EVM को बिना अदला बदली किए केवल इनसाइड टेंपरिंग द्वारा - जोकि Symbol Loading File और vvpat के काले काँच और लाइट सेंसर द्वारा केवल 10 लोगों की मदद से लाखों-करोड़ों वोटों को चुराया जा सकता है। . eci बहुत-बहुत चालाक है वह inside tempring को हैकिंग की तरफ लेकर जा रहा है , बल्कि evm को hack नहीं Inside temper किया जा सकता है। . eci मतदाताओं से vvpat के काले काँच और लाइट सेंसर की जानकारी छुपा रहा है , eci ने 2017 में vvpat के पारदर्शी काँच को बदलकर गहरा काला काँच कर दिया है , जो vvpat की पर्ची को अंधेरे में छुपा सकता है। EVM Hatao Sena EVM को बिना अदला बदली किए केवल इनसाइड टेंपरिंग द्वारा - जोकि Symbol Loading File और vvpat के काले काँच और लाइट सेंसर द्वारा केवल 10 लोगों की मदद से लाखों-करोड़ों वोटों को चुराया जा सकता है। . eci बहुत-बहुत चालाक है वह inside tempring को हैकिंग की तरफ लेकर जा रहा है , बल्कि evm को hack नहीं Inside temper किया जा सकता है। . eci मतदाताओं से vvpat के काले काँच और लाइट सेंसर की जानकारी छुपा रहा है , eci ने 2017 में vvpat के पारदर्शी काँच को बदलकर गहरा काला काँच कर दिया है , जो vvpat की पर्ची को अंधेरे में छुपा सकता है। EVM Hatao Sena
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- स्वतंत्रता सेनानी के बेटे 2 साल से लगा रहे हैं चक्कर नहीं मिल रहा है न्याय बिहार के दरभंगा जिला के बहादुर प्रखंड के भरतपुर निवासी जिनके पिता स्वतंत्रता सेनानी थे उनके पुत्र राजेश पासवान जिन्हें सरकार द्वारा जमीन का पर्चा भी दिया गया था और जिसका साक्षी भी उनके पास मौजूद है 2 साल से करते थे बाहर में मजदूरी भरोसे पर दे दिए थे जमीन जब उन्हें पता चला कि मेरे जमीन पर कोई कब्जा कर उसे बिक्री कर रहा है तो वह अपने गांव आए और 2 साल से सभी जगह आवेदक रजिस्ट्री ऑफिस हो या अंचलाधिकारी या थाना के पास लेकिन अभी तक उन्हें नहीं मिल रहा है जमीन पर लग गया है 144 आखिर क्या सरकार द्वारा दिया गया जमीन का पर्चा फर्ज है यह एक बहुत बड़ा सवाल उठता है और कहा जाता है कि अगर कोई से मदद करेगा या इसे अगर ऐसी बात रहेगी तो उसे जान से मारने की धमकी भी कहीं जा रही है उन्होंने मीडिया से बात करते हुए अपनी दास्तान सुनाएं इसे आप भी देखिए और इसे ज्यादा से ज्यादा शेयर करें क्या आखिर इस देश में लोकतंत्र खतरे में है क्या एक स्वतंत्र सेनानी के बेटे जो मजदूरी कर अपना जीवन यापन करते हैं उनके साथ ऐसा होना सही है आपकी क्या प्रतिक्रिया है उसे कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं और इसे इतना शेयर करें ताकि देश के हर जगह हर कोने तक किया फैल सके और उन्हें न्याय मिले आपकी क्या प्रतिक्रिया हमें जरूर बताएं अगर आपके आसपास कोई घटना दुर्घटना की जानकारी हो तो हमारे दिए गए नंबर पर जरूर संपर्क करें 75499079571
- BreakingNews नेपाल में अचानक बाढ़ के बाद बिहार में भी हाई अलर्ट, बिहार के 6 जिलों मे सतर्कता बढ़ाई..हालात से निपटने के लिए NDRF टीमें अलर्ट मोड पर सुनिए सीतामढ़ी जिलाधिकारी तनय सुल्तानिया क्या बोले अफबाहो पर ध्यान ना दे बिहार1
