अयोध्या में स्टांप एवं पंजीयन विभाग की प्रस्तावित ई-रजिस्ट्री व्यवस्था के विरोध में दस्तावेज लेखक संघ, स्टांप विक्रेताओं, टाइपिस्टों और मुंशियों का धरना-प्रदर्शन शनिवार को लगातार छठवें दिन भी जारी रहा। इस विरोध प्रदर्शन के कारण उप निबंधन कार्यालय में पिछले छह दिनों से रजिस्ट्री का कार्य पूरी तरह से ठप है, जिससे प्रतिदिन लगभग 10 से 12 लाख रुपये के राजस्व का नुकसान होने का दावा किया जा रहा है। दस्तावेज लेखक संघ के अध्यक्ष अमित सिंह ने स्पष्ट किया कि ई-रजिस्ट्री व्यवस्था लागू होने से प्रदेश भर में हजारों दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं के सामने गंभीर रोजगार संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने कहा कि यह कदम वर्षों से निर्धारित नियमों के तहत कार्य कर रहे लोगों की आजीविका को सीधे तौर पर प्रभावित करेगा, इसलिए सरकार को इस योजना पर पुनर्विचार कर इसे तत्काल वापस लेना चाहिए। हालांकि, धरना स्थल पर पहुंचे सहायक महानिरीक्षक ने दस्तावेज लेखकों को एक पत्र सौंपकर समझाने का प्रयास किया कि प्रस्तावित व्यवस्था फिलहाल केवल विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद से संबंधित मामलों के लिए लागू की जा रही है, और अन्य स्टांप विक्रेताओं तथा दस्तावेज लेखकों का कार्य पहले की तरह जारी रहेगा। इसके बावजूद, संघ अध्यक्ष अमित सिंह ने साफ किया कि यह आंदोलन केवल अयोध्या तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे प्रदेश में चल रहा है और आगे की रणनीति प्रदेश स्तर पर लिए गए निर्णय के अनुसार तय की जाएगी। इस धरना-प्रदर्शन को समर्थन देने के लिए कांग्रेस जिला अध्यक्ष चेतनारायण सिंह, महानगर अध्यक्ष कृष्ण कुमार रानू, और जिला सचिव पंकज सिंह धरना स्थल पहुंचे। कांग्रेस नेताओं ने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि इनके कारण पारंपरिक रोजगार प्रभावित हो रहे हैं और दस्तावेज लेखकों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। जिला अध्यक्ष चेतनारायण सिंह ने जोर दिया कि रोजगार छिनने से हजारों परिवारों की आर्थिक स्थिति प्रभावित होगी, जिसका असर बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और बेटियों के विवाह जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर पड़ेगा। वहीं, महानगर अध्यक्ष कृष्ण कुमार रानू ने सरकार पर निजीकरण को बढ़ावा देने का आरोप लगाया और कहा कि कांग्रेस पार्टी इसका विरोध करती है, दस्तावेज लेखकों के साथ खड़ी है, तथा उनके हितों की रक्षा के लिए संघर्ष करेगी। समाजवादी पार्टी के नेता एवं पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय ‘पवन’ ने भी धरने को समर्थन दिया और वर्तमान सरकार पर लोगों की रोजी-रोटी व भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को विधानसभा में उठाने के लिए पार्टी नेतृत्व से बात की जाएगी, ताकि सरकार पर अपना निर्णय बदलने का दबाव बनाया जा सके। धरने में संतोष मिश्र, विशाल श्रीवास्तव, अशोक कुमार सिंह, डब्बू, नितिन सिंह, उमेश श्रीवास्तव, सुभाष सिंह, कुसुम श्रीवास्तव, समीर मिश्रा सहित बड़ी संख्या में दस्तावेज लेखक एवं स्टांप विक्रेता मौजूद रहे।
अयोध्या में स्टांप एवं पंजीयन विभाग की प्रस्तावित ई-रजिस्ट्री व्यवस्था के विरोध में दस्तावेज लेखक संघ, स्टांप विक्रेताओं, टाइपिस्टों और मुंशियों का धरना-प्रदर्शन शनिवार को लगातार छठवें दिन भी जारी रहा। इस विरोध प्रदर्शन के कारण उप निबंधन कार्यालय में पिछले छह दिनों से रजिस्ट्री का कार्य पूरी तरह से ठप है, जिससे प्रतिदिन लगभग 10 से 12 लाख रुपये के राजस्व का नुकसान होने का दावा किया जा रहा है। दस्तावेज लेखक संघ के अध्यक्ष अमित सिंह ने स्पष्ट किया कि ई-रजिस्ट्री व्यवस्था लागू होने से प्रदेश भर में हजारों दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं के सामने गंभीर रोजगार संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने कहा कि यह कदम वर्षों से निर्धारित नियमों के तहत कार्य कर रहे लोगों की आजीविका को सीधे तौर पर प्रभावित करेगा, इसलिए सरकार को इस योजना पर पुनर्विचार कर इसे तत्काल वापस लेना चाहिए। हालांकि, धरना स्थल पर पहुंचे सहायक महानिरीक्षक ने दस्तावेज लेखकों को एक पत्र सौंपकर समझाने का प्रयास किया कि प्रस्तावित व्यवस्था फिलहाल केवल विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद से संबंधित मामलों के लिए लागू की जा रही है, और अन्य स्टांप विक्रेताओं तथा दस्तावेज लेखकों का कार्य पहले की तरह जारी रहेगा। इसके