अयोध्या जिले के हैरिंग्टनगंज विकासखंड के ग्राम उरूवा वैश्य, पूरे डडवा स्थित प्राचीन नटवीर बाबा स्थान पर शनिवार, 30 मई 2026 को अखंड रामायण पाठ का शुभारंभ श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ किया गया। इस धार्मिक आयोजन में क्षेत्र के श्रद्धालुओं और ग्रामवासियों ने बड़ी संख्या में अपनी सहभागिता दर्ज कराई। आयोजकों ने बताया कि अखंड रामायण पाठ का समापन रविवार, 31 मई को होगा, जिसके बाद विधि-विधान से हवन-पूजन संपन्न कराया जाएगा। दोपहर 3 बजे से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया है, जिसमें क्षेत्र के सभी श्रद्धालुओं और आमजन को प्रसाद ग्रहण करने के लिए आमंत्रित किया गया है। ग्रामवासी राम-लखन विश्वकर्मा ने जानकारी दी कि प्रत्येक वर्ष ज्येष्ठ पूर्णिमा के अवसर पर नटवीर बाबा स्थान पर ऐसे धार्मिक अनुष्ठान और विशाल भंडारे का आयोजन किया जाता है। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों की नटवीर बाबा के प्रति गहरी आस्था है और ऐसी मान्यता है कि सच्चे मन से मन्नत मांगने पर मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, जिसके चलते हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। यह पूरा आयोजन गांव के सभी लोगों के सहयोग से संपन्न कराया जा रहा है। सुनील विश्वकर्मा, क्षेत्र पंचायत सदस्य सुनील कुमार वर्मा, मित्रसेन यादव, रघुनाथ यादव, शिवशंकर यादव, सुरेश कुमार विश्वकर्मा, राकेश गिरी, गंगाप्रसाद गोस्वामी, रामबदल, रामकरन, अनंत राम गोस्वामी सहित समस्त ग्रामवासी इसे सफल बनाने में विशेष योगदान दे रहे हैं। इस धार्मिक आयोजन को लेकर पूरे गांव में उत्साह एवं श्रद्धा का वातावरण बना हुआ है।
अयोध्या जिले के हैरिंग्टनगंज विकासखंड के ग्राम उरूवा वैश्य, पूरे डडवा स्थित प्राचीन नटवीर बाबा स्थान पर शनिवार, 30 मई 2026 को अखंड रामायण पाठ का शुभारंभ श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ किया गया। इस धार्मिक आयोजन में क्षेत्र के श्रद्धालुओं और ग्रामवासियों ने बड़ी संख्या में अपनी सहभागिता दर्ज कराई। आयोजकों ने बताया कि अखंड रामायण पाठ का समापन रविवार, 31 मई को होगा, जिसके बाद विधि-विधान से हवन-पूजन संपन्न कराया जाएगा। दोपहर 3 बजे से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया है, जिसमें क्षेत्र के सभी श्रद्धालुओं और आमजन को प्रसाद ग्रहण करने के लिए आमंत्रित किया गया है। ग्रामवासी राम-लखन विश्वकर्मा ने जानकारी दी कि प्रत्येक वर्ष ज्येष्ठ पूर्णिमा के अवसर पर नटवीर बाबा स्थान पर ऐसे धार्मिक अनुष्ठान और विशाल भंडारे का आयोजन किया जाता है। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों की नटवीर बाबा के प्रति गहरी आस्था है और ऐसी मान्यता है कि सच्चे मन से मन्नत मांगने पर मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, जिसके चलते हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। यह पूरा आयोजन गांव के सभी लोगों के सहयोग से संपन्न कराया जा रहा है। सुनील विश्वकर्मा, क्षेत्र पंचायत सदस्य सुनील कुमार वर्मा, मित्रसेन यादव, रघुनाथ यादव, शिवशंकर यादव, सुरेश कुमार विश्वकर्मा, राकेश गिरी, गंगाप्रसाद गोस्वामी, रामबदल, रामकरन, अनंत राम गोस्वामी सहित समस्त ग्रामवासी इसे सफल बनाने में विशेष योगदान दे रहे हैं। इस धार्मिक आयोजन को लेकर पूरे गांव में उत्साह एवं श्रद्धा का वातावरण बना हुआ है।
