बारां जिले के कसबाथाना क्षेत्र में वन विभाग ने मंगलवार को वन भूमि पर किए जा रहे अवैध अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया। इस कार्रवाई के तहत वनखंड ओगाड़-बी के धूपघाटा घाटी, नाका आगर और मांडा नाका क्षेत्रों में अवैध रूप से बनाई गई झोपड़ियों को ध्वस्त कर वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। इस अभियान की जानकारी मंगलवार शाम 5 बजे मिली थी। यह सख्त कार्रवाई उप वन संरक्षक बारां, श्री बड़े विवेकानंद माणिकराव के आदेशानुसार और क्षेत्रीय वन अधिकारी शाहाबाद के निर्देशन में की गई। वन विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और भविष्य में भी वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। अभियान के दौरान रेंज शाहाबाद का गश्ती दल और नाका आगर का समस्त वन स्टाफ मौके पर मौजूद रहा, जिन्होंने इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
बारां जिले के कसबाथाना क्षेत्र में वन विभाग ने मंगलवार को वन भूमि पर किए जा रहे अवैध अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया। इस कार्रवाई के तहत वनखंड ओगाड़-बी के धूपघाटा घाटी, नाका आगर और मांडा नाका क्षेत्रों में अवैध रूप से बनाई गई झोपड़ियों को ध्वस्त कर वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। इस अभियान की जानकारी मंगलवार शाम 5 बजे मिली थी। यह सख्त कार्रवाई उप वन संरक्षक बारां, श्री बड़े विवेकानंद माणिकराव के आदेशानुसार और क्षेत्रीय वन अधिकारी शाहाबाद के निर्देशन में की गई। वन विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और भविष्य में भी वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। अभियान के दौरान रेंज शाहाबाद का गश्ती दल और नाका आगर का समस्त वन स्टाफ मौके पर मौजूद रहा, जिन्होंने इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
- बारां जिले के कसबाथाना क्षेत्र में वन विभाग ने मंगलवार को वन भूमि पर किए जा रहे अवैध अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया। इस कार्रवाई के तहत वनखंड ओगाड़-बी के धूपघाटा घाटी, नाका आगर और मांडा नाका क्षेत्रों में अवैध रूप से बनाई गई झोपड़ियों को ध्वस्त कर वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। इस अभियान की जानकारी मंगलवार शाम 5 बजे मिली थी। यह सख्त कार्रवाई उप वन संरक्षक बारां, श्री बड़े विवेकानंद माणिकराव के आदेशानुसार और क्षेत्रीय वन अधिकारी शाहाबाद के निर्देशन में की गई। वन विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और भविष्य में भी वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। अभियान के दौरान रेंज शाहाबाद का गश्ती दल और नाका आगर का समस्त वन स्टाफ मौके पर मौजूद रहा, जिन्होंने इस कार्रवाई को अंजाम दिया।1
- जनपद पंचायत नरवर में एक जनकल्याण शिविर का आयोजन किया गया, जहाँ केंद्र सरकार और मध्य प्रदेश सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनहितैषी योजनाओं की विस्तृत जानकारी आमजन को प्रदान की गई। इस कार्यक्रम के दौरान, मंच से उपस्थित नागरिकों को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही, पात्र हितग्राहियों से इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने का भी आग्रह किया गया।1
- मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के भौंती थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम भयावन में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहां कथित रूप से गांव के ही कुछ लोगों द्वारा प्राइवेट डॉक्टर प्रभान लोधी की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस घटना के बाद भौंती थाने पर जाम लग गया और पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है।1
- करेरा नगर परिषद द्वारा अनाज मंडी से झांसी तिराहे तक कराए जा रहे नाला निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप सामने आए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण में गुणवत्ता की खुलेआम अनदेखी की जा रही है और सरकारी धन का दुरुपयोग करके भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है। ठेकेदार पर निर्धारित मानकों का पालन न करने का आरोप है, जिसमें नाले के निर्माण में कम और निम्न गुणवत्ता की सरिया का उपयोग तथा सीमेंट और रेत की जगह घटिया सामग्री एवं 'जस्ट' (dust/waste) के प्रयोग की चर्चा है। नागरिकों ने आशंका जताई है कि यदि ये आरोप सही साबित हुए तो लाखों रुपये की लागत से बन रहा यह नाला पहली ही बरसात में ध्वस्त हो सकता