समस्तीपुर शहर को दो भागों में बांटने वाला जर्जर रेल ओवरब्रिज 5 जुलाई से पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा और इसका मरम्मत कार्य शुरू होगा, जो आगामी 15 अगस्त तक चलेगा। इस अवधि के दौरान पुल से किसी भी तरह के वाहन की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। पुल के बंद होने से उत्पन्न होने वाली संभावित समस्याओं से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने एक नया और विस्तृत ट्रैफिक रूट चार्ट जारी किया है। सदर एसडीओ दिलीप कुमार और यातायात डीएसपी आशीष राज ने बताया कि यह ओवरब्रिज काफी पुराना हो चुका है और इसकी मरम्मत बेहद जरूरी है। मरम्मत कार्य को जल्द से जल्द और तेज गति से पूरा करने के लिए पुल को पूर्णतया बंद करना अनिवार्य हो गया था। प्रशासन द्वारा 5 जुलाई से 15 अगस्त तक की समय सीमा इसी उद्देश्य से तय की गई है। पुल बंद होने से शहर के दो हिस्सों में बंट जाने के कारण लोगों की आवाजाही में परेशानी न हो, इसके लिए प्रशासन ने वैकल्पिक मार्ग तैयार किए हैं। बेगूसराय और रोसरा की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए बसों की व्यवस्था हाउसिंग बोर्ड मैदान में की गई है। वहीं, रोसरा की ओर से आने वाले और मुजफ्फरपुर की ओर जाने वाले वाहनों को कन्हैया चौक से जितवारपुर बुल्लेचक रेलवे गुमटी पार कर महादेव चौक से होते हुए संत कबीर कॉलेज के रास्ते मोहनपुर रोड तक पहुँचने या सीधा एनएच 28 पर जाने का निर्देश दिया गया है। कलेक्ट्रेट और मोहनपुर की ओर रहने वाले लोगों को यदि समस्तीपुर कॉलेज की ओर जाना हो, तो वे अटेरन चौक रेलवे गुमटी से होते हुए सोनेलाल ढाला, सेंट पॉल स्कूल के रास्ते हसनपुर निकलेंगे। ताजपुर रोड और धर्मपुर क्षेत्र के लोगों को बाजार जाने के लिए धर्मपुर चौक होते हुए बाईपास सड़क पर पासवान चौक तक पहुंच कर, फिर मगरदही घाट के रास्ते अंदर बाजार में प्रवेश करने का मार्ग सुझाया गया है। संभावित ट्रैफिक जाम को कम करने के लिए प्रशासन ने अटेरन चौक रेलवे गुमटी पर वाहनों के फंसने की आशंका को देखते हुए रेलवे के साथ समन्वय स्थापित करने की योजना बनाई है, ताकि ट्रेन पास होने के बाद गुमटी को तुरंत खोला जा सके। सदर एसडीओ ने बताया कि नए मार्गों पर सिंगल रूट सिस्टम लागू किया जाएगा और सभी नए रूटों पर पुलिस बलों की तैनाती की जाएगी ताकि बाहर से आने वाले वाहनों को कोई दिक्कत न हो। उन्होंने सभी से नियमों का पालन करने और जिला प्रशासन को सहयोग करने की अपील की ताकि मरम्मत कार्य जल्द से जल्द पूरा हो सके और लोगों को कम से कम परेशानी हो।
समस्तीपुर शहर को दो भागों में बांटने वाला जर्जर रेल ओवरब्रिज 5 जुलाई से पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा और इसका मरम्मत कार्य शुरू होगा, जो आगामी 15 अगस्त तक चलेगा। इस अवधि के दौरान पुल से किसी भी तरह के वाहन की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। पुल के बंद होने से उत्पन्न होने वाली संभावित समस्याओं से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने एक नया और विस्तृत ट्रैफिक रूट चार्ट जारी किया है। सदर एसडीओ दिलीप कुमार और यातायात डीएसपी आशीष राज ने बताया कि यह ओवरब्रिज काफी पुराना हो चुका है और इसकी मरम्मत बेहद जरूरी है। मरम्मत कार्य को जल्द से जल्द और तेज गति से पूरा करने के लिए पुल को पूर्णतया बंद करना अनिवार्य हो गया था। प्रशासन द्वारा 5 जुलाई से 15 अगस्त तक की समय सीमा इसी उद्देश्य से तय की गई है। पुल बंद होने से शहर के दो हिस्सों में बंट जाने के कारण लोगों की आवाजाही में परेशानी न हो, इसके लिए प्रशासन ने वैकल्पिक मार्ग तैयार किए हैं। बेगूसराय और रोसरा की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए बसों की व्यवस्था हाउसिंग बोर्ड मैदान में की गई है। वहीं, रोसरा की ओर से आने वाले और मुजफ्फरपुर की ओर जाने वाले वाहनों को कन्हैया चौक से जितवारपुर बुल्लेचक रेलवे गुमटी पार कर महादेव चौक से होते हुए संत कबीर कॉलेज के रास्ते मोहनपुर रोड तक पहुँचने या सीधा एनएच 28 पर जाने का निर्देश दिया गया है। कलेक्ट्रेट और मोहनपुर की ओर रहने वाले लोगों को यदि समस्तीपुर कॉलेज की ओर जाना हो, तो वे अटेरन चौक रेलवे गुमटी से होते हुए सोनेलाल ढाला, सेंट पॉल स्कूल के रास्ते हसनपुर निकलेंगे। ताजपुर रोड और धर्मपुर क्षेत्र के लोगों को बाजार जाने के लिए धर्मपुर चौक होते हुए बाईपास सड़क पर पासवान चौक तक पहुंच कर, फिर मगरदही घाट के रास्ते अंदर बाजार में प्रवेश करने का मार्ग सुझाया गया है। संभावित ट्रैफिक जाम को कम करने के लिए प्रशासन ने अटेरन चौक रेलवे गुमटी पर वाहनों के फंसने की आशंका को देखते हुए रेलवे के साथ समन्वय स्थापित करने की योजना बनाई है, ताकि ट्रेन पास होने के बाद गुमटी को तुरंत खोला जा सके। सदर एसडीओ ने बताया कि नए मार्गों पर सिंगल रूट सिस्टम लागू किया जाएगा और सभी नए रूटों पर पुलिस बलों की तैनाती की जाएगी ताकि बाहर से आने वाले वाहनों को कोई दिक्कत न हो। उन्होंने सभी से नियमों का पालन करने और जिला प्रशासन को सहयोग करने की अपील की ताकि मरम्मत कार्य जल्द से जल्द पूरा हो सके और लोगों को कम से कम परेशानी हो।
