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गर्मी के मौसम में दुद्धी के लवकुश पार्क की यात्रा करने का सुझाव दिया गया है। यह पार्क मनमोहक नज़ारों से भरा है, जहाँ आगंतुक आनंद ले सकते हैं। इस भ्रमण के दौरान केदारनाथ मंदिर के दर्शन का भी उल्लेख है।
संजय श्रीवास्तव ( ब्यूरो चीफ)
गर्मी के मौसम में दुद्धी के लवकुश पार्क की यात्रा करने का सुझाव दिया गया है। यह पार्क मनमोहक नज़ारों से भरा है, जहाँ आगंतुक आनंद ले सकते हैं। इस भ्रमण के दौरान केदारनाथ मंदिर के दर्शन का भी उल्लेख है।
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- गर्मी के मौसम में दुद्धी के लवकुश पार्क की यात्रा करने का सुझाव दिया गया है। यह पार्क मनमोहक नज़ारों से भरा है, जहाँ आगंतुक आनंद ले सकते हैं। इस भ्रमण के दौरान केदारनाथ मंदिर के दर्शन का भी उल्लेख है।1
- जनपद सोनभद्र पुलिस और एएनटीएफ लखनऊ यूनिट की एक संयुक्त टीम ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के दौरान 06 अंतरराज्यीय गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इन तस्करों के पास से कुल 08 कुन्तल 684 ग्राम अवैध गांजा भी बरामद किया है। इस पूरे मामले की जानकारी पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा ने दी है।1
- सोनभद्र जिले के विंढमगंज थाना क्षेत्र के पकरी गाँव में 21 जून 2026, रविवार की रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ आपसी विवाद के दौरान एक पुत्र पर अपने ही पिता की डंडे से पीटकर हत्या करने का आरोप लगा है। यह घटना रात लगभग 10 बजे की बताई जा रही है, जिससे पूरे गाँव में सनसनी फैल गई है और ग्रामीणों में शोक का माहौल व्याप्त है। मृतक की पत्नी चंद्रावती के अनुसार, उनके पुत्र सोनू कुमार का अपने पिता श्रीनाथ से किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। आरोप है कि विवाद के दौरान सोनू कुमार ने डंडे से हमला कर अपने पिता को गंभीर रूप से घायल कर दिया। परिजन और ग्रामीण जब तक कुछ समझ पाते, तब तक श्रीनाथ की हालत गंभीर हो चुकी थी और उनकी मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम तुरंत मौके पर पहुँची, जिसके बाद थाना प्रभारी संतोष सिंह और उपनिरीक्षक सुनील कुमार राय भी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुँचे और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पुत्र सोनू कुमार को हिरासत में ले लिया है। ग्रामीणों के अनुसार, सोनू कुमार की मानसिक स्थिति लंबे समय से ठीक नहीं बताई जा रही थी और वह अक्सर असामान्य व्यवहार करता तथा बड़बड़ाता रहता था। हालांकि, पुलिस का कहना है कि उसकी मानसिक स्थिति की आधिकारिक पुष्टि जाँच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है तथा मामले की गहनता से जाँच की जा रही है। इस दर्दनाक घटना के बाद से पूरे क्षेत्र में शोक और चर्चा का माहौल बना हुआ है।2
- एक हैरान कर देने वाली घटना में, पुलिस ने न्यायालय को बताया कि 1 करोड़ रुपये मूल्य का सोना बंदर अपने साथ ले गए हैं। पुलिस द्वारा प्रस्तुत की गई इस विचित्र कहानी को सुनकर न्यायालय भी अत्यधिक क्रोधित हो उठा, जो मामले की गंभीरता और पुलिस के इस दावे के प्रति उसकी असंतुष्टि को दर्शाता है।1
- सोनभद्र जिले के रेडिया गाँव में बच्चों द्वारा आग से खेलते समय एक घर में भीषण आग लग गई। इस घटना में घर के भीतर रखा सारा सामान जलकर खाक हो गया। आग लगने के तुरंत बाद, गाँव के लोगों ने मिलकर घर में मौजूद लोगों की जान बचाने में सफलता प्राप्त की। हालांकि, वे घर को पूरी तरह से जलने से नहीं रोक पाए। कुछ समय बाद प्रशासन और आग बुझाने वाली गाड़ी मौके पर पहुँची, जिनकी मदद से आग पर काबू पाया गया और घर को पूरी तरह राख होने से बचाया जा सका। इस घटना के बाद, ग्राम पंचायत में लोगों ने प्रभावित परिवार को सरकारी सुविधा के तहत मुआवजा दिलाने के संबंध में बातचीत की है, ताकि उन्हें कुछ आर्थिक सहायता मिल सके।1
- उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में पानी की गंभीर समस्या के चलते एक युवक ने अपनी जान जोखिम में डालते हुए 150 फीट ऊंचे एक टावर पर चढ़ गया। पानी की कमी से परेशान युवक की इस हरकत से पूरे गांव में अचानक हड़कंप मच गया।1
- सोनभद्र जिले के म्योरपुर थाना क्षेत्र के देवपहरी पहाड़ के पास देवरी गांव में पेयजल संकट से नाराज़ एक युवक करीब 150 फीट ऊंचे ट्रांसमिशन टावर पर चढ़ गया। यह घटना गांव में लंबे समय से बनी पेयजल समस्या को लेकर विरोध जताने के लिए हुई, जिसके कारण क्षेत्र में हड़कंप मच गया। युवक का आरोप था कि ग्राम प्रधान से कई बार शिकायत के बावजूद भी इस गंभीर समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है। उसने मौके पर ग्राम प्रधान को बुलाने और समस्या के समाधान का आश्वासन मिलने तक टावर से नीचे उतरने से इनकार कर दिया। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी रविकांत मिश्रा पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे, जहां सैकड़ों ग्रामीणों की भारी भीड़ भी जमा हो गई थी। करीब तीन घंटे तक चला यह हाईवोल्टेज ड्रामा तब समाप्त हुआ जब प्रशासन की ओर से पेयजल समस्या के समाधान का आश्वासन दिया गया। रात करीब 8 बजे युवक सुरक्षित टावर से नीचे उतरा, जिसके बाद प्रशासन और ग्रामीणों, दोनों ने राहत की सांस ली।1