राखी पर्व के पूर्व खाते में पैसा आने पर देवन्ती के मन में खिला उम्मीद का उजियारा, महतारी वंदन से बेटी का भविष्य संवारने की राह हुई आसान कोरबा /रक्षाबंधन का त्योहार भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और सुरक्षा के रिश्ते को और गहरा करता है। ऐसे में ग्राम पतरापाली की देवन्ती राठिया के लिए इस बार का रक्षाबंधन केवल त्योहार नहीं, बल्कि अपने परिवार और बेटी के उज्ज्वल भविष्य को संवारने की एक नई उम्मीद लेकर आया है। उनकी खुशी आज और भी दुगनी हो गई जब उन्हें मालूम हुआ कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने रक्षाबंधन के पहले अपनी बहनों के खाते में महतारी वंदन योजना की राशि भेज दी है। करतला तहसील के ग्राम पतरापाली, पंचायत बरकोन्हा निवासी श्रीमती देवन्ती राठिया, पति श्री धजाराम राठिया, अपने चार सदस्यीय परिवार के साथ जीवन यापन करती हैं। उनके पति कृषि कार्य करते हैं। परिवार की जरूरतों को सीमित आय में पूरा करते हुए बेटी के भविष्य के लिए बचत करना उनके लिए हमेशा एक चुनौती रही है। लेकिन महतारी वंदन योजना से मिलने वाली हर माह एक हजार रुपये की राशि ने उनकी इस चिंता को काफी हद तक कम किया है। देवन्ती बताती हैं कि खाते में आने वाली यह राशि उनके लिए सिर्फ एक हजार रुपये नहीं, बल्कि परिवार की जरूरतों और बेटी के सपनों के बीच एक मजबूत सहारा है। वह इस राशि का उपयोग अपनी बेटी के सुकन्या समृद्धि योजना के खाते की मासिक किस्त जमा करने के साथ-साथ बच्चों के भरण-पोषण और घरेलू जरूरतों में करती हैं। उनका कहना है कि पहले परिवार की आमदनी से रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना ही प्राथमिकता होती थी, ऐसे में बेटी के भविष्य के लिए अलग से राशि बचाना मुश्किल था। अब महतारी वंदन योजना की राशि से वह नियमित रूप से बेटी के नाम बचत कर पा रही हैं। देवन्ती के चेहरे पर संतोष की मुस्कान के साथ यह विश्वास भी दिखाई देता है कि छोटी-छोटी बचत ही एक दिन बेटी के बड़े सपनों की नींव बनेगी। उनके लिए सुकन्या समृद्धि खाते में जमा होने वाली हर किश्त केवल पैसा नहीं, बल्कि बेटी के सुरक्षित और बेहतर भविष्य की ओर बढ़ाया गया एक कदम है। रक्षाबंधन के अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए देवन्ती कहती हैं कि एक भाई के रूप में मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश की बहनों के लिए महतारी वंदन योजना के माध्यम से हर माह एक हजार रुपये का उपहार देकर उनके जीवन में आर्थिक संबल और आत्मविश्वास बढ़ाया है। उनके लिए यह राशि बहनों के सम्मान और भाई के स्नेह का प्रतीक है। देवन्ती कहती हैं कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने महतारी वंदन योजना शुरू कर हमारे जैसे परिवारों के लिए आर्थिक समृद्धि का एक नया रास्ता खोला है। उन्हें अपनी बहनों की विशेष चिंता है जो आज त्यौहार से पहले ही खाते में हर महीने मिलने वाली राशि से मैं अपनी बेटी की सुकन्या समृद्धि की किश्त जमा कर रही हूं और घर की जरूरतों में भी मदद मिल रही है। अब मुझे लगता है कि मैं अपनी बेटी के भविष्य के लिए कुछ कर पा रही हूं। इस रक्षाबंधन पर देवन्ती के लिए सबसे बड़ा उपहार यही है कि उनकी बेटी के भविष्य की गुल्लक में हर माह एक नई उम्मीद जुड़ रही है। महतारी वंदन योजना की यह छोटी-सी आर्थिक मदद उनके लिए बेटी के सपनों को पंख देने, परिवार को संबल देने और आत्मनिर्भर भविष्य की ओर बढ़ने का माध्यम बन गई है।