- अलर्ट प्राप्त सूचनानुसार चीन देश में Dam Burst हो जाने के कारण नेपाल देश में स्थित नारायणी नदी में अत्यधिक मात्रा में पानी छोड़ने से सीमावर्ती ज़िलों (पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सीवान, सारण एवं मुजफ्फरपुर) के साथ-साथ वैशाली ज़िले की गंडक एवं गंगा नदी में अत्यधिक मात्रा में पानी का प्रवाह होने से नदी में अचानक जल स्तर बढ़ने की संभावना है। गंडक एवं गंगा नदी के किनारे बसे वैशाली ज़िले के निचले स्तर की आबादी वाले क्षेत्रों (मुख्यतः वैशाली, लालगंज, हाजीपुर, राघोपुर, बिदुपुर, देसरी, सहदेई बुजुर्ग एवं महनार प्रखंड) में बाढ़ आने की संभावना बन सकती है। अतः उपरोक्त स्थिति को देखते हुए नदी के किनारे बसे संबंधित प्रखंडों के निचले स्तर की आबादी सुरक्षित रूप से उच्च शरण स्थलों पर चले जाएँ। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आगामी 48 घंटे अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। आम नागरिकों से अपील है कि वे नदी किनारे या अन्य किसी भी जलस्रोत के पास बिल्कुल न जाएँ। नोट :- किसी भी आपात स्थिति में जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (DEOC), वैशाली, हाजीपुर के निम्नांकित संपर्क सूत्र पर संपर्क किया जा सकता है। जिला प्रशासन आपदा संबंधी हर संभव सहाय्य कार्य हेतु 24x7 प्रतिबद्ध है। दूरभाष संख्या :- 06224-260233 / 06224-260234 मोबाईल संख्या :- 9470082146 जिला प्रशासन, वैशाली, हाजीपुर।2
- सहोड़ा गांव में धूमधाम से मनाई गई राजा सलहेश पूजा, तलवार पर खड़े होकर दिखाए गए.. हायाघाट प्रखंड क्षेत्र के आनंदपुर सिहोड़ा पंचायत स्थित सहोड़ा गांव अखाड़ा परिसर में सदियों पुरानी परंपरा के तहत राजा सलहेश पूजा धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। पूजा के दौरान पजियार ने तलवार पर खड़े होने समेत कई तरह के हैरतअंगेज करतब दिखाकर लोगों को रोमांचित किया। वहीं, राजा सलहेश मंदिर के निर्माण कार्य को भी जोर-शोर से आगे बढ़ाया जा रहा है। पूजा समिति और स्थानीय लोगों के सहयोग से मंदिर का निर्माण कराया जा रहा है। इस दौरान मुखिया कृष्णकांत चौधरी, दीपक कुमार झा, मनीष सिंह, रंजीत भगत, अशोक पासवान, रंजीत पासवान, विनोद पासवान, विजय पासवान, सूर्या पासवान, दिलीप राय, देवकांत राय, रामबाबू पासवान अमरजीत पासवान समेत सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।1
- दरभंगा में ईद मिलादुन्नबी के मौके पर जुलूसे मोहम्मदी निकाला गया। किलाघाट से निकला जुलूस नारे तकबीर और नारे रिसालत की गूंज के बीच शहर के विभिन्न इलाकों से गुजरते हुए वापस मदरसा हमीदिया पहुंचा। हजारों की संख्या में लोग जुलूस में शामिल हुए। जुलूस सुबह 7:39 बजे मदरसा हमीदिया किलाघाट से शुरू हुआ। नीम चौक, उर्दू बाजार, रहमखां, करमगंज, दारूभट्टी चौक और रहमगंज होते हुए खान चौक पहुंचा। यहां विभिन्न मोहल्लों के जुलूस भी इसमें शामिल हुए। इसके बाद जुलूस मौलागंज, मिर्जापुर, दरभंगा टावर और मशरफ बाजार होते हुए किलाघाट पहुंचा, जहां सलाम और दुआ के बाद समापन हुआ। दरभंगा में ईद मिलादुन्नबी के मौके पर जुलूसे मोहम्मदी निकाला गया। किलाघाट से निकला जुलूस नारे तकबीर और नारे रिसालत की गूंज के बीच शहर के विभिन्न इलाकों से गुजरते हुए वापस मदरसा हमीदिया पहुंचा। हजारों की संख्या में लोग जुलूस में शामिल हुए। जुलूस सुबह 7:39 बजे मदरसा हमीदिया किलाघाट से शुरू हुआ। नीम चौक, उर्दू बाजार, रहमखां, करमगंज, दारूभट्टी चौक और रहमगंज होते हुए खान चौक पहुंचा। यहां विभिन्न