है। निर्माण स्थल पर नाले का काम कई जगहों पर अधूरा पड़ा होने के बावजूद भुगतान प्रक्रिया जारी रहने की खबरें हैं, जिससे नगर परिषद की कार्यप्रणाली और उसकी निगरानी व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न लग गया है। आरोपों के अनुसार, संबंधित अधिकारियों की मिलीभगत के बिना इतनी बड़ी अनियमितताएं संभव नहीं हैं। सूत्रों ने नगर परिषद के जिम्मेदार इंजीनियर और ठेकेदार के बीच सांठगांठ की संभावना व्यक्त की है, क्योंकि निर्माण कार्यों में लगातार मिल रही खामियां गुणवत्ता नियंत्रण के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की ईमानदारी पर सवाल उठाती हैं। नगरवासियों ने शिवपुरी कलेक्टर, लोकायुक्त और शासन स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों से इस पूरे निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय तकनीकी जांच कराने की मांग की है। उन्होंने उपयोग की गई सामग्री के नमूने परीक्षण के लिए भेजने और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की अपील की है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जनता के टैक्स के पैसों से होने वाले विकास कार्यों में इसी तरह भ्रष्टाचार होता रहा, तो विकास केवल कागजों तक ही सीमित रहेगा और जमीनी हकीकत पहली बारिश में बह जाएगी।1
- शिवपुरी के पिपरसमा में हुई घटना कई गंभीर सवाल खड़े करती है, जिस पर निष्पक्ष जांच की मांग की गई है, खासकर यदि युवक-युवती ने अपनी मर्जी से विवाह किया था। इस मामले से जुड़ी जाटव समाज के परिवारों को मिल रही धमकियों और उनके गांव छोड़ने की खबरें बेहद चिंताजनक हैं। संविधान हर नागरिक को सुरक्षा, समानता और अपनी पसंद से जीवन जीने का अधिकार देता है, इसलिए प्रशासन को सभी नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए। किसी भी स्थिति में हिंसा, धमकी और सामाजिक उत्पीड़न अस्वीकार्य है, और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की अपेक्षा की गई है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे।1
- पुलिस अधीक्षक यांगचेन डोलकर भूटिया, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव मुले और एस.डी.ओ.पी. प्रशांत शर्मा के मार्गदर्शन में, थाना करैरा पुलिस ने अबैध रेत उत्खनन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली थी कि झंडा और गदाई के बीच आम सड़क पर अवैध बजरी से भरे दो ट्रैक्टर-ट्रॉली खड़े हैं। सूचना मिलने पर जब पुलिस बताए गए स्थान पर पहुँची तो वहाँ बोडी से ऊपर तक ओवरलोड बजरी से भरे दो ट्रैक्टर-ट्रॉली मिले, जिनके चालक मौके पर मौजूद नहीं थे और तलाश करने पर भी नहीं मिले। पुलिस ने मौके से एक लाल रंग का स्वराज 855 ट्रैक्टर (बिना नंबर, इंजन नंबर 8555003/SSCH54137) को, जिसमें ओवरलोड बजरी (रेत) भरी थी, उसकी ट्रॉली सहित जब्त किया। इसके अतिरिक्त, एक नीले रंग का न्यू हॉलैंड कंपनी का 3630 ट्रैक्टर (बिना नंबर, चेसिस नंबर NHNH36307S0750445) भी जब्त किया गया, जिसकी ट्रॉली में बॉडी से ऊपर तक तीन लकड़ी के पटिए लगाकर अबैध रूप से ओवरलोड बजरी (रेत) भरी हुई थी। दोनों वाहनों और उनके स्वामियों के विरुद्ध खनिज अधिनियम के तहत वैधानिक कार्यवाही की गई है, और यह प्रकरण खनिज विभाग शिवपुरी को भेज दिया गया है। पुलिस ने बताया है कि इस मामले में आरोपीगणों की तलाश अभी जारी है।3
- मंगलवार सुबह मिली जानकारी के अनुसार, समरानियां कृषि उपज मंडी में किसानों के साथ एक बड़ी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक व्यापारी पर किसानों से उपज खरीदने के बाद लगभग 1.20 करोड़ रुपये का भुगतान नहीं करने और फिर फरार होने का आरोप है। किसानों का कहना है कि अपनी फसल बेचने के बावजूद भुगतान न मिलने के कारण उन्हें गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। इस घटना के विरोध में, भारतीय किसान संघ के तहसील अध्यक्ष राधेश्याम मेहता के नेतृत्व में किसानों ने नायब तहसीलदार को एक ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की है कि आरोपी व्यापारी को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और किसानों की बकाया राशि का भुगतान सुनिश्चित किया जाए। मामले में पुलिस जांच जारी है।1
- मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में एक निजी चिकित्सक, प्रभान लोधी, की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई है। यह घटना पिछोर के भयावन गांव में हुई। इस निर्मम हत्या के बाद, मृतक डॉक्टर के परिजनों ने अपना विरोध दर्ज कराते हुए थाने के सामने शव रखकर सड़क जाम कर दिया।1