टीकमगढ़ में 12 जून 2026 को कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय ने संबंधित अधिकारियों के साथ महेंद्र सागर तालाब को पठा तालाब से जोड़ने वाली आवक नहर पर चल रहे सुधार कार्य का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए बताया कि यह सुधार कार्य अगले तीन दिनों में पूरा कर लिया जाएगा। कलेक्टर श्री श्रोत्रिय ने जानकारी दी कि आवक नहर ग्राम पंचायत माडूमर में नन्हे जी के खेत के वेस्टवेयर पास और अस्तौन पुलिया के पास क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। इसके अतिरिक्त, सिंचाई विभाग के कार्य क्षेत्र में यादव जी के खेत के पास भी एक पुलिया क्षतिग्रस्त थी। इन सभी क्षतिग्रस्त संरचनाओं का सुधार कार्य क्रमशः ग्राम पंचायत और सिंचाई विभाग द्वारा किया जा रहा है। कलेक्टर ने सम्पूर्ण चैनल का निरीक्षण किया और क्षतिग्रस्त पुलिया/वेस्टवेयर के निर्माण कार्य की प्रगति पर अपनी संतुष्टि जताई। इस निरीक्षण के अवसर पर तहसीलदार टीकमगढ़ श्री सत्येंद्र सिंह गुर्जर, जनपद सीईओ टीकमगढ़ श्री मनीष शेंडे और ईई सिंचाई विभाग श्री दीपेंद्र सिंह कुशवाह सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं स्टाफ उपस्थित रहे।
टीकमगढ़ में 12 जून 2026 को कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय ने संबंधित अधिकारियों के साथ महेंद्र सागर तालाब को पठा तालाब से जोड़ने वाली आवक नहर पर चल रहे सुधार कार्य का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए बताया कि यह सुधार कार्य अगले तीन दिनों में पूरा कर लिया जाएगा। कलेक्टर श्री श्रोत्रिय ने जानकारी दी कि आवक नहर ग्राम पंचायत माडूमर में नन्हे जी के खेत के वेस्टवेयर पास और अस्तौन पुलिया के पास क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। इसके अतिरिक्त, सिंचाई विभाग के कार्य क्षेत्र में यादव जी के खेत के पास भी एक पुलिया क्षतिग्रस्त थी। इन सभी क्षतिग्रस्त संरचनाओं का सुधार कार्य क्रमशः ग्राम पंचायत और सिंचाई विभाग द्वारा किया जा रहा है। कलेक्टर ने सम्पूर्ण चैनल का निरीक्षण किया और क्षतिग्रस्त पुलिया/वेस्टवेयर के निर्माण कार्य की प्रगति पर अपनी संतुष्टि जताई। इस निरीक्षण के अवसर पर तहसीलदार टीकमगढ़ श्री सत्येंद्र सिंह गुर्जर, जनपद सीईओ टीकमगढ़ श्री मनीष शेंडे और ईई सिंचाई विभाग श्री दीपेंद्र सिंह कुशवाह सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं स्टाफ उपस्थित रहे।
- पलेरा, टीकमगढ़ में नगर परिषद द्वारा शहर के विकास कार्यों को लगातार गति दी जा रही है, इसी क्रम में वार्ड क्रमांक 4 में एक सीसी रोड निर्माण का भूमिपूजन संपन्न हुआ। वार्ड वासियों के लिए एक सौगात के रूप में यह सड़क हरिश्चंद्र रैकवार के मकान से गौड़ बाबा के पास तक निर्मित की जाएगी, जिसकी कुल लागत ₹40 लाख 55 हजार रुपये है। इस महत्वपूर्ण निर्माण कार्य का विधिवत शुभारंभ नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती गायत्री विनोद वर्मा ने भूमिपूजन कर किया। इस अवसर पर नगर परिषद सीएमओ सुश्री शिवी उपाध्याय, उपयंत्री सुश्री मोनिका खरे सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इनमें पार्षदगण अभय मोर, गुलाब आदिवासी, मानसिंह राय, रामकिशोर कुशवाहा, मुकेश यादव, रानू तिवारी, सांसद प्रतिनिधि सुनील खटीक, विधायक प्रतिनिधि विनोद वर्मा, कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष अशोक अहिरवार, पुष्पेंद्र सिंह, किशोरी कुशवाहा, राकेश खरे, भूपत राय, संतराम राय, विश्वदीप चौहान, मलखान यादव, अवधेश रावत और नगर के अन्य बुद्धिजीवी एवं जनप्रतिनिधि शामिल थे। नगर परिषद का लक्ष्य है कि पलेरा के हर वार्ड में सड़क, नाली और बुनियादी सुविधाओं का लगातार विस्तार हो।2
- टीकमगढ़ जिले के खरगापुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले देरी गांव में कालका माता मंदिर के पास दारूखोरी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।1
- टीकमगढ़ जिले में चल रहे पठा-माडूमर नहर संकट का समाधान अगले तीन दिनों के भीतर होने की घोषणा की गई है। इस आश्वासन के बाद क्षेत्र में जल समस्या के निवारण की उम्मीद जगी है।1