- मिल्कीपुर, अयोध्या के हैरिंग्टनगंज विकासखंड क्षेत्र में स्थित अहरन सुवंश के शिव मंदिर महादेवन में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के तृतीय दिवस पर श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। शुक्रवार को कथा स्थल पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे पूरा पंडाल भक्ति गीतों, हरिनाम संकीर्तन और जयघोष से गूंज उठा और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। कथावाचक पंडित अंकित महाराज ने इस अवसर पर श्रीमद्भागवत महापुराण के विभिन्न प्रसंगों का भावपूर्ण एवं प्रेरणादायी वर्णन किया। उन्होंने ध्रुव चरित्र, जड़भरत और भक्त प्रह्लाद की कथा का विस्तार से वर्णन करते हुए बताया कि अटूट श्रद्धा, दृढ़ संकल्प और भगवान के प्रति पूर्ण समर्पण से असंभव कार्य भी संभव हो जाते हैं। महाराज श्री ने ध्रुव की तपस्या और भक्त प्रह्लाद की अडिग भक्ति का उदाहरण देते हुए यह भी कहा कि सच्चे भक्त की रक्षा स्वयं भगवान करते हैं। उनकी ओजस्वी वाणी सुनकर कई श्रद्धालु भावविभोर हो उठे और भजन-कीर्तन में शामिल होकर भक्ति भाव में झूमते नजर आए। कथावाचक ने आगामी दिवस पर ठाकुर जी के जन्मोत्सव को भव्य रूप से मनाए जाने की जानकारी दी और अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होने का आह्वान किया। इस धार्मिक आयोजन के मुख्य यजमान श्रीमती प्रभावती और श्री दुर्गा प्रसाद शुक्ला रहे। आयोजन समिति में रामचरित शुक्ला, जगदीश शुक्ला, शिवकांत शुक्ला, अनिरुद्ध शुक्ला, अर्थव शुक्ला, अच्युतम शुक्ला, अगस्त्य शुक्ला, विनय कुमार, सरदार शुक्ला, रणजीत शुक्ला, दीपू सिंह और भीम सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन सामूहिक आरती एवं प्रसाद वितरण के साथ हुआ, जिसने अहरन सुवंश को भक्ति रस में डुबो दिया।1
- बीकापुर क्षेत्र के बीजेपी विधायक डॉक्टर अमित सिंह चौहान ने प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने के विषय पर अपनी बात रखी है।1
- अयोध्या को मुख्यमंत्री योगी की ओर से एक और नई और बड़ी सौगात मिली है, जहाँ अब एक भव्य "लवकुश पार्क" का निर्माण किया जाएगा। यह पार्क 17.72 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होगा, जिसमें "वेस्ट टू आर्ट" की थीम पर रामायण के विभिन्न प्रसंगों को 3D और लाइट-साउंड तकनीक के माध्यम से जीवंत किया जाएगा। इस "लवकुश पार्क" को अयोध्या के मऊशिवाला क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा। इस पहल से क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन और संस्कृति को एक नया आयाम मिलने की उम्मीद है।1
- जनपद अयोध्या के बीकापुर तहसील में किसान मस्त राम वर्मा का चार दिनों से चल रहा अनशन प्रशासन ने 24 घंटे के भीतर ही तुड़वा दिया। शुक्रवार की रात करीब 11 बजे नायब तहसीलदार राम खेलावन ने तारुन और बीकापुर के कोतवाल के साथ मिलकर शहीद स्मारक पर किसान से वार्ता की। इस वार्ता के बाद किसान मस्त राम वर्मा को जूस पिलाकर उनका अनशन समाप्त कराया गया, जिसके बाद किसान अपने गांव लौट गया। किसान का आरोप था कि SDM और नायब उन्हें पुराने घर के स्थान पर नया घर बनाने नहीं दे रहे थे, क्योंकि इस संबंध में कोई मुकदमा चल रहा है। प्रशासन के हरकत में आने से पहले बकरीद के दिन LIU ने भी अपनी रिपोर्ट प्रशासन को सौंपी थी, जिसके बाद SDM बीकापुर ने इस प्रकरण का संज्ञान लिया था। इसी पृष्ठभूमि में किसान और प्रशासन के बीच सौहार्दपूर्ण बातचीत हुई, जिसके परिणामस्वरूप यह मामला निपट गया।1
- रानू पाली चौकी से संबंधित एक मामले में, एक किसान की जमीन पर रात करीब 7:30 बजे जबरन कब्जा कर लिया गया है। यह घटना किसान की भूमि पर अवैध अधिकार जमाने से जुड़ी है।1
- अयोध्या के नगर निगम अंतर्गत आचार्य नरेंद्र वार्ड में चल रहा नाली निर्माण कार्य प्रशासनिक लापरवाही और गंभीर भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ता दिख रहा है। शासन की स्पष्ट मंशा और जिलाधिकारी व नगर आयुक्त के सख्त आदेशों के बावजूद, निर्माण की जमीनी हकीकत बड़े घोटाले की ओर इशारा कर रही है। नियमावली के तहत 4:1 के मसाले और 'अव्वल दर्जे' की ईंटों का उपयोग होना चाहिए, लेकिन मौके पर इन मानकों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। स्थानीय पार्षद अनूप श्रीवास्तव ने भी इन अनियमितताओं की पुष्टि की है। उन्होंने अधिकारियों को मनमानी की जानकारी दी थी, पर इसके बावजूद स्थिति नहीं बदली। जब निर्माण की देखरेख के लिए जिम्मेदार जेई अमित जायसवाल से मानकों