मोहल्लों के जुलूस भी इसमें शामिल हुए। इसके बाद जुलूस मौलागंज, मिर्जापुर, दरभंगा टावर और मशरफ बाजार होते हुए किलाघाट पहुंचा, जहां सलाम और दुआ के बाद समापन हुआ। जुलूस में बच्चे, बुजुर्ग और युवा हाथों में झंडे लिए शामिल हुए। जगह-जगह लोगों ने पानी, चाय और तबर्रुक का इंतजाम किया। जिला प्रशासन और शांति समिति की टीम भी जुलूस की निगरानी करती नजर आई। आयोजकों के अनुसार, 12 रबीउल अव्वल के मौके पर हर साल यह जुलूस निकाला जाता है। इस दौरान मिलाद, कुरानखानी और जरूरतमंदों को भोजन कराने जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। एंकर आउट: जुलूसे मोहम्मदी के जरिए लोगों ने पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहो अलैहि वसल्लम के अमन, शांति, भाईचारे और मोहब्बत के संदेश को याद किया।1
- हाँ, इस बात को सकारात्मक और कानून के दायरे में जनता तक पहुँचाना बेहतर रहेगा—अधिकारी की ईमानदारी की सराहना भी हो और जनता को यह संदेश भी मिले कि किसी भी काम के लिए बिचौलिये या कमीशन की जरूरत नहीं है। हाँ, इस बात को सकारात्मक और कानून के दायरे में जनता तक पहुँचाना बेहतर रहेगा—अधिकारी की ईमानदारी की सराहना भी हो और जनता को यह संदेश भी मिले कि किसी भी काम के लिए बिचौलिये या कमीशन की जरूरत नहीं है।1
- 🚨 बिहार में गंडक को लेकर बड़ा अलर्ट! बिहार के आधिकारिक Flood Forecast में डुमरियाघाट (गोपालगंज) में गंडक खतरे के निशान से ऊपर, जबकि रेवाघाट (मुजफ्फरपुर), हाजीपुर और बगहा में गंडक चेतावनी स्तर से ऊपर दर्ज है। नेपाल की बाढ़ का पानी ट्रिशूली नदी के रास्ते गंडक सिस्टम में आने की वजह से अगले कुछ घंटे महत्वपूर्ण हैं। हालांकि अधिकारियों ने फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं बताई है और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। 👉 नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोग अफवाहों से बचें और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। स्थिति बदल सकती है—ताजा अपडेट के लिए जुड़े रहें।1
- नेपाल-तिब्बत सीमा पर 26 अगस्त 2026 को ग्लेशियर/चट्टान टूटने और भूकंपीय हलचल के कारण भोटेकोशी, त्रिशूली और ल्हांदे नदियों में भीषण (अचानक बाढ़) आया है। नुकसान की स्थिति: जान-माल की क्षति: 95 से अधिक लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और कई सौ लोग लापता हैं। लापता लोग: लगभग 380+ पर्यटक (जिनमें 100 से अधिक भारतीय शामिल हैं) और दर्जनों स्थानीय व सुरक्षाकर्मी लापता हैं। इंफ्रास्ट्रक्चर: 19 से अधिक पुल, सड़कों के कई किलोमीटर हिस्से और हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट (बिजली परियोजनाएं) बह गए हैं या बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। भारत पर असर: बिहार और यूपी में अलर्ट: नेपाल से आ रही नदियों (जैसे गंडक, कोशी और त्रिशूली) का जलस्तर तेजी से बढ़ने के कारण बिहार के 6 सीमावर्ती जिलों और पूर्वी उत्तर प्रदेश के निचले इलाकों में हाई अलर्ट जारी किया गया है। निकासी कार्य: बिहार प्रशासन ने निचले इलाकों से करीब 5,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना शुरू कर दिया है। राहत और मदद: भारत सरकार ने वायुसेना (C-17 और C-130J विमानों) के ज़रिए नेपाल में तुरंत 10 टन राहत सामग्री, दवाएं और बचाव टीमें भेजी हैं।1