पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा फोरलेन किनारे पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा बिलासपुर, 9 अगस्त: घुमारवीं उपमंडल के तहत किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से सटी ग्राम पंचायत पनोह के फेटीधार क्षेत्र में करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से बायोडायवर्सिटी पार्क विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल, घुमारवीं में आयोजित राज्य स्तरीय वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान इसकी घोषणा करेंगे। यह जानकारी तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने रविवार को ग्राम पंचायत पनोह में महिला मंडल द्वारा आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि जनसभा को संबोधित करते हुए दी। राजेश धर्माणी ने कहा कि फेटीधार में प्रस्तावित बायोडायवर्सिटी पार्क का उद्देश्य क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा और जैव विविधता का संरक्षण करने के साथ-साथ इसे पर्यटन की दृष्टि से विकसित करना है। किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से होकर कुल्लू-मनाली जाने वाले पर्यटकों को पार्क की ओर आकर्षित किया जाएगा, ताकि वे यहां रुककर क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें। इससे फोरलेन से सटी पंचायतों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि फोरलेन के किनारे विकसित होने वाला यह पार्क क्षेत्र में पर्यटन का नया आकर्षण बन सकता है। पार्क के विकसित होने से स्थानीय स्तर पर छोटे कारोबार, पर्यटन आधारित गतिविधियों और अन्य स्वरोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा, खेल और कौशल विकास के क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें स्विमिंग पूल सहित विभिन्न खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही युवाओं को रोजगारोन्मुख कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध करवाने के लिए घुमारवीं में करीब 12 करोड़ रुपये की लागत से स्किल अकादमी स्थापित की जा रही है, जिसके भवन निर्माण के लिए सरकार द्वारा दो करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की जा चुकी है। इसके अलावा घुमारवीं में स्किल यूनिवर्सिटी स्थापित करने के प्रयास किए जा रहे हैं, जबकि करयाल क्षेत्र में फुटबॉल मैदान विकसित किया जाएगा। इन परियोजनाओं से क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी, व्यावसायिक, कौशल एवं खेल से जुड़ी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में केंद्रीय विद्यालय के निर्माण के लिए 25 बीघा भूमि उपलब्ध करवाई गई है तथा इसके प्रथम चरण के लिए 55 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है। केंद्रीय विद्यालय शुरू होने से क्षेत्र के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें स्थानीय स्तर पर बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। राजेश धर्माणी ने कहा कि पनोह में आंगनबाड़ी केंद्र और क्रेच सेंटर खोलने की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इसके अतिरिक्त टिकरी गांव में सड़क निर्माण के लिए 10 लाख रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है, जबकि नाल्टी गांव में सड़क को पक्का करने का कार्य किया जाएगा। क्षेत्र में पेयजल सुविधा को मजबूत करने के लिए नई छोटी पेयजल योजना भी तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने के साथ शिक्षा, कौशल विकास, खेल और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में विकास को गति देने के साथ लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाना तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर पैदा करना है। मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के तहत जिला बिलासपुर में लगभग 214 बच्चों को लाभ मिल चुका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जरूरतमंद और वंचित वर्गों के कल्याण के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध करवा रही है तथा पात्र लोगों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर पंचायत प्रधान विमला देवी, बीडीसी सदस्य कौशल्या कुमारी, ग्राम सुधार समिति के प्रधान राजेश्वर सिंह, पूर्व प्रधान कुलजीत सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा फोरलेन किनारे पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा बिलासपुर, 9 अगस्त: घुमारवीं उपमंडल के तहत किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से सटी ग्राम पंचायत पनोह के फेटीधार क्षेत्र में करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से बायोडायवर्सिटी पार्क विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल, घुमारवीं में आयोजित राज्य स्तरीय वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान इसकी घोषणा करेंगे। यह जानकारी तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने रविवार को ग्राम पंचायत पनोह में महिला मंडल द्वारा आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि जनसभा को संबोधित करते हुए दी। राजेश धर्माणी ने कहा कि फेटीधार में प्रस्तावित बायोडायवर्सिटी पार्क का उद्देश्य क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा और जैव विविधता का संरक्षण करने के साथ-साथ इसे पर्यटन की दृष्टि से विकसित करना है। किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से होकर कुल्लू-मनाली जाने वाले पर्यटकों को पार्क की ओर आकर्षित किया जाएगा, ताकि वे यहां रुककर क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें। इससे फोरलेन से सटी पंचायतों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि फोरलेन के किनारे विकसित होने वाला यह पार्क क्षेत्र में पर्यटन का नया आकर्षण बन सकता है। पार्क के विकसित होने से स्थानीय स्तर पर छोटे कारोबार, पर्यटन आधारित गतिविधियों और अन्य स्वरोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा, खेल और कौशल विकास के क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें स्विमिंग पूल सहित विभिन्न खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही युवाओं को रोजगारोन्मुख कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध करवाने के लिए घुमारवीं में करीब 12 करोड़ रुपये की लागत से स्किल अकादमी स्थापित की जा रही है, जिसके भवन निर्माण के लिए सरकार द्वारा दो करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की जा चुकी है। इसके अलावा घुमारवीं में स्किल यूनिवर्सिटी स्थापित करने के प्रयास किए जा रहे हैं, जबकि करयाल क्षेत्र में फुटबॉल मैदान विकसित किया जाएगा। इन परियोजनाओं से क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी, व्यावसायिक, कौशल एवं खेल से जुड़ी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में केंद्रीय विद्यालय के निर्माण के लिए 25 बीघा भूमि उपलब्ध करवाई गई है तथा इसके प्रथम चरण के लिए 55 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है। केंद्रीय विद्यालय शुरू होने से क्षेत्र के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें स्थानीय स्तर पर बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। राजेश धर्माणी ने कहा कि पनोह में आंगनबाड़ी केंद्र और क्रेच सेंटर खोलने की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इसके अतिरिक्त टिकरी गांव में सड़क निर्माण के लिए 10 लाख रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है, जबकि नाल्टी गांव में सड़क को पक्का करने का कार्य किया जाएगा। क्षेत्र में पेयजल सुविधा को मजबूत करने के लिए नई छोटी पेयजल योजना भी तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने के साथ शिक्षा, कौशल विकास, खेल और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में विकास को गति देने के साथ लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाना तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर पैदा करना है। मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के तहत जिला बिलासपुर में लगभग 214 बच्चों को लाभ मिल चुका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जरूरतमंद और वंचित वर्गों के कल्याण के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध करवा रही है तथा पात्र लोगों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर पंचायत प्रधान विमला देवी, बीडीसी सदस्य कौशल्या कुमारी, ग्राम सुधार समिति के प्रधान राजेश्वर सिंह, पूर्व प्रधान कुलजीत सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
- पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा फोरलेन किनारे पनोह-फेटीधार में बनेगा बायोडायवर्सिटी पार्क, 10 करोड़ रुपये होंगे खर्च: राजेश धर्माणी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल में राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान करेंगे घोषणा बिलासपुर, 9 अगस्त: घुमारवीं उपमंडल के तहत किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से सटी ग्राम पंचायत पनोह के फेटीधार क्षेत्र में करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से बायोडायवर्सिटी पार्क विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू 14 अगस्त को दधोल, घुमारवीं में आयोजित राज्य स्तरीय वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान इसकी घोषणा करेंगे। यह जानकारी तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने रविवार को ग्राम पंचायत पनोह में महिला मंडल द्वारा आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि जनसभा को संबोधित करते हुए दी। राजेश धर्माणी ने कहा कि फेटीधार में प्रस्तावित बायोडायवर्सिटी पार्क का उद्देश्य क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा और जैव विविधता का संरक्षण करने के साथ-साथ इसे पर्यटन की दृष्टि से विकसित करना है। किरतपुर-नेरचौक फोरलेन से होकर कुल्लू-मनाली जाने वाले पर्यटकों को पार्क की ओर आकर्षित किया जाएगा, ताकि वे यहां रुककर क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें। इससे फोरलेन से सटी पंचायतों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि फोरलेन के किनारे विकसित होने वाला यह पार्क क्षेत्र में पर्यटन का नया आकर्षण बन सकता है। पार्क के विकसित होने से स्थानीय स्तर पर छोटे कारोबार, पर्यटन आधारित गतिविधियों और अन्य स्वरोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा, खेल और कौशल विकास के क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें स्विमिंग पूल सहित विभिन्न खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही युवाओं को रोजगारोन्मुख कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध करवाने के लिए घुमारवीं में करीब 12 करोड़ रुपये की लागत से स्किल अकादमी स्थापित की जा रही है, जिसके भवन निर्माण के लिए सरकार द्वारा दो करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की जा चुकी है। इसके अलावा घुमारवीं में स्किल यूनिवर्सिटी स्थापित करने के प्रयास किए जा रहे हैं, जबकि करयाल क्षेत्र में फुटबॉल मैदान विकसित किया जाएगा। इन परियोजनाओं से क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी, व्यावसायिक, कौशल एवं खेल से जुड़ी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने बताया कि घुमारवीं में केंद्रीय विद्यालय के निर्माण के लिए 25 बीघा भूमि उपलब्ध करवाई गई है तथा इसके प्रथम चरण के लिए 55 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है। केंद्रीय विद्यालय शुरू होने से क्षेत्र के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें स्थानीय स्तर पर बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। राजेश धर्माणी ने कहा कि पनोह में आंगनबाड़ी केंद्र और क्रेच सेंटर खोलने की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इसके अतिरिक्त टिकरी गांव में सड़क निर्माण के लिए 10 लाख रुपये की स्वीकृति मिल चुकी है, जबकि नाल्टी गांव में सड़क को पक्का करने का कार्य किया जाएगा। क्षेत्र में पेयजल सुविधा को मजबूत करने के लिए नई छोटी पेयजल योजना भी तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने के साथ शिक्षा, कौशल विकास, खेल और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में विकास को गति देने के साथ लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाना तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर पैदा करना है। मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के तहत जिला बिलासपुर में लगभग 214 बच्चों को लाभ मिल चुका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जरूरतमंद और वंचित वर्गों के कल्याण के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध करवा रही है तथा पात्र लोगों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर पंचायत प्रधान विमला देवी, बीडीसी सदस्य कौशल्या कुमारी, ग्राम सुधार समिति के प्रधान राजेश्वर सिंह, पूर्व प्रधान कुलजीत सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।1
- भारत माता का अपमान करने पर केशव पंडित का तीखा पलटवार 🇮🇳🚩1
