कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा पिहानी। पुलिस की ड्यूटी को अक्सर लोग केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित समझते हैं, लेकिन वर्दी के पीछे छिपी मानवीय संवेदनाएं और कर्तव्य के प्रति समर्पण कई बार ऐसे ही हादसों में सामने आता है। रातभर गश्त, दिनभर अपराध नियंत्रण और आयोजनों की सुरक्षा के बीच पिहानी पुलिस लगातार 24 घंटे अपनी जिम्मेदारी निभा रही है। रविवार को कोतवाल श्याम नारायण सिंह के नेतृत्व में भारी पुलिस बल मोहल्ला मीर सराय से राजघाट जल भरने के लिए निकली कांवड़ यात्रा की सुरक्षा में तैनात था। कांवड़ यात्रा पिहानी-हरदोई मुख्य मार्ग से गुजर रही थी। जूनियर हाईस्कूल के सामने यात्रा के दौरान एक अज्ञात वाहन की हल्की टक्कर लगने से ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला संतुलन बिगड़ने से सड़क पर गिर गए। हादसे में उनके हाथ में हल्की चोट आई। साथियों की चिंता के बीच कोतवाल श्याम नारायण सिंह ने तत्काल हेड कांस्टेबल को प्राथमिक उपचार दिलाया। चोट मामूली होने के बावजूद पुलिसकर्मी का दर्द देखकर साथी जवान भी चिंतित नजर आए। उपचार के बाद पुलिसकर्मी की स्थिति सामान्य बताई गई। खास बात यह रही कि हादसे के बावजूद पुलिसकर्मियों ने अपनी ड्यूटी से मुंह नहीं मोड़ा। कांवड़ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात संचालन को सुचारु बनाए रखा गया। यात्रा पर भी इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा। -------- रात की गश्त से लेकर दिन की ड्यूटी तक समाज के लिए समर्पित पिहानी पुलिस की यह तस्वीर उस पुलिस व्यवस्था की झलक दिखाती है, जिसे अक्सर शिकायतों और सख्ती के चश्मे से देखा जाता है। पुलिसकर्मी रातभर गश्त करने के बाद दिन में कांवड़ यात्रा, जुलूस, आयोजनों और अपराध नियंत्रण की जिम्मेदारी संभालते हैं। परिवार से दूर रहकर त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के दौरान भीड़ के बीच खड़े रहना उनकी रोजमर्रा की ड्यूटी का हिस्सा है। कांवड़ यात्रा के दौरान हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला के घायल होने की घटना ने एक बार फिर यह दिखाया कि कानून-व्यवस्था संभालने वाले जवान खुद जोखिम उठाकर दूसरों की यात्रा सुरक्षित बनाने में जुटे रहते हैं। कोतवाल श्याम नारायण सिंह द्वारा घायल पुलिसकर्मी को तत्काल प्राथमिक उपचार दिलाना पुलिस की कर्तव्यनिष्ठा के साथ मानवीय संवेदना का भी उदाहरण बना।
कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा पिहानी। पुलिस की ड्यूटी को अक्सर लोग केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित समझते हैं, लेकिन वर्दी के पीछे छिपी मानवीय संवेदनाएं और कर्तव्य के प्रति समर्पण कई बार ऐसे ही हादसों में सामने आता है। रातभर गश्त, दिनभर अपराध नियंत्रण और आयोजनों की सुरक्षा के बीच पिहानी पुलिस लगातार 24 घंटे अपनी जिम्मेदारी निभा रही है। रविवार को कोतवाल श्याम नारायण सिंह के नेतृत्व में भारी पुलिस बल मोहल्ला मीर सराय से राजघाट जल भरने के लिए निकली कांवड़ यात्रा की सुरक्षा में तैनात था। कांवड़ यात्रा पिहानी-हरदोई मुख्य मार्ग से गुजर रही थी। जूनियर हाईस्कूल के सामने यात्रा के दौरान एक अज्ञात वाहन की हल्की टक्कर लगने से ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला संतुलन बिगड़ने से सड़क पर गिर गए। हादसे में उनके हाथ में हल्की चोट आई। साथियों की चिंता के