विकसित किया जाए। उन्होंने स्थायी बिजली कनेक्शन, स्वच्छ पेयजल, बेहतर सड़क, पार्किंग, शौचालय, विश्राम स्थल और प्रकाश व्यवस्था जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की अपील की है। समाज के लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने इस ऐतिहासिक स्थल की ओर शीघ्र ध्यान नहीं दिया तो सिख संगत और विभिन्न सामाजिक संगठन आंदोलन का रास्ता अपनाने पर मजबूर हो सकते हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रदेश सरकार बाबा बंदा सिंह बहादुर की ऐतिहासिक विरासत के सम्मान में लौहगढ़ साहिब के विकास और सुविधाओं के विस्तार के लिए जल्द ही ठोस कदम उठाएगी।2
- यमुनानगर जिले के रादौर क्षेत्र में उस समय हंगामा खड़ा हो गया जब करनाल सीआईए की टीम एक एनडीपीएस एक्ट के वांटेड आरोपी को पकड़ने गांव छोटा बांस की डेहा बस्ती पहुंची। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ग्रामीणों ने पुलिस टीम का विरोध करते हुए पथराव कर दिया और उसे पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया। इस हमले में कई पुलिसकर्मी घायल हुए हैं, जबकि पुलिस वाहनों को भी नुकसान पहुंचा है। मंगलवार शाम करीब छह बजे करनाल जिले की असंध सीआईए टीम इंद्री थाने में दर्ज एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में फरार चल रहे आरोपी राजेंद्र को गिरफ्तार करने के लिए रादौर के गांव छोटा बांस की डेहा बस्ती पहुंची थी। पुलिस टीम एक सरकारी और एक निजी वाहन में गांव पहुंची थी। जैसे ही पुलिस ने आरोपी राजेंद्र को हिरासत में लिया, बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए। ग्रामीणों ने पुलिस टीम का विरोध करते हुए ईंट-पत्थरों से हमला शुरू कर दिया, जिससे पुलिस वाहनों के शीशे भी टूट गए। आरोप है कि ग्रामीणों ने आरोपी को पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया। जब पुलिसकर्मियों ने विरोध किया तो महिलाओं समेत ग्रामीण और उग्र हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ महिलाओं ने पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की और उन पर हमला भी किया। स्थिति बिगड़ती देख सीआईए टीम ने किसी तरह मौके से निकलकर अपनी जान बचाई। ग्रामीणों ने पुलिस टीम का काफी दूर तक पीछा भी किया। इसके बाद टीम ने रादौर थाना पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही रादौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। थाना प्रभारी एसआई राजेश कुमार के अनुसार, घायल पुलिसकर्मियों का उपचार कराया गया है। गांव में शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे मामले पर वरिष्ठ अधिकारी नजर बनाए हुए हैं।1