राखी पर्व के पूर्व खाते में पैसा आने पर देवन्ती के मन में खिला उम्मीद का उजियारा, महतारी वंदन से बेटी का भविष्य संवारने की राह हुई आसान कोरबा /रक्षाबंधन का त्योहार भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और सुरक्षा के रिश्ते को और गहरा करता है। ऐसे में ग्राम पतरापाली की देवन्ती राठिया के लिए इस बार का रक्षाबंधन केवल त्योहार नहीं, बल्कि अपने परिवार और बेटी के उज्ज्वल भविष्य को संवारने की एक नई उम्मीद लेकर आया है। उनकी खुशी आज और भी दुगनी हो गई जब उन्हें मालूम हुआ कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने रक्षाबंधन के पहले अपनी बहनों के खाते में महतारी वंदन योजना की राशि भेज दी है। करतला तहसील के ग्राम पतरापाली, पंचायत बरकोन्हा निवासी श्रीमती देवन्ती राठिया, पति श्री धजाराम राठिया, अपने चार सदस्यीय परिवार के साथ जीवन यापन करती हैं। उनके पति कृषि कार्य करते हैं। परिवार की जरूरतों को सीमित आय में पूरा करते हुए बेटी के भविष्य के लिए बचत करना उनके लिए हमेशा एक चुनौती रही है। लेकिन महतारी वंदन योजना से मिलने वाली हर माह एक हजार रुपये की राशि ने उनकी इस चिंता को काफी हद तक कम किया है। देवन्ती बताती हैं कि खाते में आने वाली यह राशि उनके लिए सिर्फ एक हजार रुपये नहीं, बल्कि परिवार की जरूरतों और बेटी के सपनों के बीच एक मजबूत सहारा है। वह इस राशि का उपयोग अपनी बेटी के सुकन्या समृद्धि योजना के खाते की मासिक किस्त जमा करने के साथ-साथ बच्चों के भरण-पोषण और घरेलू जरूरतों में करती हैं। उनका कहना है कि पहले परिवार की आमदनी से रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना ही प्राथमिकता होती थी, ऐसे में बेटी के भविष्य के लिए अलग से राशि बचाना मुश्किल था। अब महतारी वंदन योजना की राशि से वह नियमित रूप से बेटी के नाम बचत कर पा रही हैं। देवन्ती के चेहरे पर संतोष की मुस्कान के साथ यह विश्वास भी दिखाई देता है कि छोटी-छोटी बचत ही एक दिन बेटी के बड़े सपनों की नींव बनेगी। उनके लिए सुकन्या समृद्धि खाते में जमा होने वाली हर किश्त केवल पैसा नहीं, बल्कि बेटी के सुरक्षित और बेहतर भविष्य की ओर बढ़ाया गया एक कदम है। रक्षाबंधन के अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए देवन्ती कहती हैं कि एक भाई के रूप में मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश की बहनों के लिए महतारी वंदन योजना के माध्यम से हर माह एक हजार रुपये का उपहार देकर उनके जीवन में आर्थिक संबल और आत्मविश्वास बढ़ाया है। उनके लिए यह राशि बहनों के सम्मान और भाई के स्नेह का प्रतीक है। देवन्ती कहती हैं कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने महतारी वंदन योजना शुरू कर हमारे जैसे परिवारों के लिए आर्थिक समृद्धि का एक नया रास्ता खोला है। उन्हें अपनी बहनों की विशेष चिंता है जो आज त्यौहार से पहले ही खाते में हर महीने मिलने वाली राशि से मैं अपनी बेटी की सुकन्या समृद्धि की किश्त जमा कर रही हूं और घर की जरूरतों में भी मदद मिल रही है। अब मुझे लगता है कि मैं अपनी बेटी के भविष्य के लिए कुछ कर पा रही हूं। इस रक्षाबंधन पर देवन्ती के लिए सबसे बड़ा उपहार यही है कि उनकी बेटी के भविष्य की गुल्लक में हर माह एक नई उम्मीद जुड़ रही है। महतारी वंदन योजना की यह छोटी-सी आर्थिक मदद उनके लिए बेटी के सपनों को पंख देने, परिवार को संबल देने और आत्मनिर्भर भविष्य की ओर बढ़ने का माध्यम बन गई है।
