प्रतापगढ़ में राजपाल चौराहे से लगभग 200 मीटर आगे, मदरसे गुलशन-ए-मदीना के भीतर एक संकरी गली में स्थित हिंद नर्सिंग होम में प्रसव के दौरान एक नवजात शिशु की दुखद मौत हो गई। इस हृदय विदारक घटना के बाद, जब परिजनों ने अपनी आपत्ति व्यक्त की, तो आरोप है कि अस्पताल के गुंडों द्वारा उनके साथ मारपीट की गई। इस गंभीर घटना ने जिले की पूरी मेडिकल व्यवस्था पर गहरे सवाल खड़े कर दिए हैं, जिससे यह प्रश्न उठता है कि ऐसे नर्सिंग होम को आखिर कौन लाइसेंस जारी करता है, या क्या सब कुछ केवल 'सिस्टम के हवाले' छोड़ दिया गया है। इस अस्पताल की कार्यप्रणाली जिले में 'मेडिकल माफियाओं के आतंक' की स्थिति को स्पष्ट रूप से उजागर करती है, जहाँ न तो कोई उचित व्यवस्था है और न ही प्रशिक्षित कर्मचारी। यह केवल चार बेड और एक रक्तचाप मापने की मशीन लगाकर चलाए जा रहे एक नर्सिंग होम जैसा प्रतीत होता है। परिणामस्वरूप, जहाँ मरीज अपनी जान गँवा रहे हैं और उनके परिजन लूटे जा रहे हैं, वहीं इस पूरी अव्यवस्था और अन्याय पर संबंधित व्यवस्था पूरी तरह से खामोश है।
प्रतापगढ़ में राजपाल चौराहे से लगभग 200 मीटर आगे, मदरसे गुलशन-ए-मदीना के भीतर एक संकरी गली में स्थित हिंद नर्सिंग होम में प्रसव के दौरान एक नवजात शिशु की दुखद मौत हो गई। इस हृदय विदारक घटना के बाद, जब परिजनों ने अपनी आपत्ति व्यक्त की, तो आरोप है कि अस्पताल के गुंडों द्वारा उनके साथ मारपीट की गई। इस गंभीर घटना ने जिले की पूरी मेडिकल व्यवस्था पर गहरे सवाल खड़े कर दिए हैं, जिससे यह प्रश्न उठता है कि ऐसे नर्सिंग होम को आखिर कौन लाइसेंस जारी करता है, या क्या सब कुछ केवल 'सिस्टम के हवाले' छोड़ दिया गया है। इस अस्पताल की कार्यप्रणाली जिले में 'मेडिकल माफियाओं के आतंक' की स्थिति को स्पष्ट रूप से उजागर करती है, जहाँ न तो कोई उचित व्यवस्था है और न ही प्रशिक्षित कर्मचारी। यह केवल चार बेड और एक रक्तचाप मापने की मशीन लगाकर चलाए जा रहे एक नर्सिंग होम जैसा प्रतीत होता है। परिणामस्वरूप, जहाँ मरीज अपनी जान गँवा रहे हैं और उनके परिजन लूटे जा रहे हैं, वहीं इस पूरी अव्यवस्था और अन्याय पर संबंधित व्यवस्था पूरी तरह से खामोश है।
- कंधई थाना क्षेत्र के दीवानगंज बाजार चौराहे के समीप स्थित साप्ताहिक बाजार की बेशकीमती जमीन पर दो बार जबरन कब्जा करने का प्रयास किया गया। व्यापारियों की सक्रियता के चलते फिलहाल जमीन पर निर्माण नहीं हो पाया है, जिसके बाद व्यापारियों ने रवि गुप्ता की अध्यक्षता में दीवानगंज बाजार में एक बैठक की और इस मामले में पुलिस पर मिलीभगत का गंभीर आरोप लगाया। बैठक में व्यापारियों ने आरोप लगाया कि थाना प्रभारी कंधई की मिलीभगत से करोड़ों रुपए की इस जमीन पर जबरन कब्जा कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अप्रैल महीने में जेसीबी लगाकर कब्जा करने की कोशिश को रोका गया था, जिसके बाद गुरुवार को दोबारा जमीन पर अवैध निर्माण का प्रयास हुआ। इस बार व्यापारियों ने इकट्ठा होकर एसडीएम पट्टी से शिकायत की और डायल 112 पुलिस के पहुंचने पर काम को रोका जा सका। व्यापारियों ने जिला प्रशासन और तहसील प्रशासन से कब्जा करने वालों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि बाजार की जमीन पर अवैध कब्जा किया गया तो वे बाजार बंद करके इसका विरोध प्रदर्शन करेंगे। व्यापारियों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर आरोपी के खिलाफ कार्यवाही की मांग दोहराई।1
- उत्तर प्रदेश के मुगरा बादशाहपुर में थाना प्रभारी अश्वनी दुबे द्वारा की गई एक सख्त कार्रवाई से देखने वाले लोग हैरान रह गए। अश्वनी दुबे ने बीच चौराहे पर डुगडुगी बजवाकर एक नोटिस चस्पा किया, और योगी सरकार का यह कड़क एक्शन सोशल मीडिया पर खूब तहलका मचा रहा है। इस घटना ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यूपी में अपराधियों को अब किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।1