- गूंज संस्थान और सूर्य नारायण सेवा समिति के संयुक्त सौजन्य से समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीन नगर प्रखंड की करीमनगर पंचायत के हेमनपुर गांव में सैकड़ों गरीब परिवारों को आवश्यक सामग्री का वितरण किया गया। इस पहल के लिए लाभार्थियों ने संस्थान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए उसकी सराहना की। यह वितरण सूर्य नारायण सेवा समिति के संस्थापक और सहारा समाचार पत्र के वरिष्ठ पत्रकार उमा शंकर सिंह के नेतृत्व में संपन्न हुआ। संस्थान के संस्थापक श्री सिंह ने बताया कि यह सामग्री उन लोगों को दी गई जिन्होंने पिछले कई महीनों से सार्वजनिक स्थलों पर साफ-सफाई कर स्वच्छता में अपनी भागीदारी निभाई थी। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि ऐसे सामाजिक कार्यों में संलग्न लोगों के लिए यह सेवा आगे भी जारी रहेगी। सामग्री का वितरण, जो बंद बोरियों में किया गया, हेमनपुर गांव निवासी श्रीमती उमा देवी और समाजसेवी उमेश कुमार सिंह द्वारा सैकड़ों गरीब परिवारों के बीच किया गया। इस सहायता को पाकर लोगों ने खुशी जाहिर की और इस प्रयास की दिल खोलकर सराहना की।1
- समस्तीपुर जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के हकीमाबाद गाँव में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहाँ ससुराल वालों ने अपनी बहू को घर में बंद कर बेरहमी से पीटा। बताया गया है कि यह अमानवीय कृत्य ससुराल वालों ने अपनी बेटी के लिए किया।1
- आज राष्ट्रीय डॉक्टर दिवस के अवसर पर, बख्तियारपुर स्थित प्रभा नर्सिंग होम के निदेशक डॉ. अविनाश चक्रवर्ती ने सभी चिकित्सकों को हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई दी। उन्होंने हर दिन किसी न किसी की जिंदगी बचाने के लिए समर्पित डॉक्टरों को सलाम करते हुए जोर दिया कि मानव सेवा ही डॉक्टर का सबसे बड़ा धर्म है। डॉ. चक्रवर्ती ने आगे कहा कि मरीजों की सेवा, संवेदनशीलता और ईमानदारी ही चिकित्सा पेशे की सबसे बड़ी पहचान है। इस मौके पर उन्होंने सभी डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों के अमूल्य योगदान की सराहना करते हुए बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के अपने संकल्प को भी दोहराया।1
- आज पटना के डाक बंगला चौराहे के पास थोड़ी बारिश होने से सड़क पर पानी जमा हो गया है। इस जलजमाव के कारण पैदल चलने वाले लोगों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।1
- मनीष कश्यप ने तेजस्वी यादव के संबंध में एक बड़ा खुलासा किया है। इस बयान के बारे में दावा किया जा रहा है कि इसे सुनकर लोग चौंक जाएंगे और यह बिहार की राजनीति से जुड़ा एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है, जिसे ब्रेकिंग न्यूज़ के तौर पर प्रस्तुत किया गया है।1
- बुधवार देर रात फतुहा (पटना) में एक मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जिसके परिणामस्वरूप नया टोला, दरियापुर निवासी नवीन कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई। गले में गोली लगने के बाद नवीन ने अस्पतालों में घंटों तक जिंदगी और मौत की जंग लड़ी, लेकिन अंततः वह हार गया और उसके परिवार की उम्मीदें हमेशा के लिए टूट गईं। जानकारी के अनुसार, नवीन फैक्ट्री मोड़ के पास ट्रेंड शोरूम के सामने स्थित एक खाली प्लॉट में अपने कुछ परिचितों के साथ बैठा था। बातचीत के दौरान किसी बात पर विवाद शुरू हुआ, जो इतना बढ़ गया कि एक हमलावर ने बेहद करीब से उसके गले में गोली मार दी। गोली लगते ही नवीन जमीन पर गिर पड़ा, जबकि हमलावर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़े और नवीन को लहूलुहान हालत में फतुहा अस्पताल पहुंचाया, जहां से उसे पीएमसीएच रेफर किया गया। परिजन उसे बेहतर इलाज के लिए एक निजी अस्पताल भी ले गए, लेकिन डॉक्टरों की सभी कोशिशें नाकाम रहीं और इलाज के