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संत रविदास महाराज
Jairam Singaria
संत रविदास महाराज
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- रायपुर (ब्यावर) मारपीट व जानलेवा हमले का आरोप, एफआईआर के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर जिला कलेक्टर से लगाई न्याय की गुहार सेंदड़ा थाना क्षेत्र के बाडिया रामा दूदा गांव की निवासी ममता पुत्री श्री छगन सिंह ने जिला कलेक्टर ब्यावर को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच एवं कानूनी कार्रवाई की मांग की है। प्रार्थिया ने आरोप लगाया कि प्रथम सूचना रिपोर्ट संख्या 22/2026 के बावजूद आरोपियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। ज्ञापन के अनुसार, 16 अप्रैल 2025 को प्रार्थिया के घर चोरी की घटना हुई थी, जिसकी शिकायत सेंदड़ा थाने में दी गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 18 अगस्त 2025 को उसके पिता छगन सिंह के साथ मारपीट की घटना हुई तथा 31 अगस्त 2025 को उसके भाई महेंद्र सिंह के साथ भी झगड़ा किया गया। बीच-बचाव के दौरान दिलीप सिंह द्वारा चाकू से हमला किए जाने का आरोप लगाया गया, जिसकी रिपोर्ट भी दर्ज करवाई गई थी। प्रार्थिया ने बताया कि 28 जनवरी 2026 को आरोपियों ने 10-15 लोगों के साथ मिलकर उस पर जानलेवा हमला किया। इस संबंध में सेंदड़ा थाने में एफआईआर संख्या 22/2026 दर्ज है, जिसमें दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि अन्य आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं। ममता ने यह भी आरोप लगाया कि फरार आरोपी लगातार मोबाइल नंबरों से जान से मारने की धमकी दे रहे हैं और एक माह के भीतर समझौता नहीं करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दे रहे हैं। प्रार्थिया ने 7 फरवरी 2026 को भी शिकायत दी थी, लेकिन कार्रवाई नहीं होने से निराश होकर पुनः जिला कलेक्टर से हस्तक्षेप की मांग की है। ज्ञापन में निष्पक्ष जांच, फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी एवं परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई है।1
- गिरी गांव का शानदार दृश्य1
- मगरा क्षेत्र के1
- सरवाड़ में भीषण सड़क हादसा: कार और बाइक की आमने-सामने भिड़ंत सरवाड़ — अजमेर‑कोटा स्टेट हाईवे पर सोमवार को जगपुरा गांव के पास एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जिसमें कार और बाइक की आमने-सामने टक्कर हो गई। हादसे में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई। घायल व्यक्ति को 108 एंबुलेंस की मदद से केकड़ी जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार जारी है। हादसे के कारण हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे यातायात काफी देर तक प्रभावित रहा। ⚠️ सड़क की खराब हालत पर लोगों में रोष स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर जगह-जगह गहरे गड्ढे हैं, जिनकी वजह से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। क्षेत्रवासियों ने कई बार अधिकारियों को शिकायत दी, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं किया गया। लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि सड़क खराब होने के बावजूद टोल कर्मी लगातार टोल वसूली कर रहे हैं।1
- 🚨 आज की ताज़ा खबर | ब्यावर जिला 📍 सेंदड़ा पुराने हाईवे रोड की हालत बेहद खराब हो चुकी है। रोड के दोनों तरफ की पुलियाएं जर्जर हो गई हैं और बाबुल की कांटेदार झाड़ियां सड़क पर फैल रही हैं, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ⚠️ स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन इस गंभीर समस्या को नजरअंदाज कर रहा है और पीडब्ल्यूडी विभाग भारी लापरवाही बरत रहा है। सरकारी कागजों में विकास दिखाई देता है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। 🎙️ राजू… आपकी आवाज उठी है आम जनता की सुरक्षा के लिए। 👉 भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा जिला सहसंयोजक राजू काठात, सबलपुरा (जिला ब्यावर, राजस्थान) ने मौके पर पहुंचकर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। 📰 जनहित में जारी #ताजा_खबर #ब्यावर_न्यूज #सेंदड़ा #राजस्थान_न्यूज #लोकल_न्यूज #जनहित#प्रशासन_जागो #लापरवाही #एक्शन_की_मांग #जनता_की_आवाज #VoiceOfPeople 🚀 वायरल रीच के लिए #BreakingNews #TrendingNow #IndiaNews #ViralPost #NewsUpdate1
- राजस्थान के पूरे पश्चिमी मानसून एक बार पुनः सक्रिय होने की वजह से किसानों के चेहरे पर आज फिर एक बार चिंता की लकीरें उबर आई है क्योंकि किसानों के खेतों में पक्की लगभग फैसले अब कटाई के कगार पर है और आने वाले समय के अंदर अगर बारिश होती है तो किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें साफ तौर पर देखी जा सकती है इस समय राजस्थान का किसान दुखी है परेशान है क्योंकि उनकी जो लगभग लगभग फैसले पक चुकी है अब वह कटी हुई फसले लता में पड़ी हुई है और अब किसानों के चेहरे पर चिंता के अलावा कुछ भी नहीं बचाए अगर बारिश होती है तो उनकी तीन या चार महीने की जो मेहनत है पसीना करके जो फसले वही उनको फसले चौपट होने की कगार पर है1
- Post by Mahendra Singh Rawat1
- रायपुर (ब्यावर) बारिश के साथ गिरे ओले, तूफ़ानी बारिश से मौसम मे आई ठंडक ब्यावर में मौसम में हुए बदलाव से चने के आकार के ओले गिरे और तूफानी बारिश से मौसम मे फिर से ठंडक आ गई। साथ ही बादलों की गरज भी हुई । वही ओलों की बरसात से तापमान में गिरावट भी हुई ।1