बीच कोतवाल श्याम नारायण सिंह ने तत्काल हेड कांस्टेबल को प्राथमिक उपचार दिलाया। चोट मामूली होने के बावजूद पुलिसकर्मी का दर्द देखकर साथी जवान भी चिंतित नजर आए। उपचार के बाद पुलिसकर्मी की स्थिति सामान्य बताई गई। खास बात यह रही कि हादसे के बावजूद पुलिसकर्मियों ने अपनी ड्यूटी से मुंह नहीं मोड़ा। कांवड़ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात संचालन को सुचारु बनाए रखा गया। यात्रा पर भी इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा। -------- रात की गश्त से लेकर दिन की ड्यूटी तक समाज के लिए समर्पित पिहानी पुलिस की यह तस्वीर उस पुलिस व्यवस्था की झलक दिखाती है, जिसे अक्सर शिकायतों और सख्ती के चश्मे से देखा जाता है। पुलिसकर्मी रातभर गश्त करने के बाद दिन में कांवड़ यात्रा, जुलूस, आयोजनों और अपराध नियंत्रण की जिम्मेदारी संभालते हैं। परिवार से दूर रहकर त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के दौरान भीड़ के बीच खड़े रहना उनकी रोजमर्रा की ड्यूटी का हिस्सा है। कांवड़ यात्रा के दौरान हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला के घायल होने की घटना ने एक बार फिर यह दिखाया कि कानून-व्यवस्था संभालने वाले जवान खुद जोखिम उठाकर दूसरों की यात्रा सुरक्षित बनाने में जुटे रहते हैं। कोतवाल श्याम नारायण सिंह द्वारा घायल पुलिसकर्मी को तत्काल प्राथमिक उपचार दिलाना पुलिस की कर्तव्यनिष्ठा के साथ मानवीय संवेदना का भी उदाहरण बना।
- *यूपी : कानपुर में रईस आलम की गारमेंट शॉप है। कल बर्थडे की खुशी में उन्होंने 16 मिनट के लिए "हर माल 16 रुपए" का कर दिया। भीड़ टूट पड़ी। सोचिए, 16 मिनट में क्या हाल हुआ होगा।* *यूपी : कानपुर में रईस आलम की गारमेंट शॉप है। कल बर्थडे की खुशी में उन्होंने 16 मिनट के लिए "हर माल 16 रुपए" का कर दिया। भीड़ टूट पड़ी। सोचिए, 16 मिनट में क्या हाल हुआ होगा।*1
- संभल में स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान स्कूल का छज्जा गिरने से एक बच्चे की मौत, दो घायल हादसे का लाइव वीडियो सामने आया संभल में स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान स्कूल का छज्जा गिरने से एक बच्चे की मौत, दो घायल हादसे का लाइव वीडियो सामने आया1
- विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के द्वारा अखंड भारत की मशाल यात्रा निकाल गई* *विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के द्वारा अखंड भारत की मशाल यात्रा निकाल गई* तिकुनिया खीरी/विश्व हिंदू परिषद के द्वारा बरसोला कला मुंडा बाबा मंदिर अखंड भारत मसाल बाइक यात्रा का शुभारंभ किया गया जिसमें तिकुनिया नगर का भ्रमण करते हुए रैली बेलरायां, सिंगाही होते हुए निघासन पहुंची वहां पर मसाल जलाकर नगर भ्रमण किया गया तत्पश्चात हनुमान मंदिर पर यात्रा को समाप्त किया गया जिसमें सभी सनातन भाई विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल के कार्यकर्ता के सहयोग से यात्रा को सफल बनाया गया कार्यक्रम में अध्यक्ष प्रदीप शर्मा, उपाध्यक्ष संदीप चौहान, मंत्री राजाराम मौर्य, विनोद यादव, बजरंग दल संयोजक रवि शाक्य सुनील निषाद ,किशन महावर, अनुपम मिश्रा, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ विजयपाल, शिवनारायण निषाद, यात्रा में सम्मिलित रहे1
