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अखिलेश यादव ने धार्मिक मंदिरों में हुई चोरियों की जांच अधिकारियों द्वारा किए जाने को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि उनके धर्म के मंदिरों में इस तरह की जांच होना सनातन धर्म के लिए इससे बड़ा दुर्भाग्य और कुछ नहीं हो सकता। यादव ने आगे यह सुझाव भी दिया कि यदि प्रभु श्री राम जी के मंदिर के दान में चोरी हुई है, तो कैमरे बंद करके, संबंधित लोगों को आपस में बातचीत करके चढ़ावा वापस रख देना चाहिए, जिससे यह मामला वहीं समाप्त हो जाए।
Vikash
अखिलेश यादव ने धार्मिक मंदिरों में हुई चोरियों की जांच अधिकारियों द्वारा किए जाने को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि उनके धर्म के मंदिरों में इस तरह की जांच होना सनातन धर्म के लिए इससे बड़ा दुर्भाग्य और कुछ नहीं हो सकता। यादव ने आगे यह सुझाव भी दिया कि यदि प्रभु श्री राम जी के मंदिर के दान में चोरी हुई है, तो कैमरे बंद करके, संबंधित लोगों को आपस में बातचीत करके चढ़ावा वापस रख देना चाहिए, जिससे यह मामला वहीं समाप्त हो जाए।
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- उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले की अमृतपुर तहसील के मौजा अमैयापुर में एक जमीन पर कथित अवैध कब्जे का मामला अब शासन स्तर तक पहुंच गया है। एक शिकायतकर्ता ने मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी (डीएम) और पुलिस अधीक्षक (एसपी) को प्रार्थना पत्र भेजकर आरोप लगाया है कि उनकी जमीन पर कथित रूप से 10 वर्षों से अधिक समय से कब्जा है और कई बार शिकायत तथा राजस्व टीम की पैमाइश के बावजूद आज तक अतिक्रमण नहीं हटाया गया है। प्रार्थना पत्र के अनुसार, गाटा संख्या 223, रकबा 0.166 हेक्टेयर भूमि खातेदार नरेंद्र पाल सिंह पुत्र रामपाल सिंह के नाम दर्ज है। आरोप है कि जमीन मालिक लंबे समय से गांव में नहीं रह रहे थे और जब वे वापस लौटे, तो उन्हें पता चला कि उनकी भूमि पर वर्षों से कथित रूप से कब्जा और अतिक्रमण कर लिया गया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि जमीन पर अस्थायी व स्थायी निर्माण और अन्य सामग्री रखकर कब्जा बनाए रखा गया है। इस मामले में वर्ष 2025 के दौरान राजस्व विभाग की ओर से पैमाइश भी कराई गई थी और अतिक्रमण हटाने का प्रयास किया गया था, लेकिन आरोप है कि यह कार्रवाई पूरी नहीं हो सकी। प्रार्थना पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि बाद में दोबारा राजस्व अधिकारियों द्वारा मौके का निरीक्षण और पैमाइश की गई, फिर भी कथित कब्जा बरकरार है। शिकायतकर्ता ने मनजीत उर्फ बटेश्वर पुत्र मंत्रराम, सुनीता पत्नी घनश्याम और सुखपाल पुत्र जयराम सहित 7 कब्जे धारकों को नामजद करते हुए आरोप लगाया है कि दबंगई के कारण प्रशासनिक कार्रवाई प्रभावी नहीं हो पा रही है। वर्तमान में शाहजहांपुर जनपद में निवास कर रहे पीड़ित पक्ष ने मुख्यमंत्री, डीएम और एसपी से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए अवैध कब्जा हटवाने और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि कई बार शिकायत के बाद भी उन्हें न्याय नहीं मिल सका है। इस संबंध में, अमृतपुर के नायब तहसीलदार ने कहा है कि लेखपाल, कानूनगो और पुलिस फोर्स के साथ मौके पर जाकर कब्जा मुक्त कराया जाएगा और वे स्वयं भी इसमें शामिल रहेंगे।2
- उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले के नौबस्ता क्षेत्र से जुड़ी सभी छोटी-बड़ी खबरों को जानने के लिए दर्शकों से शुरू ऐप पर लगातार अपडेट रहने का आग्रह किया गया है।1
- एनसीसी संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर 36 का विधिवत शुभारंभ हो गया है। इस महत्वपूर्ण शिविर में कुल 500 कैडेट प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं, जो विभिन्न गतिविधियों में हिस्सा लेंगे।1
- फर्रुखाबाद पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए 125 खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद किए गए इन मोबाइल फोनों का कुल मूल्य 28 लाख रुपये बताया गया है।1
- फर्रुखाबाद जिले के मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत नगला मंहड गांव, पोस्ट मौढ़ा से देव चौधरी ने एक शिकायत की है। उन्होंने बताया कि गांव में मंदिर के पास और मंदिर परिसर में जानबूझकर पानी, गोबर और अन्य कूड़ा-करकट फैलाया जा रहा है, जिससे गंदगी का अंबार लग गया है। चौधरी के अनुसार, गांव के दबंग लोग जबरदस्ती मंदिर की भूमि पर कब्जा कर चुके हैं और उसी कब्ज़ाई हुई जमीन पर यह कूड़ा-गोबर डालते हैं। इस कृत्य से मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और अन्य लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि मंदिर परिसर की तत्काल साफ-सफाई कराई जाए और मंदिर की भूमि पर कब्जा कर कूड़ा फैलाने वाले दबंगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।1
- फर्रुखाबाद में पुलिस ने लोगों के खोए हुए मोबाइल फोन वापस लौटाकर बड़ी राहत दी है, जिससे उन्हें पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। पुलिस अधीक्षक (SP) आरती सिंह ने कुल 125 खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए और उन्हें उनके वास्तविक धारकों को सौंप दिया। इन बरामद किए गए मोबाइल फोन की अनुमानित लागत लगभग 28 लाख रुपए बताई गई है। एसपी ने फतेहगढ़ के पुलिस लाइन सभागार में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान सभी मोबाइल फोन धारकों को अपने हाथों से ये फोन वितरित किए।4
- अखिलेश यादव ने धार्मिक मंदिरों में हुई चोरियों की जांच अधिकारियों द्वारा किए जाने को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि उनके धर्म के मंदिरों में इस तरह की जांच होना सनातन धर्म के लिए इससे बड़ा दुर्भाग्य और कुछ नहीं हो सकता। यादव ने आगे यह सुझाव भी दिया कि यदि प्रभु श्री राम जी के मंदिर के दान में चोरी हुई है, तो कैमरे बंद करके, संबंधित लोगों को आपस में बातचीत करके चढ़ावा वापस रख देना चाहिए, जिससे यह मामला वहीं समाप्त हो जाए।1