जनपद अयोध्या के रौनाही थाना क्षेत्र के करेरु गांव में एक किसान ने पड़ोसियों पर उसकी मेहनत बर्बाद करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित आनंद बिहारी ने रौनाही थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया कि गांव के ही दिनेश कुमार जायसवाल और अजय जायसवाल ने रात के अंधेरे में उसकी लगभग 200 सफेदा की पौध को नुकसान पहुंचाने की नीयत से जहरीले रसायन या दवा का छिड़काव कर दिया। पीड़ित के अनुसार, उसने करीब तीन वर्ष पहले अपने खेत में दो-दो फीट की दूरी पर सफेदा के पौधे लगाए थे, जो अब लगभग 10 फीट तक बड़े हो चुके थे। लेकिन इस घटना के बाद पौधों की पत्तियां मुरझाने लगी हैं और उनका रंग पीला पड़ गया है, जिससे पूरी फसल चौपट होने का खतरा पैदा हो गया है। आनंद बिहारी ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने पर आरोपी अभद्रता करते हैं और जान से मारने की धमकी देते हैं। पीड़ित ने बताया कि उसने 112 पुलिस को भी घटना की सूचना दी थी, जिसके बाद उसे थाने में लिखित शिकायत देने की सलाह मिली थी। किसान ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि उसकी मेहनत की कमाई बर्बाद करने वालों पर सख्त शिकंजा कसा जा सके। हालांकि, आरोपी दिनेश जायसवाल ने इन आरोपों को बेबुनियाद और निराधार बताते हुए कहा है कि वह खेत में जाते ही नहीं हैं और उन्होंने खेत अधिया पर दिया हुआ है। इस पूरे मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी।
जनपद अयोध्या के रौनाही थाना क्षेत्र के करेरु गांव में एक किसान ने पड़ोसियों पर उसकी मेहनत बर्बाद करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित आनंद बिहारी ने रौनाही थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया कि गांव के ही दिनेश कुमार जायसवाल और अजय जायसवाल ने रात के अंधेरे में उसकी लगभग 200 सफेदा की पौध को नुकसान पहुंचाने की नीयत से जहरीले रसायन या दवा का छिड़काव कर दिया। पीड़ित के अनुसार, उसने करीब तीन वर्ष पहले अपने खेत में दो-दो फीट की दूरी पर सफेदा के पौधे लगाए थे, जो अब लगभग 10 फीट तक बड़े हो चुके थे। लेकिन इस घटना के बाद पौधों की पत्तियां मुरझाने लगी हैं और उनका रंग पीला पड़ गया है, जिससे पूरी फसल चौपट होने का खतरा पैदा हो गया है। आनंद बिहारी ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने पर आरोपी अभद्रता करते हैं और जान से मारने की धमकी देते हैं। पीड़ित ने बताया कि उसने 112 पुलिस को भी घटना की सूचना दी थी, जिसके बाद उसे थाने में लिखित शिकायत देने की सलाह मिली थी। किसान ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि उसकी मेहनत की कमाई बर्बाद करने वालों पर सख्त शिकंजा कसा जा सके। हालांकि, आरोपी दिनेश जायसवाल ने इन आरोपों को बेबुनियाद और निराधार बताते हुए कहा है कि वह खेत में जाते ही नहीं हैं और उन्होंने खेत अधिया पर दिया हुआ है। इस पूरे मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी।
- जनपद अयोध्या के रौनाही थाना क्षेत्र के करेरु गांव में एक किसान ने पड़ोसियों पर उसकी मेहनत बर्बाद करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित आनंद बिहारी ने रौनाही थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया कि गांव के ही दिनेश कुमार जायसवाल और अजय जायसवाल ने रात के अंधेरे में उसकी लगभग 200 सफेदा की पौध को नुकसान पहुंचाने की नीयत से जहरीले रसायन या दवा का छिड़काव कर दिया। पीड़ित के अनुसार, उसने करीब तीन वर्ष पहले अपने खेत में दो-दो फीट की दूरी पर सफेदा के पौधे लगाए थे, जो अब लगभग 10 फीट तक बड़े हो चुके थे। लेकिन इस घटना के बाद पौधों की पत्तियां मुरझाने लगी हैं और उनका रंग पीला पड़ गया है, जिससे पूरी फसल चौपट