- निघासन के मुर्गहा इमलिया से गोला गोकर्णनाथ के लिए रवाना हुई भव्य कांवड़ यात्रा, जयकारों से गूंजा इलाका निघासन (लखीमपुर खीरी): निघासन के मुर्गहा इमलिया से गोला गोकर्णनाथ के लिए रवाना हुई भव्य कांवड़ यात्रा, जयकारों से गूंजा इलाका निघासन (लखीमपुर खीरी): विकास खंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत मुर्गहा इमलिया में शनिवार को अपार धार्मिक उत्साह और अगाध श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। गांव से शिव भक्तों की एक अति भव्य कांवड़ यात्रा आस्था के प्रसिद्ध केंद्र 'छोटी काशी' गोला गोकर्णनाथ के लिए धूमधाम से रवाना हुई। यात्रा के शुरू होते ही पूरा इलाका 'बोल बम-बम भोले' और 'हर-हर महादेव' के जयकारों से गुंजायमान हो उठा। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर रहा। डीजे की धार्मिक धुनों पर थिरकते और हाथों में पवित्र कांवड़ थामे शिव भक्त बाबा भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए आगे बढ़ते रहे। पूरे मार्ग में भक्तिमय माहौल बना रहा और जगह-जगह ग्रामीणों ने पुष्पवर्षा कर कांवड़ियों का जोरदार स्वागत किया। इस धार्मिक आयोजन को सफल बनाने में स्थानीय युवाओं और ग्रामीणों का विशेष योगदान रहा: प्रमुख सहयोगी व कांवड़िये: अखिलेश राज, अमित राज, सज्जन पाल राज, जितेंद्र चौहान, वीरेंद्र राज, अजय राज और इंद्रपाल राज। इन सभी सहयोगियों ने पूरी श्रद्धा और नियम-निष्ठा के साथ कांवड़ उठाई और बाबा भोलेनाथ के दरबार के लिए प्रस्थान किया। श्रद्धालुओं ने बताया कि वे गोला गोकर्णनाथ पहुंचकर भगवान शिव का पवित्र जलाभिषेक करेंगे और क्षेत्र व समाज की सुख-समृद्धि एवं शांति की कामना करेंगे।2
- टेहरा से निकली भव्य काँवड़ यात्रा को उमड़ा जनसैलाब, श्रद्धा और जयघोष के बीच दी गई भावभीनी विदाई टेहरा से निकली भव्य काँवड़ यात्रा को उमड़ा जनसैलाब, श्रद्धा और जयघोष के बीच दी गई भावभीनी विदाई संवाददाता आनंद गोस्वामी पलिया कलां-खीरी। मोहल्ला टेहरा से निकली भव्य काँवड़ यात्रा को श्रद्धा, आस्था और उत्साह के बीच सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भावभीनी विदाई दी। डीजे की गूंज, मनमोहक झांकियों और भक्ति में झूमते श्रद्धालुओं के बीच पूरा टेहरा क्षेत्र देर तक “हर-हर महादेव”, “बोल बम” और “जय भोलेनाथ” के जयघोष से गूंजता रहा। काँवड़ यात्रा की विदाई के अवसर पर आलोक मिश्रा सहित मोहल्ले के सैकड़ों महिला, पुरुष, बुजुर्ग एवं बच्चे बड़ी संख्या में मौजूद रहे। आलोक मिश्रा ने सभी काँवड़ यात्रियों को अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया तथा आत्मीयता और श्रद्धाभाव के साथ यात्रा को विदाई दी। इस दौरान श्रद्धालुओं ने काँवड़ यात्रियों की मंगलमय यात्रा और सकुशल वापसी की कामना की। कार्यक्रम में सभासद रवि यादव, लालता गुप्ता, राजन यादव, मायाराम, मनोज यादव, अनिल, ललित गुप्ता सहित मोहल्ले के अनेक गणमान्य लोग एवं सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे। महिला हो या पुरुष, बुजुर्ग हों या बच्चे—हर कोई महादेव की भक्ति में सराबोर दिखाई दिया। काँवड़ यात्री पवित्र जल लेकर गोला गोकर्णनाथ पहुंचेंगे, जहां भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया जाएगा। यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। विदाई के दौरान पूरा वातावरण शिवमय हो गया और जगह-जगह श्रद्धालुओं ने काँवड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए “हर-हर महादेव” के जयकारे लगाए। आस्था की लहर, भक्ति का सैलाब और महादेव के जयघोष से गूंजता टेहरा—काँवड़ यात्रा की यह भव्य विदाई श्रद्धा और सामाजिक एकजुटता का यादगार दृश्य बन गई।3