- टीकमगढ़ जिले में एक पिता ने अपनी बेटी की संदिग्ध मौत के मामले में न्याय की गुहार लगाते हुए पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है। आवेदनकर्ता बृज किशोर अहिरवार, जो ग्राम हीरानगर बावरी, थाना टीकमगढ़ देहात के निवासी हैं, ने अपनी पुत्री हसीना उर्फ रजनी अहिरवार की ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनकी पुत्री का विवाह वर्ष 2023 में जतारा थाना क्षेत्र के ग्राम मुहारा निवासी मनीष अहिरवार के साथ हुआ था। पिता ने अपने आवेदन में दावा किया है कि विवाह के समय उन्होंने अपनी क्षमतानुसार करीब 15 से 18 लाख रुपये मूल्य का सामान, जिसमें नगद राशि, एक मोटरसाइकिल और सोने-चांदी के आभूषण शामिल थे, बेटी को दिया था। इसके बावजूद, शादी के बाद पुत्री को ससुराल पक्ष द्वारा दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित किया गया। आवेदन में पति मनीष अहिरवार, ससुर हरिराम अहिरवार, सास पुष्पा अहिरवार और 'अन्य लोगों' पर दहेज प्रताड़ना के आरोप लगाए गए हैं। पीड़ित पिता ने आरोप लगाया है कि पुत्री की मौत के संबंध में जतारा थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद भी अब तक कोई 'अपेक्षित कार्रवाई' नहीं की गई है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस द्वारा की जाने वाली जांच के बाद ही इस मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।1
- छतरपुर, मध्य प्रदेश के गढ़ी मलहरा थाना क्षेत्र में एक गंभीर आपराधिक मामले के फरार आरोपियों को गिरफ्तार करने पहुंची पुलिस और आरोपियों के परिजनों के बीच विवाद की स्थिति निर्मित हो गई, जिसमें एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार, अपराध क्रमांक 128/26 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत तुलाराम अहिरवार सहित कुल आठ आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। यह मामला सेशन ट्रायल से संबंधित था। पुलिस ने बताया कि आरोपियों को लगातार थाने में उपस्थित होने के लिए सूचित किया जा रहा था। आरोपियों द्वारा पहले 15 दिन का समय मांगा गया था और बाद में परिवार में शोक होने के कारण तेरहवीं संस्कार तक का समय भी पुलिस से लिया गया था। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की परिस्थितियों को देखते हुए उन्हें पर्याप्त समय दिया गया, लेकिन तेरहवीं के बाद सभी आरोपी दिल्ली चले गए और फरार हो गए। इसी क्रम में शुक्रवार को मुख्य आरोपी तुलाराम अहिरवार अपने घर पर मौजूद मिला, जिसे हिरासत में लेने पुलिस पहुंची। पुलिस के अनुसार, आरोपी को थाने लाने के दौरान उसके परिजनों द्वारा अनावश्यक रूप से माहौल खराब करने का प्रयास किया गया। पुलिस का आरोप है कि कुछ लोग हाथों में लाठियां लेकर पुलिस टीम की घेराबंदी करते दिखाई दिए, जिसके चलते पुलिस को अपने बचाव में हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। इस दौरान, आरोपी के भाई रामू अहिरवार ने प्रधान आरक्षक बृजेश यादव पर हमला करने की नीयत से ईंट उठाई और उसे रोकने के दौरान प्रधान आरक्षक को लात मार दी। घटना के बाद पुलिस ने आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है और मामले की जांच जारी है। छतरपुर के एसपी रजत सकलेचा ने इस संबंध में अपनी बात रखी है।4
- छतरपुर के टौरिया मोहल्ले में हुई एक घटना के विरोध में आज छतरपुर शहर पूरी तरह बंद रहा। इस दौरान हिंदू संगठन ने घटना के आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने की मांग की है।1
- छतरपुर शहर के चौक बाजार सहित प्रमुख व्यापारिक क्षेत्रों में छतरपुर बंद का व्यापक असर देखने को मिल रहा है, जहाँ अधिकांश दुकानें बंद हैं। व्यापारियों ने स्वेच्छा से अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर इस बंद का समर्थन किया है। इस बंद के समर्थन में बड़ी संख्या में व्यापारी और नागरिक शामिल हुए हैं। यह बंद टौरिया कांड को लेकर हिंदूवादी संगठनों और व्यापारिक संगठनों के आह्वान पर आयोजित किया गया है। किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। शहर के प्रमुख चौराहों, बाजारों और संवेदनशील क्षेत्रों में कड़ी पुलिस बल सुरक्षा व्यवस्था की गई है, और पुलिस तथा प्रशासनिक अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। फिलहाल, शहर में माहौल शांतिपूर्ण बना हुआ है, लेकिन पूरे शहर में बंद का असर स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है।1
- आवारा पशुओं से संबंधित एक महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की गई है, जिसमें आम जनता से सतर्क रहने का आग्रह किया गया है। इस विशेष रिपोर्ट में लोगों को अपने माता-पिता और छोटे बच्चों को आवारा पशुओं से दूर रखने की सलाह दी गई है, ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।1