सोमवार सुबह केशकाल घाट पर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब जगदलपुर से ऑक्सीजन लेकर रायपुर होते हुए ओडिशा के झालागुड़ा जा रहा एक टैंकर घाट के पहले मोड़ पर अनियंत्रित होकर पलट गया। इस दुर्घटना के बाद टैंकर से ऑक्सीजन का रिसाव शुरू हो गया, जिससे कुछ समय के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, चालक की तत्परता और वर्षों के अनुभव के कारण एक संभावित गंभीर दुर्घटना टल गई। जानकारी के अनुसार, केशकाल घाट के पहले मोड़ पर वाहन का ब्रेक फेल हो गया। चालक ने वाहन को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन टैंकर चट्टान से टकराने के बाद सड़क किनारे पलट गया। बिहार निवासी 52 वर्षीय टैंकर चालक उदय कुमार ठाकुर ने बताया कि वह वर्ष 1995 से ऑक्सीजन टैंकर चला रहे हैं। हादसे के तुरंत बाद उन्होंने वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई और बिना देर किए टैंकर की सुरक्षा नली खोल दी। उनके इस त्वरित निर्णय से ऑक्सीजन नियंत्रित रूप से बाहर निकलती रही और टैंकर के भीतर गैस का दबाव नहीं बढ़ पाया, जिससे एक बड़ा विस्फोट या अन्य गंभीर दुर्घटना होने का खतरा टल गया। घटना की सूचना मिलते ही केशकाल पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग की टीम मौके पर पहुंची। सुरक्षा के मद्देनजर दुर्घटनास्थल के आसपास यातायात को नियंत्रित किया गया और लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई। टैंकर पलटने के कारण कुछ समय के लिए केशकाल घाट में यातायात प्रभावित हुआ था, लेकिन पुलिस की सक्रियता से वन-वे व्यवस्था लागू कर वाहनों की आवाजाही को सुचारु कर दिया गया। वर्तमान में घाट मार्ग पर यातायात सामान्य रूप से जारी है। प्रशासन द्वारा पलटे हुए टैंकर को हटाने के लिए क्रेन की व्यवस्था की जा रही है और शेष बची ऑक्सीजन को सुरक्षित तरीके से दूसरे टैंकर में स्थानांतरित किया जाएगा।
सोमवार सुबह केशकाल घाट पर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब जगदलपुर से ऑक्सीजन लेकर रायपुर होते हुए ओडिशा के झालागुड़ा जा रहा एक टैंकर घाट के पहले मोड़ पर अनियंत्रित होकर पलट गया। इस दुर्घटना के बाद टैंकर से ऑक्सीजन का रिसाव शुरू हो गया, जिससे कुछ समय के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, चालक की तत्परता और वर्षों के अनुभव के कारण एक संभावित गंभीर दुर्घटना टल गई। जानकारी के अनुसार, केशकाल घाट के पहले मोड़ पर वाहन का ब्रेक फेल हो गया। चालक ने वाहन को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन टैंकर चट्टान से टकराने के बाद सड़क किनारे पलट गया। बिहार निवासी 52 वर्षीय टैंकर चालक उदय कुमार ठाकुर ने बताया कि वह वर्ष 1995 से ऑक्सीजन टैंकर चला रहे हैं। हादसे के तुरंत बाद उन्होंने वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई और बिना देर किए टैंकर की
सुरक्षा नली खोल दी। उनके इस त्वरित निर्णय से ऑक्सीजन नियंत्रित रूप से बाहर निकलती रही और टैंकर के भीतर गैस का दबाव नहीं बढ़ पाया, जिससे एक बड़ा विस्फोट या अन्य गंभीर दुर्घटना होने का खतरा टल गया। घटना की सूचना मिलते ही केशकाल पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग की टीम मौके पर पहुंची। सुरक्षा के मद्देनजर दुर्घटनास्थल के आसपास यातायात को नियंत्रित किया गया और लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई। टैंकर पलटने के कारण कुछ समय के लिए केशकाल घाट में यातायात प्रभावित हुआ था, लेकिन पुलिस की सक्रियता से वन-वे व्यवस्था लागू कर वाहनों की आवाजाही को सुचारु कर दिया गया। वर्तमान में घाट मार्ग पर यातायात सामान्य रूप से जारी है। प्रशासन द्वारा पलटे हुए टैंकर को हटाने के लिए क्रेन की व्यवस्था की जा रही है और शेष बची ऑक्सीजन को सुरक्षित तरीके से दूसरे टैंकर में स्थानांतरित किया जाएगा।