- लखीमपुर खीरी।जिला अस्पताल के डीबीडी वार्ड में भर्ती महिला से मेडिकल कॉलेज के पेशेंट हेलफर ने की छेड़ छाड़ चौकी इंचार्ज ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर भेजा थाने।1
- लखीमपुर खीरी जिला अस्पताल के डीबीटी वार्ड में भर्ती महिला से मेडिकल कॉलेज के पेशेंट हेल्पर पर छेड़छाड़ का आरोप लगा है। शिकायत के बाद चौकी इंचार्ज ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर थाने भेज दिया। मामले की जांच की जा रही है। लखीमपुर खीरी जिला अस्पताल के डीबीटी वार्ड में भर्ती महिला से मेडिकल कॉलेज के पेशेंट हेल्पर पर छेड़छाड़ का आरोप लगा है। शिकायत के बाद चौकी इंचार्ज ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर थाने भेज दिया। मामले की जांच की जा रही है।1
- कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा कर्तव्य निभाते-निभाते घायल हुआ हेड कांस्टेबल, फिर भी नहीं रुकी कांवड़ यात्रा की सुरक्षा पिहानी। पुलिस की ड्यूटी को अक्सर लोग केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित समझते हैं, लेकिन वर्दी के पीछे छिपी मानवीय संवेदनाएं और कर्तव्य के प्रति समर्पण कई बार ऐसे ही हादसों में सामने आता है। रातभर गश्त, दिनभर अपराध नियंत्रण और आयोजनों की सुरक्षा के बीच पिहानी पुलिस लगातार 24 घंटे अपनी जिम्मेदारी निभा रही है। रविवार को कोतवाल श्याम नारायण सिंह के नेतृत्व में भारी पुलिस बल मोहल्ला मीर सराय से राजघाट जल भरने के लिए निकली कांवड़ यात्रा की सुरक्षा में तैनात था। कांवड़ यात्रा पिहानी-हरदोई मुख्य मार्ग से गुजर रही थी। जूनियर हाईस्कूल के सामने यात्रा के दौरान एक अज्ञात वाहन की हल्की टक्कर लगने से ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला संतुलन बिगड़ने से सड़क पर गिर गए। हादसे में उनके हाथ में हल्की चोट आई। साथियों की चिंता के बीच कोतवाल श्याम नारायण सिंह ने तत्काल हेड कांस्टेबल को प्राथमिक उपचार दिलाया। चोट मामूली होने के बावजूद पुलिसकर्मी का दर्द देखकर साथी जवान भी चिंतित नजर आए। उपचार के बाद पुलिसकर्मी की स्थिति सामान्य बताई गई। खास बात यह रही कि हादसे के बावजूद पुलिसकर्मियों ने अपनी ड्यूटी से मुंह नहीं मोड़ा। कांवड़ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात संचालन को सुचारु बनाए रखा गया। यात्रा पर भी इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा। -------- रात की गश्त से लेकर दिन की ड्यूटी तक समाज के लिए समर्पित पिहानी पुलिस की यह तस्वीर उस पुलिस व्यवस्था की झलक दिखाती है, जिसे अक्सर शिकायतों और सख्ती के चश्मे से देखा जाता है। पुलिसकर्मी रातभर गश्त करने के बाद दिन में कांवड़ यात्रा, जुलूस, आयोजनों और अपराध नियंत्रण की जिम्मेदारी संभालते हैं। परिवार से दूर रहकर त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के दौरान भीड़ के बीच खड़े रहना उनकी रोजमर्रा की ड्यूटी का हिस्सा है। कांवड़ यात्रा के दौरान हेड कांस्टेबल आनंद शुक्ला के घायल होने की घटना ने एक बार फिर यह दिखाया कि कानून-व्यवस्था संभालने वाले जवान खुद जोखिम उठाकर दूसरों की यात्रा सुरक्षित बनाने में जुटे रहते हैं। कोतवाल श्याम नारायण सिंह द्वारा घायल पुलिसकर्मी को तत्काल प्राथमिक उपचार दिलाना पुलिस की कर्तव्यनिष्ठा के साथ मानवीय संवेदना का भी उदाहरण बना।1