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- लगातार एम इंडिया न्यूज की टीम ने शबरी सेतु पुल, केरा रोड, तुषमा रोड को लेकर सीधे मुद्दे पर सवाल और शिकायत के बाद आज काम शुरू 25/8/2026 से 25/9/2026 तक यातायात प्रभावित रहेगा एम इंडिया न्यूज की टीम शबरी सेतु को लेकर लगातार प्रयास के बाद संबंधित विभाग सेतु विभाग, पी डब्लू डी विभाग के आलाधिकारी ने कल दुर्घटना के बाद पुल मरम्मत कार्य तेजी से मरम्मत कार्य शुरू यह 300 मी तक पुल चौक तक मरम्मत होगी शगर में कुछ ऐसे प्रतिनिधि हैं जो काम के पहले कोई बात नहीं करते जब काम शुरू होता है तो हमारी प्रयास से प्रचार प्रसार करने वाले से सावधान लगातार हमारी प्रयास और आपके सपोर्ट पर सरकार जिम्मेदार अधिकारियों से सीधे मुद्दे की बात पर खबर प्रकाशित किया गया ऐसा आपका सपोर्ट प्यार बना रहे हम नगर की अर्थव्यवस्था पर सीधे सवाल के लिए संपर्क करें 9589522219 अपने आस पास की खबर के लिए हमें फालो वाटसाप करे यदि आपको कोई समस्या परेशान विभाग से कोई प्रताड़ित या घुमाया जा रहा तो हमसे संपर्क करें धन्यवाद इसविडियो को ज्यादा से ज्यादा शेयर करे ताकि लोगों का अधिकार दिलाना हमारी प्राथमिकता है जय जोहार जय छत्तीसगढ़1
- *खबर का असर: घायल बैल के लिए तत्काल पहुंची पशु मेडिकल यूनिट, मौके पर दिया गया उपचार* धरमजयगढ़ - बीआरसी भवन के पास पिछले चार दिनों से गंभीर रूप से घायल पड़े बैल की खबर प्रकाशित होने के बाद मामले में तत्काल असर देखने को मिला है। प्रशासन ने संवेदनशीलता दिखाते हुए घायल बैल के उपचार के लिए पशु चिकित्सा मेडिकल यूनिट को मौके पर भेजा, जहां चिकित्सकीय टीम ने बैल की स्थिति का जायजा लेकर तत्काल आवश्यक दवाइयां दीं और उपचार शुरू किया। घायल बैल की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे आगे बेहतर उपचार के लिए पशु चिकित्सालय पहुंचाने पर भी विचार किया जा रहा है। चिकित्सकीय टीम द्वारा उसकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है तथा आवश्यकता के अनुसार आगे की उपचार व्यवस्था किए जाने की बात सामने आई है। इधर, वार्ड पार्षद जानू सिदार भी मौके पर पहुंचे और घायल बैल की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने मौके पर मौजूद लोगों से जानकारी ली तथा बैल के समुचित उपचार और आवश्यक देखभाल को लेकर पहल की। गौरतलब है कि बीआरसी भवन के कर्मचारियों द्वारा भी पिछले कई दिनों से घायल बैल के लिए चारा और पानी की व्यवस्था की जा रही थी। खबर सामने आने के बाद प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधि की तत्परता से अब इस बेजुबान को उपचार मिलना शुरू हो गया है। स्थानीय नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि बैल को जल्द ही सुरक्षित रूप से पशु चिकित्सालय पहुंचाकर उसका समुचित उपचार कराया जाएगा।4
- सक्ती जिले के डोंगरीडीह महाकाल यादराम बाबा धाम में अनोखी परंपरा, यहां सोमवार नहीं रविवार को होता है जलाभिषेक, सक्ती जिले के डोंगरीडीह महाकाल यादराम बाबा धाम में अनोखी परंपरा, यहां सोमवार नहीं रविवार को होता है जलाभिषेक, सक्ती जिले के मालखरौदा स्थित डोंगरीडीह के महाकाल यादराम बाबा धाम में आस्था की अनोखी परंपरा देखने को मिली। जहां देशभर में भगवान शिव का जलाभिषेक सोमवार को किया जाता है, वहीं यहां सावन के हर रविवार को बाबा को जल चढ़ाया जाता है। सावन के अंतिम रविवार को हजारों श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए उमड़ पड़े। भक्त भेड़ीकोना में बोरई और सोन नदी के संगम से जल भरकर कई किलोमीटर पैदल चलकर मंदिर पहुंचे। कई श्रद्धालु दंडवत करते हुए पहुंचे, जबकि एक कांवड़िया करीब 400 किलोमीटर दूर बैजनाथ धाम से जल लेकर महाकाल यादराम बाबा का अभिषेक करने पहुंचा। मंदिर संचालक धनीराम साहू के अनुसार रविवार को जल चढ़ाने की यह परंपरा वर्षों पुरानी है। मान्यता है कि इस दिन जलाभिषेक करने से मनोकामनाएं पूरी होती हैं और कष्ट दूर होते हैं। यही वजह है कि सावन के प्रत्येक रविवार यहां मेले जैसा माहौल देखने को मिलता है।1