- सोमवार सुबह केशकाल घाट पर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब जगदलपुर से ऑक्सीजन लेकर रायपुर होते हुए ओडिशा के झालागुड़ा जा रहा एक टैंकर घाट के पहले मोड़ पर अनियंत्रित होकर पलट गया। इस दुर्घटना के बाद टैंकर से ऑक्सीजन का रिसाव शुरू हो गया, जिससे कुछ समय के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, चालक की तत्परता और वर्षों के अनुभव के कारण एक संभावित गंभीर दुर्घटना टल गई। जानकारी के अनुसार, केशकाल घाट के पहले मोड़ पर वाहन का ब्रेक फेल हो गया। चालक ने वाहन को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन टैंकर चट्टान से टकराने के बाद सड़क किनारे पलट गया। बिहार निवासी 52 वर्षीय टैंकर चालक उदय कुमार ठाकुर ने बताया कि वह वर्ष 1995 से ऑक्सीजन टैंकर चला रहे हैं। हादसे के तुरंत बाद उन्होंने वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई और बिना देर किए टैंकर की सुरक्षा नली खोल दी। उनके इस त्वरित निर्णय से ऑक्सीजन नियंत्रित रूप से बाहर निकलती रही और टैंकर के भीतर गैस का दबाव नहीं बढ़ पाया, जिससे एक बड़ा विस्फोट या अन्य गंभीर दुर्घटना होने का खतरा टल गया। घटना की सूचना मिलते ही केशकाल पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग की टीम मौके पर पहुंची। सुरक्षा के मद्देनजर दुर्घटनास्थल के आसपास यातायात को नियंत्रित किया गया और लोगों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई। टैंकर पलटने के कारण कुछ समय के लिए केशकाल घाट में यातायात प्रभावित हुआ था, लेकिन पुलिस की सक्रियता से वन-वे व्यवस्था लागू कर वाहनों की आवाजाही को सुचारु कर दिया गया। वर्तमान में घाट मार्ग पर यातायात सामान्य रूप से जारी है। प्रशासन द्वारा पलटे हुए टैंकर को हटाने के लिए क्रेन की व्यवस्था की जा रही है और शेष बची ऑक्सीजन को सुरक्षित तरीके से दूसरे टैंकर में स्थानांतरित किया जाएगा।2
- रायगढ़ जिले में लाखों रुपये की धोखाधड़ी का एक मामला सामने आया है, जिसमें एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी ने रायगढ़ में एक ट्रेलर किराए पर लिया था, जिसके लिए उसने एक फर्जी नाम और एक जाली किरायानामा का इस्तेमाल किया। साथ ही, उसने ट्रेलर मालिक को भुगतान के तौर पर ब्लैंक चेक भी दिए थे। इस प्रकार धोखाधड़ी कर ट्रेलर हासिल करने के बाद, आरोपी ने उसे रायपुर में बेच दिया, जिससे लाखों रुपये की ठगी हुई। पुलिस ने अब इस मामले में आरोपी को पकड़ लिया है।1
- छत्तीसगढ़ के सारंगढ़ स्थित वार्ड नंबर 5 में धर्मांतरण का एक मामला सामने आने के बाद इलाके में तनाव व्याप्त है। इस घटनाक्रम में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया, लेकिन हैरानी की बात यह है कि उस पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। पुलिस की इस कथित निष्क्रियता के विरोध में, भाजपा नेता और वार्डवासी सीधे थाना परिसर में ही धरने पर बैठ गए, जिससे वहां भारी हंगामा हुआ। इस दौरान सत्ता दल के लोगों ने भी धर्मांतरण के आरोपी पर पुलिस द्वारा कोई कार्यवाही न किए जाने को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त की और त्वरित एक्शन की मांग उठाई।1
