बरेली में एम्स पर सियासत गरम, गौशालाओं की हालत पर भी घमासान आंवला सांसद Neeraj Maurya ने सरकार से मांगा जवाब बरेली। जनपद बरेली में स्वास्थ्य सुविधाओं और गौशालाओं की स्थिति को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। आंवला से सांसद Neeraj Maurya ने रविवार को बरेली पहुंचकर प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। उन्होंने बरेली में All India Institute of Medical Sciences (एम्स) की स्थापना में हो रही देरी और गौशालाओं की कथित बदहाली को लेकर सरकार से जवाब तलब किया। सांसद ने कहा कि प्रदेश में डबल इंजन की सरकार होने के बावजूद बरेली में एम्स स्थापना का मामला वर्षों से लंबित है। उन्होंने कहा कि मंत्रियों द्वारा बार-बार “प्रयास जारी है” कहना पर्याप्त नहीं है, बल्कि सरकार को ठोस कार्यवाही और स्पष्ट समयसीमा घोषित करनी चाहिए। उनके अनुसार, एम्स की स्थापना से बरेली सहित आसपास के जिलों के लाखों लोगों को उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी। गौशालाओं की स्थिति पर भी सांसद ने चिंता जताई। उन्होंने प्रदेश के पशुधन मंत्री Dharmapal Singh के क्षेत्र की एक गौशाला का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि वहां अव्यवस्था के कारण पशुओं की हालत खराब है। उन्होंने कहा कि यदि मंत्री के क्षेत्र की यह स्थिति है तो पूरे प्रदेश की स्थिति पर सवाल उठना स्वाभाविक है। सांसद ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की और कहा कि यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि क्षेत्र में व्यवस्थाएं दुरुस्त पाई जाती हैं तो वे सार्वजनिक रूप से सरकार का आभार व्यक्त करने को तैयार हैं। बरेली में एम्स और गौशालाओं के मुद्दे पर दिए गए इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। अब सभी की निगाहें सरकार की प्रतिक्रिया और संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं।
बरेली में एम्स पर सियासत गरम, गौशालाओं की हालत पर भी घमासान आंवला सांसद Neeraj Maurya ने सरकार से मांगा जवाब बरेली। जनपद बरेली में स्वास्थ्य सुविधाओं और गौशालाओं की स्थिति को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। आंवला से सांसद Neeraj Maurya ने रविवार को बरेली पहुंचकर प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। उन्होंने बरेली में All India Institute of Medical Sciences (एम्स) की स्थापना में हो रही देरी और गौशालाओं की कथित बदहाली को लेकर सरकार से जवाब तलब किया। सांसद ने कहा कि प्रदेश में डबल इंजन की सरकार होने के बावजूद बरेली में एम्स स्थापना का मामला वर्षों से लंबित है। उन्होंने कहा कि मंत्रियों द्वारा बार-बार “प्रयास जारी है” कहना पर्याप्त नहीं है, बल्कि सरकार को ठोस कार्यवाही और स्पष्ट समयसीमा घोषित करनी चाहिए। उनके अनुसार, एम्स की स्थापना से बरेली सहित आसपास के जिलों के लाखों लोगों को उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी। गौशालाओं की स्थिति पर भी सांसद ने चिंता जताई। उन्होंने प्रदेश के पशुधन मंत्री Dharmapal Singh के क्षेत्र की एक गौशाला का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि वहां अव्यवस्था के कारण पशुओं की हालत खराब है। उन्होंने कहा कि यदि मंत्री के क्षेत्र की यह स्थिति है तो पूरे प्रदेश की स्थिति पर सवाल उठना स्वाभाविक है। सांसद ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की और कहा कि यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि क्षेत्र में व्यवस्थाएं दुरुस्त पाई जाती हैं तो वे सार्वजनिक रूप से सरकार का आभार व्यक्त करने को तैयार हैं। बरेली में एम्स और गौशालाओं के मुद्दे पर दिए गए इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। अब सभी की निगाहें सरकार की प्रतिक्रिया और संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं।
- थाना भोजीपुरा का मामला महिलाओं की जमीन पर दबंगों ने किया कब्जा महिला ने एसएसपी से की शिकायत1
- बरेली के थाना शाही का मामला पीड़ित ने एसपी ऑफिस जाकर लगाई इंसाफ की गुहार1
- Post by Firoz Idrisi1
- Post by भूपेंद्र शर्मा1
- बाराबंकी शादी विवादः दूल्हे ने दुल्हन और पिता को मारी लात, शादी टूट गई1
- #बरेली के सैलानी चौराहे पर स्थित The Aahid Biryani House इन दिनों खासा चर्चा में है। यहां के मोनिस भाई ने बरेली वासियों को खुला चैलेंज दिया है #1
- with action demanded Nadeem Qureshi ne Diya gyapan samasya ko bataya1
- #बरेली में उस वक्त माहौल गरमा गया जब अखिल भारतीय अब्बासी वेलफेयर एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष शारिक अब्बासी के बैनर पर कथित तौर पर आपत्तिजनक तरीके से बैनर लगाए #1