दौरान नवीन ने दम तोड़ दिया। इस खबर से परिवार में कोहराम मच गया और पूरे मोहल्ले में मातम छा गया। घटनास्थल से पुलिस को खान-पान का सामान और कुछ बर्तन मिले हैं, जिससे यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि वहां कुछ लोग बैठकर बातचीत कर रहे थे, तभी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। सूचना मिलने पर फतुहा थाना पुलिस मौके पर पहुंची, घटनास्थल का निरीक्षण किया और साक्ष्य जुटाए। पुलिस आपसी रंजिश सहित सभी संभावित पहलुओं पर जांच कर रही है और संदिग्धों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है। पुलिस ने बताया है कि हत्या की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है और जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।1
- बिहार सरकार के महत्वाकांक्षी 'सात निश्चय-3' कार्यक्रम के तहत समस्तीपुर जिले के विभिन्न प्रखंडों में स्थापित किए जा रहे नए राजकीय महाविद्यालयों के संचालन की तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में, जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा ने बुधवार को खानपुर और कल्याणपुर प्रखंडों में प्रस्तावित राजकीय महाविद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने महाविद्यालय भवनों की स्थिति, आधारभूत संरचना, फर्नीचर, अन्य आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता, क्रय एवं आपूर्ति की प्रगति, शिक्षकों की पदस्थापना, पेयजल, विद्युत, शौचालय और पठन-पाठन शुरू करने की व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान, जिलाधिकारी ने अपर समाहर्ता सह नोडल पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी प्रेम शंकर झा और संबंधित महाविद्यालयों के प्राचार्यों से तैयारियों की बिंदुवार जानकारी प्राप्त की। समीक्षा के बाद, जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सरकार की मंशा के अनुरूप सभी शेष कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि महाविद्यालयों का नियमित संचालन शीघ्र सुनिश्चित हो सके। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और सभी विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर निर्धारित समय-सीमा के भीतर आवश्यक व्यवस्थाएं पूर्ण करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने इस पहल के लाभों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नए राजकीय महाविद्यालयों के खुलने से ग्रामीण एवं पिछड़े क्षेत्रों के विद्यार्थियों को स्थानीय स्तर पर उच्च शिक्षा की सुविधा मिल सकेगी। इससे छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए दूर-दराज के शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा और शिक्षा का दायरा अधिक व्यापक होगा। उल्लेखनीय है कि जिले के खानपुर, कल्याणपुर, सिंघिया, विभूतिपुर और विद्यापतिनगर प्रखंडों में कुल पांच नए राजकीय महाविद्यालयों का संचालन प्रस्तावित है, जिससे हजारों विद्यार्थियों को सीधा लाभ मिलेगा और जिले में उच्च शिक्षा के क्षेत्र को नई दिशा मिलेगी। निरीक्षण के दौरान उप विकास आयुक्त सूर्य प्रताप सिंह, अपर समाहर्ता ब्रजेश कुमार, संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी, शिक्षा विभाग के पदाधिकारी, महाविद्यालयों के प्राचार्य एवं अन्य संबंधित अधिकारी भी उपस्थित थे।3
- समस्तीपुर शहर में स्थित लाइफ लाइन ओवर ब्रिज पर 5 जुलाई से लेकर 15 अगस्त तक आवागमन पूरी तरह से बंद रहेगा। इस अवधि के दौरान, वाहन चालकों और पैदल यात्रियों के लिए आने-जाने के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की गई है।1
- पटना जिले के मोकामा थाना क्षेत्र के मोर गांव में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ अज्ञात अपराधियों ने पोखन यादव की गोली मारकर हत्या कर दी। यह वारदात पूरे इलाके को दहला गई है और गांव में सनसनी फैल गई है। बताया जा रहा है कि पोखन यादव रोज की तरह रात में अपने बथान पर सो रहे थे। देर रात बदमाश वहाँ पहुँचे और बेहद करीब से गोली मारकर मौके से फरार हो गए। सुबह जब परिजनों ने पोखन यादव का शव खून से लथपथ देखा, तो पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुँची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की विस्तृत जाँच शुरू कर दी है। फिलहाल, इस हत्या के पीछे के कारण स्पष्ट नहीं हो पाए हैं, लेकिन पुलिस सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जाँच कर रही है और अपराधियों की तलाश में जुट गई है।1