- एक हैरान कर देने वाली घटना में, नानू सागर का एक ट्रैक्टर घर के अंदर जा घुसा। यह हादसा तब हुआ जब अजय जायसवाल की 12-13 साल की भतीजी ने गलती से ट्रैक्टर को स्टार्ट कर दिया, जिसके बाद वह अनियंत्रित होकर घर में घुस गया।1
- छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक मर्डर कांड का बड़ा खुलासा हुआ है। इस मामले में राजेंद्र उर्फ कुनाल साहू को गिरफ्तार किया गया है। जाँच के दौरान सामने आए डकैती के कनेक्शन ने सभी को चौंका दिया है, जिससे इस हत्याकांड में एक अप्रत्याशित मोड़ आ गया है।1
- छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में पाली थाना क्षेत्र के नोनबिर्रा (खलारीपारा) गाँव में रह रहे आदिवासियों पर प्रशासन का कहर बरपा है। इस कार्रवाई के बाद से ग्रामीण सदमे में हैं और उनके भीतर गहरा आक्रोश देखा जा रहा है।1
- जांजगीर-चांपा जिले में इंस्टाग्राम पर दोस्ती के ज़रिए ब्लैकमेलिंग का एक गंदा खेल सामने आया है। चांपा पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए, आरोपी शिवम बरेठ को 24 घंटे के भीतर धर दबोचा है।1
- रायगढ़ जिले में अवैध मादक पदार्थों और शराब की खरीद-बिक्री पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान 'ऑपरेशन आघात' के तहत पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में, 14 जून को थाना कोतवाली और थाना खरसिया पुलिस ने अलग-अलग कार्रवाई करते हुए अवैध कच्ची महुआ शराब के कारोबार में संलिप्त दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से कुल 22 लीटर महुआ शराब जब्त की है। थाना कोतवाली पुलिस को 14 जून को मुखबिर से सूचना मिली थी कि उर्दना डीपापारा निवासी किशन उरांव, उर्दना स्थित नंदराम आम बगीचा के पास बिक्री के उद्देश्य से प्लास्टिक की बोरी में जरीकेन में भरकर कच्ची महुआ शराब रखे हुए है। सूचना मिलने पर थाना प्रभारी कोतवाली, निरीक्षक सुखनंदन पटेल ने सहायक उप निरीक्षक कोसो सिंह जगत को स्टाफ के साथ कार्रवाई के लिए भेजा। पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर किशन उरांव को पकड़ा, जिसने पूछताछ में अपना नाम किशन उरांव (पिता दिनउ उरांव, उम्र 27 वर्ष, निवासी उर्दना डीपापारा, थाना कोतवाली, जिला रायगढ़) बताया। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से तीन प्लास्टिक जरीकेन में कुल 15 लीटर कच्ची महुआ शराब मिली, जिसकी अनुमानित कीमत 3,000 रुपये है। साथ ही, शराब बिक्री से प्राप्त 200 रुपये नगद भी बरामद किए गए। आरोपी किशन उरांव के खिलाफ आबकारी अधिनियम के प्रावधानों के तहत कानूनी कार्रवाई की गई। इसी अभियान के तहत, थाना खरसिया पुलिस ने भी 14 जून को मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई की। पुलिस टीम ने एनएच-49 मार्ग से ग्राम कुनकुनी जाने वाले कच्चे रास्ते के पास घेराबंदी की और एक व्यक्ति को संदिग्ध अवस्था में पैदल जाते हुए रोका। उसके पास रखे थैले की जांच करने पर उसमें कच्ची महुआ शराब पाई गई। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम उरी केशन सारथी (पिता स्वर्गीय गणेश राम सारथी, उम्र 33 वर्ष, निवासी ग्राम कुनकुनी, थाना खरसिया, जिला रायगढ़) बताया और स्वीकार किया कि वह उक्त कच्ची महुआ शराब बिक्री के उद्देश्य से ले जा रहा था। पुलिस ने उसके कब्जे से कुल 7 लीटर कच्ची महुआ शराब जब्त की, जिसकी अनुमानित कीमत 1,400 रुपये है। आरोपी के खिलाफ धारा 34(2) और 59(क) छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ 'ऑपरेशन आघात' के तहत रायगढ़ पुलिस की यह लगातार कार्रवाई जारी है।1