सुल्तानपुर के कादीपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा गोपालपुर स्थित बझाउआ में बझाउआ बाबा के प्राचीन चौरा और उससे जुड़ी भूमि पर कथित कब्जे को लेकर हिंदू संगठनों ने शनिवार को समाधान दिवस के अवसर पर प्रदर्शन किया। इन संगठनों ने प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि बझाउआ बाबा का चौरा लगभग 15 बिस्सा नवीन परती भूमि में दर्ज है, जिस पर कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से अवैध कब्जा किया गया है। विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और अन्य हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में कादीपुर ब्लॉक पहुंचे। उन्होंने उपजिलाधिकारी और क्षेत्राधिकारी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन देने वालों में विश्व हिंदू परिषद के प्रखंड मंत्री राहुल सिंह, मुकेश पाठक, बजरंग दल प्रखंड संयोजक विपुल पांडेय और ध्यान सिंह सहित संगठन के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल थे। इस दौरान ग्रामीणों और कार्यकर्ताओं ने “जय श्री राम” के नारों के साथ प्रशासन से भूमि को कब्जामुक्त कराने और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की। संगठनों के प्रतिनिधियों ने यह भी आरोप लगाया कि कथित कब्जाधारियों में से एक व्यक्ति आपराधिक प्रवृत्ति का है, जिसके विरुद्ध जिला बदर की कार्रवाई किए जाने की भी मांग की गई है। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि धार्मिक आस्था से जुड़े स्थल पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और प्रशासन को शीघ्र कार्रवाई करनी चाहिए। प्रशासनिक अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से सुना और शिकायत की जांच कर नियमानुसार उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि कब्जे और अन्य आरोप ज्ञापन में लगाए गए आरोपों पर आधारित हैं, और मामले की जांच तथा अंतिम निर्णय प्रशासन द्वारा किया जाना शेष है।
सुल्तानपुर के कादीपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा गोपालपुर स्थित बझाउआ में बझाउआ बाबा के प्राचीन चौरा और उससे जुड़ी भूमि पर कथित कब्जे को लेकर हिंदू संगठनों ने शनिवार को समाधान दिवस के अवसर पर प्रदर्शन किया। इन संगठनों ने प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि बझाउआ बाबा का चौरा लगभग 15 बिस्सा नवीन परती भूमि में दर्ज है, जिस पर कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से अवैध कब्जा किया गया है। विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और अन्य हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में कादीपुर ब्लॉक पहुंचे। उन्होंने उपजिलाधिकारी और क्षेत्राधिकारी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन देने वालों में विश्व हिंदू परिषद के प्रखंड मंत्री राहुल सिंह, मुकेश पाठक, बजरंग दल प्रखंड संयोजक विपुल पांडेय और ध्यान सिंह सहित संगठन के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल थे। इस दौरान ग्रामीणों और कार्यकर्ताओं ने “जय श्री राम” के नारों के साथ प्रशासन से भूमि को कब्जामुक्त कराने और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की। संगठनों के प्रतिनिधियों ने यह भी आरोप लगाया कि कथित कब्जाधारियों में से एक व्यक्ति आपराधिक प्रवृत्ति का है, जिसके विरुद्ध जिला बदर की कार्रवाई किए जाने की भी मांग की गई है। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि धार्मिक आस्था से जुड़े स्थल पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और प्रशासन को शीघ्र कार्रवाई करनी चाहिए। प्रशासनिक अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से सुना और शिकायत की जांच कर नियमानुसार उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि कब्जे और अन्य आरोप ज्ञापन में लगाए गए आरोपों पर आधारित हैं, और मामले की जांच तथा अंतिम निर्णय प्रशासन द्वारा किया जाना शेष है।