होने का खतरा पैदा हो गया है। आनंद बिहारी ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने पर आरोपी अभद्रता करते हैं और जान से मारने की धमकी देते हैं। पीड़ित ने बताया कि उसने 112 पुलिस को भी घटना की सूचना दी थी, जिसके बाद उसे थाने में लिखित शिकायत देने की सलाह मिली थी। किसान ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि उसकी मेहनत की कमाई बर्बाद करने वालों पर सख्त शिकंजा कसा जा सके। हालांकि, आरोपी दिनेश जायसवाल ने इन आरोपों को बेबुनियाद और निराधार बताते हुए कहा है कि वह खेत में जाते ही नहीं हैं और उन्होंने खेत अधिया पर दिया हुआ है। इस पूरे मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी।1
- अयोध्या के कैंट थाना क्षेत्र स्थित माझा जमथरा में अवैध मिट्टी खनन का खेल खुलेआम जारी होने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि खनन माफिया दिनदहाड़े और रात-दिन जेसीबी और डंपरों के जरिए बड़े पैमाने पर मिट्टी का खनन कर रहे हैं, जिससे माझा जमथरा का सीना चीरा जा रहा है। आरोपों के अनुसार, जिम्मेदार विभाग इस पर आँखें मूंदे बैठा है और कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि नजूल विभाग, राजस्व विभाग और स्थानीय पुलिस की मौजूदगी के बावजूद अवैध खनन पर अंकुश नहीं लग रहा है, जिससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जनता पूछ रही है कि आखिर किसके संरक्षण में यह अवैध खनन चल रहा है और खनन माफियाओं को किसका राजनीतिक या प्रशासनिक संरक्षण प्राप्त है। लोगों का यह भी सवाल है कि सरकारी भूमि और पर्यावरण को नुकसान पहुँचाने वालों पर कार्रवाई कब होगी, और कौन ईमानदार प्रशासनिक छवि वाले जिलाधिकारी व एसएसपी को बदनाम करने की कोशिश कर रहा है? स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस पर कार्रवाई नहीं की गई तो माझा क्षेत्र का भूगोल ही बदल जाएगा। अब सभी की निगाहें जिला प्रशासन और खनन विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं कि इस अवैध खनन के खेल पर कब लगाम लगती है।1
- अयोध्या जिले के हैरिंग्टनगंज में थाना कोतवाली इनायतनगर क्षेत्र की सागर पट्टी ग्राम पंचायत के पूरे पहाड़ीपुर गांव में नाली के विवाद को लेकर एक महिला से मारपीट का मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर के आधार पर दो लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गांव निवासी शंकुतला पत्नी देव नारायण ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि सुबह करीब 6:30 बजे विनय कुमार पुत्र स्वर्गीय जगत नारायण और रोशनी पत्नी जगत नारायण लाठी-डंडा लेकर आए और गाली-गलौज करते हुए उनसे मारपीट करने लगे। पीड़िता के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए, जिसके बाद कथित आरोपित उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए वहां से चले गए। शंकुतला ने बताया कि मारपीट में उन्हें शरीर के कई हिस्सों में चोटें आईं। इस मामले में प्रभारी निरीक्षक के निर्देश पर उपनिरीक्षक राणा दिग्विजय सिंह को विवेचना सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच पूरी होने और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- आम आदमी पार्टी ने चंपत राय के विरोध में एक प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने आम आदमी पार्टी द्वारा दिया गया ज्ञापन स्वीकार कर लिया।1