बावजूद, संघ अध्यक्ष अमित सिंह ने साफ किया कि यह आंदोलन केवल अयोध्या तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे प्रदेश में चल रहा है और आगे की रणनीति प्रदेश स्तर पर लिए गए निर्णय के अनुसार तय की जाएगी। इस धरना-प्रदर्शन को समर्थन देने के लिए कांग्रेस जिला अध्यक्ष चेतनारायण सिंह, महानगर अध्यक्ष कृष्ण कुमार रानू, और जिला सचिव पंकज सिंह धरना स्थल पहुंचे। कांग्रेस नेताओं ने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि इनके कारण पारंपरिक रोजगार प्रभावित हो रहे हैं और दस्तावेज लेखकों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। जिला अध्यक्ष चेतनारायण सिंह ने जोर दिया कि रोजगार छिनने से हजारों परिवारों की आर्थिक स्थिति प्रभावित होगी, जिसका असर बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और बेटियों के विवाह जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर पड़ेगा। वहीं, महानगर अध्यक्ष कृष्ण कुमार रानू ने सरकार पर निजीकरण को बढ़ावा देने का आरोप लगाया और कहा कि कांग्रेस पार्टी इसका विरोध करती है, दस्तावेज लेखकों के साथ खड़ी है, तथा उनके हितों की रक्षा के लिए संघर्ष करेगी। समाजवादी पार्टी के नेता एवं पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय ‘पवन’ ने भी धरने को समर्थन दिया और वर्तमान सरकार पर लोगों की रोजी-रोटी व भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को विधानसभा में उठाने के लिए पार्टी नेतृत्व से बात की जाएगी, ताकि सरकार पर अपना निर्णय बदलने का दबाव बनाया जा सके। धरने में संतोष मिश्र, विशाल श्रीवास्तव, अशोक कुमार सिंह, डब्बू, नितिन सिंह, उमेश श्रीवास्तव, सुभाष सिंह, कुसुम श्रीवास्तव, समीर मिश्रा सहित बड़ी संख्या में दस्तावेज लेखक एवं स्टांप विक्रेता मौजूद रहे।
- अयोध्या के सिविल लाइन स्थित एक स्थानीय होटल में गोस्वामी समाज सेवा समिति मंडल अयोध्या ने एक सम्मान समारोह का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 20 मेधावी छात्र-छात्राओं को मेडल, पेन किट और फूल-मालाएं देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर, प्रदेश सचिव रणजीत गोस्वामी ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि अटूट लक्ष्य और कठिन परिश्रम से ही सफलता प्राप्त होती है। उन्होंने सभी छात्र-छात्राओं को मन लगाकर पढ़ाई करने, अपने लक्ष्य को प्राप्त करने और देश, प्रदेश व जिले का नाम रोशन करने का संदेश दिया। समारोह में समिति के जिला अध्यक्ष/जिला प्रभारी एडवोकेट रामकृष्ण गोस्वामी, जिले कमेटी के समस्त पदाधिकारी और प्रदेश कार्यकारिणी के प्रदेश सचिव सहित कई सदस्यों ने छात्रों का उत्साहवर्धन किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावक, समाज के सदस्य और गणमान्य लोग मौजूद रहे।4
- आम आदमी पार्टी ने राम मंदिर ट्रस्ट के चंपत राय पर 'चंदा चोर' का आरोप लगाते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने 'राम मंदिर ट्रस्ट के चंपत राय चंदा चोर' के पोस्टर प्रदर्शित किए। पार्टी ने प्रशासन को एक मांग पत्र सौंपकर राम मंदिर ट्रस्ट में हुए कथित घोटाले की जांच कराने की मांग की।2
- आज पूरे भारतवर्ष में पीएम किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त जारी की जा रही है। इसके साथ ही, देश में तेज गति से गर्मी और लू चल रही है, जिसके मद्देनजर संपूर्ण भारत की जनता से अपनी सेहत का विशेष ख्याल रखने और गर्मी में सावधानी तथा सतर्कता बनाए रखने की खास अपील की गई है। यह रिपोर्ट लाल चंद सोनी ने 'आज सुबह टाइम्स' के लिए बाराबंकी जिले से दी है।1
- अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे की चोरी के मामले को लेकर समाजवादी पार्टी (सपा) के एक नेता ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। इस घटना पर टिप्पणी करते हुए सपा नेता ने किसी अज्ञात व्यक्ति या समूह को "बहरूपिया" कहकर संबोधित किया है। इस पूरे मामले और सपा नेता के बयान को एक वीडियो में विस्तार से सुना जा सकता है।1
- अयोध्या जिले के ग्राम सभा पाली अचलपुर में तेज आंधी-पानी के कारण एक पेड़ गिर गया। इस घटना से एक घर को बहुत बड़ा नुकसान पहुंचा है। घटना से संबंधित एक वीडियो भी उपलब्ध है।1