- राजवाड़े रामपुर निवासी नूर मोहम्मद नामक युवक एक महिला द्वारा कथित तौर पर पीटा गया और उसे भद्दी-भद्दी गालियां दी गईं। महिला ने खुद को ‘बाहर का’ बताया और इस घटना को अंजाम दिया। एक वीडियो के माध्यम से यह सामने आया है कि महिला ने अकेले पुरुष को देखकर उसे चप्पल से मारने की धमकी दी। यह पूरा प्रकरण इस बात को स्पष्ट करता है कि महिला खुद को ‘दबंग’ समझ रही है।3
- सुल्तानपुर से अहमदाबाद जा रही गाड़ी नंबर 20964, जो इस समय आबू रोड स्टेशन पहुंची है, उसमें सुल्तानपुर से लेकर अभी तक एक भी रेलवे सुरक्षा बल (RPF) का जवान सुरक्षा की दृष्टि से दिखाई नहीं दिया है। इस स्थिति ने रेलवे सुरक्षा में एक बड़ी चूक को उजागर किया है, जिससे यात्री लगातार परेशान हो रहे हैं। ट्रेन में कई जगह यात्री आपस में सीट पर बैठने के लिए झगड़ रहे हैं, वहीं अनारक्षित टिकट वाले यात्री आरक्षित श्रेणी में घुसकर बैठे हैं और वहां के वैध यात्रियों को परेशान कर उन्हें उनकी सीट पर बैठने नहीं दे रहे हैं। इस संबंध में शिकायतें भी दर्ज की गई हैं, लेकिन उनका अभी तक कोई जवाब नहीं मिला। स्लीपर क्लास के यात्री जनरल टिकट वालों की इस दादागिरी से बेहद परेशान हैं, जिसकी शिकायत के तीन घंटे बीत जाने के बाद भी कोई सहायता नहीं पहुंची। रेलवे की इस लचर व्यवस्था से जनमानस काफी हैरान और परेशान है। सुरक्षा की दृष्टि से प्रत्येक कोच में रेलवे पुलिस बल को गश्त करना ज़रूरी होता है, जिसकी अनुपस्थिति में कभी भी कोई घटना, दुर्घटना या मारपीट जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं, जिसका सीधा श्रेय रेलवे सुरक्षा बल को जाएगा। रेल विभाग की इस बड़ी लापरवाही से स्लीपर क्लास के यात्रियों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं, और यात्री अब यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या उन्हें अपनी शिकायत को आगे उच्च अधिकारियों तक ले जाना चाहिए।1
- समाजवादी पार्टी (सपा) ने प्रतापगढ़ जिले में चुनाव में अपनी शानदार जीत का दावा किया है। पार्टी के अनुसार, वह जिले की कुल सात सीटों में से पांच पर जीत हासिल कर रही है। यह जानकारी सपा के जिला उपाध्यक्ष आशुतोष पांडे ने दी है।1
- उत्तर प्रदेश के मथुरा में अवैध खनन के एक आरोपी सूरजपाल को भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी नारायण शर्मा के भतीजे ने अपने समर्थकों (लव-लश्कर) के साथ मिलकर पुलिस थाने से जबरन छुड़ा लिया था। मंत्री के भतीजे ने थाने के भीतर ही पुलिस पर धौंस जमाई और आरोपी को अपने साथ ले गया। दरअसल, इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने और अखिलेश यादव द्वारा ट्वीट किए जाने के बाद पुलिस बैकफुट पर आ गई थी। अब पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी सूरजपाल को गिरफ्तार कर लिया है।1
- चुनावी सीजन के बीच प्रतापगढ़ के रानीगंज क्षेत्र में विधायक डॉक्टर आर के वर्मा जनता के सवालों पर भड़क उठे। 'विधायक रिपोर्ट कार्ड' के इस दौर में, जब 'ये पब्लिक है सब जानती है' की भावना के साथ लोग खुलकर अपनी बात रख रहे हैं, विधायक का यह रुख सामने आया है।1
- सुल्तानपुर जनपद के जिलाधिकारी इंद्रजीत कुमार ने एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील निर्णय लिया है। उन्होंने एक महिला आरक्षी को अपनी गोद में नन्हा बच्चा लिए ड्यूटी निभाते हुए देखने के बाद यह कदम उठाया। यह घटना तहसील दिवस बल्दीराय से निकलते समय हुई, जब जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक दोनों की नज़र महिला आरक्षी पर पड़ी। इस स्थिति को देखते हुए, जिलाधिकारी ने तुरंत महिला आरक्षी का स्थानांतरण जयसिंहपुर कर दिया। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी महोदय ने बल्दीराय में चल रहे समाधान दिवस की भी समीक्षा की और वहाँ उपस्थित अधिकारियों को समस्याओं का त्वरित गति से समाधान करने के दिशा-निर्देश दिए।2
- बदलापुर में एक बड़ा बवाल सामने आया है, जहाँ एक गर्भवती महिला और उसके अजन्मे शिशु की मौत हो गई। इस दुखद घटना के बाद अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा हुआ, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।1