- तिरंगा लेकर शिक्षकों ने सड़क पर किया प्रदर्शन, पांच सूत्री मांग पूरी नहीं हुई तो आगे होगा आंदोलन! बिलासपुर में साझा मंच के बैनर तले सैकड़ों शिक्षक अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सड़क पर उतर आए। शिक्षकों ने टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करने, मोदी की गारंटी लागू करने और वेतन विसंगति दूर करने समेत कई मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदेशभर के सभी जिला मुख्यालयों में शिक्षकों ने एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद की। बिलासपुर में भी बड़ी संख्या में शिक्षक एकत्र हुए और अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई।1
- शिक्षकों ने भरी बरसात में "टेट मुक्ति रैली" निकाल कर मुख्यमंत्री के नाम अपर कलेक्टर को सौंपे ज्ञापन टेट की अनिवार्यता को लेकर शिक्षकों में भारी आक्रोश छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा के बैनर तले शिक्षकों ने बारिश के मौसम में भीगते हुए "टेट मुक्ति रैली" निकालकर मान.मुख्यमंत्री, शिक्षामंत्री, शिक्षा सचिव और डीपीआई के नाम से अपर कलेक्टर अभिषेक राठौर को ज्ञापन सौंपकर ज्ञापन और मांगों को शासन तक पहुंचाने का आग्रह किया गया अपर कलेक्टर महोदय ने सौंपे गए ज्ञापन को शीघ्र शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। शिक्षकों में भारी आक्रोश देखने को मिला। 28 साल की सेवा करने के बाद टेट की अनिवार्यता अपने आप में एक बड़ा सवाल है। छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा के जिला संयोजक मनोज चौबे,वेदव्रत शर्मा, नित्यानंद यादव ने ज्ञापन सौंप कर संयुक्त रूप से बताया कि कोरबा जिले के शिक्षक संवर्ग आज तानसेन आईटीआई चौक में बड़ी संख्या में एकत्रित होकर रैली के शक्ल में कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर पांच बिंदुओं का मांग पत्र माननीय मुख्यमंत्री,माननीय शिक्षा मंत्री,माननीय मुख्य सचिन एवं डीपीआई के नाम ज्ञापन सौंपकर प्रमुख मांगों पर चर्चा किया गया। मनोज चौबे ने कहा कि शिक्षक संवर्ग के मांगों को पूरा करवाने के लिए प्रदेश के सबसे बड़े तीन संगठन छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन, संयुक्त शिक्षक संघ,शालेय शिक्षक संघ एकजुट होकर छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा का गठन किया गया है जिसका प्रमुख नारा है सेवा की सुरक्षा सेवा की सुविधा, "हम दिलाये हैं,हम ही दिलायेंगे। यह आंदोलन परिणाम मूलक होगा। छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा के प्रमुख मांगे टेट की अनिवार्यता समाप्त करने,पूर्व सेवा की गणना करते हुए पुरानी पेंशन का समस्त वित्तीय लाभ प्रदान करने,नई भर्ती व पदोन्नति नियम 13 फरवरी 2026 राजपत्र को संशोधन करने,वेतन विसंगति दूर करने,ब्रिज कोर्स से b.ed करने शामिल है। मोर्चा के संयोजकों ने कोरबा जिले के अंतिम छोर से एवं पांचों विकासखंड से हजारों की बड़ी संख्या में पहुंचे शिक्षकों को टेट मुक्ति रैली में शामिल होकर रैली को सफल बनाने एवं मांगों को शासन प्रशासन तक मजबूती पूर्वक रखने में सहयोग प्रदान करने के लिए धन्यवाद आभार व्यक्त किया गया।1