- बिलासपुर में सीएम सुक्खू के दौरे की तैयारियां तेज, मंडी भराड़ी में जनसभा स्थल का निरीक्षण मछुआरा समुदाय को बड़ी सौगात की उम्मीद, मंच से हो सकता है अहम ऐलान बिलासपुर। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के 12 अगस्त को प्रस्तावित बिलासपुर दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। मुख्यमंत्री के दौरे का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव मंडी भराड़ी में होने वाली जनसभा रहेगी। रविवार को तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी, विवेक ठाकुर और जिला प्रशासन के अधिकारियों ने जनसभा स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मंच निर्माण, जनसभा में आने वाले लोगों के बैठने की व्यवस्था, पार्किंग, यातायात संचालन, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य जरूरी इंतजामों की जानकारी ली। अधिकारियों को कार्यक्रम स्थल पर व्यवस्थाओं को समय रहते पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। मछुआरों की नजर मुख्यमंत्री की घोषणा पर मुख्यमंत्री के इस दौरे को खास तौर पर गोबिंद सागर झील से जुड़े मछुआरा समुदाय के लिए अहम माना जा रहा है। मछुआरों को उम्मीद है कि मुख्यमंत्री मंडी भराड़ी की जनसभा से उनके हित में कोई बड़ी घोषणा कर सकते हैं। लंबे समय से विभिन्न मांगों और समस्याओं को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित कर रहा मछुआरा वर्ग अब मुख्यमंत्री के ऐलान का इंतजार कर रहा है। ऐसे में 12 अगस्त की जनसभा केवल राजनीतिक कार्यक्रम तक सीमित न रहकर गोबिंद सागर के मछुआरों के लिए नई उम्मीद लेकर आ सकती है। मुख्यमंत्री की संभावित घोषणा को लेकर मछुआरा समुदाय में भी उत्सुकता बनी हुई है। प्रशासन ने कसी कमर मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने विभिन्न विभागों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपनी शुरू कर दी हैं। कार्यक्रम स्थल पर भी तैयारियों को अंतिम रूप देने का काम चल रहा है। सुरक्षा से लेकर यातायात व्यवस्था तक हर पहलू पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो। तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने अधिकारियों के साथ मौके पर व्यवस्थाओं की समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अब सभी की नजरें 12 अगस्त को होने वाली मुख्यमंत्री की जनसभा पर टिकी हैं कि मछुआरा वर्ग के लिए मुख्यमंत्री के पिटारे से कौन-सी बड़ी सौगात निकलती है। बाइट: तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी1
- कांग्रेस का काम केवल जनता को गुमराह करना और संसद को नही चलने देने : सांसद अनुराग ठाकुर कहा कि E20 पेट्रोल के मुद्दे पर राहुल विपक्ष विदेशी ताकतों के हाथों खेलने का कर रही काम1
- ट्रेन में TTE ने बिना सही टिकट वाले कांवड़ियों को चढ़ने से रोक दिया और कहा ₹500 किराया और जुर्माना देना होगा । वहीं कांवड़ियों का कहना था कि उन्होंने सुना है सरकार ने उनके लिए ट्रेन का सफर मुफ्त कर दिया है। #KanwarYatra #RailwayNews #TTE #himachalpunjabnews #viralvideo #BreakingNews #14वीं_कांवड़_यात्रा1
- देश के हर कोने तक पहुंचाए जाएंगे संत शिरोमणि रविदास जी के विचार : अनुराग सिंह ठाकुर, लाल सिंह आर्य *नादौन के ढगोह में 750 किलोमीटर लंबी कलश वंदन यात्रा का भव्य समापन, आगामी सात महीनों तक देशभर में चलेगा संत रविदास जी के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का अभियान हमीरपुर संत शिरोमणि रविदास जी महाराज की 650वीं जयंती के उपलक्ष्य में शुरू की गई लगभग 750 किलोमीटर लंबी कलश वंदन यात्रा का रविवार को नादौन विधानसभा क्षेत्र के ढगोह में भव्य समारोह के साथ विधिवत समापन हुआ। इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं हमीरपुर लोकसभा सांसद अनुराग सिंह ठाकुर तथा भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाल सिंह आर्य सहित भारतीय जनता पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता, संत समाज एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम में अनुराग सिंह ठाकुर के अलावा राज्यसभा सांसद सिकंदर कुमार, विधायक इंद्रदत्त लखनपाल, विधायक आशीष शर्मा, प्रदेश महिला मोर्चा महामंत्री कमलेश कुमारी, कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक सुमीत शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर, पूर्व विधायक राजिंदर