के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने '4:1 के मसाले और अव्वल ईंट' का रटा-रटाया जवाब दिया। हालांकि, जब उनसे मौके पर मानकों का पालन न होने और वीडियो-फोटो साक्ष्य देखने का आग्रह किया गया, तो वे सवालों का सामना नहीं कर पाए और बात पूरी होने से पहले ही फोन काट दिया। बाद में उन्होंने जवाबदेही से बचने के लिए दोबारा कॉल उठाना भी मुनासिब नहीं समझा। जेई की यह चुप्पी केवल जवाबदेही से कतराना ही नहीं, बल्कि जानबूझकर अपनी गलतियों को छुपाने और जनता व मीडिया से दूरी बनाने का प्रमाण है। इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं: क्या नाली का निर्माण पुरानी संरचना को खोदकर किया जा रहा है या पुरानी नाली के ऊपर ही नई जुड़ाई हो रही है? यदि नाली के ऊपर नाली बन रही है, तो क्या यह तकनीकी रूप से सफल और टिकाऊ होगी? वार्ड में कुल कितनी नाली नई बननी हैं और कुल कार्य की लंबाई क्या है? क्या स्वीकृत बजट और कार्य की वास्तविक गुणवत्ता में कोई तालमेल है? मुख्यमंत्री के स्पष्ट आदेशों के बावजूद, क्या जेई साहब को इन आदेशों की अनदेखी करने की खुली छूट मिली है? क्या ठेकेदार को अनुचित लाभ पहुँचाने के लिए अधिकारियों द्वारा जानबूझकर गुणवत्ता से समझौता किया जा रहा है? आखिर नगर निगम का बजट आम जनता की सुविधा के लिए है या ठेकेदारों की जेब भरने के लिए? आचार्य नरेंद्र वार्ड की जनता देख रही है कि आधे से ज्यादा निर्माण पूरा हो चुका है। अब सवाल यह है कि बचे हुए हिस्से में क्या प्रशासन कोई सुधार करेगा या कागजी खानापूर्ति के जरिए भ्रष्टाचार की इस फाइल को भी दबा दिया जाएगा। नगर आयुक्त और डीएम साहब के सख्त आदेशों के बावजूद जेई साहब की यह 'गर्मी' और सवालों से भागने की आदत कहीं न कहीं विकास के दावों की धज्जियां उड़ा रही है। अब देखना यह है कि इस भ्रष्टाचार पर लीपा-पोती होती है या जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जाती है।1
- अयोध्या कैंट क्षेत्र में स्थित जमथरा बांध को भारी भरकम वाहनों के लगातार आवागमन से नुकसान पहुँचा है। वाहनों के दबाव के कारण बांध की संरचना क्षतिग्रस्त हो गई है।1
- अयोध्या के हैरिंग्टनगंज विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत अछोरा में निर्मित आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालन के अभाव में बदहाल स्थिति में पहुंच गया है। भवन बनने के बाद से ही नियमित रूप से न खुलने के कारण ग्रामीणों को प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है, जिससे क्षेत्र के लोगों में नाराजगी व्याप्त है। दैनिक भास्कर संवाददाता द्वारा ग्रामीणों से की गई बातचीत में रामचंद्र, जगप्रसाद, श्रीनाथ, राम मनोरथ और सुनील यादव ने बताया कि आरोग्य मंदिर का भवन तो तैयार है, लेकिन यहां न तो कोई स्वास्थ्यकर्मी बैठता है और न ही इसका ताला नियमित रूप से खुलता है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि यह केंद्र संचालित हो जाए तो उन्हें छोटी-मोटी बीमारियों के इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तक नहीं जाना पड़ेगा और गांव में ही स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। लंबे समय से बंद पड़े होने के कारण इस भवन की स्थिति भी खराब होती जा रही है, जिस पर ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से केंद्र को जल्द शुरू कराने की मांग की है। इस संबंध में ग्राम प्रधान पति शिव कुमार यादव ने बताया कि भवन बनने के बाद से इसका संचालन नहीं हुआ है, और उन्हें इसके संचालन तथा जिम्मेदारी के संबंध में कोई जानकारी भी नहीं दी गई है। वहीं, हैरिंग्टनगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. योगेश तिवारी ने इस मामले में बात करने पर अनभिज्ञता जताई। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की जांच कराई जाएगी और यह देखा जाएगा कि भवन विभाग को हैंडओवर हुआ है या नहीं। आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद केंद्र का संचालन सुनिश्चित कराया जाएगा।1