- आज सुबह टाइम्स के संवाददाता लाल चंद सोनी ने बताया है कि उन्हें प्रभु श्री राम जी की अवधपुरी में एक दिव्य, नव्य और अलौकिक अनुभूति का एहसास हो रहा है। उन्होंने देश की जनता से अयोध्याधाम आने का आग्रह किया है ताकि वे भी इस अनुभव को महसूस कर सकें। इसी रिपोर्ट में लाल चंद सोनी ने संपूर्ण भारत वर्ष की जनता से एक खास अपील भी की है। उन्होंने बताया कि इस समय तेज गति से गर्मी और लू चल रही है, जिसके कारण सभी को अपने सेहत का विशेष ख्याल रखने की आवश्यकता है। गर्मी के मौसम में सावधानी और सतर्कता बनाए रखने पर जोर दिया गया है। यह रिपोर्ट बाराबंकी जिले से प्रस्तुत की गई है।1
- जनपद अयोध्या के रौनाही थाना क्षेत्र के करेरु गांव में एक किसान ने पड़ोसियों पर उसकी मेहनत बर्बाद करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित आनंद बिहारी ने रौनाही थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया कि गांव के ही दिनेश कुमार जायसवाल और अजय जायसवाल ने रात के अंधेरे में उसकी लगभग 200 सफेदा की पौध को नुकसान पहुंचाने की नीयत से जहरीले रसायन या दवा का छिड़काव कर दिया। पीड़ित के अनुसार, उसने करीब तीन वर्ष पहले अपने खेत में दो-दो फीट की दूरी पर सफेदा के पौधे लगाए थे, जो अब लगभग 10 फीट तक बड़े हो चुके थे। लेकिन इस घटना के बाद पौधों की पत्तियां मुरझाने लगी हैं और उनका रंग पीला पड़ गया है, जिससे पूरी फसल चौपट होने का खतरा पैदा हो गया है। आनंद बिहारी ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने पर आरोपी अभद्रता करते हैं और जान से मारने की धमकी देते हैं। पीड़ित ने बताया कि उसने 112 पुलिस को भी घटना की सूचना दी थी, जिसके बाद उसे थाने में लिखित शिकायत देने की सलाह मिली थी। किसान ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि उसकी मेहनत की कमाई बर्बाद करने वालों पर सख्त शिकंजा कसा जा सके। हालांकि, आरोपी दिनेश जायसवाल ने इन आरोपों को बेबुनियाद और निराधार बताते हुए कहा है कि वह खेत में जाते ही नहीं हैं और उन्होंने खेत अधिया पर दिया हुआ है। इस पूरे मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी।1
- अयोध्या जिले के हैरिंग्टनगंज में थाना कोतवाली इनायतनगर क्षेत्र की सागर पट्टी ग्राम पंचायत के पूरे पहाड़ीपुर गांव में नाली के विवाद को लेकर एक महिला से मारपीट का मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर के आधार पर दो लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गांव निवासी शंकुतला पत्नी देव नारायण ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि सुबह करीब 6:30 बजे विनय कुमार पुत्र स्वर्गीय जगत नारायण और रोशनी पत्नी जगत नारायण लाठी-डंडा लेकर आए और गाली-गलौज करते हुए उनसे मारपीट करने लगे। पीड़िता के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए, जिसके बाद कथित आरोपित उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए वहां से चले गए। शंकुतला ने बताया कि मारपीट में उन्हें शरीर के कई हिस्सों में चोटें आईं। इस मामले में प्रभारी निरीक्षक के निर्देश पर उपनिरीक्षक राणा दिग्विजय सिंह को विवेचना सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच पूरी होने और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में एक हृदयविदारक सड़क हादसे ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। धानेपुर थाना क्षेत्र में एक तेज रफ्तार कार ने साइकिल से घर लौट रहे एक ही परिवार के तीन सदस्यों को जोरदार टक्कर मार दी। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि साइकिल सवार पति-पत्नी और उनका 6 वर्षीय पोता हवा में करीब 10 फीट तक उछल गए। यह पूरी घटना पास में लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मिली जानकारी के अनुसार, रामपुर दुबावल निवासी 54 वर्षीय संतोखी लाल अपनी पत्नी महरानी देवी (50) और 6 वर्षीय पोते कार्तिक के साथ किसी रिश्तेदारी से वापस अपने घर लौट रहे थे। तभी सामने से आ रही तेज रफ्तार कार ने उनकी साइकिल को टक्कर मार दी। इस हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए संतोखी लाल की अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी और पोते का जिला अस्पताल में इलाज जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर के बाद मासूम कार्तिक लगभग 20 मीटर तक सड़क पर घिसटता चला गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने तुरंत घायलों को अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने इस मामले में अज्ञात कार चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। CCTV फुटेज के आधार पर वाहन और चालक की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस ने मृतक संतोखी लाल के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और आगे की जांच जारी है।1