राणा एवं विजय अग्निहोत्री, पूर्व जिलाध्यक्ष रघुवीर सिंह ठाकुर सहित भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। समापन समारोह को संबोधित करते हुए अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि संत शिरोमणि रविदास जी महाराज ने समाज को समानता, सामाजिक समरसता और मानवता का संदेश दिया। उनकी शिक्षाएं जाति-पंथ के भेदभाव से ऊपर उठकर समाज के प्रत्येक वर्ग को साथ लेकर चलने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि संत रविदास जी की 650वीं जयंती को केवल एक दिन तक सीमित न रखते हुए उनके विचारों और संदेश को आगामी सात महीनों तक देश के कोने-कोने तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि नादौन के ढगोह में कलश वंदन यात्रा का समापन हुआ है। इस यात्रा ने लगभग 750 किलोमीटर का सफर तय किया है। इसका उद्देश्य संत रविदास जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाना और जातिवाद से ऊपर उठकर सामाजिक समरसता एवं समाज हित की भावना को मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि संत रविदास जी का जीवन और उनकी शिक्षाएं आज भी समाज को एकता, समानता और भाईचारे की राह दिखाती हैं। भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाल सिंह आर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र के साथ सामाजिक समरसता को मजबूत करने का कार्य किया जा रहा है। संत शिरोमणि रविदास जी की 650वीं जयंती के अवसर पर देशभर में समाज सुधार और सामाजिक समरसता से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि काशी से शुरू हुए समरसता संकल्प अभियान के माध्यम से संत रविदास जी के विचारों को देश के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। इसके तहत पांच चरणों में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित होंगे। पहले चरण में राष्ट्रीय स्तर पर कार्यक्रम, दूसरे चरण में प्रदेश स्तर पर आयोजन तथा तीसरे चरण में जिला एवं मंडल स्तर पर कार्यक्रम किए जाएंगे। चौथे चरण में पंजाब, जालंधर, हिमाचल प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में कार्यक्रम आयोजित होंगे, जबकि पांचवें चरण में छात्र संपर्क अभियान के माध्यम से युवाओं को संत रविदास जी के जीवन, विचारों और सामाजिक समरसता के संदेश से जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि संत रविदास जी ने सामाजिक कुरीतियों और भेदभाव के विरुद्ध आवाज उठाते हुए समानता एवं मानवता का संदेश दिया। उनके विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और इन्हें समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाना हम सभी की जिम्मेदारी है। उल्लेखनीय है कि शनिवार को कलश वंदन यात्रा ऊना पहुंची थी, जहां सांसद अनुराग सिंह ठाकुर भी कार्यक्रम में शामिल हुए थे। रविवार को यात्रा नादौन के ढगोह पहुंची, जहां भव्य समारोह के साथ इसका समापन किया गया। संत रविदास जी की 650वीं जयंती को सामाजिक समरसता और जातिगत भेदभाव के उन्मूलन के संकल्प के साथ व्यापक स्तर पर मनाने का निर्णय लिया गया है।1
- 09 अगस्त 2026 रविवार आज की अखबारों की हिमाचल की सुर्खियां#una # Himachal Pradesh #delhi #punjab #hariyana #uttrakhand #dehradun # Shimla # solan # sirmour #kangra #bilaspur #hamirpur #mandi #chamba #kullu # लाहौल स्पीति #किन्नौर #बीजेपी #कांग्रेस #जयराम ठाकुर # हरोली #दौलतपुर #बंगाणा #देश विदेश #bjp #con #aap #hp #news #BreakingBarriers अक्षय कुमार1
- बिलासपुर-चंडीगढ़ के बीच वाहनों की आवाजाही के लिए पुलिस ने जारी किया वैकल्पिक मार्ग बिलासपुर : कीरतपुर-मनाली फोरलेन पर मैहला के पास पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण मंडी भराड़ी चौक के आगे फोरलेन पर छोटे-बड़े सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई है। जन सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए बिलासपुर पुलिस ने चंडीगढ़ और बिलासपुर के बीच आने-जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किया है। बिलासपुर पुलिस अधीक्षक अभिषेक धीमान ने जानकारी देते हुए बताया कि बिलासपुर, हमीरपुर, मंडी, कुल्लू और मनाली से चंडीगढ़ की ओर जाने वाले वाहन फोरलेन के माध्यम से मंडी भराड़ी पुल से नौणी चौक तक पहुंचेंगे। इसके बाद पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग-205 (NH-205) का इस्तेमाल करते हुए स्वारघाट और कीरतपुर की ओर जाएं1