- सुलतानपुर जिले के लम्भुआ विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत विकास खण्ड पी.पी. कमैचा के इशीपुर गांव में 20 जून 2026 को एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। संजय मिश्रा के नेतृत्व में हुई इस बैठक में लम्भुआ विधानसभा के भावी विधायक शिक्षक श्यामलाल निषाद उपस्थित थे। इस अवसर पर "गुरुजी" श्यामलाल निषाद ने जोर देकर कहा कि मौजूदा समय में देश के सभी जाति और धर्म के लोग भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से त्रस्त हैं। उन्होंने यह भी कहा कि देश की संप्रभुता को सुरक्षित रखने के साथ-साथ महंगाई और बेरोजगारी से निजात पाने के लिए भाजपा को सत्ता से बेदखल करना प्रत्येक भारतीय का धर्म है। कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ सामाजिक चिंतक कृष्ण कमल मिश्रा ने श्यामलाल निषाद के विचारों का समर्थन करते हुए कहा कि मौजूदा राजनीति को श्यामलाल निषाद जैसे शिक्षकों की आवश्यकता है। उन्होंने विशेष रूप से लम्भुआ के राजनीतिक परिवेश को दूषित बताया और कहा कि इसे ठीक करने के लिए 'भौकाली' लोगों की नहीं, बल्कि श्यामलाल निषाद जैसे साधारण और संघर्षशील व्यक्ति की जरूरत है, जो लम्भुआ का प्रतिनिधित्व कर सकें। इस बैठक में ज़ीशान अहमद, राम उजागिर यादव, संजय सिंह, बेचूराम मौर्य, सहदेव यादव, ज्ञानचंद मिश्रा, राजेश कुमार मौर्य, राजेन्द्र प्रसाद मिश्र, विजय मौर्य, अकबर अली, ताहिर अली, गुफरान अली, शेर अली, इस्लाम, रघुराज, त्रिभुवन मिश्र, दयाशंकर गुप्ता, निजामुद्दीन, अनीस अंसारी, अब्दुल जब्बार, तरुण मिश्रा, शुभम सिंह, तुषार मिश्र, मोनू सिंह, रमेश, अखिलेश यादव, हरिकेश यादव, आज़ाद अंसारी, मंगरु, राजा तिवारी, सालिक राम प्रजापति, इबरार, बदरुद्दीन अंसारी, राजमणि मिश्रा सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे। बैठक के दौरान ब्राह्मण समाज ने भी शिक्षक श्यामलाल निषाद को हर तरह से सहयोग करने का वचन दिया।4
- सुल्तानपुर जिले के जयसिंहपुर प्रखंड में विश्व हिंदू परिषद की मासिक बैठक राजा राम इंटर कॉलेज में संपन्न हुई। बैठक का शुभारंभ आचार्य पद्धति से दीप प्रज्वलित कर विधिवत किया गया, जिसमें संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे। इस दौरान प्रांत मठ मंदिर सह प्रमुख रमेश जी, जिला सह मंत्री शरद जी और प्रखंड अध्यक्ष अशोक जी की विशेष उपस्थिति रही, जबकि बैठक का संचालन प्रखंड मंत्री आलोक पाण्डेय जी ने किया। बैठक में प्रखंड की पूर्व स्थिति का अवलोकन करते हुए संगठनात्मक गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई। रमेश जी ने योग दिवस और प्रखंड विस्तार की योजना पर विस्तार से चर्चा की और कार्यकर्ताओं को लव जिहाद तथा गौ हत्या जैसे विषयों पर जागरूक करते हुए महत्वपूर्ण जानकारी दी। इस अवसर पर संगठन को खंड स्तर पर मजबूत बनाने और आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाने पर जोर दिया गया। बैठक में बृजलाल महात्मा जी (सत्संग प्रमुख), अमन जयसवाल (बजरंग दल संयोजक), रोहित जी (सह संयोजक), संतोष मिश्रा (धर्म प्रचार प्रमुख), शुभम पांडे (मंदिर अर्चक पुरोहित), रमेश विश्वकर्मा, मनोरम विश्वकर्मा, बलराम जी, ओमप्रकाश, जयप्रकाश, सुरेंद्र यादव सनातनी और लल्लन सोनकर सहित कई अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।3
- उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था के बड़े दावों के बावजूद जमीनी हकीकत बेहद खौफनाक बताई गई है, जिसका ताजा मामला सुल्तानपुर जिले के चांदा थाना क्षेत्र से सामने आया है। यहाँ एक रसूखदार ग्राम प्रधान और उसके भाइयों की दबंगई के आगे स्थानीय पुलिस पूरी तरह से नतमस्तक हो गई है। आरोप है कि दबंगों ने एक असहाय ब्राह्मण परिवार के घर में घुसकर जानलेवा हमला किया और बेटियों से छेड़खानी की, लेकिन पुलिस राजनीतिक रसूख के चलते पीड़ितों की एफआईआर तक दर्ज नहीं कर रही है। यह घटना चांदा थाना क्षेत्र के ग्राम फरमापुर (पो० कोइरीपुर) की है, जहाँ पीड़िता पुष्पा शुक्ला पत्नी हेमन्त कुमार शुक्ला ने पुलिस अधीक्षक को रोते हुए प्रार्थना पत्र सौंपा है। पुष्पा शुक्ला का आरोप है कि गांव के वर्तमान प्रधान हृदयनारायण सिंह उर्फ पप्पू सिंह और उनके भाई सर्वेश सिंह ने उनके परिवार का जीना मुहाल कर रखा है। शिकायत के अनुसार, एक मामूली विवाद के बाद प्रधान के भाई सर्वेश सिंह ने पीड़िता के घर आकर गाली-गलौज की और उनके नाती को जान से मारने की धमकी दी। जब पीड़िता इसकी शिकायत करने थाने पहुँचीं, तो पुलिस ने सुरक्षा देने के बजाय उन्हें वापस भेज दिया। इसके बाद दबंगों ने पीड़िता को फोन पर धमकाया कि वह थाने क्यों गई थी। इसके तुरंत बाद, शाम करीब 5 बजे, आरोपी सर्वेश सिंह और प्रधान हृदयनारायण सिंह उर्फ पप्पू सिंह अपने साथ 4-5 अज्ञात गुंडों को लेकर पीड़िता के घर में घुस गए। वहाँ मौजूद लड़की के साथ सरेआम छेड़खानी की गई। जब पीड़िता के दो मासूम नातियों ने अपनी मां की इज्जत बचाने की कोशिश की, तो दबंगों ने उन पर लाठी-डंडों और चाकू से जानलेवा हमला कर दिया, जिसमें नाती को गंभीर चोटें आई हैं। दबंगों ने पूरे परिवार को उनके ही घर से बाहर खदेड़ दिया है, जिसके बाद परिवार बेघर होकर इंसाफ के लिए दर-दर भटक रहा है। पीड़िता पुष्पा शुक्ला ने अपने पत्र में स्पष्ट किया है कि आरोपी सर्वेश सिंह एक शातिर और आपराधिक प्रवृत्ति का व्यक्ति है, जिसके खिलाफ थाने में पहले से ही कई मुकदमे दर्ज हैं। इसके बावजूद, चांदा थाना पुलिस इस अपराधी और दबंग प्रधान (जो 203 में जेल भी जा चुके हैं) के आगे नतमस्तक बनी हुई है। पीड़ित परिवार ने अब सुल्तानपुर के पुलिस अधीक्षक से गुहार लगाई है कि दोषियों के खिलाफ सख्त धाराओं में एफआईआर दर्ज की जाए और उन्हें तत्काल गिरफ्तार किया जाए। यह बड़ा सवाल है कि क्या सुल्तानपुर पुलिस इन दबंगों पर शिकंजा कसेगी या फिर सत्ता और रसूख के दबाव में इस असहाय परिवार को न्याय से वंचित रखा जाएगा।1
- सुल्तानपुर जिले के जयसिंहपुर तहसील क्षेत्र में स्थित सेमरीबाजार गायत्री मंदिर पर विश्व योग दिवस के अवसर पर एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। मंडल अध्यक्ष रोहित पांडेय के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में योग गुरु लल्लन सोनकर ने उपस्थित जनसमूह को योग कराया और इसके विभिन्न स्वास्थ्य लाभों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की। योग गुरु ने बताया कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह मानसिक शांति और स्वस्थ जीवन जीने की एक महत्वपूर्ण कला है। कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य अतिथियों और स्थानीय गणमान्य नागरिकों ने भी योग के महत्व पर अपने विचार साझा किए। जगदम्बा प्रसाद सिंह, मंडल अध्यक्ष रोहित पांडेय, निवर्तमान मंडल अध्यक्ष अखिलेश सिंह, गुलाब अग्रहरि, वृजेश जयसवाल, महामंत्री वृजेश श्रीवास्तव और दीप नरायन दूबे जैसे प्रमुख सहयोगियों व सहभागियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई और लोगों को दैनिक जीवन में योग अपनाने का संकल्प दिलाया। सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने योग गुरु के निर्देशों का पालन करते हुए सामूहिक रूप से विभिन्न योगासन जैसे प्राणायाम, सूर्य नमस्कार और कपालभाति का अभ्यास किया। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि व्यस्त दिनचर्या में से खुद के लिए समय निकालकर योग करना आज के समय में अत्यंत आवश्यक है। योग शिविर के समापन पर, सभी आगंतुकों का आभार व्यक्त किया गया और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का सफल समापन हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और प्रबुद्ध जन उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम की सफलता और योग के प्रति जागरूकता का संदेश फैला।1