- अयोध्या के कैंट थाना क्षेत्र स्थित माझा जमथरा में बेलगाम खनन माफियाओं द्वारा अवैध मिट्टी खनन का खेल खुलेआम जारी होने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, दिन-रात जेसीबी और मिट्टी से लदे डंपरों के ज़रिए बड़े पैमाने पर क्षेत्र का “सीना चीरने” का काम जारी है, लेकिन संबंधित विभाग इस पर “आँखें मूँदे बैठा है”, जिससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि नजूल विभाग, राजस्व विभाग और स्थानीय पुलिस की मौजूदगी के बावजूद इस अवैध खनन पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। जनता यह सवाल उठा रही है कि आखिर यह अवैध खनन किसके संरक्षण में चल रहा है और खनन माफियाओं को किसका राजनीतिक या प्रशासनिक संरक्षण प्राप्त है। इसके साथ ही, सरकारी भूमि और पर्यावरण को नुकसान पहुँचाने वालों पर कार्रवाई कब होगी और “ईमानदार प्रशासनिक छवि” वाले जिलाधिकारी और एसएसपी को बदनाम करने की कोशिश कौन कर रहा है, जैसे प्रश्न भी पूछे जा रहे हैं। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो माझा क्षेत्र का भूगोल ही बदल जाएगा। अब सभी की निगाहें जिला प्रशासन और खनन विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं कि इस “अवैध खनन के खेल” पर कब लगाम लगती है।1
- अयोध्या में स्थापित सुनील्स रामायण वैक्स म्यूजियम धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन के लिहाज से एक महत्वपूर्ण आकर्षण के तौर पर उभर रहा है। संग्रहालय के संस्थापक और प्रसिद्ध वैक्स कलाकार सुनील कंडल्लूर ने बताया कि यह म्यूजियम उनकी एक स्वप्न परियोजना है, जिसका उद्घाटन उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री द्वारा किया गया था। सुनील्स वैक्स म्यूजियम की शुरुआत वर्ष 2005 में कन्याकुमारी में हुई थी, जहाँ स्वतंत्रता सेनानियों और विभिन्न प्रसिद्ध हस्तियों की जीवंत और वास्तविक आकार की मोम प्रतिमाएँ प्रदर्शित की गईं। इसके बाद वर्ष 2010 में लोनावाला में एक नई शाखा स्थापित की गई, जहाँ वर्तमान में लगभग 100 मोम प्रतिमाएँ मौजूद हैं। बाद में तिरुवनंतपुरम में भी एक वैक्स म्यूजियम खोला गया, जो प्रसिद्ध श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर के निकट स्थित है। अयोध्या में स्थित सुनील्स रामायण वैक्स म्यूजियम में फिलहाल लगभग 40 प्रतिमाएँ प्रदर्शित हैं। संग्रहालय प्रबंधन की योजना भविष्य में इस संख्या को बढ़ाकर 200 तक करने की है, जिससे रामायण काल की घटनाओं और पात्रों को और भी व्यापक रूप में प्रस्तुत किया जा सके। संग्रहालय के शिल्पकार और कलाकार सुनील कंडल्लूर वर्ष 2001 से वैक्स मॉडलिंग के क्षेत्र में सक्रिय हैं। एक स्व-शिक्षित कलाकार के रूप में उन्होंने भारत में वैक्स मॉडलिंग को नई पहचान दिलाई और देश का पहला वैक्स म्यूजियम स्थापित करने का गौरव हासिल किया। अब तक वे 400 से अधिक मोम प्रतिमाओं का निर्माण कर चुके हैं, जो उनकी कला, मेहनत और समर्पण का प्रमाण है। पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने की दिशा में यह संग्रहालय अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक विशेष आकर्षण का केंद्र बनता जा रहा है।2
- अयोध्या में स्थापित रामायण वैक्स म्यूजियम अब भक्तों और पर्यटकों के लिए एक प्रमुख आकर्षण का केंद्र बन गया है, जहाँ रामायण के विभिन्न पात्रों को मोम की प्रतिमाओं के माध्यम से सजीव और जीवंत रूप दिया गया है। यह पूरा कार्य शिल्पकार सुनील कंडलूर की 'स्वप्न परियोजना' का हिस्सा है, जिन्होंने इस म्यूजियम को मूर्त रूप दिया है। शिल्पकार सुनील कंडलूर का अनुभव व्यापक है, और उन्होंने इससे पहले भी 400 से अधिक वैक्स प्रतिमाएं बनाई हैं। उनकी भविष्य की योजना है कि इस म्यूजियम में कुल 200 प्रतिमाओं को प्रदर्शित किया जाएगा, जिससे यह और भी भव्य और प्रभावशाली अनुभव प्रदान करेगा।1
- अयोध्या के रुदौली में सीएम योगी ने वीरांगना झलकारी बाई कोरी की मूर्ति का अनावरण किया है। इस घटना के बाद, कोरी समाज कैमरे के सामने आया और उन्होंने इस पूरे मामले से जुड़ी "पूरी सच्चाई" को जनता के सामने उजागर किया।1