- लम्भुआ विकास खण्ड में योग दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को तमाम अधिकारियों, कर्मचारियों और प्रधान सेक्रेटरी ने मिलकर सफलतापूर्वक संपन्न कराया।1
- बेंगलुरु के कब्बनपेट इलाके में मोबाइल झपटमारी की एक सनसनीखेज वारदात के दौरान एक मजदूर 'फिल्मी हीरो' बनकर सामने आया। स्कूटर पर सवार होकर भाग रहे दो बदमाशों को देखकर मजदूर ने उन पर एक भारी बोरी फेंक दी, जिससे चोरों का संतुलन बिगड़ गया। इस जोरदार झटके के बाद भागने की कोशिश कर रहे 18 वर्षीय संदिग्ध जुनैद को दिल का दौरा पड़ा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, जुनैद पहले से ही दिल की बीमारी से पीड़ित था। वहीं, वारदात के बाद भाग रहे उसके 23 वर्षीय साथी अरबाज़ को पुलिस ने धर दबोचा।1
- सुल्तानपुर जिले की लम्भुआ तहसील के बहमरपुर गांव में पुराने रास्ते पर अवरोध उत्पन्न होने से ग्रामीणों को आवागमन में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले को लेकर गांव के मोहम्मद शमीम समेत कई ग्रामीणों ने तहसील समाधान दिवस में पहुंचकर प्रशासन को एक शिकायती पत्र सौंपा है, जिसमें समस्या के शीघ्र समाधान की मांग की गई है। ग्रामीणों का कहना है कि हाकिम के घर के पास से गुजरने वाला यह रास्ता वर्षों से गांव के लोगों के लिए प्रमुख मार्ग रहा है, और उनका दावा है कि यह मार्ग पुराने राजस्व अभिलेखों तथा नक्शों में भी दर्ज है। इस रास्ते के बाधित होने से किसानों को अपने खेतों तक पहुंचने, पशुओं को लाने-ले जाने और दैनिक कार्यों के लिए आवागमन में भारी परेशानी हो रही है। शिकायतकर्ताओं ने प्रशासन को अवगत कराया कि बड़ी संख्या में ग्रामीण इसी मार्ग का उपयोग करते थे, लेकिन अब उन्हें लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है, जिससे उनका समय और श्रम दोनों अतिरिक्त लग रहा है। तहसील समाधान दिवस में दिए गए प्रार्थना पत्र के माध्यम से ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराकर पुराने रास्ते को यथावत बहाल किया जाए, ताकि गांव के लोगों का आवागमन सुचारु रूप से संचालित हो सके और उन्हें हो रही असुविधा से राहत मिल सके। फिलहाल, प्रशासन ने शिकायत प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ग्रामीण उम्मीद जता रहे हैं कि उनकी समस्या का जल्द समाधान होगा और वर्षों पुराना यह मार्ग एक बार फिर से उपयोग के लिए उपलब्ध हो सकेगा।3
- सुल्तानपुर के बल्दीराय तहसील क्षेत्र के मथाना मजरे रसहरा गांव में सार्वजनिक रास्ते पर कथित अवैध कब्जे को लेकर ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। दर्जनों ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी बल्दीराय प्रवीण कुमार को एक शिकायती पत्र सौंपा है, जिसमें उन्होंने रास्ते से अवैध निर्माण हटवाने और आवागमन बहाल करने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि तालाब की गाटा संख्या 115 से होकर गुजरने वाला यह सार्वजनिक मार्ग वर्षों से गांववासियों के आवागमन का मुख्य रास्ता रहा है। उनका कहना है कि कुछ दबंग प्रवृत्ति के लोगों ने इस रास्ते पर निर्माण कर उसे अवरुद्ध कर दिया है। इस अवरोध के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और उनका रोजमर्रा का आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। अब्दुल कयूम, जुबेर अहमद, जावेद अहमद, मोतीब, मोहम्मद जमील, मुन्नू सहित कई अन्य ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की मौके पर जांच कर सार्वजनिक भूमि को कब्जामुक्त कराने का आग्रह किया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो गांव में विवाद की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जिससे उनके बीच व्याप्त रोष और बढ़ सकता है।1